<?xml version="1.0" encoding="utf-8"?>        <rss version="2.0"
            xmlns:content="http://purl.org/rss/1.0/modules/content/"
            xmlns:dc="http://purl.org/dc/elements/1.1/"
            xmlns:atom="http://www.w3.org/2005/Atom">
            <channel>
                <atom:link href="https://dainiknavajyoti.com/pain/tag-12597" rel="self" type="application/rss+xml" />
                <generator>Dainik Navajyoti Rising Rajasthan RSS Feed Generator</generator>
                <title>pain - Dainik Navajyoti Rising Rajasthan</title>
                <link>https://dainiknavajyoti.com/tag/12597/rss</link>
                <description>pain RSS Feed</description>
                
                            <item>
                <title>कुदरत के साथ अस्पताल भी दे रहा दर्द</title>
                                    <description><![CDATA[ राज्य सरकार ने तो अस्पतालों में मरीजों के लिए उपचार से लेकर दवाई तक और जांचों से लेकर पर्ची तक की सुविधा नि:शुल्क कर दी है, लेकिन अस्पताल में उपचार के लिए आने वाले मरीजों को  बीमारी से अधिक व्यवस्थाओं के दर्द के पीड़ा भुगतनी पड़ रही है। ]]></description>
                
                                    <content:encoded><![CDATA[<a href="https://dainiknavajyoti.com/rajasthan/kota/along-with-nature--the-hospital-is-also-giving-pain/article-11821"><img src="https://dainiknavajyoti.com/media/400/2022-06/13245.jpg" alt=""></a><br /><p>कोटा। राज्य सरकार ने तो अस्पतालों में मरीजों के लिए उपचार से लेकर दवाई तक और जांचों से लेकर पर्ची तक की सुविधा नि:शुल्क कर दी है, लेकिन अस्पताल में उपचार के लिए आने वाले मरीजों को  बीमारी से अधिक व्यवस्थाओं के दर्द के पीड़ा भुगतनी पड़ रही है। ऐसा ही स्थिति जे.के. लोन अस्पताल में आने वाले थैलीसीमिया पीड़ित बच्चों व उनके परिजनों की है। अस्पताल में संचालित थैलीसीमिया वार्ड को कुछ समय पहले अस्पताल परिसर में ही नए बने भवन जीएमएमटीसीा में शिफ्ट किया है, जबकि अस्पताल के थैलीसीमिया वार्ड को एनआईसीयू बना दिया है। वहीं थैलीसीमिया का नया वार्ड नए ओपीडी ब्लॉक में तैयार किया जा रहा है। <br /><br /><strong>एक घंटे का उपचार, चार घंटे का इंतजार</strong><br />थैलीसीमिया वार्ड में बच्चों को रक्त चढ़वाने आए परिजनों ने बताया कि उन्हें रक्त चढ़वाने में अधिक समय नहीं लगता है। उससे अधिक समय बच्चों को अस्पताल में भर्ती  व डिस्चार्ज करवाने की व्यवस्थाओं में लग रहा है। साथ ही परेशानी भी अधिक हो रही है। रंगबाड़ी निवासी तीरथ सिंह व स्वामी विवेकानंद नगर निवासी सुरजीत सिंह ने बताया कि उनके बच्चे थैलीसीमिया पीड़ित हैं। जिन्हें हर सप्ताह रक्त चढ़वाने के लिए जे.के. लोन अस्पताल लाना पड़ रहा है। अस्पताल में बच्चों को रक्त चढ़वाने से पहले काउंटर पर पर्ची बनवाने और उसके बाद भामाशाह काउंटर पर औपचारिकताएं पूरी करने में समय अधिक लग रहा है। भामाशाह काउंटर पर ही थैलीसीमिया पीडितों का भी काम किया जा रहा है। ऐसे में काउंटर पर बैठे कर्मचारी पहले भामाशाह के मरीजों का काम करते हैं, फिर उसके बाद बच्चों का। ब्लड बैंक से ब्लड लाने तक का काम उन्हें ही करना पड़ रहा है। रक्त चढ़ाने के बाद डिस्चार्ज के समय फिर से वही औपचारिकताएं करनी पड़ती हैं। जिससे समय अधिक लग रहा है। <br /><br /><strong>हर सप्ताह पूरी औपचारिकताएं</strong><br />बच्चों के परिजनों का कहना है थैलीसीमिया पीड़ित बच्चों को हर सप्ताह रक्त चढ़वाने के लिए अस्पताल लाना पड़ रहा है। उसमें कोई परेशानी नहीं है, लेकिन हर सप्ताह भर्ती से लेकर डिस्चार्ज तक पूरी औपचारिकताएं करनी पड़ रही हैं। जिससे परेशानी अधिक हो रही है। परिजनों का कहना है कि औपचारिकताओं को पूरा करने में जितना समय लगता है उतनी देर तक बच्चे भी उनके साथ ही कतार में खड़े रहते हैं। यदि  हर सप्ताह की जगह एक महीने का कार्ड बना दिया जाए तो यह परेशानी समाप्त हो सकती है। <br /><br />जे.के. लोन  अस्पताल में 30 बैड का थैलीसीमिया वार्ड है। उसमें वर्तमान में आईसीयू संचालित हो रहा है। थैलीसीमिया वार्ड को फिलहाल जीएमएमटीसी में संचालित किया जा रहा है। थैलीसीमिया का नया वार्ड नए ओपीडी में बन रहा है। जहां 30 बैड का वार्ड होगा। उसके तैयार होने के बाद वार्ड को वहां शिफ्ट कर दिया जाएगा। बच्चों व परिजनों को होने वाली परेशानी को कम करने के लिए व्यवस्था को सही करवा देंगे। <strong>- डॉ. एच.एल. मीना, अधीक्षक जे.के. लोन अस्पताल</strong></p>]]></content:encoded>
                
                                                            <category>राजस्थान</category>
                                            <category>कोटा</category>
                                    

                <link>https://dainiknavajyoti.com/rajasthan/kota/along-with-nature--the-hospital-is-also-giving-pain/article-11821</link>
                <guid>https://dainiknavajyoti.com/rajasthan/kota/along-with-nature--the-hospital-is-also-giving-pain/article-11821</guid>
                <pubDate>Fri, 10 Jun 2022 16:16:40 +0530</pubDate>
                                    <enclosure
                        url="https://dainiknavajyoti.com/media/2022-06/13245.jpg"                         length="290962"                         type="image/jpeg"  />
                
                                    <dc:creator><![CDATA[kota]]></dc:creator>
                            </item>
            <item>
                <title>महिला खिलाड़ी का दर्द:  मासिक धर्म के कारण हारने के बाद चीन की टेनिस खिलाड़ी किन्वेन झेंग बोली... '' काश मैं मर्द होती''</title>
                                    <description><![CDATA[ पेरिस। चीन की युवा टेनिस खिलाड़ी किन्वेन झेंग ने फ्रेंच ओपन में हार के लिये अपने मासिक धर्म को दोष देते हुए कहा कि ''काश वह मर्द होतीं'' तो उन्हें इसका सामना नहीं करना पड़ता। किन्वेन झेंग को विश्व की नंबर एक खिलाड़ी इगा स्वीयातेक  के खिलाफ हुए मैच में 5-7(5), 6-0, 6-2 से हार का सामना करना पड़ा।]]></description>
                
                                    <content:encoded><![CDATA[<a href="https://dainiknavajyoti.com/leads/female-players-pain-chinese-tennis-player-qinwen-zheng-said-after/article-10896"><img src="https://dainiknavajyoti.com/media/400/2022-05/french-open.jpg" alt=""></a><br /><p> पेरिस। चीन की युवा टेनिस खिलाड़ी किन्वेन झेंग ने फ्रेंच ओपन में हार के लिये अपने मासिक धर्म को दोष देते हुए कहा कि ''काश वह मर्द होतीं'' तो उन्हें इसका सामना नहीं करना पड़ता। किन्वेन झेंग को विश्व की नंबर एक खिलाड़ी इगा स्वीयातेक  के खिलाफ हुए मैच में 5-7(5), 6-0, 6-2 से हार का सामना करना पड़ा। हार के बाद 19 वर्षीय झेंग ने कहा कि ''लड़कियों वाली समस्या'' के कारण उन्हें दर्द उठा जो उनकी हार का कारण बना। उन्होंने मासिक धर्म के दौरान महिलाओं के संघर्ष के बारे में भी निराशा व्यक्त की।<br /><br />उन्होंने कहा, ''यह सिर्फ लड़कियों की समस्या है, आप जानते हैं। पहला दिन हमेशा इतना कठिन होता है, फिर मुझे खेलना होता है और पहले दिन मुझे हमेशा इतना दर्द होता है। मैं अपने स्वभाव के खिलाफ नहीं जा सकती। काश मैं कोर्ट में एक आदमी हो सकती, मैं वास्तव में चाहती हूं कि मैं आदमी बन जाऊं ताकि मुझे इससे न जूझना पड़े। यह कठिन है।''<br /><br />दुनिया की 74वें स्थान की खिलाड़ी झेंग को दूसरे सेट में 3-0 के बाद मेडिकल टाइमआउट लेना पड़ा, जिसके दौरान उन्होंने अपनी पीठ की मालिश करवाई और अपनी दाहिनी जांघ पर पट्टी बांधकर वापस आ गईं। उन्हें इलाज से ज्यादा मदद नहीं मिली और वह लगातार आठ गेम हार गयीं। उन्होंने कहा, ''पहले सेट में मैं खेल पर ध्यान दे रही थी और मुझे •ा्यादा दर्द भी नहीं था। उसके कुछ देर बाद मेरे पेट में बहुत ते•ा दर्द उठा। मैं उससे लडऩा चाहती थी, मैं सचमुच लडऩा चाहती थी, लेकिन मेरे अंदर और शक्ति नहीं बची थी और हालात बहुत कठिन हो गये थे। मैं अपने प्रदर्शन से बिल्कुल $खुश नहीं हूं।''</p>]]></content:encoded>
                
                                                            <category>खेल</category>
                                            <category>Top-News</category>
                                    

                <link>https://dainiknavajyoti.com/leads/female-players-pain-chinese-tennis-player-qinwen-zheng-said-after/article-10896</link>
                <guid>https://dainiknavajyoti.com/leads/female-players-pain-chinese-tennis-player-qinwen-zheng-said-after/article-10896</guid>
                <pubDate>Tue, 31 May 2022 16:12:17 +0530</pubDate>
                                    <enclosure
                        url="https://dainiknavajyoti.com/media/2022-05/french-open.jpg"                         length="44893"                         type="image/jpeg"  />
                
                                    <dc:creator><![CDATA[Jaipur]]></dc:creator>
                            </item>
            <item>
                <title>प्रमोदा के केरेक्टर के जरिये आप परदे पर उस घटना के दर्द, संवेदना, और भय को महसूस कर सकेंगें : शोभिता</title>
                                    <description><![CDATA[जयपुर। 26/11 मुंबई आतंकी हमले के शहीद मेजर कमांडो संदीप उन्नीकृष्णन के जीवन पर आधारित फिल्म 'मेजर' में मुख्य भूमिका निभा रही शोभिता धुलिपाला का कहना है कि “मेजर एक पेशन प्रोजेक्ट है, जिसमें हमने खू़न पसीना और आंसू बहाएं हैं।“]]></description>
                
                                    <content:encoded><![CDATA[<a href="https://dainiknavajyoti.com/rajasthan/jaipur/through-pramoda-s-character--you-will-be-able-to-feel-the-pain--sensation--and-fear-of-that-incident-on-screen--shobhita/article-10443"><img src="https://dainiknavajyoti.com/media/400/2022-05/898989898.jpg" alt=""></a><br /><p>जयपुर। 26/11 मुंबई आतंकी हमले के शहीद मेजर कमांडो संदीप उन्नीकृष्णन के जीवन पर आधारित फिल्म 'मेजर' में मुख्य भूमिका निभा रही शोभिता धुलिपाला का कहना है कि “मेजर एक पेशन प्रोजेक्ट है, जिसमें हमने खू़न पसीना और आंसू बहाएं हैं।“ वे कहती हैं कि  इस फिल्म में मेरे किरदार का एक व्यक्तिगत ट्रेक है और उसे फिल्म की कहानी में पूरा विस्तार मिला है। मेरा किरदार पूरी ईमानदारी के साथ रचा गया है। इसमें मैं प्रमोदा का चरित्र निभा रही हूँ जो ताज होटल में फंसी एक होस्टेज है। यह एक सच्ची घटना पर बनी फिल्म है और प्रमोदा के केरेक्टर के जरिये आप परदे पर उस घटना के दर्द, संवेदना, और भय को महसूस कर सकेंगें जो उस दिन ताज में फंसें लोगों ने झेला था। शोभिता बुधवार को जयपुर में फिल्म मेजर के प्रमोशन के सिलसिले में मीडिया से बात कर रही थी। उन्होने कहा कि तेलुगू के साथ हिन्दी में भी काम करना हमारे लिए एक चुनौती की तरह रहा। फिल्म के निर्देशक शशि किरण के साथ मैं पहले भी काम कर चुकी हूँ। उनके साथ मेरी पहली तेलुगू फिल्म “गुदाचारी” दर्शकों ने बहुत पसंद की है।</p>
<p><br />फिल्म के बारे में बात करते हुए शोभिता ने बताया कि मेजर संदीप उन्नीकृष्णन एक बेहद आकर्षक व सच्चे दिल के इंसान थे। उनके जीवन पर फिल्म बनाने का उद्देश्य यही है कि इस खूबसूरत कहानी से दर्शकों को परिचित कराया जाए।फिल्म के पहले भाग में दर्शक संदीप का बचपन, उनके माता-पिता का प्यार, उनकी पढाई, प्यार, शादी व डाइवर्स के साथ उनके आर्मी में जाने तक के सफ़र को देखेंगें।संदीप का यह मात्र 31 साल का जीवन है लेकिन बेहद सुन्दर और भावुक पलों का गवाह है। शोभिता का कहना था कि इंटरवल के बाद का पूरा हिस्सा ताज दुर्घटना पर फोकस है। इस फिल्म में हमारा सन्देश यह नहीं है कि संदीप कैसे हमें छोड़कर चले गए बल्कि कैसे उन्होंने एक भयानक समय में जीवन और कर्त्तव्य में से कर्त्तव्य को चुना और अपनी ज़िन्दगी का बलिदान कर हमें बचाया। जिस तरह आज़ादी के आन्दोलन में भगत सिंह व उनके साथी हमारे मोडल हैं वैसे ही आज संदीप जैसे आर्मी पर्सन हमारे आदर्श हैं। जिनके लिए देश पहले हैं, इस फिल्म में वे कहते भी हैं “जान दे दूंगा पर देश नहीं।"</p>
<p><br />शोभिता ने बताया कि इस फिल्म के हर दृश्य को संदीप के माता-पिता की अनुमति से फिल्माया गया है। यह हमारे लिए केवल एक फिल्म नहीं है बल्कि संदीप को श्रदांजलि है। फिल्म में संदीप के माता पिता की भूमिका में रेवती व प्रकाश राज़ सरीखे बड़े कलाकार हैं वहीँ संदीप उन्नीकृष्णन की भूमिका अदिवी शेष ने निभाई है। संदीप की प्रेमिका व पत्नी नेहा के चरित्र को साईं मांजरेकर ने निभाया है।हिंदी फ़िल्मों की बात करें, तो मेरे सफ़र की शुरुआत रमन राधव 2.0 के साथ हुई थी। इस फ़िल्म को अनुराग कश्यप ने निर्देशित किया था। वहीं, फ़िल्म में विक्की कौशल और नवाजुद्दीन सिद्दीकी मुख्य भूमिका में थे। इसके बाद मेरी कालाकांडी और द बॉडी जैसी फ़िल्में आई। इसके  अलावा  सितारा नाम की भी फ़िल्म कर चुकी हूँ। हालांकि, मुझे असली पहचान उनकी वेब सीरीज़ मेड इन हेवन के लिए मिला। अभी मैं चोल साम्राज्य की कहानी पर आधारित मणिरत्नम की एक फिल्म कर रही हूँ जो हिंदी सहित पांच भाषाओँ में बन रही है।</p>]]></content:encoded>
                
                                                            <category>मूवी-मस्ती</category>
                                            <category>जयपुर</category>
                                    

                <link>https://dainiknavajyoti.com/rajasthan/jaipur/through-pramoda-s-character--you-will-be-able-to-feel-the-pain--sensation--and-fear-of-that-incident-on-screen--shobhita/article-10443</link>
                <guid>https://dainiknavajyoti.com/rajasthan/jaipur/through-pramoda-s-character--you-will-be-able-to-feel-the-pain--sensation--and-fear-of-that-incident-on-screen--shobhita/article-10443</guid>
                <pubDate>Wed, 25 May 2022 19:31:12 +0530</pubDate>
                                    <enclosure
                        url="https://dainiknavajyoti.com/media/2022-05/898989898.jpg"                         length="61369"                         type="image/jpeg"  />
                
                                    <dc:creator><![CDATA[Jaipur]]></dc:creator>
                            </item>
            <item>
                <title>हाल-ए-एसएमएस अस्पताल... जरूरत 350 सीसीटीवी की, काम कर रहे हैं 70 कैमरे</title>
                                    <description><![CDATA[130 कैमरे लगे, लेकिन किसी काम के नहीं]]></description>
                
                                    <content:encoded><![CDATA[<a href="https://dainiknavajyoti.com/rajasthan/jaipur/hall-e-sms-hospital----needed-350-cctv-cameras--70-cameras-working--how-will-the-crime-stop--the-third-eye-is-only-four-times-worse--the-criminals-commit-the-crime-to-the-victim-of-the-disease-manifold-pain/article-6934"><img src="https://dainiknavajyoti.com/media/400/2022-03/sms.jpg" alt=""></a><br /><p> जयपुर। प्रदेश ही नहीं, बल्कि आसपास के कई राज्यों के मरीजों का भार संभाल रहा सवाई मानसिंह अस्पताल खुद लचर सुरक्षा व्यवस्था जैसी बड़ी बीमारी से ग्रसित है। यहां दूरदराज से ज्यादातर गरीब तबके के मरीज इलाज के लिए आते हैं, लेकिन यहां उन्हें कभी जेब कटने, मोबाइल चोरी होने तो कभी वाहन चोरी होने जैसी घटनाओं का सामना करना पड़ता है। अस्पताल में मरीज के परिजनों और डॉक्टर्स तथा अन्य स्टाफ के साथ ऐसी घटनाएं अब आम हो गई हैं। इसके बाद भी अस्पताल में सुरक्षा व्यवस्था में कोई सुधार नहीं हो रहा।</p>
<table style="width:602px;">
<tbody>
<tr style="height:41px;">
<td style="width:64.3333px;height:41px;"><strong>.</strong></td>
<td style="width:535.667px;height:41px;"> 130 कैमरे लगे, लेकिन किसी काम के नहीं</td>
</tr>
<tr style="height:41px;">
<td style="width:64.3333px;height:41px;"><strong>.</strong></td>
<td style="width:535.667px;height:41px;">पुलिस ने एसएमएस प्रशासन को सौंपा वाहन और मोबाइल चोरी रोकने का मास्टर प्लान</td>
</tr>
<tr style="height:41px;">
<td style="width:64.3333px;height:41px;"><strong>.</strong></td>
<td style="width:535.667px;height:41px;"> सुरक्षा में तैनात गार्ड भी नाकाफी, 300 गार्ड भी हैं कम</td>
</tr>
</tbody>
</table>
<p><span style="color:#ff0000;background-color:#ffff99;"><strong>एक नजर में वारदात</strong></span><br />पुलिस की ओर से तैयार रिपोर्ट की बात करें तो 18 अगस्त, 2021 से लेकर 31 दिसम्बर, 2021 तक कुल 512 मोबाइल और 52 बाइक चोरी हुई। वहीं 2022 में एक जनवरी, 2022 से लेकर 21 फरवरी तक 150 मोबाइल और 15 बाइक चोरी हुई। एसएमएस के गेट नम्बर एक से लेकर 6 नम्बर के बीच में सबसे ज्यादा वाहन चोरी होते हैं। चोर मास्क लगाकर आते हैं और आसानी से वारदात करते हैं। मास्क से भी पुलिस को वाहन चोर पकड़ने में मशक्कत करनी पड़ती है।</p>
<table style="width:602px;">
<tbody>
<tr>
<td style="width:599px;text-align:center;" colspan="2"><span style="background-color:#ffff99;color:#ff0000;"><strong>वर्तमान में सुरक्षा व्यवस्था</strong></span></td>
</tr>
<tr>
<td style="width:66.2667px;">1.</td>
<td style="width:532.733px;">करीब 200 सीसीटीवी लगे हैं, जिनमें से 70 कैमरे ही काम कर रहे हैं।</td>
</tr>
<tr>
<td style="width:66.2667px;">2.</td>
<td style="width:532.733px;">अस्पताल के मुख्य द्वारों पर कोई भी कैमरा और गार्ड नहीं हैं।</td>
</tr>
<tr>
<td style="width:66.2667px;">3.</td>
<td style="width:532.733px;">वर्तमान में एसएमएस की सुरक्षा के लिए निजी कम्पनी के 423 गार्ड हैं। इसके साथ ही 56 गार्ड एक्स-आर्मी मैन हैं।</td>
</tr>
</tbody>
</table>
<table style="width:602px;">
<tbody>
<tr>
<td style="width:74.3333px;text-align:center;" colspan="2"><strong><span style="background-color:#ffff99;color:#ff0000;">यह होना चाहिए</span></strong></td>
</tr>
<tr>
<td style="width:74.3333px;">1.</td>
<td style="width:525.667px;">पूरे अस्पताल की सुरक्षा के हिसाब से 350 सीसीटीवी अतिआवश्यक हैं।</td>
</tr>
<tr>
<td style="width:74.3333px;">2.</td>
<td style="width:525.667px;">हाल में तैनात गार्ड के अलावा 100 गार्ड्स की और तैनाती की जाए तो सुरक्षा व्यवस्था पुख्ता हो सकती है।</td>
</tr>
</tbody>
</table>
<p><span style="background-color:#ffff99;color:#ff0000;"><strong>सबसे ज्यादा भीड़ वहां भी सुरक्षा नहीं</strong></span><br />हर रोज एसएमएस के गेट नम्बर-4 जहां धनवंतरी ओपीडी है यहां पर सबसे ज्यादा भीड़ आती है। पुलिस की रिपोर्ट के अनुसार यहां पर गार्ड और सीसीटीवी कैमरे नहीं है। इसी गेट पर महावीर विकलांग समिति है, जिसके बाहर गार्ड व सीसीटीवी कैमरे नहीं है।<br /><br />अस्पताल में कैमरों और गार्ड की संख्या जल्द ही बढ़ाई जाएगी। पुलिस प्रशासन से भी बात हो गई है। सुरक्षा व्यवस्था को मजबूत कर मरीजों और स्टाफ के साथ हो रही चोरी की घटनाओं पर लगाम लगाने का पूरा प्रयास किया जाएगा। <br />-<strong>डॉ. विनय मल्होत्रा, अधीक्षक, एसएमएस अस्पताल</strong><br /><br />एसएमएस में हो रही वाहन चोरी, मोबाइल छीनने और पर्स निकालने जैसी वारदातों को रोकने के लिए एक प्लान एसएमएस प्रशासन को सौंपा है, इसमें हर वारदात के हॉट स्पॉट को बताते हुए उन्हें रोकने के सुझाव भी दिए हैं। यदि यह प्लान लागू होता है तो काफी हद तक वारदातें रोकी जा सकेंगी। <br />-<strong>नवरतन धौलिया, थाना प्रभारी, एसएमएस</strong></p>]]></content:encoded>
                
                                                            <category>स्वास्थ्य</category>
                                            <category>Top-News</category>
                                            <category>जयपुर</category>
                                    

                <link>https://dainiknavajyoti.com/rajasthan/jaipur/hall-e-sms-hospital----needed-350-cctv-cameras--70-cameras-working--how-will-the-crime-stop--the-third-eye-is-only-four-times-worse--the-criminals-commit-the-crime-to-the-victim-of-the-disease-manifold-pain/article-6934</link>
                <guid>https://dainiknavajyoti.com/rajasthan/jaipur/hall-e-sms-hospital----needed-350-cctv-cameras--70-cameras-working--how-will-the-crime-stop--the-third-eye-is-only-four-times-worse--the-criminals-commit-the-crime-to-the-victim-of-the-disease-manifold-pain/article-6934</guid>
                <pubDate>Tue, 29 Mar 2022 12:56:48 +0530</pubDate>
                                    <enclosure
                        url="https://dainiknavajyoti.com/media/2022-03/sms.jpg"                         length="73663"                         type="image/jpeg"  />
                
                                    <dc:creator><![CDATA[Administrator]]></dc:creator>
                            </item>
            <item>
                <title>कोरेक्स और ऑयोडैक्स पर रोक लगाने की मांग</title>
                                    <description><![CDATA[भारतीय जनता पार्टी के सदस्य अजय प्रताप सिंह ने मंगलवार को सरकार से देश में खांसी की दवा कोरेक्स और दर्द निवारक दवा ऑयोडैक्स पर रोक लगाने की मांग की।]]></description>
                
                                    <content:encoded><![CDATA[<a href="https://dainiknavajyoti.com/bharat/bharatiya-janata-party-member-ajay-pratap-singh-on-tuesday-urged-the-government-to-ban-the-cough-medicine-corex-and-the-pain-reliever-iodex-in-the-country/article-6192"><img src="https://dainiknavajyoti.com/media/400/2022-03/iodex.jpg" alt=""></a><br /><p>नई दिल्ली। भारतीय जनता पार्टी के सदस्य अजय प्रताप सिंह ने मंगलवार को सरकार से देश में खांसी की दवा कोरेक्स और दर्द निवारक दवा ऑयोडैक्स पर रोक लगाने की मांग की।  सिंह ने सदन में शून्यकाल के दौरान देश में नशे की बढ़ती समस्या का जिक्र करते हुये कहा कि कोरेक्स खांसी की दवा है लेकिन लोग इसे नशे के लिए उपयोग कर रहे हैं। इसके सेवन से मन मस्तिष्क शून्य हो जाता है। उन्होंने कहा कि युवा पीढ़ी नशे के लिए ब्रेड में ऑयोडैक्स लगाकर खाते हैं जिसका शरीर पर विपरीत असर होता है।</p>
<p>उन्होंने कहा कि सरकार को इन दोनों दवाओं पर प्रतिबंध लगाना चाहिए या फिर इसका उपयोग मर्ज तक ही सीमित किया जाना चाहिए। उन्होंने कहा कि नशा एक समाजिक बुराई है और बिहार तथा गुजरात में संपूर्ण शराब बंदी लागू की है।</p>]]></content:encoded>
                
                                                            <category>भारत</category>
                                    

                <link>https://dainiknavajyoti.com/bharat/bharatiya-janata-party-member-ajay-pratap-singh-on-tuesday-urged-the-government-to-ban-the-cough-medicine-corex-and-the-pain-reliever-iodex-in-the-country/article-6192</link>
                <guid>https://dainiknavajyoti.com/bharat/bharatiya-janata-party-member-ajay-pratap-singh-on-tuesday-urged-the-government-to-ban-the-cough-medicine-corex-and-the-pain-reliever-iodex-in-the-country/article-6192</guid>
                <pubDate>Tue, 15 Mar 2022 15:53:57 +0530</pubDate>
                                    <enclosure
                        url="https://dainiknavajyoti.com/media/2022-03/iodex.jpg"                         length="39663"                         type="image/jpeg"  />
                
                                    <dc:creator><![CDATA[Administrator]]></dc:creator>
                            </item>
            <item>
                <title>कांग्रेस आईटी सेल की निष्क्रियता जाहिर, डोटासरा पर खुद बीती तो अधिवेशन में छलका दर्द</title>
                                    <description><![CDATA[डोटासरा ने बिड़ला सभागार में कांग्रेस अधिवेशन में स्वीकार किया कि हमारा मीडिया ही नहीं, माउथ मीडिया भी कमजोर है। ]]></description>
                
                                    <content:encoded><![CDATA[<a href="https://dainiknavajyoti.com/rajasthan/jaipur/congress-it-cell-s-inaction-evident--if-it-happened-on-dotasra-itself--then-the-pain-spilled-in-the-convention/article-4777"><img src="https://dainiknavajyoti.com/media/400/2022-02/govind-singh-dotasra.jpg" alt=""></a><br /><p> जयपुर। प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष गोविन्द सिंह डोटासरा ने कांग्रेस अधिवेशन में पार्टी का माउथ मीडिया कमजोर होने की बात कहकर आईटी सेक्टर की कमजोरी भी जाहिर की। यह कमजोरी उनके अध्यक्ष बनने से ही बनी हुई है, लेकिन उनको इसकी याद अब ज्यादा आई, जब कुछ परीक्षाओं में धांधली के आरोपों पर कांग्रेस नेताओं और कार्यकर्ताओं ने ही सोशल मीडिया पर उनको मनचाहा समर्थन नहीं दिया। दरअसल डोटासरा ने बिड़ला सभागार में कांग्रेस अधिवेशन में स्वीकार किया कि हमारा मीडिया ही नहीं, माउथ मीडिया भी कमजोर है। यह मानने में कोई अतिश्योक्ति नहीं है। जब हम एक ट्वीट करते हैं तो विपक्षी पार्टी के लोग 100 ट्वीट कर देते हैं। ऐसे में हमारे माउथ मीडिया और आईटी सेल को भी मजबूत करना होगा। <br /><br /><strong>इसलिए छलका दर्द</strong><br />डोटासरा पहले आरएएस परीक्षा में परिजनों को लाभ पहुंचाने के मामले में विपक्ष के निशाने पर आए। उसके बाद नाथी का बाड़ा बोलने और रीट पेपर लीक मामले में विपक्ष के निशाने पर आए। इस दौरान भाजपा के लोग जहां सोशल मीडिया पर जमकर विरोध दर्ज कर रहे थे, वहीं डोटासरा के समर्थन में गिने चुने लोगों ने ही उपस्थिति दर्ज कराई। डोटासरा को इस बात का अफसोस है कि कांग्रेस कार्यकर्ता सोशल मीडिया पर विपक्ष का पुरजोर विरोध नहीं करते, इसीलिए जिलों में पार्टी का पक्ष मजबूती से नहीं जा पाता। वहीं कुछ कांग्रेसी कार्यकर्ताओं का तर्क है कि जब सत्ता-संगठन में चहेते कार्यकर्ताओं के निजी कार्यों को ही तवज्जो मिलती तो दूसरे कार्यकर्ता भी दूरी बना लेते हैं। <br /><strong><br />पार्टी के कैम्पेन और ट्वीट तक ट्रेंड नहीं हो पाते</strong><br />कांग्रेस अपनी कमजोर आईटी सेल के जरिए 2023 विधानसभा चुनाव में उतरेगी तो इस कमजोरी का नुकसान उठाना पड़ेगा। सोशल मीडिया पर मुकाबले के लिए आईटी सेल का काम भाजपा की तुलना में काफी कमजोर है। प्रदेश कांग्रेस कमेटी और अग्रिम संगठनों में मीडिया और सोशल मीडिया पर पार्टी की सक्रियता खानापूर्ति ही बनी हुई है। अधिकांश जिलों में तो प्रवक्ता तक नहीं बने, ऐसे में लोगों के बीच पार्टी की बात पहुंचाने वाले लोग तक नहीं है। भाजपा की तुलना में पार्टी का आईटी सिस्टम इतना कमजोर है कि खुद की पार्टी के नेताओं के ट्वीट ट्रेंड नहीं हो पाते। प्रदेश कांग्रेस कमेटी से लेकर अग्रिम संगठनों में ट्वीटर, इंस्टाग्राम आदि एकाउंट और टीम तो है, लेकिन गिने चुने लोगों पर जिम्मेदारी के बीच बात जनता तक पहुंच नहीं पाती। यदि पार्टी के नेता और कार्यकर्ता ही सत्ता और संगठन के ट्वीट को रिट्वीट कर अपनी टीम को काम में लें तो पार्टी की बातें बार-बार ट्रेंड हो सकती हैं। </p>]]></content:encoded>
                
                                                            <category>राजस्थान</category>
                                            <category>जयपुर</category>
                                    

                <link>https://dainiknavajyoti.com/rajasthan/jaipur/congress-it-cell-s-inaction-evident--if-it-happened-on-dotasra-itself--then-the-pain-spilled-in-the-convention/article-4777</link>
                <guid>https://dainiknavajyoti.com/rajasthan/jaipur/congress-it-cell-s-inaction-evident--if-it-happened-on-dotasra-itself--then-the-pain-spilled-in-the-convention/article-4777</guid>
                <pubDate>Mon, 21 Feb 2022 15:18:47 +0530</pubDate>
                                    <enclosure
                        url="https://dainiknavajyoti.com/media/2022-02/govind-singh-dotasra.jpg"                         length="172878"                         type="image/jpeg"  />
                
                                    <dc:creator><![CDATA[Administrator]]></dc:creator>
                            </item>

            </channel>
        </rss>
        