<?xml version="1.0" encoding="utf-8"?>        <rss version="2.0"
            xmlns:content="http://purl.org/rss/1.0/modules/content/"
            xmlns:dc="http://purl.org/dc/elements/1.1/"
            xmlns:atom="http://www.w3.org/2005/Atom">
            <channel>
                <atom:link href="https://dainiknavajyoti.com/nagar-nigam/tag-14243" rel="self" type="application/rss+xml" />
                <generator>Dainik Navajyoti Rising Rajasthan RSS Feed Generator</generator>
                <title>nagar nigam - Dainik Navajyoti Rising Rajasthan</title>
                <link>https://dainiknavajyoti.com/tag/14243/rss</link>
                <description>nagar nigam RSS Feed</description>
                
                            <item>
                <title>जयपुर, जोधपुर और कोटा नगर निगमों में प्रशासनिक नियुक्त, सरकार ने जारी की अधिसूचना</title>
                                    <description><![CDATA[राज्य सरकार ने जयपुर, जोधपुर और कोटा नगर निगमों में बोर्ड का कार्यकाल पूर्ण होने पर नए बोर्ड के गठन तक प्रशासनिक प्रभार सौंपने के आदेश जारी किए । स्वायत्त शासन विभाग की ओर से शुक्लव को जारी अधिसूचना में स्पष्ट किया गया है कि नगर निगमों में निर्वाचित बोर्ड का कार्यकाल समाप्त होने के बाद, नए बोर्ड के गठन तक संबंधित संभागीय आयुक्तों को प्रशासक नियुक्त किया गया। अधिकारी निगम के सभी अधिकारों और कर्तव्यों का निर्वहन करेंगे तथा राजस्थान नगर पालिका अधिनियम, 2009 के प्रावधानों के अनुसार कार्य करेंगे। ]]></description>
                
                                    <content:encoded><![CDATA[<br /><p>जयपुर। राज्य सरकार ने जयपुर, जोधपुर और कोटा नगर निगमों में बोर्ड का कार्यकाल पूर्ण होने पर नए बोर्ड के गठन तक प्रशासनिक प्रभार सौंपने के आदेश जारी किए हैं। स्वायत्त शासन विभाग की ओर से शुक्लव को जारी अधिसूचना में स्पष्ट किया गया है कि नगर निगमों में निर्वाचित बोर्ड का कार्यकाल समाप्त होने के बाद, नए बोर्ड के गठन तक संबंधित संभागीय आयुक्तों को प्रशासक नियुक्त किया गया है। अधिसूचना के अनुसार, जयपुर नगर निगम का प्रभार संभागीय आयुक्त जयपुर को, जोधपुर नगर निगम का प्रभार संभागीय आयुक्त जोधपुर को तथा कोटा नगर निगम का प्रभार संभागीय आयुक्त कोटा को सौंपा गया है।</p>
<p>ये अधिकारी निगम के सभी अधिकारों और कर्तव्यों का निर्वहन करेंगे तथा राजस्थान नगर पालिका अधिनियम, 2009 के प्रावधानों के अनुसार कार्य करेंगे। सरकार ने बताया कि नगर निगमों के निर्वाचित बोर्ड का कार्यकाल नवंबर 2025 में पूरा हो रहा है, और चुनावी प्रक्रिया पूरी होने तक प्रशासनिक कार्यों में किसी प्रकार की बाधा न आए, इसलिए अंतरिम व्यवस्था के रूप में इन अधिकारियों को यह जिम्मेदारी सौंपी गई है। इससे अब तीनों नगर निगमों में प्रशासनिक नियंत्रण सीधे संभागीय आयुक्तों के अधीन रहेगा।</p>]]></content:encoded>
                
                                                            <category>राजस्थान</category>
                                            <category>जयपुर</category>
                                    

                <link>https://dainiknavajyoti.com/rajasthan/jaipur/government-issued-notification-appointing-administrators-in-jaipur-jodhpur-and-kota/article-130426</link>
                <guid>https://dainiknavajyoti.com/rajasthan/jaipur/government-issued-notification-appointing-administrators-in-jaipur-jodhpur-and-kota/article-130426</guid>
                <pubDate>Fri, 24 Oct 2025 14:45:48 +0530</pubDate>
                
                                    <dc:creator><![CDATA[Jaipur PS]]></dc:creator>
                            </item>
            <item>
                <title>डिजिटलाइजेशन के दौर में भी नगर निगम ऑफलाइन कर रहा सामुदायिक भवनों की बुकिंग </title>
                                    <description><![CDATA[नगर निगम कोटा दक्षिण की ओर से हाल ही में अपने सामुदायिक भवनों का किराया कई गुना बढ़ा दिया गया है। जबकि उनकी न तो दशा सुधारी है और न ही जीर्णोद्धार किया गया व सुविधाएं बढ़ाई गई है।]]></description>
                
                                    <content:encoded><![CDATA[<a href="https://dainiknavajyoti.com/rajasthan/kota/even-in-the-era-of-digitalization--nagar-nigam-is-doing-offline-booking-of-community-buildings/article-108820"><img src="https://dainiknavajyoti.com/media/400/2025-03/digitalization-k-daur-mein-bhi-nagar-nigam-offline-kar-raha-samudayik-bhavanon-ki-booking...kota-news-27.03.2025.jpg" alt=""></a><br /><p>कोटा । देश में जहां डिजिटलाइजेशन तेजी से बढ़ रहा है।  काम में पारदर्शिता लाने के लिए हर काम आॅनलाइन कर दिया है। उस स्थिति में भी नगर निगम में सामुदायिक भवनों की बुकिंग आॅफलाइन ही की जा रही है। जबकि स्वायत्तशासी संस्था होने के बावजूद भी कोटा विकास प्राधिकरण में सामुदायिक भवनों की बुकिंग आॅनलाइन की जा रही है। नगर निगम कोटा दक्षिण की ओर से हाल ही में अपने सामुदायिक भवनों का किराया कई गुना बढ़ा दिया गया है। जबकि उनकी न तो दशा सुधारी है और न ही जीर्णोद्धार किया गया व सुविधाएं बढ़ाई गई है। यहां तक की सिस्टम में भी कोई सुधार या बदलाव नहीं किया गया है। उसके बाद भी किराया कई गुना बढ़ाने से आमजन पर आर्थिक भार डाला जा रहा है। जिसका कांग्रेस के ही नहीं भाजपा के पार्षद भी विरोध जता रहे है।  नगर निगम कोटा दक्षिण आयुक्त द्वारा सामुदायिक भवन बुकिंग के जारी नियमों में इसका स्पष्ट उल्लेख किया गया है कि बुकिंय या जानकारी के लिए निगम कार्यालय ही जाना पड़ेगा। मोबाइल फोन पर बुकिंग या जानकारी उपलब्ध नहीं होगी।  बुकिंग के लिए फोन पर नाम तक नहीं लिखा जाएगा। ऐसे में व्यक्ति को मजबूरन समय व पेट्रोल खर्च कर निगम कार्यालय ही जाना पड़ेगा। साथ ही बुकिंग पहले आओ पहले पाओ के आधार पर की की जाएगी।  जबकि नगर निगम में एकल विंडों में जन्म, मृत्यु व विवाह प्रमाण पत्र आॅनलाइन बनाए जा रहे है। नाम ट्रांसफर की फाइलें आॅनलाइन अपलोड कवाई जा रही है। उसके बावजूद सिर्फ सामुदायिक भवनों की बुकिंग आॅफलाइन की जा रही है। जिससे लोगों को परेशानी का सामना करना पड़ रहा है। बुकिंग के लिए जाना पड़ रहा निगम कार्यालय: नगर निगम में सामुदायिक भवनों की बुकिंग शुरुआत से आॅफलाइन की जा रही है। कोटा उत्तर व दक्षिण में विभाजन करने के बाद वार्डों की संख्या तो बढ़ा दी लेकिन सामुदायिक भवनों की बुकिंग व्यवस्था में सुधार नहीं किया। जिससे किसी को भी यदि निगम का सामदायिक भवन या भीतरिया कुंड का बरामदा बुक करवाना है तो उसके लिए उन्हें नगर निगम कार्यालय ही जाना पड़ रहा है। यहां राजस्व अनुभाग द्वारा भवनों की बुकिंग की जा रही है। दो निगम होने से यदि किसी को जानकारी नहीं है तो वह इधर से इधर घूमता ही रहता है। शहर के विकास व विस्तार के साथ ही नई बसी कॉलोनियों की दूरी भी बढ़ी है। ऐसे में रेलवे कॉलोनी का व्यक्ति हो या सोगरिया का। श्रीनाथपुरम् का हो या नयागाव का। उसे निगम के किसी भी सामुदायिक भवन की बुकिंग के लिए काफी दूरी तय कर निगम कार्यालय जाना पड़ रहा है। जहां आने-जाने के अलावा वहां की औपचारिकताएं पूरी करने में समय अधिक लग रहा है। </p>
<p><strong>अवकाश के दिनों में बुकिंग नहीं</strong><br />निगम में आॅफलाइन बुकिंग होने से शनिवार व रविवार को तो सार्वजनिक अवकाश रहते ही है। इनके अलावा भी अन्य अवकाश के दिनों में यदि किसी को इमरजेंसी में भवन बुक करवाना पड़ रहा है तो वह नहीं करवा सकता। उसे कार्यालय समय में यह काम करवाना पड़ रहा है। साथ ही इस काम के लिए निगम में एक या दो कर्मचारी इसी काम में लगे हुए हैं। जबकि कार्यालय में कर्मचारियों की पहले से ही कमी है। </p>
<p><strong>केडीए में आॅनलाइन बुकिंग सुविधा</strong><br />इसके विपरीत कोटा विकास प्राधिकरण में सामुदायिक भवनों की बुकिंग आॅनलाइन की जा रही है। इसके लिए केडीए की ओर से पोर्टल व वेबसाइड जारी की हुई है। जिस पर व्यक्ति मोबाइल से, ई मित्र से या घर बैठे भी अपनी पसंद के सामुदायिक भवन को बुकिंग करवा सकता है। राशि भी आॅनलाइन ही जमा की जा रही है। जिससे व्यक्ति का समय व धन दोनों की बचत हो रही है। सुरक्षा राशि की वापसी भी आॅनलाइन ही बैंक खाते में रिटर्न की जा रही है।  केडीए में इस काम के लिए न तो किसी कर्मचारी को लगाया हुआ है और न ही अतिरिक्त खर्चा करना पड़ रहा है। लोगों को भी परेशानी का अधिक सामना नहीं करना पड़ रहा।  हालांकि कुछ लोगों का कहना है कि आॅनलाइन बुकिंग में कई बार सर्वर डाउन रहने, वेबसाइड की जानकारी नहीं होने और बुकिंग के बाद सुरक्षा राशि रिटर्न होने में लोगों को परेशानी का सामना करना पड़ रहा है। साथ ही आॅनलाइन होने से इस बारे में कोई स्पष्ट जानकारी देने वाला तक नहीं है।</p>
<p><strong>आॅनलाइन बुकिंग शुरु करने की मांग</strong><br />निगम कोटा दक्षिण के नेता प्रतिपक्ष विवेक राजवंशी व अन्य पार्षदों का कहना है कि केडीए की तरह ही नगर निगम में भी सामदायिक भवनों की बुकिंग आॅनलाइन शुरु की जानी चाहिए। जिससे लोग घर बैठे व अवकाश के दिन  भी बिना किसी परेशानी के सामुदायिक भवनों की बुकिंग करवा सके। महापौर राजीव अग्रवाल का कहना है कि सामुदायिक भवनों की आॅन लाइन बुकिंग होने से लोगों को सुविधा होगी। निगम प्रशासन को भी मशक्कत नहीं करनी पड़ेगी। इधर नगर निगम अधिकारियों का कहना है कि फिलहाल निगम के स्तर पर आॅनलाइन व्यवस्था शुरु करने की कोई योजना नहीं है। आयुक्त द्वारा हाल ही में जारी नई गाइड लाइन व नियमों में सामुदायिक भवनों की आॅफलाइन बुकिग का ही प्रावधान किया है। जबकि आॅनलाइन में सुविधा है। आॅफलाइन में धरोहर राशि रिटर्न करने के लिए फिर से पूरी फाइल व पत्रावली चलानी पड़ती है। </p>]]></content:encoded>
                
                                                            <category>राजस्थान</category>
                                            <category>कोटा</category>
                                    

                <link>https://dainiknavajyoti.com/rajasthan/kota/even-in-the-era-of-digitalization--nagar-nigam-is-doing-offline-booking-of-community-buildings/article-108820</link>
                <guid>https://dainiknavajyoti.com/rajasthan/kota/even-in-the-era-of-digitalization--nagar-nigam-is-doing-offline-booking-of-community-buildings/article-108820</guid>
                <pubDate>Thu, 27 Mar 2025 15:45:55 +0530</pubDate>
                                    <enclosure
                        url="https://dainiknavajyoti.com/media/2025-03/digitalization-k-daur-mein-bhi-nagar-nigam-offline-kar-raha-samudayik-bhavanon-ki-booking...kota-news-27.03.2025.jpg"                         length="500235"                         type="image/jpeg"  />
                
                                    <dc:creator><![CDATA[kota]]></dc:creator>
                            </item>
            <item>
                <title>सफाई व्यवस्था की रेंडम चैकिंग करें निगम आयुक्त-जिला कलक्टर</title>
                                    <description><![CDATA[जहां भी डेंगू के केस मिले वहां आस - पास के घरों में स्क्रीनिंग की जाए।
]]></description>
                
                                    <content:encoded><![CDATA[<a href="https://dainiknavajyoti.com/rajasthan/kota/corporation-commissioner-should-do-random-checking-of-sanitation-system-district-collector/article-89384"><img src="https://dainiknavajyoti.com/media/400/2024-09/pze-(2)1.png" alt=""></a><br /><p>कोटा। जिला कलक्टर डॉ. रविन्द्र गोस्वामी ने नगर निगम उत्तर एवं दक्षिण के आयुक्तों को शहर में सफाई व्यवस्था सुचारू बनाने के निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि आयुक्त स्वयं प्रात: फील्ड में जाकर रेंडम चैकिंग करें एवं जो सफाई कर्मी अनुपस्थित पाए जाएं उनके खिलाफ कार्रवाई की जाए। उन्होंने आवारा पशुओं की रोकथाम के लिए अभियान चलाने के निर्देश दिए। डॉ. गोस्वामी सोमवार को विभिन्न विभागों की समीक्षा बैठक ले रहे थे। उन्होंने मुख्य मार्गों से अवैध होर्डिंग हटाने के भी निर्देश दिए।  चिकित्सा एवं स्वास्थ्य विभाग के अधिकारियों को भी मौसमी बीमारियों की रोकथाम के लिए प्रभावी उपाय करने के निर्देश दिए। जिला कलक्टर ने कहा कि जहां भी डेंगू के केस मिले वहां आस - पास के घरों में स्क्रीनिंग की जाए। क्लस्टर में केस मिलने पर जिला प्रशासन को तुरन्त सूचित करते हुए रोकथाम के उपाय करने के निर्देश दिए। उन्होंने एंटी लार्वा एक्टिविटी एवं हर शनिवार को नो-बैग-डे के तहत स्कूलों में डेंगू रोकथाम के उपायों के बारे में जागरूकता पैदा करने, सर्वे एवं स्क्रीनिंग तथा छिड़काव जैसी गतिविधियां निरंतर चलाने के निर्देश दिए।</p>
<p>जिला कलक्टर ने पीएम सूर्य घर योजना के तहत प्राप्त आवेदनों के बारे में जानकारी ली। उन्होंने कहा कि योजना का व्यापक प्रचार-प्रसार किया जाए एवं सरकारी विभागों के जिला स्तरीय अधिकारी कार्यालयों पर सोलर पैनल लगाने से संबंधित कार्यवाही करें ताकि राज्य सरकार के निर्देश आने पर सोलर इन्स्टॉलेशन की कार्यवाही की जा सके। 15 सितम्बर से जिले में क्षतिग्रस्त सड़कों के मरम्मत कार्य शुरू करने के लिए सार्वजनिक निर्माण विभाग के अधिकारियों को कार्ययोजना बनाने के निर्देश दिए। सामाजिक न्याय एवं अधिकारिता विभाग से छात्रवासों के नियमित निरीक्षण एवं भोजन की गुणवत्ता के बारे में जानकारी ली। पीएचईडी अधिकारियों को पेयजल की नियमित सैम्पलिंग एवं आवश्यकतानुसार क्लोरीनेशन के निर्देश दिए।आरटीई के तहत प्रवेश के लिए आए आवेदनों को छोटी-छोटी कमियां बताकर रिजेक्ट करने की शिकायतों को गंभीरता से लेते हुए जिला कलक्टर ने शिक्षा विभाग के अधिकारियों को उन शिकायतों पर कार्यवाही करने के निर्देश दिए।</p>
<p>बैठक में संभाग मुख्यालय पर स्पोर्ट्स कॉलेज की स्थापना, इटावा एवं रामगंजमंडी सीएचसी के उप जिला अस्पताल में क्रमोन्नयन, दीगोद एवं चेचट में महाविद्यालय निर्माण, कनवास में रोडवेज बस स्टेंड की स्थापना सहित अन्य बजट घोषणाओं की प्रगति के बारे में जानकारी ली गई। बैठक में अतिरिक्त जिला कलक्टर प्रशासन मुकेश चौधरी, अतिरिक्त जिला कलक्टर सीलिंग कृष्णा शुक्ला, केडीए सचिव कुशल कोठारी, सीईओ जिला परिषद अशोक त्यागी, नगर निगम (उत्तर) आयुक्त अनुराग भार्गव, नगर निगम (दक्षिण) आयुक्त सरिता सहित विभिन्न विभागों के अधिकारी उपस्थित थे।</p>]]></content:encoded>
                
                                                            <category>राजस्थान</category>
                                            <category>कोटा</category>
                                    

                <link>https://dainiknavajyoti.com/rajasthan/kota/corporation-commissioner-should-do-random-checking-of-sanitation-system-district-collector/article-89384</link>
                <guid>https://dainiknavajyoti.com/rajasthan/kota/corporation-commissioner-should-do-random-checking-of-sanitation-system-district-collector/article-89384</guid>
                <pubDate>Mon, 02 Sep 2024 17:36:32 +0530</pubDate>
                                    <enclosure
                        url="https://dainiknavajyoti.com/media/2024-09/pze-%282%291.png"                         length="410415"                         type="image/png"  />
                
                                    <dc:creator><![CDATA[kota]]></dc:creator>
                            </item>
            <item>
                <title>Nagar Nigam ने किया स्वच्छता चैम्पियंस का किया सम्मान</title>
                                    <description><![CDATA[कार्यक्रम में उपायुक्त स्वास्थ्य सोहन सिंह नरूका ने प्लास्टिक के उपयोग नहीं करने के लिए लोगों को जागरूक करने की अपील की।]]></description>
                
                                    <content:encoded><![CDATA[<a href="https://dainiknavajyoti.com/rajasthan/jaipur/nagar-nigam-honored-cleanliness-champions/article-84112"><img src="https://dainiknavajyoti.com/media/400/2024-07/u1rer-(3)13.png" alt=""></a><br /><p>जयपुर। केन्द्रीय शहरी विकास मंत्रालय की ओर से देशभर के स्वच्छ शहरों की रैकिंग निर्धारण के लिए चलाए जा रहे स्वच्छ सर्वेक्षण 2024 में रैकिंग सुधार के लिए नगर निगम जयपुर हेरिटेज स्वच्छता में कार्य करने वाली सामाजिक संस्थाओं को प्रोत्साहित कर रही है। निगम हेरिटेज मुख्यालय में सोमवार को आयोजित सम्मान समारोह के दौरान निगम हेरिटेज आयुक्त अभिषेक सुराणा ने बताया कि तीस से अधिक सामाजिक संस्थाओं को स्वच्छता चैम्पियंस के खिताब से सम्मानित किया गया। इस अवसर पर आयुक्त सुराणा ने शहर को प्लास्टिक फ्री बनाने, कचरा मुक्त बनाने और लोगों में स्वच्छता की जागरूकता के लिए नवाचार के सुझाव भी लिए। कार्यक्रम में उपायुक्त स्वास्थ्य सोहन सिंह नरूका ने प्लास्टिक के उपयोग नहीं करने के लिए लोगों को जागरूक करने की अपील की।</p>
<p><strong>इनका किया सम्मान</strong><br />आयुक्त सुराणा ने बताया कि आत्मनिर्भर एनजीओ, नई उमंग, वर्क संस्था, महावीर इंटरनेशनल, होटल एसोसिएशन, पोद्दार संस्थान, सी-फॉर, प्रथम कदम, ग्राम भारती समिति, भूमिका संस्था, फिनिश सोसयटी, ग्रीन फॉरेस्ट फाउण्डेशन, हेनीमेन चेरिटेबल संस्था, जयपुर बाइट्स, हुमा खान एवं भावना सेंगर संस्थाओं को सम्मानित किया।</p>]]></content:encoded>
                
                                                            <category>राजस्थान</category>
                                            <category>जयपुर</category>
                                    

                <link>https://dainiknavajyoti.com/rajasthan/jaipur/nagar-nigam-honored-cleanliness-champions/article-84112</link>
                <guid>https://dainiknavajyoti.com/rajasthan/jaipur/nagar-nigam-honored-cleanliness-champions/article-84112</guid>
                <pubDate>Tue, 09 Jul 2024 10:21:42 +0530</pubDate>
                                    <enclosure
                        url="https://dainiknavajyoti.com/media/2024-07/u1rer-%283%2913.png"                         length="459992"                         type="image/png"  />
                
                                    <dc:creator><![CDATA[Jaipur ]]></dc:creator>
                            </item>
            <item>
                <title>पांच बीघा से अधिक जमीन पर गोबर का कब्जा</title>
                                    <description><![CDATA[गौशाला में करीब ढाई हजार से अधिक गौवंश है जिनसे रोजाना करीब 4 से 5 ट्रॉली गोबर निकल रहा है।]]></description>
                
                                    <content:encoded><![CDATA[<a href="https://dainiknavajyoti.com/rajasthan/kota/cow-dung-occupies-more-than-five-bighas-of-land/article-81838"><img src="https://dainiknavajyoti.com/media/400/2024-06/5-bigha-se-adhik-zameen-par-gobar-ka-kabja..kota-news...17.6.2024.jpg" alt=""></a><br /><p>कोटा । नगर निगम की बंधा धर्मपुरा स्थित गौशाला में एक तरफ तो गोवंश को रखने की जगह तक नहीं है। वहीं दूसरी तरफ गौशाला में करीब 5 बीघा से अधिक जमीन पर गोबर का कब्जा हो रहा है। जिससे उस जगह का उपयोग ही नहीं हो पा रहा। निगम की गौशाला में शहर की सड़कों पर लावारिस हालत में घूमने वाली गायों, बछड़ों व सांड को  लाकर रखा जा रहा है। गौशाला में गौवंश की संख्या इतनी अधिक हो गई थी कि उन्हें रखने की पर्याप्त जगह तक नहीं है। ऐसे में निगम की ओर से घेरा डालकर गौवंश को पकड़ना ही बंद कर दिया। साथ ही गौशाला से बड़ी संख्या में गायों को निजी गौशालाओं में शिफ्ट किया गया। उसके बाद भी वर्तमान में करीब 25 सौ से अधिक गौवंश गौशाला में है। </p>
<p><strong>रोजाना निकल रहा कई ट्रॉली गोबर</strong><br />गौशाला में करीब ढाई हजार से अधिक गौवंश है। जिनसे रोजाना करीब 4 से 5 ट्रॉली गोबर निकल रहा है। उस गोबर को गौशाला में ही खाली जमीन पर डाला जा रहा है। जिससे गौशाला की जमीन पर गोबर के ढेर और ट्रेचिंग ग्राउंड पर कचरे के पहाड़ की तरह यहां गोबर के पहाड़  खड़े हो गए हैं। उसके बाद भी निगम अधिकारी उस गोबर को न तो नीलाम कर पा रहे हैं और न ही बेच पा रहे हैं। जिससे पहले से ही जगह की कमी से जूझ रही गौशाला में गोबर के ढेर से जगह रूकी हुई है। </p>
<p><strong>बरसात में होगी अधिक परेशानी</strong><br />नगर निगम कोटा दक्षिण की गौशाला समिति के अध्यक्ष जितेन्द्र सिंह ने बताया कि गौशाला  में पहले से ही 5 बीघा से अधिक जमीन पर गोबर पड़ा हुआ है। अब खाली पड़ी करीब 25 बीघा जमीन पर भी गोबर डाला जा रहा है। बरसात आने से वह गोबर फेल जाएगा। ऐसे में गौवंश के फिसलने का खतरा बना हुआ है। साथ ही वह गोबर बरसात के पानी में पास हे निकल रहे नाले में भी बहने का खतरा बना हुआ है। इस गोबर को बेचने के लिए अधिकारियों को कई बार अवगत कराया जा चुका है लेकिन उनकीओर से प्रयास ही नहीं किए जा रहे। </p>
<p><strong>बायो गैस के लिए ताजा व शुद्ध गोबर चाहिए</strong><br />अध्यक्ष जितेन्द्र सिंह ने बताया कि पूर्व में देव नारायण आासीय योजना में लगे बायो गैस प्लांट  में गैस बनाने के लिए यहां से गोबर बेचने का प्रयास किया था। लेकिन प्लांट संचालकों का कहना था कि बायो गैस के लिए ताजा व शुद्ध गोबर की जरूरत होती है। ऐसे में गौशाला के गोबर का उपयोग गैस बनाने में नहीं किया जा सकता। ऐसे में यह गोबर 40 रुपए क्विंटल में भी कोई नहीं ले रहा है। </p>
<p><strong>पुराना व भूसा मिला होने से नहीं बिक रहा</strong><br />समिति अध्यक्ष सिंह ने बताया कि गौशाला में एक तो लम्बे समय से पड़ा गोबर पुराना होने से सूख चुका है। दूसरा यहां गोबर में मिट्टी व भूसा मिला हुआ है। जिससे कोई भी इस गोबर को  नहीं खरीद रहा है।  पूर्व में इस गोबर की नीलामी के लिए 65 रुपए क्विंटल की दर तय की गई थी। लेकिन उस रेट में कोई गोबर लेने को तैयार नहीं हुआ।   इस पर गौशाला समिति की बैठक में इसकी दर को संशोधित कर 40 रुपए क्विंटल करने का प्रस्ताव पारित किया गया था।</p>
<p><strong>दो लाख का गोबर बिका फिर लगाई रोक</strong><br />सिंह ने बताया कि पूर्व में 40 रुपए क्विंटल की रेट तय करने के बाद करीब 2 लाख रुपए का गोबर रामगंजमंडी की एक संस्था ने खरीदा था। वह राशि निगम में जमा करवा दी है। लेकिन बाद में आयुक्त ने उसकी बिक्री पर रोक लगवा दी। रेट कम होने का हवाला देकर गोबर नहीं बेचने दिया। ऐसे में गोबर के ढेर लग रहे हैं। बरसात में यह अधिक कष्ट दायक बनने वाले हैं। </p>
<p><strong>इनका कहना है</strong><br /> गौशाला में रोजाना बड़ी मात्रा में गोबर निकल रहा है। पूर्व में यहां के गोबर को बेचा भी गया है। उसकी रेट को लेकर कोई इश्यू है। प्रयास किए जा रहे हैं कि शीघ्र ही गोबर की नीलामी की जा सके या उसे कहीं बेचा जा सके। जिससे जमीन खाली होने पर उसका उपयोग किया जा सके। <br /><strong>महावीर सिंह सिसोदिया, उपायुक्त नगर निगम कोटा दक्षिण</strong></p>]]></content:encoded>
                
                                                            <category>राजस्थान</category>
                                            <category>कोटा</category>
                                    

                <link>https://dainiknavajyoti.com/rajasthan/kota/cow-dung-occupies-more-than-five-bighas-of-land/article-81838</link>
                <guid>https://dainiknavajyoti.com/rajasthan/kota/cow-dung-occupies-more-than-five-bighas-of-land/article-81838</guid>
                <pubDate>Mon, 17 Jun 2024 16:43:15 +0530</pubDate>
                                    <enclosure
                        url="https://dainiknavajyoti.com/media/2024-06/5-bigha-se-adhik-zameen-par-gobar-ka-kabja..kota-news...17.6.2024.jpg"                         length="486258"                         type="image/jpeg"  />
                
                                    <dc:creator><![CDATA[kota]]></dc:creator>
                            </item>
            <item>
                <title>निगम ग्रेटर बनाएगा वर्ल्ड रिकार्ड, 48 योग संस्थाओं के प्रशिक्षक और योगाचार्य </title>
                                    <description><![CDATA[महापौर डॉ. सौम्या गुर्जर ने बताया कि योग हमारे जीवन का अभिन्न अंग है और हमारी पुरातन परंपरा भी रही है। ]]></description>
                
                                    <content:encoded><![CDATA[<a href="https://dainiknavajyoti.com/rajasthan/jaipur/nigam-greater-will-create-world-record-trainers-and-yoga-teachers/article-81705"><img src="https://dainiknavajyoti.com/media/400/2024-06/yog.png" alt=""></a><br /><p>जयपुर। नगर निगम जयपुर ग्रेटर की ओर से लगातार 1500 मिनट तक 48 योग संस्थाओं के प्रशिक्षकों योगाचार्यों के माध्यम से योग किया जाएगा। दो दिवसीय यह कार्यक्रम सुबह 7 बजे से भट्टारक जी की नसियां स्थित इंद्रलोक सभागार में आयोजित किया गया।</p>
<p>महापौर डॉ. सौम्या गुर्जर ने बताया कि योग हमारे जीवन का अभिन्न अंग है और हमारी पुरातन परंपरा भी रही है। हमें प्रतिदिन अपने शरीर को स्वस्थ रखने तथा शहर को स्वच्छ रखने के लिए योग को दैनिक जीवन में अपनाना आवश्यक है। अत: योग संस्थाओं के प्रशिक्षकों योगाचार्यो के माध्यम से 1500 मिनट बिना रुके लगातार योग संस्थानों द्वारा योगासन किए गए।</p>
<p><strong>1000 लोगों ने किया एक साथ योगाभ्यास<br /></strong> निगम ग्रेटर महापौर डॉ. सौम्या गुर्जर की पहल पर आयोजित किए गए जयपुर योग महोत्सव 2024 के तहत छठे दिन शनिवार को जेएलएन मार्ग जवाहर सर्किल एवं सिटी पार्क मानसरोवर में योग शिविर आयोजित किए गए। सिटी पार्क में केन्द्रीय संस्कृत विश्वविद्यालय के सहायक योगाचार्य डॉ. नवनीत मलेठिया एवं योगी अभिषेक जांगिड़ तथा जेएलएन मार्ग जवाहर सर्किल पर डॉ. शालिनी शर्मा एवं सर्वमंगला, सनातन धर्म फाउंडेशन की संस्थापक योगाचार्य पूर्वी विजयवर्गीय ने योगाभ्यास, प्राणायाम एवं ध्यान करवाया। शिविर कार्यक्रम की अध्यक्षता क्रीड़ा भारती के प्रांत अध्यक्ष डॉ. जीएल शर्मा एवं क्षेत्रीय संयोजक मेघसिंह चौहान ने की और योग शिविर का संचालन क्रीड़ा भारती योग प्रमुख योगाचार्य सत्यपाल सिंह ने किया।<br /><br /></p>]]></content:encoded>
                
                                                            <category>राजस्थान</category>
                                            <category>जयपुर</category>
                                    

                <link>https://dainiknavajyoti.com/rajasthan/jaipur/nigam-greater-will-create-world-record-trainers-and-yoga-teachers/article-81705</link>
                <guid>https://dainiknavajyoti.com/rajasthan/jaipur/nigam-greater-will-create-world-record-trainers-and-yoga-teachers/article-81705</guid>
                <pubDate>Sun, 16 Jun 2024 14:53:52 +0530</pubDate>
                                    <enclosure
                        url="https://dainiknavajyoti.com/media/2024-06/yog.png"                         length="539666"                         type="image/png"  />
                
                                    <dc:creator><![CDATA[Jaipur ]]></dc:creator>
                            </item>
            <item>
                <title>नगर निगम की टीम ने किया 76 चकरी चाइनीज मांझा जब्त</title>
                                    <description><![CDATA[मकर संक्रांति पर बड़ी संख्या में चाइनीज मांझा बिकता है जिससे पक्षियों के पंख काटने और उनकी मौत होने के घटनाएं होती है।  ]]></description>
                
                                    <content:encoded><![CDATA[<a href="https://dainiknavajyoti.com/rajasthan/kota/municipal-corporation-teams-seized-76-chakri-chinese-manjha/article-66562"><img src="https://dainiknavajyoti.com/media/400/2024-01/si7.jpg" alt=""></a><br /><p>कोटा। मकर संक्रांति से पहले शहर में बिक रहे खतरनाक चाइनीज मांझे के खिलाफ निगम की कार्रवाई  लगातार जारी है नगर निगम की टीमों ने बुधवार को शहर में 76 चकरी चाइनीज मांझा जप्त किया। नगर निगम कोटा उत्तर की टीम ने पाटन पोल क्षेत्र में एक स्टेशनरी व जनरल स्टोर की दुकान पर कार्रवाई की। सहायक अग्निशमन अधिकारी सीता चोपदार  के नेतृत्व में कार्रवाई की गई। उन्होंने बताया कि पाटन पोल स्थित शुभम स्टेशनरी व जनरल स्टोर की दुकान पर छापा मारा गया तो दुकान के पीछे मकान में अंदर कमरे में कार्टन में छिपा कर चाइनीज मांझा रखा हुआ था  तलाश करने पर वहां कई कार्टन मिले जिनमें चाइनीज मांझा रखा हुआ था। गिनती करने पर  50 चकरी चाइनीज मांझा जप्त किया गया। मौके पर मांझे को जलाकर नष्ट किया गया।</p>
<p>इससे पहले भी नगर निगम की कोटा उत्तर टीम ने कई जगह पर दबिश देकर चाइनीज मांझा जप्त किया था। वही नगर निगम कोटा दक्षिण की टीम ने नयागांव स्थित एक दुकान पर छापा मार कर 26 चकरी चाइनीज मांझा जप्त किया है। नगर निगम कोटा दक्षिण के मुख्य अग्निशमन अधिकारी राकेश व्यास के नेतृत्व में कार्रवाई की गई उन्होंने बताया कि दुकानदार के खिलाफ शिकायत मिली थी कि चाइनीज मांझा बेचा जा रहा है इस पर टीम ने कार्रवाई की और बड़ी मात्रा में चाइनीज मांझा जप्त कर मौके पर ही नष्ट कर जला दिया। व्यास ने बताया कि मकर संक्रांति पर बड़ी संख्या में चाइनीज मांझा बिकता है जिससे पक्षियों के पंख काटने और उनकी मौत होने के घटनाएं होती है साथ ही पतंग काटने पर मांझे से राहगीरों के गर्दन व नाक काटने समेत कई घटनाएं होती रही है। उन घटनाओं को रोकने के लिए जिला कलेक्टर के निर्देश पर नगर निगम कोटा उत्तर और दक्षिण की फायर अनुभाग की टीमें गठित की गई है जिनके द्वारा लगातार कार्रवाई की जा रही है।</p>]]></content:encoded>
                
                                                            <category>राजस्थान</category>
                                            <category>कोटा</category>
                                    

                <link>https://dainiknavajyoti.com/rajasthan/kota/municipal-corporation-teams-seized-76-chakri-chinese-manjha/article-66562</link>
                <guid>https://dainiknavajyoti.com/rajasthan/kota/municipal-corporation-teams-seized-76-chakri-chinese-manjha/article-66562</guid>
                <pubDate>Wed, 10 Jan 2024 16:55:58 +0530</pubDate>
                                    <enclosure
                        url="https://dainiknavajyoti.com/media/2024-01/si7.jpg"                         length="162554"                         type="image/jpeg"  />
                
                                    <dc:creator><![CDATA[kota]]></dc:creator>
                            </item>
            <item>
                <title>जमीन समतल की न गंदगी साफ, बना दिया किसान रंगमंच</title>
                                    <description><![CDATA[ ऐसे में किसान रंगमंच के कार्यक्रम देखने आने वाले दर्शकों को बैठने में परेशानी का सामना करना पड़ेगा।  ]]></description>
                
                                    <content:encoded><![CDATA[<a href="https://dainiknavajyoti.com/rajasthan/kota/the-land-was-not-leveled-and-the-dirt-was-not-cleaned--farmers-made-it-a-theatre/article-60106"><img src="https://dainiknavajyoti.com/media/400/2023-10/jamen-samatal-ki-gandagi-saph-bana-diya-kisaan-rangmanch-...kota-news-21-10-2023.jpg" alt=""></a><br /><p>कोटा। नगर निगम कोटा उत्तर व दक्षिण की ओर से आयोजित होने वाला 130 वां दशहरा मेला धीरे-धीरे परवान पर तो चढ़ रहा है। जहां श्रीराम रंगमंच व विजयश्री रंगमंच को सजाया गया है वहीं मैदान के फेज दो में बनाया गया किसान रंगमंच की जगह को न तो समतल किया गया और न ही गंदगी साफ की गई। नगर निगम की ओर से आयोजित मेले का उद्घाटन तो हो गया है। अब 24 अक्टृबर को दशहरे के दिन रावण दहन होगा। उस दिन से मेला परवान पर चढ़ेगा। हालांकि अभी तक मैदान में गिनती की ही दुकानें सजी हैं। अधिकतर फूड कोर्ट ही लगा है।  वहीं दशहरा मैदान के फेज दो में अम्बेडकर भवन के पीछे किसान रंगमंच बनाया गया है। जहां स्थानीय आर्केस्ट्रा पार्टियों द्वारा रोजाना सांस्कृतिक कार्यक्रम प्रस्तुत किए जाएंगे। उस किसान रंगमंच के आस-पास की जगह की हालत इतनी खराब है कि वह पूरी तरह से उबड़-खाबड़ हो रही है। उस जमीन को समतल तक नहीं किया गया है। ऐसे में किसान रंगमंच के कार्यक्रम देखने आने वाले दर्शकों को बैठने में परेशानी का सामना करना पड़ेगा।  किसान रंगमंच के आस-पास कचरा पात्र रखा हुआ है। वहां कचरे के ढेर लगे हैं। पास ही मवेशियों का झुंड खड़ा है। ऐसे में नगर निगम की किसान रंगमंच व फेज दो मैदान के बारे में स्थिति का आंकलन किया जा सकता है। निगम अधिकारियों के अनुसार शुक्रवार को किसान रंगमंच पर कार्यक्रम प्रस्तुत करने वालों से आवेदन के लिए निविदा जारी कर दी गई है। यहां 26 अक्टूबर से कार्यक्रम शुरू होंगे। </p>
<p><strong>बाल प्रतिभा कार्यक्रम 31 को</strong><br />इधर नगर निगम आयुक्त व मेला अधिकारी की ओर से मेले के दौरान होने वाले बाल प्रतिभा कार्यक्रम की तिथि 31 अक्टूबर तय की गई है।  विजयश्री रंगमंच पर होने वाले इस कार्यक्रम के लिए आवेदन आमंत्रित किए गए हैं। प्रथम वर्ग 6 से 12 वर्ष आयु वर्ग के लिए और दूसरा वर्ग 13 से 18 आयु वर्ग  की बाल प्रतिभाएं भाग ले सकेंगी। इसके लिए 23 अक्टूबर तक आवेदन किए जा सकेंगे। </p>
<p><strong>वेस्ट जोन की पूरी हुई नीलामी</strong><br />इधर दशहरा मैदान के फेज एक में वेस्ट जोन में दुकानों की नीलमाी शुक्रवार को पूरी हो गई। सुबह से रात तक यहां व्यापारियों की भीड़ लगी रही। यहां छोटी दुकान जिसका किराया मेला अवधि के दौरान 10 से 15 हजार रुपए रहता है वह नीलामी में 1 से सवा लाख रुपए तक में छूटी है।  निगम सूत्रों के अनुसार राजस्व अनुभाग द्वारा की जा रही नीलामी के तहत शनिवार व रविवार को ईस्ट जोन की दुकानों की नीलामी शुरू होगी। </p>
<p><strong>एक ही कवि सम्मेलन का इरादा</strong><br />दशहरा मेले में हर बार चाहे विधानसभा की आचार संहिता हो या चुनावी दौर। उसमें भी मेला अवधि में होने वाले परम्परागत सभी कार्यक्रम होते रहे हैं। लेकिन इस बार विधानसभा चुनाव की आचार संहिया की आड़ में मेले की शान कहे जाने वाले राजस्थानी व अटल कवि सम्मेलन के होने की संभावना नहीं है। जबकि अखिल भारतीय स्तर का एक ही कवि सम्मेलन किया जा सकता है। उसमें भी चुनिंदा कवियों को आचार संहिता की पालना करते हुए अपनी रचनाएं पेश करने के लिए पाबंद किया जाएगा। हालांकि अभी तक उनके कवि भी तय नहीं हुए हैं।  इसी तरह से सिने संध्या का कार्यक्रम भी प्रस्तावित है। लेकिन अभी तक उसकी तिथि व कलाकार तय नहीं है।  वहीं आशापुरा माताजी मंदिर में अष्टमी के दिन 22 अक्टूबर को भजन संध्या का आयोजन होगा। जिसकी निविदा खोली जा चुकी है। </p>]]></content:encoded>
                
                                                            <category>राजस्थान</category>
                                            <category>कोटा</category>
                                    

                <link>https://dainiknavajyoti.com/rajasthan/kota/the-land-was-not-leveled-and-the-dirt-was-not-cleaned--farmers-made-it-a-theatre/article-60106</link>
                <guid>https://dainiknavajyoti.com/rajasthan/kota/the-land-was-not-leveled-and-the-dirt-was-not-cleaned--farmers-made-it-a-theatre/article-60106</guid>
                <pubDate>Sat, 21 Oct 2023 18:10:06 +0530</pubDate>
                                    <enclosure
                        url="https://dainiknavajyoti.com/media/2023-10/jamen-samatal-ki-gandagi-saph-bana-diya-kisaan-rangmanch-...kota-news-21-10-2023.jpg"                         length="542236"                         type="image/jpeg"  />
                
                                    <dc:creator><![CDATA[kota]]></dc:creator>
                            </item>
            <item>
                <title>आधी आबादी को मिला राजनीति में मौका,लेकिन नहीं छूट रहा चूल्हा चौका</title>
                                    <description><![CDATA[नगर निगम कोटा उत्तर व कोटा दक्षिण ही नहीं जिला परिषद तक में महिला जनप्रतिनिधि चुनकर तो आ गई लेकिन उनमें से वास्तविक रूप में काम करने वालों की संख्या काफी कम है।
]]></description>
                
                                    <content:encoded><![CDATA[<a href="https://dainiknavajyoti.com/rajasthan/kota/half-of-the-population-got-a-chance-in-politics--but-they-are-not-leaving-their-kitchens/article-60109"><img src="https://dainiknavajyoti.com/media/400/2023-10/aadhe-abadi-ko-mila-rajaneti-mein-mauka,lekin-nahi-chhot-raha-choolha-chauka...kota-news-21-10-2023.jpg" alt=""></a><br /><p>कोटा। <strong>केस 1-</strong> नगर निगम कोटा उत्तर के वार्ड 13 से कांग्रेस के टिकट पर जीतकर तो महिला पार्षद बनी हैं मंजू अग्रवाल। वे दूसरी बार पार्षद चुनी गई है। लेकिन उनका सारा कामकाज उनका पुत्र शेखर अग्रवाल ही संभाल रहा है। वार्ड से लेकर निगम तक में हर काम वही करता है। </p>
<p><strong>केस 2-</strong> नगर निगम कोटा उत्तर में ही वार्ड 57 से निर्दलीय पार्षद चुनी गई है मेघा गुर्जर। लेकिन उनका सारा काम उनके पति मनीष गुर्जर ही संभाल रहे हैं। मेघा गुर्जर तो निगम की बैठकों में ही शामिल होती है। उनके अलावा जनता से मिलना और निगम में कोई भी काम करवाना हो तो उनके पति ही नजर आते हैं। </p>
<p><strong>केस 3-</strong> नगर निगम कोटा दक्षिण में वार्ड 66 से कांग्रेस के टिकट पर पार्षद तो चुनी गई हैं शीला पाठक। लेकिन उनका सारा काम उनका पुत्र प्रफुल्ल पाठक ही कर रहे हैं। वार्ड से लेकर निगम तक में वे ही नजर आते हैं। </p>
<p>ये तो उदाहरण मात्र हैं। नगर निगम कोटा उत्तर व कोटा दक्षिण ही नहीं जिला परिषद तक में महिला जनप्रतिनिधि चुनकर तो आ गई लेकिन उनमें से वास्तविक रूप में काम करने वालों की संख्या काफी कम है। महिला आरक्षण बिल संसद में पारित हो चुका है। जिससे महिलाओं को आने वाले समय में राजनीति में 33 फीसदी आरक्षण का लाभ मिलेगा। वहीं वर्तमान में भी महिलाओं को  लोकसभा व विधानसभाओं के साथ ही शहरी व ग्रामीण सरकार में चुनकर आने का मौका मिला है। लेकिन हालत यह है कि उनमें से करीब 30 फीसदी महिलाएं ऐसी हैं जो चुनकर तो आ गई लेकिन उनसे अभी भी चूल्हा चौके का मोह नहीं छूट रहा है। उनके पति और पुत्र ही उनका काम संभाल रहे हैं। नगर निगम कोटा उत्तर व कोटा दक्षिण में कुल निर्वाचित 150 पार्षद हैं। जिनमें से करीब 29 फीसदी 53 महिला पार्षद हैं। जबकि जिला परिषद में 23 सदस्यों में से करीब 50 फीसदी यानि 11 महिला सदस्य हैं। </p>
<p>42  प्रतिशत परिजन कर रहे काम दक्षिण में<br />40  प्रतिशत परिजन कर रहे उत्तर में<br />36  प्रतिशत परिजन कर रहे काम जिला परिषद में</p>
<p><strong>कोटा उत्तर में 25 महिला पार्षद</strong><br />नगर निगम कोटा उत्तर में कुल निर्वाचित पार्षद 70 हैं। जिनमें से 25 महिला पार्षद हैं। इनमें भाजपा व कांग्रेस के अलावा निर्दलीय भी शामिल हैं। कोटा उत्तर में तो महापौर भी महिला ही हैं। वे दूसरी बार पार्षद चुनी गई है। वे अपना काम स्वयं ही कर रही हैं। जबकि  इस निगम में करीब 30 फीसदी महिला पार्षदों के पति व पुत्र फील्ड में काम कर रहे हैं। वहीं इस निगम में 12 सहवरित पार्षद भी हैं जिनमें एक भी महिला नहीं है। </p>
<p><strong>कोटा दक्षिण निगम में 28 महिला पार्षद</strong><br />नगर निगम कोटा दक्षिण में 80 निर्वाचित पार्षद हैं। जिनमें से 28 महिला पार्षद हैं। इनमें से  करीब 75 फीसदी महिलाएं तो स्वयं काम कर रही हैं। जबकि  भाजपा और कांग्रेस की  करीब 25 फीसदी महिला पार्षद ऐसी हैं जिनके पति, जेठ व पुत्र फील्ड में काम कर रहे हैं। यहां 12 सहवरित पार्षद हैं। जिनमें से एक महिला पार्षद भी शामिल है।  कोटा में जब एक ही नगर निगम थी। उस समय पहली महापौर भाजपा से महिला थी। उसके बाद कांग्रेस से भी महिला महापौर रह चुकी हैं। इन सभी ने अपना काम स्वयं ही किया था। </p>
<p><strong>जिला परिषद में 11 महिलाएं</strong><br />शहरी सरकार नगर निगम के अलावा कोटा जिले में ग्रामीण सरकार जिला परिषद भी है। जिला परिषद में कुल 23 निर्वाचित सदस्य हैं। जिनमें से 11 महिलाएं हैं। जिला परिषद में अधिकतर महिलाएं दूर दराज के ग्रामीण परिवेश से हैं। इस कारण से महिला आरक्षण होने से उन्हें टिकट मिला तो वे जीत भी गई लेकिन उनके कल्चर में अभी भी चूल्हा चौके से बाहर आना नहीं लिखा है।  जिला परिषद में करीब 50 फीसदी महिलाएं होने के बावजूद उनमें से भी 30 फसिदी महिलाएं सिर्फ बैठकों में ही उपस्थित रहती है। वहां आने के बाद भी वे किसी मुद्दे को नहीं उठाती। जबकि 66 फीसदी महिलाएं पुरजोर तरीके से जनता के मुद्दों को बैठकों में उठा रही हैं। जिला परिषद में कमला मीणा भाजपा की जिला प्रमुख रह चुकी हैं। वे अपना काम स्वयं ं करती थी। पंचायत समिति लाड़पुरा में प्रधान कांति गुर्जर रह चुकी हैं। वे अपना काम स्वयं करती थी। </p>]]></content:encoded>
                
                                                            <category>राजस्थान</category>
                                            <category>कोटा</category>
                                    

                <link>https://dainiknavajyoti.com/rajasthan/kota/half-of-the-population-got-a-chance-in-politics--but-they-are-not-leaving-their-kitchens/article-60109</link>
                <guid>https://dainiknavajyoti.com/rajasthan/kota/half-of-the-population-got-a-chance-in-politics--but-they-are-not-leaving-their-kitchens/article-60109</guid>
                <pubDate>Sat, 21 Oct 2023 16:56:36 +0530</pubDate>
                                    <enclosure
                        url="https://dainiknavajyoti.com/media/2023-10/aadhe-abadi-ko-mila-rajaneti-mein-mauka%2Clekin-nahi-chhot-raha-choolha-chauka...kota-news-21-10-2023.jpg"                         length="324988"                         type="image/jpeg"  />
                
                                    <dc:creator><![CDATA[kota]]></dc:creator>
                            </item>
            <item>
                <title>दोनों निगमों में 7 माह से नहीं हुई बोर्ड बैठक</title>
                                    <description><![CDATA[दोनों नगर निगमों में बोर्ड की बैठकें फरवरी माह में हुई थी। 
]]></description>
                
                                    <content:encoded><![CDATA[<a href="https://dainiknavajyoti.com/rajasthan/kota/board-meeting-has-not-been-held-in-both-the-corporations-for-7-months/article-57272"><img src="https://dainiknavajyoti.com/media/400/2023-09/gan-(2)3.png" alt=""></a><br /><p>कोटा। नगर निगम आम जन से जुड़ा विभाग होने से यहां जनता के मुद्दे सबसे अधिक आते हैं। उसके बाद भी नगर निगम में पट्टे बनाने के अलावा जनता के मुद्दे गौण हो रहे हैं। दोनों नगर निगमों में करीब 7 माह से बोर्ड बैठक नहीं होने से जनप्रतिनिधि जनता के मुद्दों पर चर्चा ही नहीं कर  पा रहे हैं।  कोटा में वर्तमान में दो नगर निगम कोटा उत्तर व दक्षिण हैं। दोनों निगमों में कांग्रस के बोर्ड हैं। राज्य  में सरकार भी कांग्रेस की ही है। उसके बाद भी नगर निगम में समय पर र्बो बैठकें तक नहीं हो पा रही है। </p>
<p><strong>फरवरी में हुई थी बोर्ड बैठक</strong><br />दोनों नगर निगमों में बोर्ड की बैठकें फरवरी माह में हुई थी। कोटा दक्षिण निगम की बैठक 4 फरवरी को व कोटा उत्तर की बैठक 8 फरवरी हो हुई थी। ये बैठकें भी मजबूरी में करवाई गई थी। दोनों निगमों में बजट पास करवाने के लिए बोर्ड बैठक करवाना आवश्यक होने से ये बैठकें हुई थी। उसके बाद 7 माह बीत चुके हैं लेकिन बोर्ड बैठक नहीं हुई।  </p>
<p><strong>हर दो माह में बैठक का नियम</strong><br />राजस्थान नगर पालिका अधिनियम के तहत नगर निगम में हर दो माह में बोर्ड बैठक करवाना आवश्यक है। जिसके तहत निर्वाचित जनप्रतिनिधि पार्षद जनता से जुड़े मुद्दों को अधिकारियों व महापौर व उप महापौर के समक्ष रखते हैं। उन मुद्दों पर चर्चा होती है। उसके बाद उनका समाधान भी बोर्ड में किया जाता है। बोर्ड में लिए गए निर्णयों की पालना बाध्यता परक होती है। लेकिन बोर्ड बैठक नहीं होने से जनता के मुद्दों पर चर्चा ही नहीं हो रही है। हालांकि दोनों नगर निगमों में आने वाले आमजन का काम हो रहा है। लेकिन सामहिक रूप से सभी के लिए काम करने के नियम व समस्याओं पर चर्चा व निर्णय नहीं हो पा रहे हैं। </p>
<p><strong>दशहरा मेले की बैठक  भी नहीं</strong><br />नगर निगम में हर साल दशहरा मेले के आयोजन से पहले उसका बजट पास करने व मेले को भव्यता प्रदान करने संबंधी विषयों पर सुझावों के लिए भी मेले से पहले एक बोर्ड बैठक होती रही है। पिछले बोर्ड में उसी तरह से काम हो रहा था। लेकिन वर्तमान में दोनों नगर निगमों कोटा उत्तर व दक्षिण में बोर्ड गठन के तीन साल होने वाले हैं। अभी तक एक बार भी मेले से पहले बैठक नहीं हुई है। पिछली बार भी आम बजट के साथ ही मेले का बजट भी पारित कर दिया गया था। इस बार के मेले के लिए भी 8 करोड़ का बजट 7 महीने पहले हुई बोर्ड बैठक में ही पारित कर दिया था। </p>
<p><strong>नेता प्रतिपक्ष ने लिखा महापौर को पत्र</strong><br />कोटा दक्षिण के नेता प्रतिपक्ष विवेक राजवंशी ने बताया कि उन्होंने हाल ही में महापौर को पत्र लिखा है। जिसमें बोर्ड बैठक शीघ्र करवाने की मांग की गई है। पत्र में बताया कि कोटा दक्षिण की बोर्ड बैठक 4 फरवरी को हुई थी। जिसे 7 माह का समय हो चुका है। दशहरा मेला आने वाला है। राज्य में आगामी विधानसभा चुनाव को देखते हुए शीघ्र ही आार संहिता लगने वाली है। ऐसे में भाजपा के सभी पार्षदों का आग्रह है कि बोर्ड बैठक शीघ्र बुलाई जानी चाहिए। कोटा उत्तर के नेता प्रतिपक्ष लव शर्मा ने बताया कि उन्होंने महापौर से इस संबंध में कई बार चर्चा की है। पूर्व में 6 सितम्बर को बोर्ड बैठक करवाना तय हो गया था। लेकिन विकास कार्यों के उद्घाटन से तारीख तय नहीं हो सकी थी। बोर्ड बैठक समय पर नहीं होने से पार्षदों का आक्रोेश अधिक नजर आता है। बोर्ड बैठक शीघ्र बुलाई जानी चाहिए। </p>
<p><strong>ये हैं जनता के मुद्दे</strong><br />भाजपा व कांग्रेस पार्षदों का कहना है कि बोर्ड बैठक समय पर होती रहती है तो जनता के मुद्दों पर चर्चा व समाधान होता है। जबकि बोर्ड बैठक नहीं होने से बिजली, पानी, सड़क, सफाई, लेबर के अलावा निर्माण संबंधी कार्य से जुड़े मुद्दों पर चर्चा ही नहीं हो पा रही है। </p>
<p><strong>पालना रिपोर्ट ही नहीं आई</strong><br />बोर्ड बैठक बुलाने के लिए आयुक्त को यू ओ नोट लिखा हुआ है। लेकिन अभी तक पिछली बोर्ड बैठक की ही पालना रिपोर्ट नहीं आई है। बिना पालना रिपोर्ट के अगली बोर्ड बैठक में चर्चा कैसे होगी। फिर भी आयुक्त से चर्चा कर शीघ्र ही बोर्ड बैठक करवाई जाएगी। बोर्ड बैठक हर हो माह में होती रहनी चाहिए। <br /><strong>- राजीव अग्रवाल, महापौर नगर निगम कोटा दक्षिण</strong></p>
<p><strong>इसी माह होगी बोर्ड बैठक</strong><br />दशहरा मेले का बजट तो फरवरी में हुई आम बजट की बोर्ड बैठक में ही पारित करवा लिया था। मेले से पहले ही इसी माह 22 सितम्बर तक  बोर्ड बैठक करवाने की योजना है।  <br /><strong>- मंजू मेहरा, महापौर नगर निगम कोटा उत्तर </strong></p>]]></content:encoded>
                
                                                            <category>राजस्थान</category>
                                            <category>कोटा</category>
                                    

                <link>https://dainiknavajyoti.com/rajasthan/kota/board-meeting-has-not-been-held-in-both-the-corporations-for-7-months/article-57272</link>
                <guid>https://dainiknavajyoti.com/rajasthan/kota/board-meeting-has-not-been-held-in-both-the-corporations-for-7-months/article-57272</guid>
                <pubDate>Sat, 16 Sep 2023 17:28:35 +0530</pubDate>
                                    <enclosure
                        url="https://dainiknavajyoti.com/media/2023-09/gan-%282%293.png"                         length="458383"                         type="image/png"  />
                
                                    <dc:creator><![CDATA[kota]]></dc:creator>
                            </item>
            <item>
                <title>वर्षा की कामना के लिए निकाले गढ़े भैरुजी </title>
                                    <description><![CDATA[ पाटन पोल में सती चबूतरा स्थित गढ़े भैरुजी निकालकर उनकी पूजा - अर्चना की मांग की गई थी। ]]></description>
                
                                    <content:encoded><![CDATA[<a href="https://dainiknavajyoti.com/rajasthan/kota/took-out-gadhe-bheruji-from-the-wish-of--rain/article-56377"><img src="https://dainiknavajyoti.com/media/400/2023-09/whatsapp-image-2023-09-05-at-15.52.02.jpeg" alt=""></a><br /><p>कोटा। मानसून और सावन का पूरा महीना बीतने के बावजूद भी कोटा में बरसात नहीं होने से परेशान होकर वर्षा की कामना के लिए नगर निगम कोटा उत्तर की ओर से गढ़े भैरुजी निकालकर मंगलवार को उनकी विधि विधान से पूजा की गई। सहवरित पार्षद संजय यादव ने बताया कि पिछले कई दिनों से बरसात नहीं होने के कारण फसलों को नुकसान हो रहा है और लोगों को भी परेशानी का सामना करना पड़ रहा है। इसे देखते हुए सोमवार को कोटा उत्तर नगर निगम की महापौर को ज्ञापन देकर पाटन पोल में सती चबूतरा स्थित गढ़े भैरुजी निकालकर उनकी पूजा - अर्चना की मांग की गई थी। मंगलवार को महापौर मंजू मेहरा ने निगम अधिकारियों व कर्मचारियों के साथ परंपरा अनुसार गढ़े भैरुजी निकालकर विधिवत पूजा-अर्चना कर बरसात की कामना की। पूजा के दौरान ढोल बजाते रहे और लोग भेरुजी की जय जयकार लगाते रहे साथ ही कोटा में शीघ्र ही अच्छी बरसात होने की प्रार्थना करते रहे। पूर्व पार्षद महेश गौतम लल्ली ने बताया कि जब भी कोटा में बरसात नहीं होती तब परंपरा है कि  सती चबूतरा स्थित गढ़े भैरुजी को निकालकर उनकी विधिवत पूजा अर्चना की जाती है उसके बाद कोटा में पिछले कई सालों में अच्छी बरसात होती रही है। इस परंपरा का निर्वहन किया गया है। पूजा के बाद बरसात होने पर गढ़े भैरुजी को फिर से विधिवत पूजा - अर्चना कर गढ़ दिया जाता है। इस अवसर पर उत्तर नगर निगम महापौर मंजू मेहरा, पार्षद , पूर्व पार्षद व यूथ नेता मौजूद रहे।</p>]]></content:encoded>
                
                                                            <category>राजस्थान</category>
                                            <category>कोटा</category>
                                    

                <link>https://dainiknavajyoti.com/rajasthan/kota/took-out-gadhe-bheruji-from-the-wish-of--rain/article-56377</link>
                <guid>https://dainiknavajyoti.com/rajasthan/kota/took-out-gadhe-bheruji-from-the-wish-of--rain/article-56377</guid>
                <pubDate>Tue, 05 Sep 2023 17:59:51 +0530</pubDate>
                                    <enclosure
                        url="https://dainiknavajyoti.com/media/2023-09/whatsapp-image-2023-09-05-at-15.52.02.jpeg"                         length="530829"                         type="image/jpeg"  />
                
                                    <dc:creator><![CDATA[kota]]></dc:creator>
                            </item>
            <item>
                <title>असर खबर का- आज से शुरू होगी कोटा दक्षिण निगम क्षेत्र में फोगिंग </title>
                                    <description><![CDATA[नगर निगम कोटा दक्षिण के अतिरिक्त आयुक्त राजेश डागा ने कोटा दक्षिण क्षेत्र के सभी 80 वार्डों में फोगिंग का शिड्यूल जारी किया है। ]]></description>
                
                                    <content:encoded><![CDATA[<a href="https://dainiknavajyoti.com/rajasthan/kota/asar-khabar-ka---fogging-will-start-in-kota-south-corporation-area-from-today/article-53652"><img src="https://dainiknavajyoti.com/media/400/2023-08/asar-khabar-ka...aaj-se-shuru-hoge-kota-dakshin-nigam-shetr-mein-phoging...kota-news-04-08-2023.jpg" alt=""></a><br /><p>कोटा । नगर निगम कोटा दक्षिण की ओर से क्षेत्र के  वार्डों में शुक्रवार से फोगिंग की जाएगी। फोगिंग रोजाना शाम को चार वार्डों में दो घंटे तक की जाएगी। नगर निगम कोटा दक्षिण के अतिरिक्त आयुक्त राजेश डागा ने कोटा दक्षिण क्षेत्र के सभी 80 वार्डों में फोगिंग का शिड्यूल जारी किया है। बरसात के सीजन में शहर में मच्छरों की संख्या अधिक हो रही है। जिससे मच्छर जनित बीमारियां मलेरिया समेत अन्य लोगों को शिकार बना रही है। इसे देखते हुए अतिरिक्त आयुक्त ने गैराज अनुभाग के प्रभारी को इसके लिए पाबंद किया है। जिसमें रोजाना व्हीकल माउंटेंड फोगिंग  मशीन के वार्डों में जाने से पहले संबंधित स्वास्थ्य निरीक्षक व पार्षद को भी जानकारी दी जाएगी। फोगिंग रोजाना शाम को 6 से 8 बजे तक की जाएगी। </p>
<p><strong>इन वार्डों में होगी फोगिंग</strong><br />आदेश के अनुसार 4 अगस्त को वार्ड 1, 21,22 व 23 में, 5 अगस्त को वार्ड 46,47,60 व 2 में, 7 अगस्त को  वार्ड 3,4, 5 व 24 में, 8 अगस्त को वार्ड 25,26,61 व 72 में, 9 अगस्त को वार्ड 73,74,48 व 49 में, 10 अगस्त को वार्ड 50,62,63 व 64 में, 11 को वार्ड 75,76,77 व 80 में, 12 को वार्ड 6,7,8 व 27 में फोंिगंग होगी।</p>
<p><strong>नवज्योति ने उठाया था मामला</strong><br />गौरतलब है कि शहर में वायरल व बुखार के मरीज बढ़ रहे हैं और नगर निगम की ओर से फोगिंग तक नहीं करवाई जा रही है। इस मामले में दैनिक नवज्योति ने 1 अगस्त को पेज दो पर हर तीसरे घर में बुखार व वायरल शीर्षक से समाचार प्रकाशित किया था। समाचार प्रकाशित होने के बाद अधिकारी हरकत में आए। </p>]]></content:encoded>
                
                                                            <category>राजस्थान</category>
                                            <category>कोटा</category>
                                    

                <link>https://dainiknavajyoti.com/rajasthan/kota/asar-khabar-ka---fogging-will-start-in-kota-south-corporation-area-from-today/article-53652</link>
                <guid>https://dainiknavajyoti.com/rajasthan/kota/asar-khabar-ka---fogging-will-start-in-kota-south-corporation-area-from-today/article-53652</guid>
                <pubDate>Fri, 04 Aug 2023 17:23:11 +0530</pubDate>
                                    <enclosure
                        url="https://dainiknavajyoti.com/media/2023-08/asar-khabar-ka...aaj-se-shuru-hoge-kota-dakshin-nigam-shetr-mein-phoging...kota-news-04-08-2023.jpg"                         length="314016"                         type="image/jpeg"  />
                
                                    <dc:creator><![CDATA[kota]]></dc:creator>
                            </item>

            </channel>
        </rss>
        