<?xml version="1.0" encoding="utf-8"?>        <rss version="2.0"
            xmlns:content="http://purl.org/rss/1.0/modules/content/"
            xmlns:dc="http://purl.org/dc/elements/1.1/"
            xmlns:atom="http://www.w3.org/2005/Atom">
            <channel>
                <atom:link href="https://dainiknavajyoti.com/trade/tag-16939" rel="self" type="application/rss+xml" />
                <generator>Dainik Navajyoti Rising Rajasthan RSS Feed Generator</generator>
                <title>trade - Dainik Navajyoti Rising Rajasthan</title>
                <link>https://dainiknavajyoti.com/tag/16939/rss</link>
                <description>trade RSS Feed</description>
                
                            <item>
                <title>अमेरिका-इजरायल व ईरान के युद्ध में झुलसा बासमती चावल, कीमतों में गिरावट का दौर शुरू</title>
                                    <description><![CDATA[खाड़ी देशों में निर्यात ठप व नए सौदे अटके-हाड़ौती के व्यापारियों और किसानों की बढ़ी चिंता।
]]></description>
                
                                    <content:encoded><![CDATA[<a href="https://dainiknavajyoti.com/rajasthan/kota/basmati-rice-has-been-damaged-in-the-us-israel-iran-war--and-prices-are-falling/article-145490"><img src="https://dainiknavajyoti.com/media/400/2026-03/200-x-60-px)-(1)4.png" alt=""></a><br /><p>कोटा। हाड़ौती अंचल से खाड़ी देशों और ईरान को होने वाला बासमती चावल का निर्यात इन दिनों लगभग ठप पड़ गया है। अमेरिका-इजरायल और ईरान के बीच चल रहे युद्ध के कारण नए निर्यात सौदे अटक गए हैं। इसका सीधा असर स्थानीय चावल बाजार और मंडियों में देखने को मिल रहा है। निर्यात प्रभावित होने से चावल की कीमतों में गिरावट का दौर शुरू हो गया है। व्यापारियों के अनुसार दामों में करीब 10 हजार रुपए प्रति टन तक की कमी दर्ज की गई है। हाड़ौती के कोटा, बारां और बूंदी जिलों से बड़ी मात्रा में बासमती चावल का व्यापार होता है। यहां के चावल की गुणवत्ता अच्छी होने के कारण इसकी मांग खाड़ी देशों और ईरान में रहती है।</p>
<p><strong>रास्ते में अटकी चावल की खेप</strong><br />वर्तमान में ईरान में मौजूदा परिस्थितियों और वहां के प्रमुख बंदरगाहों पर व्यापारिक गतिविधियों में आई सुस्ती के कारण चावल की खेप भेजने में परेशानी आ रही है। निर्यातकों के अनुसार ईरान के सबसे बड़े बंदरगाह बंदर अब्बास के रास्ते ईरान और अफगानिस्तान को चावल भेजा जाता है। वर्तमान हालात के कारण इस मार्ग से जाने वाली खेप फिलहाल रुक गई है। इसके चलते निर्यातकों ने नए सौदे करना भी लगभग बंद कर दिया है। व्यापारियों का कहना है कि हाड़ौती क्षेत्र से होने वाले चावल निर्यात का करीब 80 प्रतिशत हिस्सा ईरान और खाड़ी देशों में जाता है। अब वहां युद्ध का माहौल होने का सीधा असर स्थानीय बाजार पर पड़ रहा है। मंडियों में चावल की खरीद धीमी हो गई है।</p>
<p><strong>खाड़ी देशों में यहां होती है सप्लाई</strong><br />हाड़ौती का बासमती चावल मुख्य रूप से खाड़ी देशों के दुबई, अबूधाबी, शारजाह (यूएई), दम्माम और जेद्दा (सऊदी अरब), दोहा (कतर), कुवैत सिटी (कुवैत) और मस्कट (ओमान) जैसे बड़े व्यापारिक केंद्रों में भेजा जाता है। इन स्थानों से चावल स्थानीय बाजारों और सुपरमार्केट के माध्यम से उपभोक्ताओं तक पहुंचता है। खाड़ी देशों में भारतीय बासमती चावल की अच्छी मांग रहती है। वहां बड़ी संख्या में भारतीय और दक्षिण एशियाई लोग रहते हैं, जिसके कारण इन देशों में बासमती चावल का उपभोग काफी अधिक है। इसके अलावा ईरान में भी हाड़ौती के बासमती चावल का काफी खपत होती है। अब युद्ध के कारण खाड़ी देशों में चावल का निर्यात ठप हो गया है।</p>
<p><strong>मंडियों में दिखने लगा असर</strong><br />निर्यात प्रभावित होने से कोटा सहित हाड़ौती की मंडियों में चावल की मांग कमजोर हो गई है। व्यापारियों के अनुसार हाड़ौती से काफी मात्रा में चावल ईरान और खाड़ी देशों में जाता है। ऐसे में वहां से मांग कम होने का सीधा असर स्थानीय बाजार पर पड़ रहा है। यदि स्थिति जल्द सामान्य नहीं हुई तो चावल मिलों में उत्पादन भी प्रभावित हो सकता है और स्टॉक बढ़ने से कीमतों में और गिरावट आने की संभावना है। अब मंडियों में रोजाना धान के भाव में कमी आने लगी है। स्थानीय व्यापारियों के अनुसार भामाशाहमंडी में धान के भावों में रोजाना 200 से 400 रुपए प्रति क्विंटल की गिरावट आ रही है।</p>
<p>अमेरिका-इजरायल और ईरान के बीच चल रहे युद्ध के कारण नए निर्यात सौदे अटक गए हैं। इसका सीधा असर स्थानीय चावल बाजार और मंडियों में देखने को मिल रहा है। चावल की कीमतों में गिरावट आने लगी है।<br /><strong>- भूपेन्द्र सोनी, प्रमुख व्यापारी, भामाशाहमंडी</strong></p>
<p>बंदरगाह मार्ग प्रभावित होने से कई खेप अटक गई हैं। यदि जल्द ही स्थिति सामान्य नहीं हुई तो व्यापारियों को आर्थिक नुकसान उठाना पड़ सकता है।<br />निर्यात ठप होने से स्थानीय बाजार में स्टॉक बढ़ने लगा है।<br /><strong>- राजेश अग्रवाल, निर्यातक</strong></p>]]></content:encoded>
                
                                                            <category>राजस्थान</category>
                                            <category>कोटा</category>
                                    

                <link>https://dainiknavajyoti.com/rajasthan/kota/basmati-rice-has-been-damaged-in-the-us-israel-iran-war--and-prices-are-falling/article-145490</link>
                <guid>https://dainiknavajyoti.com/rajasthan/kota/basmati-rice-has-been-damaged-in-the-us-israel-iran-war--and-prices-are-falling/article-145490</guid>
                <pubDate>Fri, 06 Mar 2026 15:00:26 +0530</pubDate>
                                    <enclosure
                        url="https://dainiknavajyoti.com/media/2026-03/200-x-60-px%29-%281%294.png"                         length="894721"                         type="image/png"  />
                
                                    <dc:creator><![CDATA[kota]]></dc:creator>
                            </item>
            <item>
                <title>भारत-अमेरिका व्यापार वार्ता की बैठक टली :  नई तारीख जल्द होगी तय, नई तारीख आपसी सहमति से तय करने का किया फैसला</title>
                                    <description><![CDATA[दोनों देशों ने हालिया घटनाक्रमों और उनके प्रभाव का आकलन करने के बाद नई तारीख आपसी सहमति से तय करने का फैसला किया है। यह फैसला अमेरिकी सुप्रीम कोर्ट के हालिया निर्णय के बाद आया है।]]></description>
                
                                    <content:encoded><![CDATA[<a href="https://dainiknavajyoti.com/world/india-us-trade-talks-meeting-postponed-new-date-to-be-decided/article-144153"><img src="https://dainiknavajyoti.com/media/400/2026-02/flag.png" alt=""></a><br /><p dir="ltr">वॉशिंगटन। भारत और अमेरिका ने अंतरिम व्यापार समझौते के मसौदे को अंतिम रूप देने के लिए वाशिंगटन में होने वाली मुख्य वार्ताकारों की बैठक को फिलहाल टाल दिया है। भारतीय टीम की तीन दिवसीय बैठक 23 फरवरी से प्रस्तावित थी। वाणिज्य मंत्रालय के संयुक्त सचिव दर्पण जैन इस समझौते के लिए भारत के मुख्य वार्ताकार हैं।</p>
<p dir="ltr">दोनों देशों ने हालिया घटनाक्रमों और उनके प्रभाव का आकलन करने के बाद नई तारीख आपसी सहमति से तय करने का फैसला किया है। यह फैसला अमेरिकी सुप्रीम कोर्ट के हालिया निर्णय के बाद आया है। इसके तहत ट्रंप प्रशासन ने भारत सहित सभी देशों पर 24 फरवरी से 150 दिनों के लिए 10% आयात शुल्क लगाने की घोषणा की है।</p>]]></content:encoded>
                
                                                            <category>दुनिया</category>
                                    

                <link>https://dainiknavajyoti.com/world/india-us-trade-talks-meeting-postponed-new-date-to-be-decided/article-144153</link>
                <guid>https://dainiknavajyoti.com/world/india-us-trade-talks-meeting-postponed-new-date-to-be-decided/article-144153</guid>
                <pubDate>Sun, 22 Feb 2026 15:42:08 +0530</pubDate>
                                    <enclosure
                        url="https://dainiknavajyoti.com/media/2026-02/flag.png"                         length="548467"                         type="image/png"  />
                
                                    <dc:creator><![CDATA[Jaipur ]]></dc:creator>
                            </item>
            <item>
                <title>भारत-अमेरिका व्यापार सौदे की घोषणा के पीछे हताशा : समझौते में देश के हितों का नहीं रखा ध्यान, जयराम ने घोषणा के समय पर किए सवाल</title>
                                    <description><![CDATA[रमेश ने अमेरिकी राष्ट्रपति के गत दो फरवरी के उस बयान का भी उल्लेख किया, जिसमें भारत-अमेरिका व्यापार सौदे को अंतिम रूप देने की घोषणा की गयी थी।]]></description>
                
                                    <content:encoded><![CDATA[<a href="https://dainiknavajyoti.com/leads/frustration-behind-the-announcement-of-india-us-trade-deal-the-countrys/article-144066"><img src="https://dainiknavajyoti.com/media/400/2025-05/jairam-ramesh-2-(2).png" alt=""></a><br /><p class="MsoNormal"><span style="font-family:'Nirmala UI', 'sans-serif';">नई दिल्ली। कांग्रेस के वरिष्ठ नेता जयराम रमेश ने भारत-अमेरिका व्यापार समझौते की घोषणा के समय पर सवाल उठाते हुए कहा कि समझौते में देश के हितों का ध्यान नहीं रखा गया है। एक्स पर एक विस्तृत पोस्ट में रमेश ने अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप की उन टिप्पणियों का हवाला दिया, जो उनकी आयात शुल्क नीति को रद्द करने के अमेरिकी सुप्रीम कोर्ट के फैसले के बाद आयी हैं। कांग्रेस नेता के अनुसार भारत-अमेरिका व्यापार सौदा घोषणा के अनुरूप जारी रहेगा और उन्होंने व्यक्तिगत रूप से 10 मई 2025 को भारतीय सामान पर आयात शुल्क बढ़ाने की धमकी देकर ऑपरेशन सिंदूर को रोकने के लिए हस्तक्षेप किया था। रमेश ने अमेरिकी राष्ट्रपति के गत दो फरवरी के उस बयान का भी उल्लेख किया, जिसमें भारत-अमेरिका व्यापार सौदे को अंतिम रूप देने की घोषणा की गयी थी। </span></p>
<p class="MsoNormal"><span style="font-family:'Nirmala UI', 'sans-serif';">कांग्रेस नेता ने इस घोषणा के समय पर सवाल उठाये। रमेश ने आरोप लगाया कि केंद्र सरकार ने राजनीतिक मजबूरी में काम किया। उन्होंने दावा किया कि यदि सरकार ने केवल 18 दिन और प्रतीक्षा की होती, तो भारतीय किसानों को उनकी पीड़ा और संकट से बचाया जा सकता था और भारतीय संप्रभुता की रक्षा की जा सकती थी। इस समझौते को हानिकारक बताते हुए उन्होंने कहा कि प्रधानमंत्री की हताशा और समर्पण के कारण देश को भारत-अमेरिका व्यापार समझौते के रूप में अग्निपरीक्षा से गुजरना पड़ रहा है।</span></p>
<p class="MsoNormal"><span style="font-family:'Nirmala UI', 'sans-serif';">कांग्रेस इस व्यापार समझौते की आलोचना कर रही है और उसने कृषि, लघु उद्योगों तथा घरेलू विनिर्माण पर इसके संभावित प्रभाव को लेकर चिंता व्यक्त की है। पार्टी नेताओं का तर्क है कि व्यापार समझौते में किसानों के कल्याण को प्राथमिकता दी जानी चाहिए और भारत की आर्थिक संप्रभुता की रक्षा की जानी चाहिए। दूसरी ओर, सरकार ने पहले ही स्पष्ट किया है कि भारत-अमेरिका व्यापार समझौता द्विपक्षीय व्यापार को बढ़ाने, निर्यात को बढ़ावा देने और दोनों देशों के बीच रणनीतिक संबंधों को बढ़ाने के लिए हैं।</span></p>]]></content:encoded>
                
                                                            <category>भारत</category>
                                            <category>Top-News</category>
                                    

                <link>https://dainiknavajyoti.com/leads/frustration-behind-the-announcement-of-india-us-trade-deal-the-countrys/article-144066</link>
                <guid>https://dainiknavajyoti.com/leads/frustration-behind-the-announcement-of-india-us-trade-deal-the-countrys/article-144066</guid>
                <pubDate>Sat, 21 Feb 2026 16:53:07 +0530</pubDate>
                                    <enclosure
                        url="https://dainiknavajyoti.com/media/2025-05/jairam-ramesh-2-%282%29.png"                         length="348337"                         type="image/png"  />
                
                                    <dc:creator><![CDATA[Jaipur ]]></dc:creator>
                            </item>
            <item>
                <title>सुप्रीम कोर्ट के टैरिफ फैसले के बावजूद जारी है भारत-अमेरिका व्यापारिक समझौता : भारत के साथ रिश्ते अच्छे, ट्रंप ने कहा- हम उसके साथ जारी रखेंगे व्यापार</title>
                                    <description><![CDATA[वह मेरे कहने पर बहुत पीछे हट गया, क्योंकि हम उस संघर्ष को खत्म करना चाहते हैं जिसमें हर महीने 25,000 लोग मर रहे हैं।]]></description>
                
                                    <content:encoded><![CDATA[<a href="https://dainiknavajyoti.com/leads/india-us-trade-agreement-continues-despite-supreme-courts-tariff-decision-relations/article-144073"><img src="https://dainiknavajyoti.com/media/400/2025-10/donald-trump5.png" alt=""></a><br /><p class="MsoNormal"><span style="font-family:'Nirmala UI', 'sans-serif';">वॉशिंगटन। अमेरिका के राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने कहा कि आयातित वस्तुओं पर लगाए जाने वाले आपातकालीन करों के खिलाफ सुप्रीम कोर्ट के फैसले से कोई असर नहीं पड़ेगा और भारत आयात शुल्क देना जारी रखेगा, जबकि अमेरिका को कोई शुल्क नहीं देना है। उन्होंने कहा कि भारत-अमेरिका व्यापारिक समझौता जारी है। ट्रंप ने यहां मीडिया से बात करते हुए कहा कि मुझे लगता है कि भारत के साथ मेरे रिश्ते बहुत अच्छे हैं और हम उसके साथ व्यापार जारी रखे हुए हैं। भारत रूस से बाहर निकल गया। भारत अपना तेल रूस से ले रहा था और वह मेरे कहने पर बहुत पीछे हट गया, क्योंकि हम उस संघर्ष को खत्म करना चाहते हैं, जिसमें हर महीने 25,000 लोग मर रहे हैं।</span></p>
<p class="MsoNormal"><span style="font-family:'Nirmala UI', 'sans-serif';">अमेरिका और भारत ने फरवरी की शुरुआत में घोषणा की है कि उन्होंने अंतरिम व्यापारिक समझौते के लिए एक ढ़ांचा बना लिया है। ट्रंप ने एक आदेश जारी किया, जिसमें रूस की तेल खरीद के लिए भारत पर लगाया गया 25 प्रतिशत दंडात्मक आयात शुल्क हटा दिया गया और जवाबी आयात शुल्क को 25 प्रतिशत से घटाकर 18 प्रतिशत कर दिया गया। ट्रंप ने दावा किया कि नयी दिल्ली ने मॉस्को से ऊर्जा आयात बंद करने और अमेरिकी ऊर्जा वस्तुओं को खरीदने का वादा किया है। उनसे जब पूछा गया कि क्या अदालत के फैसले से भारत के साथ व्यापारिक समझौते पर असर पड़ेगा, तो ट्रंप ने जवाब दिया, कुछ नहीं बदलेगा। उन्होंने कहा कि वह आयात शुल्क देगा, लेकिन हम कोई आयात शुल्क नहीं देंगे। यह पहले जैसा नहीं है, जैसा कि आप जानते हैं। </span></p>]]></content:encoded>
                
                                                            <category>दुनिया</category>
                                            <category>Top-News</category>
                                    

                <link>https://dainiknavajyoti.com/leads/india-us-trade-agreement-continues-despite-supreme-courts-tariff-decision-relations/article-144073</link>
                <guid>https://dainiknavajyoti.com/leads/india-us-trade-agreement-continues-despite-supreme-courts-tariff-decision-relations/article-144073</guid>
                <pubDate>Sat, 21 Feb 2026 16:27:29 +0530</pubDate>
                                    <enclosure
                        url="https://dainiknavajyoti.com/media/2025-10/donald-trump5.png"                         length="341054"                         type="image/png"  />
                
                                    <dc:creator><![CDATA[Jaipur ]]></dc:creator>
                            </item>
            <item>
                <title>कर्नाटक सीएम सिद्दारमैया ने की अमेरिकी राजदूत सर्जियो गोर से मुलाकात की, द्विपक्षीय संबंधों पर हुई चर्चा</title>
                                    <description><![CDATA[कर्नाटक के मुख्यमंत्री सिद्दारमैया ने अमेरिकी राजदूत सर्जियो गोर के साथ व्यापार, प्रौद्योगिकी और निवेश पर चर्चा की। दोनों नेताओं ने कावेरी निवास पर द्विपक्षीय संबंधों को और मजबूत करने पर जोर दिया।]]></description>
                
                                    <content:encoded><![CDATA[<a href="https://dainiknavajyoti.com/bharat/karnataka-cm-siddaramaiah-met-us-ambassador-sergio-gore-and-discussed/article-143533"><img src="https://dainiknavajyoti.com/media/400/2026-02/karnataka-cm.png" alt=""></a><br /><p>बेंगलुरु। कर्नाटक के मुख्यमंत्री सिद्दारमैया ने बेंगलुरु दौर पर आए भारत में अमेरिका के राजदूत सर्जियो गोर के साथ चर्चा की है। यह बैठक मुख्यमंत्री के आधिकारिक निवास कावेरी में आयोजित की गई, जहाँ दोनों नेताओं ने अंतरराष्ट्रीय सहयोग और द्विपक्षीय संबंधों को मजबूत करने सहित आपसी हित के मामलों पर विचारों का आदान-प्रदान किया।</p>
<p>बातचीत के दौरान, मंत्री एम सी सुधाकर, मुख्य सचिव शालिनी रजनीश और मुख्यमंत्री कार्यालय के वरिष्ठ अधिकारी मौजूद थे। यह बातचीत भारत-अमेरिका के बीच बढ़ते जुड़ाव की पृष्ठभूमि में हुई है, जिसमें आर्थिक, तकनीकी और रणनीतिक साझेदारी पर ध्यान केंद्रित किया गया है। </p>
<p>मुख्यमंत्री कार्यालय ने वैश्विक साझेदारी और अंतरराष्ट्रीय सहयोग को बढ़ावा देने के लिए कर्नाटक की प्रतिबद्धता पर जोर दिया है। इससे पहले  भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) के सांसद तेजस्वी सूर्या ने राजदूत का बेंगलुरु में स्वागत किया जहाँ दोनों के बीच अनौपचारिक बातचीत के दौरान व्यापार, प्रौद्योगिकी और नवाचार पर  चर्चा हुईं।</p>
<p> </p>]]></content:encoded>
                
                                                            <category>भारत</category>
                                    

                <link>https://dainiknavajyoti.com/bharat/karnataka-cm-siddaramaiah-met-us-ambassador-sergio-gore-and-discussed/article-143533</link>
                <guid>https://dainiknavajyoti.com/bharat/karnataka-cm-siddaramaiah-met-us-ambassador-sergio-gore-and-discussed/article-143533</guid>
                <pubDate>Tue, 17 Feb 2026 15:36:05 +0530</pubDate>
                                    <enclosure
                        url="https://dainiknavajyoti.com/media/2026-02/karnataka-cm.png"                         length="746818"                         type="image/png"  />
                
                                    <dc:creator><![CDATA[Jaipur NM]]></dc:creator>
                            </item>
            <item>
                <title>चिली के साथ बड़ी डील करेगा भारत : फ्री ट्रेड एग्रीमेंट बातचीत के अंतिम चरण में है, इसके पास दुनिया का सबसे वैल्यूएबल लिथियम और अन्य खनिज</title>
                                    <description><![CDATA[यह डील ऐसे समय में होने जा रही है, जब महत्वपूर्ण खनिजों और दुर्लभ धातुओं तक पहुंच एक भू-राजनीतिक हथियार बन गए हैं और ग्लोबल पॉवर पॉलिटिक्स में इसका इस्तेमाल एक महत्वपूर्ण भूमिका के तौर पर हो रहे हैं।]]></description>
                
                                    <content:encoded><![CDATA[<a href="https://dainiknavajyoti.com/world/india-will-make-a-big-deal-with-chile-free-trade/article-142821"><img src="https://dainiknavajyoti.com/media/400/2026-02/(12200-x-600-px)-(3)7.png" alt=""></a><br /><p class="MsoNormal"><span style="font-family:'Nirmala UI', 'sans-serif';">नई दिल्ली। भारत-अमेरिका और भारत-यूरोपीय संघ के बीच डील इन दिनों सुर्खियां बनी हुई हैं। वहीं भारत एक छोटे से देश से ब़ड़ी डील करने जा रहा है, (जो भारत को रणनीतिक तौर पर मजबूत कर सकता है) जिसकी चर्चा भी नहीं हो रही है। अगर ये डील पूरी हो गई, तो भारत के हाथ कुछ ऐसे रेयर अर्थ मिनरल्स लग सकते हैं, जिसे आज कई देश रणनीतिक हथियार के तौर पर इस्तेमाल कर रहे हैं। भारत एक छोटे से देश चिली (दक्षिण अमेरिकी में एंडिज पर्वत और प्रशांत महासागर के बीच स्थित लंबा और संकरा देश) के साथ फ्री ट्रेड एग्रीमेंट बातचीत के अंतिम चरण में है। चिली के पास दुनिया के कुछ सबसे वैल्यूएबल लिथियम और अन्य महत्वपूर्ण खनिजों के भंडार हैं। यह मुक्त व्यापार समझौता भारत की मैन्युफैक्चरिंग टारगेट को पूरा करने में एक महत्वपूर्ण भूमिका निभा सकता है। </span><span style="font-family:'Nirmala UI', 'sans-serif';">यह डील ऐसे समय में होने जा रही है, जब महत्वपूर्ण खनिजों और दुर्लभ धातुओं तक पहुंच एक भू-राजनीतिक हथियार बन गए हैं और ग्लोबल पॉवर पॉलिटिक्स में इसका इस्तेमाल एक महत्वपूर्ण भूमिका के तौर पर हो रहे हैं।</span></p>
<p class="MsoNormal"><strong><span style="font-family:'Nirmala UI', 'sans-serif';"> </span><span style="font-family:'Nirmala UI', 'sans-serif';">बातचीत लगभग पूरी</span></strong></p>
<p class="MsoNormal"><span style="font-family:'Nirmala UI', 'sans-serif';">वाणिज्य और उद्योग मंत्री पीयूष गोयल ने पिछले महीने कहा था कि भारत और चिली के बीच मुक्त व्यापार समझौते पर बातचीत जल्द ही पूरा होने जा रहा है। गोयल ने इस बात पर जोर दिया कि इस समझौते से भारतीय व्यवसायों के लिए महत्वपूर्ण खनिजों तक पहुंच आसान बन जाएगी। उन्होंने कहा कि भारत चिली के अलावा, अन्य कई देशों के साथ एफटीए डील पर चर्चा कर रहा है। </span></p>
<p class="MsoNormal"><strong><span style="font-family:'Nirmala UI', 'sans-serif';">चिली के पास ऐसा क्या है? </span></strong></p>
<p class="MsoNormal"><span style="font-family:'Nirmala UI', 'sans-serif';">चिली दुनिया में अपने विशाल खनिज भंडारों के लिए दुनिया भर में फेमस है। यह साउथ अमेरिकी देश खासतौर से लिथियम के लिए जाना जाता है, जो इलेक्ट्रिक वाहनों और ऊर्जा भंडारण सिस्टम की बैटरियों के लिए एक महत्वपूर्ण चीज है। लिथियम के अलावा, चिली में तांबा, रेनियम, मोलिब्डेनम और कोबाल्ट के भी महत्वपूर्ण भंडार हैं, जो इलेक्ट्रॉनिक्स निर्माण, आॅटोमोबाइल और सौर ऊर्जा क्षेत्र के लिए बेहद खास है। </span></p>
<p class="MsoNormal"><strong><span style="font-family:'Nirmala UI', 'sans-serif';">भारत और चिली के बीच कारोबार</span></strong></p>
<p class="MsoNormal"><span style="font-family:'Nirmala UI', 'sans-serif';">भारत और चिली के बीच द्विपक्षीय व्यापार अभी बहुत कम है, लेकिन फ्री ट्रेड एग्रीमेंट के बाद यह डील बड़ी हो सकती है।<span>  </span>वित्त वर्ष 2024-25 में चिली को भारत का निर्यात 2.46 प्रतिशत घटकर 1.15 अरब डॉलर रहा, जबकि चिली से आयात में भारी वृद्धि हुई और यह 72 प्रतिशत बढ़कर 2.60 अरब डॉलर हो गया. एफटीए के बाद इसमें और भी उछाल हो सकता है, जो भारत की मैन्युफैक्चरिंग सेक्टर को मजबूती दे सकता है।</span></p>
<p class="MsoNormal"><strong><span style="font-family:'Nirmala UI', 'sans-serif';">भारत के लिए यह क्यों बड़ी डील हो सकती है? </span></strong></p>
<p class="MsoNormal"><span style="font-family:'Nirmala UI', 'sans-serif';">ग्लोबल इकोनॉमी में महत्वपूर्ण खनिज अब सिर्फ इंडस्ट्रियल चीजें नहीं, बल्कि रणनीतिक एसेट बन चुके हैं। लिथियम, तांबा, कोबाल्ट, रेनियम और मोलिब्डेनम इलेक्ट्रॉनिक्स, इलेक्ट्रिक वाहनों, रिन्यूवेबल एनर्जी सिस्टम और आधुनिक मैन्युफैक्चरिंग इंडस्ट्री के लिए ज्यादा खास हो चुके हैं। ये चीजें अब इंडस्ट्री कंप्टीशन और नेशनल सिक्योरिटी तय करने में एक खास भूमिका निभा रही हैं। इसे हासिल करने के लिए देशों के बीच होड़ मची हुई है। ऐसे में चिली के साथ भारत की ये डील इन खनिज आवश्यकताओं को पूरा कर सकती है। </span><span style="font-family:'Nirmala UI', 'sans-serif';">फिर चीन जैसे देशों पर भारत की निर्भरता कम हो सकती है।<span>    </span></span></p>]]></content:encoded>
                
                                                            <category>दुनिया</category>
                                            <category>भारत</category>
                                    

                <link>https://dainiknavajyoti.com/world/india-will-make-a-big-deal-with-chile-free-trade/article-142821</link>
                <guid>https://dainiknavajyoti.com/world/india-will-make-a-big-deal-with-chile-free-trade/article-142821</guid>
                <pubDate>Thu, 12 Feb 2026 10:49:39 +0530</pubDate>
                                    <enclosure
                        url="https://dainiknavajyoti.com/media/2026-02/%2812200-x-600-px%29-%283%297.png"                         length="1523905"                         type="image/png"  />
                
                                    <dc:creator><![CDATA[Jaipur ]]></dc:creator>
                            </item>
            <item>
                <title>भारत-अमेरिका व्यापार समझौता : खाद्य एवं कृषि उत्पादों पर शुल्क करेगा खत्म, टेक्नोलॉजी उत्पादों का बढ़ेगा व्यापार</title>
                                    <description><![CDATA[अमेरिका और भारत के बीच 6 फरवरी 2025 को जारी अंतरिम समझौते की रूपरेखा आगे चलकर बड़े द्विपक्षीय व्यापार समझौते की नींव रखेगा।]]></description>
                
                                    <content:encoded><![CDATA[<a href="https://dainiknavajyoti.com/bharat/india-us-trade-agreement-will-eliminate-tariffs-on-food-and-agricultural/article-142248"><img src="https://dainiknavajyoti.com/media/400/2026-02/flag.png" alt=""></a><br /><p dir="ltr">नई दिल्ली। भारत और अमेरिका के बीच अंतरिम व्यापार समझौते को लेकर जारी संयुक्त वक्तव्य जारी किया गया है। अमेरिका और भारत के बीच 6 फरवरी 2025 को जारी अंतरिम समझौते की रूपरेखा आगे चलकर बड़े द्विपक्षीय व्यापार समझौते की नींव रखेगा।</p>
<p dir="ltr">- भारत अमेरिकी औद्योगिक सामानों और कई खाद्य एवं कृषि उत्पादों पर शुल्क खत्म करेगा या बहुत कम करेगा। </p>
<p dir="ltr">- ऐसे उत्पादों में ड्राई डिस्टिलर्स ग्रेन, लाल ज्वार (पशु चारा के लिए) बादाम, अखरोट आदि ड्राई फ्रूट,  ताजे और प्रोसेस्ड फल,  सोयाबीन तेल, और स्पिरिट्स</p>
<p dir="ltr">- अमेरिका भारतीय सामान  (जैसे कपड़ा, चमड़ा, जूते, प्लास्टिक, रबर, रासायनिक उत्पाद, घरेलू सजावट, हस्तशिल्प, कुछ मशीनरी) पर 18 प्रतिशत का परस्पर अनुवर्ती शुल्क लगाएगा</p>
<p dir="ltr">- अंतरिम समझौता सफलतापूर्वक पूरा होने पर कई भारतीय सामानों पर यह शुल्क पूरी तरह हट जाएगा। ऐसे सामानों में  जेनेरिक दवाइयाँ, रत्न और हीरे,  विमान के कल पुर्जे,  अमेरिका कुछ राष्ट्रीय सुरक्षा वाले शुल्कों को हटाएगा, जिससे स्टील, एल्युमिनियम, कॉपर तथा भारतीय विमान और पार्ट्स के कारोबार को फायदा होगा।</p>
<p><strong> </strong></p>
<p dir="ltr"> • भारत को ऑटोमोबाइल पार्ट्स के लिए अमेरिका में विशेष कम शुल्क आधारित कोट का लाभ मिलेगा।</p>
<p><strong> </strong></p>
<p dir="ltr"> • दवाईयों पर अलग जांच के बाद और लाभ मिल सकता है।</p>
<p><strong> </strong></p>
<p dir="ltr"> • दोनों देश महत्वपूर्ण क्षेत्रों में एक-दूसरे को प्राथमिकता से बाजार में प्रवेश के अवसर देंगे।</p>
<p><strong> </strong></p>
<p dir="ltr"> • भारत अगले 5 साल में अमेरिका से 500 अरब डॉलर का सामान खरीदने की योजना बना रहा है, जिनमें  ऊर्जा उत्पाद (तेल, गैस),  विमान और पार्ट्स, कीमती धातु, टेक्नोलॉजी उत्पाद (जैसे जीपीयू, डेटा सेंटर सामान),  कोकिंग कोल</p>
<p><strong> </strong></p>
<p dir="ltr"> • टेक्नोलॉजी उत्पादों का व्यापार बहुत बढ़ेगा।</p>
<p><strong> </strong></p>
<p dir="ltr"> • दोनों देश व्यापार में आने वाली दूसरी मुश्किलों को दूर करेंगे।</p>
<p><strong> </strong></p>
<p dir="ltr"> • भारत अमेरिकी मेडिकल डिवाइस, आईटी सामान की आयात लाइसेंङ्क्षसग, मानक/टेङ्क्षस्टग और खाद्य/कृषि उत्पादों की समस्याएं हल करेगा।</p>
<p><strong> </strong></p>
<p dir="ltr"> • भारत 6 महीने में तय करेगा कि अमेरिकी या अंतरराष्ट्रीय मानक स्वीकार कर सकता है या नहीं।</p>
<p><strong> </strong></p>
<p dir="ltr"> -दोनों पक्ष डिजिटल व्यापार की बाधाएं भी हटाएंगे और भविष्य में मजबूत नियम बनाएंगे।</p>
<p><strong> </strong></p>
<p dir="ltr">अन्य महत्वपूर्ण बातें</p>
<p><strong> </strong></p>
<p dir="ltr"> • वास्तु के मूल स्रोत के नियम  बनेंगे ताकि लाभ मुख्य रूप से अमेरिका और भारत को ही मिले।</p>
<p><strong> </strong></p>
<p dir="ltr"> • भारत और अमेरिका सप्लाई चेन मजबूत करेंगे, निवेश की जांच, निर्यात नियंत्रण और आर्थिक सुरक्षा पर सहयोग बढ़ाएंगे।</p>
<p><strong> </strong></p>
<p dir="ltr"> • अगर शुल्क में बदलाव हुआ तो दोनों में से कोई भी पक्षसमझौते में संशोधन कर सकता है।</p>
<p><strong><br /><br /><br /></strong></p>]]></content:encoded>
                
                                                            <category>भारत</category>
                                    

                <link>https://dainiknavajyoti.com/bharat/india-us-trade-agreement-will-eliminate-tariffs-on-food-and-agricultural/article-142248</link>
                <guid>https://dainiknavajyoti.com/bharat/india-us-trade-agreement-will-eliminate-tariffs-on-food-and-agricultural/article-142248</guid>
                <pubDate>Sat, 07 Feb 2026 12:36:28 +0530</pubDate>
                                    <enclosure
                        url="https://dainiknavajyoti.com/media/2026-02/flag.png"                         length="548467"                         type="image/png"  />
                
                                    <dc:creator><![CDATA[Jaipur ]]></dc:creator>
                            </item>
            <item>
                <title>भारत-अमेरिका व्यापार समझौता : ट्रंप ने हटाया 25% टैरिफ, निर्यात को मिलेगी मजबूती </title>
                                    <description><![CDATA[ अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने भारत पर रूसी तेल खरीद को लेकर लगाए गए अतिरिक्त 25% टैरिफ हटाने की प्रक्रिया शुरू कर दी है। ]]></description>
                
                                    <content:encoded><![CDATA[<a href="https://dainiknavajyoti.com/bharat/india-us-trade-agreement-trump-removed-25-tariffs-exports-will-get/article-142238"><img src="https://dainiknavajyoti.com/media/400/2026-02/(1200-x-600-px)-(2)13.png" alt=""></a><br /><p dir="ltr">नई दिल्ली। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व में भारत और अमेरिका के बीच अंतरिम व्यापार समझौते की रूपरेखा तय हो गई है। केंद्रीय वाणिज्य मंत्री पीयूष गोयल ने बताया कि इससे भारतीय निर्यातकों, खासकर एमएसएमई, किसानों और मछुआरों के लिए 30 ट्रिलियन डॉलर का अमेरिकी बाजार खुलेगा और महिलाओं व युवाओं के लिए बड़े पैमाने पर रोजगार के अवसर बनेंगे।</p>
<p dir="ltr">इस बीच, अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने भारत पर रूसी तेल खरीद को लेकर लगाए गए अतिरिक्त 25% टैरिफ हटाने की प्रक्रिया शुरू कर दी है। कार्यकारी आदेश के मुताबिक भारत ने रूस से तेल आयात रोकने की प्रतिबद्धता जताई है। समझौते के तहत अमेरिका भारतीय वस्तुओं पर शुल्क कम कर के 18% करेगा, जबकि कई उत्पादों—जैसे वस्त्र, चमड़ा, हस्तशिल्प, रसायन, दवाइयां, रत्न-हीरे और विमान पुर्जों पर टैरिफ शून्य होगा। इससे भारतीय निर्यात और ‘मेक इन इंडिया’ को मजबूती मिलेगी।</p>
<p><strong><br /><br /></strong></p>]]></content:encoded>
                
                                                            <category>भारत</category>
                                    

                <link>https://dainiknavajyoti.com/bharat/india-us-trade-agreement-trump-removed-25-tariffs-exports-will-get/article-142238</link>
                <guid>https://dainiknavajyoti.com/bharat/india-us-trade-agreement-trump-removed-25-tariffs-exports-will-get/article-142238</guid>
                <pubDate>Sat, 07 Feb 2026 12:05:36 +0530</pubDate>
                                    <enclosure
                        url="https://dainiknavajyoti.com/media/2026-02/%281200-x-600-px%29-%282%2913.png"                         length="680036"                         type="image/png"  />
                
                                    <dc:creator><![CDATA[Jaipur ]]></dc:creator>
                            </item>
            <item>
                <title>भारत पहुंचे इटली के उप प्रधानमंत्री ताजानी, पीएम मोदी से करेंगे मुलाकात, इन मुद्दों पर होगी चर्चा</title>
                                    <description><![CDATA[इटली के डिप्टी पीएम और विदेश मंत्री एंटोनियो ताजानी बुधवार को भारत पहुंचे। इस वर्ष उनकी यह दूसरी भारत यात्रा है। वह दिल्ली व मुंबई में बैठकों के माध्यम से व्यापार, रक्षा, निवेश, एआई, अंतरिक्ष और शिक्षा सहित क्षेत्रों में भारत-इटली रणनीतिक सहयोग को मजबूत करेंगे। ]]></description>
                
                                    <content:encoded><![CDATA[<a href="https://dainiknavajyoti.com/world/italian-deputy-prime-minister-tajani-arrives-in-india-will-meet/article-135514"><img src="https://dainiknavajyoti.com/media/400/2025-12/italy-deputy-prime-minister-met-s-jaishankar-discussed-taking-forward.png" alt=""></a><br /><p>नई दिल्ली। इटली के उप प्रधानमंत्री एवं विदेश मामलों एवं अंतरराष्ट्रीय सहयोग मंत्री एंटोनियो ताजानी भारत और इटली के बीच रणनीतिक साझेदारी को गति प्रदान करने के मकसद से बुधवार को नयी दिल्ली पहुंचे। डिप्टी पीएम ताजानी इस साल दूसरी बार भारत के दौरे पर आये हैं। विदेश मंत्रालय के प्रवक्ता रणधीर जायसवाल ने सोशल मीडिया एक्स पर कहा, इटली के उप प्रधानमंत्री तथा विदेश मामलों एवं अंतरराष्ट्रीय सहयोग मंत्री एंटोनियो ताजानी का नयी दिल्ली पहुंचने पर हार्दिक स्वागत है। इस साल यह उनकी भारत की दूसरी यात्रा है। दिल्ली और मुंबई में उनके कार्यक्रम भारत-इटली रणनीतिक साझेदारी को और मजबूत करेंगे।</p>
<p>डिप्टी पीएम ताजानी का यह दौरा द्विपक्षीय सहयोग को आगे बढ़ाने के लिए इटली की लगातार कोशिशों का हिस्सा है। विदेश मंत्रालय ने एक बयान में कहा कि वह बुधवार को यहां विदेश मंत्री एस. जयशंकर से मिलेंगे और फिर गुरुवार को आधिकारिक कार्यक्रमों के लिए मुंबई जाएंगे। वह शुक्रवार को मुंबई से इटली के लिए रवाना होंगे।</p>
<p>डिप्टी पीएम ताजानी का यह दौरा 23 नवंबर को दक्षिण अफ्रीका के जोहान्सबर्ग में आयोजित जी20 शिखर सम्मेलन के मौके पर प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की इटली की प्रधानमंत्री जियोर्जिया मेलोनी के साथ हुई मुलाकात के बाद हो रहा है। उस दौरान दोनों नेताओं ने व्यापार, निवेश, रक्षा, इनोवेशन, कृत्रिम बुद्धि (एआई), अंतरिक्ष और शिक्षा सहित कई क्षेत्रों में द्विपक्षीय संबंधों को गहरा करने पर चर्चा की थी।</p>
<p>बैठक के बाद पीएम मोदी ने एक्स पर लिखा था, प्रधानमंत्री जियोर्जिया मेलोनी के साथ बहुत अच्छी बैठक हुई। भारत-इटली रणनीतिक साझेदारी लगातार मजबूत हो रही है, जिससे हमारे देशों के लोगों को बहुत फ़ायदा हो रहा है। उन्होंने एक अन्य पोस्ट में कहा, हमने व्यापार, निवेश, रक्षा, इनोवेशन, एआई, अंतरिक्ष और शिक्षा जैसे क्षेत्रों में अपने सहयोग को और मजबूत करने पर चर्चा की। उन्होंने एक नयी पहल की भी घोषणा करते हुए कहा, भारत और इटली आतंकवाद के वित्तपोषण से निपटने में सहयोग के लिए एक संयुक्त पहल की घोषणा कर रहे हैं। यह एक जरूरी और सही समय पर उठाया गया कदम है, जो आतंकवाद और उसके समर्थक नेटवर्क के खिलाफ़ मानवता की लड़ाई को मजबूत करेगा।</p>
<p>गौरतलब है कि, भारत और इटली के बीच कूटनीतिक संबंध की शुरुआत 1947 में हुई थी और 2023 में दोनों देशों में अपने रिश्तों की 75वीं सालगिरह मनायी थी। इटली अभी जर्मनी, बेल्जियम और नीदरलैंड्स के बाद यूरोपियन यूनियन में भारत का चौथा सबसे बड़ा व्यापारिक साझेदार है।</p>]]></content:encoded>
                
                                                            <category>दुनिया</category>
                                            <category>भारत</category>
                                    

                <link>https://dainiknavajyoti.com/world/italian-deputy-prime-minister-tajani-arrives-in-india-will-meet/article-135514</link>
                <guid>https://dainiknavajyoti.com/world/italian-deputy-prime-minister-tajani-arrives-in-india-will-meet/article-135514</guid>
                <pubDate>Wed, 10 Dec 2025 18:05:52 +0530</pubDate>
                                    <enclosure
                        url="https://dainiknavajyoti.com/media/2025-12/italy-deputy-prime-minister-met-s-jaishankar-discussed-taking-forward.png"                         length="802434"                         type="image/png"  />
                
                                    <dc:creator><![CDATA[Jaipur NM]]></dc:creator>
                            </item>
            <item>
                <title>जीडीपी वृद्धि दर दूसरी तिमाही में 8.2 प्रतिशत, सेवा और विनिर्माण का जोरदार प्रदर्शन</title>
                                    <description><![CDATA[जुलाई–सितंबर 2025 तिमाही में भारत की GDP 8.2% बढ़ी, जो अनुमानों से अधिक है। सेवा और विनिर्माण क्षेत्र ने 9% से अधिक की वृद्धि दर्ज की। निजी खपत बढ़ी, जबकि सरकारी खर्च थोड़ा घटा। यह जनवरी–मार्च 2024 के बाद सबसे तेज आर्थिक विस्तार माना जा रहा है।]]></description>
                
                                    <content:encoded><![CDATA[<a href="https://dainiknavajyoti.com/business/gdp-growth-rate-82-percent-in-second-quarter-strong-performance/article-134031"><img src="https://dainiknavajyoti.com/media/400/2025-11/gdp.png" alt=""></a><br /><p>नई दिल्ली। सभी अनुमानों को पीछे छोड़ते हुए चालू वित्त वर्ष की दूसरी तिमाही (जुलाई-सितंबर 2025) के दौरान सकल घरेलू उत्पाद (जीडीपी) में सालाना आधार पर 8.2 प्रतिशत की वृद्धि दर्ज की गयी। इसमें सेवा क्षेत्र और विनिर्माण की वृद्धि दर नौ प्रतिशत से अधिक रही। इस दौरान निजी खपत में तेजी दर्ज की गयी जबकि सरकारी खपत में एक साल पहले की इसी अवधि की तुलना में हल्की गिरावट रही।</p>
<p>केंद्रीय सांख्यिकी कार्यालय द्वारा शुक्रवार को जारी आंकड़ों के अनुसार, दूसरी तिमाही में स्थिर मूल्य पर आधारित जीडीपी 48.63 लाख करोड़ रुपये रहने का अनुमान है, जो पिछले साल की समान तिमाही के 44.94 लाख करोड़ रुपये की तुलना में 8.2 प्रतिशत अधिक है। यह जनवरी-मार्च 2024 तिमाही के बाद सबसे तेज बढ़ोतरी है। इससे पहले, चालू वित्त वर्ष की पहली तिमाही-अप्रैल-जून 2025 के दौरान जीडीपी 7.8 प्रतिशत और पिछले वित्त वर्ष की दूसरी तिमाही में 5.6 प्रतिशत की दर से बढ़ा था।</p>
<p>आलोच्य तिमाही में सेवा क्षेत्र की वृद्धि दर 9.2 प्रतिशत और विनिर्माण क्षेत्र की 9.1 प्रतिशत दर्ज की गयी। वित्तीय, रियल एस्टेट और पेशेवर सेवा क्षेत्र में 10.2 प्रतिशत की वृद्धि दर्ज की गयी। चालू वित्त वर्ष की पहली छमाही में अप्रैल-सितंबर 2025 के दौरान जीडीपी वृद्धि दर आठ प्रतिशत के स्तर पर पहुंच गयी। पिछले वित्त वर्ष की पहली छमाही में यह 6.1 प्रतिशत और दूसरी छमाही में 6.9 प्रतिशत रही थी।</p>
<p>विशेषज्ञों ने बताया कि, पहली तिमाही में 7.8 प्रतिशत और दूसरी तिमाही में 8.2 प्रतिशत की विकास दर देश की अर्थव्यवस्था की अंतर्निहित मजबूती को दिखाती है। उन्होंने कहा कि मांग की स्थिति मजबूत बनी हुई है। जीडीपी में तेज वृद्धि को पीछे सबसे महत्वपूर्ण कारक द्वितीयक क्षेत्र का प्रदर्शन है जिसमें विनिर्माण भी शामिल है। इस क्षेत्र में 8.1 प्रतिशत की वृद्धि दर दर्ज की गयी जो पहली तिमाही में 7.0 प्रतिशत रही थी। इसमें विनिर्माण की वृद्धि दर 7.7 प्रतिशत से बढ़कर 9.1 प्रतिशत; बिजली, गैस, जलापूर्ति एवं अन्य यूटिलिटी सेवाओं की 0.5 से बढ़कर 4.4 प्रतिशत; और निर्माण की 7.6 से घटकर 7.2 प्रतिशत रह गयी। </p>
<p>प्राथमिक क्षेत्र की वृद्धि दर पहली तिमाही के 2.8 फीसदी की तुलना में दूसरी तिमाही में 3.1 प्रतिशत दर्ज की गयी। इसमें कृषि, पशुधन, वानिकी और मत्स्यपालन में 3.5 प्रतिशत की बढ़ोतरी हुई है जबकि पहली तिमाही में यह 3.7 प्रतिशत बढ़ा था। दूसरी तिमाही में सेवा क्षेत्र में वित्तीय, रियल एस्टेट और पेशेवर सेवा क्षेत्र का प्रदर्शन सबसे अच्छा रहा और यह 10.2 प्रतिशत की दर से बढ़ा। पहली तिमाही में यह 9.5 प्रतिशत बढ़ा था। व्यापार, होटल, परिवहन, संचार एवं प्रसारण सेवाओं की वृद्धि दर 8.6 फीसदी से घटकर 7.4 प्रतिशत रह गयी। लोक प्रशासन, रक्षा एवं अन्य सेवाओं की वृद्धि दर भी 9.8 फीसदी से गिरकर 9.7 फीसदी हो गयी। सेवा क्षेत्र की कुल वृद्धि दर 9.3 फीसदी से घटकर 9.2 फीसदी रह गयी।</p>
<p>जीडीपी के तहत व्यय के कारकों में आयात सबसे अधिक 12.8 प्रतिशत की दर से बढ़ा। निजी अंतिम उपभोग व्यय में 7.9 प्रतिशत की वृद्धि हुई है जबकि सरकारी अंतिम उपभोग व्यय में 2.7 प्रतिशत की गिरावट दर्ज की गयी। सकल स्थिर पूंजी निर्माण में 7.3 प्रतिशत वृद्धि हुई। निर्यात भी 5.6 प्रतिशत बढ़ा। पहली छमाही के दौरान सेवा क्षेत्र की वृद्धि दर 9.3 प्रतिशत और विनिर्माण की 8.4 प्रतिशत रही। कृषि क्षेत्र में 3.6 फीसदी की वृद्धि हुई जबकि खनन में 1.8 प्रतिशत की गिरावट रही।</p>]]></content:encoded>
                
                                                            <category>बिजनेस</category>
                                    

                <link>https://dainiknavajyoti.com/business/gdp-growth-rate-82-percent-in-second-quarter-strong-performance/article-134031</link>
                <guid>https://dainiknavajyoti.com/business/gdp-growth-rate-82-percent-in-second-quarter-strong-performance/article-134031</guid>
                <pubDate>Sat, 29 Nov 2025 12:11:05 +0530</pubDate>
                                    <enclosure
                        url="https://dainiknavajyoti.com/media/2025-11/gdp.png"                         length="693056"                         type="image/png"  />
                
                                    <dc:creator><![CDATA[Jaipur NM]]></dc:creator>
                            </item>
            <item>
                <title>गंदगी एवं आरएमए ट्रेड लाईसेंस की शर्तो के उल्लंघन के खिलाफ कार्रवाई : 3 रेस्टोरेंट एवं दुकानें सील, रश्मि कांकरिया ने कहा-  नोटिस देने के बाद भी लाईसेंस नवीनीकरण नहीं कराया </title>
                                    <description><![CDATA[दा रॉयल फोर्ट कैफे, ’ब्लू हर्ज टी कैफे, जायका टेक अबे को तीस दिनों के लिए सीज किया गया।]]></description>
                
                                    <content:encoded><![CDATA[<a href="https://dainiknavajyoti.com/rajasthan/jaipur/action-against-filth-and-violation-of-terms-of-rma-trade/article-130905"><img src="https://dainiknavajyoti.com/media/400/2025-10/6622-copy152.jpg" alt=""></a><br /><p>जयपुर। रेस्टोरेंट एवं दुकानों पर गंदगी एवं आरएमए ट्रेड लाईसेंस की शर्तो का उल्लंघन करने वालों के खिलाफ नगर निगम जयपुर ग्रेटर ने कार्रवाई करते हुए तीन प्रतिष्ठानों को सीज कर दिया।  मुख्य स्वास्थ्य अधिकारी डॉ. रश्मि कांकरिया ने बताया कि मालवीय नगर जोन में संचालित रेस्टोरेन्ट को बार-बार नोटिस देने के बाद भी लाईसेंस नवीनीकरण नहीं करवाने की पालना को लेकर यह कार्रवाई की गई है।  </p>
<p>दा रॉयल फोर्ट कैफे, ’ब्लू हर्ज टी कैफे, जायका टेक अबे को तीस दिनों के लिए सीज किया गया। उन्होंने बताया कि निगम ग्रेटर जयपुर सीमा क्षेत्र में संचालित प्रतिष्ठान जैसे होटल, रेस्टोरेंट, कैफे, कैटीन, मिठाई की दुकान, खान पान की दुकानों या आईसक्रीम फैक्ट्रीयों पर  संचालन आरएमए ट्रेड लाईसेंस प्राप्त करके ही किया जाए अन्यथा नियमानुसार विभाग द्वारा कार्रवाई की जाएगी।</p>
<p> </p>]]></content:encoded>
                
                                                            <category>राजस्थान</category>
                                            <category>जयपुर</category>
                                    

                <link>https://dainiknavajyoti.com/rajasthan/jaipur/action-against-filth-and-violation-of-terms-of-rma-trade/article-130905</link>
                <guid>https://dainiknavajyoti.com/rajasthan/jaipur/action-against-filth-and-violation-of-terms-of-rma-trade/article-130905</guid>
                <pubDate>Thu, 30 Oct 2025 09:50:05 +0530</pubDate>
                                    <enclosure
                        url="https://dainiknavajyoti.com/media/2025-10/6622-copy152.jpg"                         length="275667"                         type="image/jpeg"  />
                
                                    <dc:creator><![CDATA[Jaipur ]]></dc:creator>
                            </item>
            <item>
                <title>व्यापार महासंघ की अनूठी पहल : दीपावली पर मुफ्त ई-रिक्शा सेवा शुरू, यातायात को सुचारु रखना उद्देश्य</title>
                                    <description><![CDATA[लोगों को दीपावली की सजावट और खरीदारी का आनंद सुरक्षित और सुविधाजनक तरीके से प्रदान करना है। ]]></description>
                
                                    <content:encoded><![CDATA[<a href="https://dainiknavajyoti.com/rajasthan/jaipur/unique-initiative-trade-federation-free-e-rickshaw-service-started-on/article-130069"><img src="https://dainiknavajyoti.com/media/400/2025-10/6622-copy69.jpg" alt=""></a><br /><p>जयपुर। दीपावली के पावन अवसर पर जयपुर व्यापार महासंघ ने शहर में यातायात को सुगम बनाने और त्योहारी रौनक को बढ़ाने के लिए एक अनूठी पहल शुरू की है। महासंघ ने पुलिस प्रशासन के सहयोग से शहर के विभिन्न क्षेत्रों में 100 मुफ्त ई-रिक्शा सेवा का शुभारंभ किया गया। जयपुर व्यापार महासंघ के अध्यक्ष सुभाष गोयल ने बताया कि यह सेवा 4  दिनों तक पूरी तरह मुफ्त रहेगी और इसका सम्पूर्ण खर्च महासंघ द्वारा वहन किया जाएगा। उन्होंने कहा कि हमारा उद्देश्य न केवल यातायात को सुचारु रखना है, बल्कि लोगों को दीपावली की सजावट और खरीदारी का आनंद सुरक्षित और सुविधाजनक तरीके से प्रदान करना है। </p>
<p>महासंघ के महामंत्री सुरेश सैनी ने इस पहल को शहर के व्यापारियों और नागरिकों के लिए एक सौगात बताते हुए कहा कि यह कदम जयपुर की संस्कृति और व्यापार को बढ़ावा देने के साथ-साथ पर्यावरण संरक्षण की दिशा में भी एक महत्वपूर्ण योगदान है। इन ई-रिक्शाओं को जयपुर व्यापार महासंघ के लोगो और दीपावली की शुभकामनाओं के संदेशों से सजाया गया है। इसके साथ ही, ई-रिक्शा चालकों को विशेष टी-शर्ट प्रदान की गई हैं, जिन पर ‘वोकल फॉर लोकल’ का संदेश अंकित है। यह संदेश स्वदेशी उत्पादों को बढ़ावा देने और दीपावली को ‘स्वदेशी दीपावली’ के रूप में मनाने की अपील करता है।</p>]]></content:encoded>
                
                                                            <category>राजस्थान</category>
                                            <category>जयपुर</category>
                                    

                <link>https://dainiknavajyoti.com/rajasthan/jaipur/unique-initiative-trade-federation-free-e-rickshaw-service-started-on/article-130069</link>
                <guid>https://dainiknavajyoti.com/rajasthan/jaipur/unique-initiative-trade-federation-free-e-rickshaw-service-started-on/article-130069</guid>
                <pubDate>Sun, 19 Oct 2025 10:29:48 +0530</pubDate>
                                    <enclosure
                        url="https://dainiknavajyoti.com/media/2025-10/6622-copy69.jpg"                         length="207083"                         type="image/jpeg"  />
                
                                    <dc:creator><![CDATA[Jaipur ]]></dc:creator>
                            </item>

            </channel>
        </rss>
        