<?xml version="1.0" encoding="utf-8"?>        <rss version="2.0"
            xmlns:content="http://purl.org/rss/1.0/modules/content/"
            xmlns:dc="http://purl.org/dc/elements/1.1/"
            xmlns:atom="http://www.w3.org/2005/Atom">
            <channel>
                <atom:link href="https://dainiknavajyoti.com/politics/tag-1897" rel="self" type="application/rss+xml" />
                <generator>Dainik Navajyoti Rising Rajasthan RSS Feed Generator</generator>
                <title>Politics - Dainik Navajyoti Rising Rajasthan</title>
                <link>https://dainiknavajyoti.com/tag/1897/rss</link>
                <description>Politics RSS Feed</description>
                
                            <item>
                <title>बंगाल और तमिलनाडु में भाजपा की होगी एतिहासिक हार, जनगणना के साथ जातीय जनगणना भी कराई जाए : अखिलेश यादव</title>
                                    <description><![CDATA[इटावा में अखिलेश यादव ने भाजपा की ऐतिहासिक हार की भविष्यवाणी करते हुए जातीय जनगणना की मांग दोहराई। उन्होंने सरकार पर विपक्ष के साथ भेदभाव और भू-माफियाओं को संरक्षण देने का आरोप लगाया। सपा प्रमुख ने पिछड़ों और दलितों के हक के लिए आवाज उठाते हुए प्रदेश में महिला सुरक्षा के मुद्दे पर भी तीखा प्रहार किया।]]></description>
                
                                    <content:encoded><![CDATA[<a href="https://dainiknavajyoti.com/bharat/bjp-will-face-historic-defeat-in-bengal-and-tamil-nadu/article-151466"><img src="https://dainiknavajyoti.com/media/400/2026-04/akhilesh-yadav.png" alt=""></a><br /><p>इटावा। समाजवादी पार्टी (सपा) अध्यक्ष अखिलेश यादव ने दावा किया है कि पश्चिम बंगाल और तमिलनाडु में भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) को ऐतिहासिक हार का सामना करना पड़ेगा। अखिलेश यादव चंबल क्षेत्र के अहेरिया गांव में आयोजित 108 कुंडीय विष्णु यज्ञ में शामिल होने के बाद पत्रकारों से बातचीत कर रहे थे। उन्होंने कहा कि धर्म का मार्ग न्याय और खुशहाली का मार्ग है, जिसमें किसी प्रकार का भेदभाव नहीं होता और इसी उद्देश्य से वे संतों का आशीर्वाद लेने आए हैं। मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ के सोशल मीडिया पर वायरल एक बयान पर तंज कसते हुए उन्होंने कहा कि “तुम मुझे खून दो, मैं तुम्हें आजादी दूंगा” जैसे नारे का संदर्भ समझ से परे है।</p>
<p>उन्होंने कहा कि भाजपा ऐतिहासिक हार की ओर बढ़ रही है और समाजवादी पार्टी की मांग है कि जनगणना के साथ जातीय जनगणना भी कराई जाए, जिससे शोषित और वंचित वर्गों को नीतिगत स्तर पर उनका अधिकार और सम्मान मिल सके। अखिलेश यादव ने आरोप लगाया कि सरकार विपक्ष के साथ भेदभावपूर्ण कार्रवाई कर रही है और समाजवादी पार्टी को निशाना बनाया जा रहा है क्योंकि वह पिछड़ों और दलितों के पक्ष में खड़ी है। उन्होंने यह भी कहा कि प्रदेश में महिलाएं सुरक्षित नहीं हैं और भाजपा महिलाओं के हितों के प्रति गंभीर नहीं है।</p>
<p>इटावा के संदर्भ में उन्होंने आरोप लगाया कि वर्तमान सरकार जिले के साथ भेदभाव कर रही है तथा भूमि पर माफियाओं का कब्जा बढ़ा है। उन्होंने कहा कि सपा सरकार बनने पर भू-माफियाओं के खिलाफ कड़ी कार्रवाई की जाएगी। गाजीपुर की घटना का उल्लेख करते हुए उन्होंने आरोप लगाया कि भाजपा कार्यकर्ताओं और पुलिस ने मिलकर समाजवादी पार्टी के लोगों के साथ दुर्व्यवहार किया, लेकिन उनके खिलाफ कोई कार्रवाई नहीं की गयी।</p>]]></content:encoded>
                
                                                            <category>भारत</category>
                                    

                <link>https://dainiknavajyoti.com/bharat/bjp-will-face-historic-defeat-in-bengal-and-tamil-nadu/article-151466</link>
                <guid>https://dainiknavajyoti.com/bharat/bjp-will-face-historic-defeat-in-bengal-and-tamil-nadu/article-151466</guid>
                <pubDate>Thu, 23 Apr 2026 17:23:38 +0530</pubDate>
                                    <enclosure
                        url="https://dainiknavajyoti.com/media/2026-04/akhilesh-yadav.png"                         length="861354"                         type="image/png"  />
                
                                    <dc:creator><![CDATA[Jaipur NM]]></dc:creator>
                            </item>
            <item>
                <title>नारी वंदन अधिनियम पर अजमेर में महिला मोर्चा का प्रदर्शन, कांग्रेस के खिलाफ नारेबाजी</title>
                                    <description><![CDATA[नारी वंदन अधिनियम के विरोध पर अजमेर भाजपा महिला मोर्चा ने कांग्रेस के खिलाफ जोरदार प्रदर्शन किया। कार्यकर्ताओं ने कलेक्ट्रेट तक रैली निकाली और कांग्रेस का पुतला दहन किया। पूर्व प्रदेशाध्यक्ष मधु शर्मा ने कांग्रेस पर महिलाओं के अधिकार छीनने का आरोप लगाते हुए इसे महिला सशक्तिकरण की राह में बड़ी बाधा बताया।]]></description>
                
                                    <content:encoded><![CDATA[<a href="https://dainiknavajyoti.com/rajasthan/ajmer/mahila-morcha-demonstration-in-ajmer-on-nari-vandan-act-sloganeering/article-151481"><img src="https://dainiknavajyoti.com/media/400/2026-04/ajmer2.png" alt=""></a><br /><p>अजमेर। नारी वंदन अधिनियम को संसद में पारित नहीं होने देने के विरोध में अजमेर भाजपा महिला मोर्चा ने प्रदर्शन किया। महिला कार्यकर्ताओं ने अजय मेरु होटल से कलेक्ट्रेट तक रैली निकालते हुए कांग्रेस के खिलाफ नारेबाजी की और अपना विरोध दर्ज कराया। भाजपा महिला मोर्चा कांग्रेस का पुतला बनाया गया, जिसे पहले जूते-चप्पलों से मारा और बाद में काली पट्टी बांधकर जलाया गया। प्रदर्शन के दौरान कुछ महिला कार्यकर्ता बैरिकेड्स पर चढ़कर कांग्रेस के खिलाफ नारेबाजी करती नजर आईं। स्थिति को नियंत्रित रखने के लिए कलेक्ट्रेट के बाहर पुलिस का अतिरिक्त जाब्ता तैनात किया गया था। इस मौके पर भाजपा महिला मोर्चा की पूर्व प्रदेश अध्यक्ष मधु शर्मा ने कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की ओर से पेश किए गए नारी वंदन अधिनियम का कांग्रेस ने विरोध कर महिलाओं के सपनों को तोड़ने का काम किया है। प्रदर्शन में जिला अध्यक्ष रमेश सोनी सहित बड़ी संख्या में महिला पदाधिकारी और कार्यकर्ता मौजूद रहे।</p>]]></content:encoded>
                
                                                            <category>राजस्थान</category>
                                            <category>अजमेर</category>
                                    

                <link>https://dainiknavajyoti.com/rajasthan/ajmer/mahila-morcha-demonstration-in-ajmer-on-nari-vandan-act-sloganeering/article-151481</link>
                <guid>https://dainiknavajyoti.com/rajasthan/ajmer/mahila-morcha-demonstration-in-ajmer-on-nari-vandan-act-sloganeering/article-151481</guid>
                <pubDate>Thu, 23 Apr 2026 16:46:55 +0530</pubDate>
                                    <enclosure
                        url="https://dainiknavajyoti.com/media/2026-04/ajmer2.png"                         length="1179493"                         type="image/png"  />
                
                                    <dc:creator><![CDATA[Jaipur NM]]></dc:creator>
                            </item>
            <item>
                <title>गहलोत–पायलट की फोटो से मतभेद उजागर, रिफाइनरी मुद्दे पर राजनीति न करे विपक्ष: मदन राठौड़</title>
                                    <description><![CDATA[भाजपा राष्ट्रीय अध्यक्ष नितिन नवीन के राजस्थान दौरे हेतु प्रदेशाध्यक्ष मदन राठौड़ ने जयपुर में अहम बैठक ली। टोंक से जिला कार्यालयों के उद्घाटन अभियान का आगाज होगा, जबकि जालोर में नई आधारशिला रखी जाएगी। संगठनात्मक मजबूती और आगामी रणनीति पर मंथन के साथ कार्यकर्ताओं में भारी उत्साह है।]]></description>
                
                                    <content:encoded><![CDATA[<a href="https://dainiknavajyoti.com/rajasthan/jaipur/gehlot-pilots-photo-exposes-differences-opposition-should-not-do-politics-on/article-151475"><img src="https://dainiknavajyoti.com/media/400/2026-04/111200-x-600-px)-(1)41.png" alt=""></a><br /><p>जयपुर। बीजेपी प्रदेश कार्यालय में बैठक, राष्ट्रीय अध्यक्ष नितिन नवीन के दौरे की तैयारियों पर मंथन भारतीय जनता पार्टी के प्रदेश कार्यालय में राष्ट्रीय अध्यक्ष नितिन नवीन के आगामी दौरे को लेकर अहम बैठक आयोजित की गई। बैठक की अध्यक्षता प्रदेशाध्यक्ष मदन राठौड़ ने की, जिसमें जयपुर शहर और देहात संगठन के पदाधिकारियों एवं जनप्रतिनिधियों ने भाग लिया। बैठक में सांसद मंजू शर्मा, विधायक कालीचरण सराफ, गोपाल शर्मा, बालमुकुंदाचार्य, विधायक कैलाश वर्मा, श्रवण सिंह बगड़ी, भूपेंद्र सैनी, सुमन शर्मा, एकता अग्रवाल, सरिता गैना, राखी राठौड़, शंकर गोरा, हमीद मेवाती, महेंद्र कुमावत, मुकेश पारीक, हिरेन जोशी, अविनाश गहलोत, अमित गोयल और राजेश गुर्जर सहित कई प्रमुख नेता मौजूद रहे।</p>
<p>बैठक में राष्ट्रीय अध्यक्ष के भव्य स्वागत की रणनीति पर विस्तृत चर्चा की गई। साथ ही उनके कार्यक्रमों को सफल बनाने के लिए संगठनात्मक स्तर पर जिम्मेदारियां तय की गईं। बैठक के बाद प्रदेशाध्यक्ष मदन राठौड़ टोंक में प्रस्तावित कार्यक्रम की तैयारियों का जायजा लेने रवाना हुए। जिला कार्यालयों के उद्घाटन का अभियान शुरू: राजस्थान में बीजेपी जिला कार्यालयों के उद्घाटन का सिलसिला भी राष्ट्रीय अध्यक्ष नितिन नवीन के दौरे से शुरू होगा। टोंक से इस अभियान का आगाज किया जाएगा। इसके साथ ही प्रतापगढ़, बूंदी, चूरू, डूंगरपुर, बाड़मेर और पाली जिलों में भी कार्यालयों का वर्चुअल उद्घाटन किया जाएगा। इसके अलावा जालोर में नए बीजेपी जिला कार्यालय की आधारशिला भी रखी जाएगी। इन सभी कार्यक्रमों को लेकर बीजेपी आईटी विभाग व्यवस्थाओं को अंतिम रूप देने में जुटा हुआ है।</p>
<p>भाजपा के राष्ट्रीय अध्यक्ष नितिन नवीन के राजस्थान दौरे का कार्यक्रम तय हो गया है। तय कार्यक्रम के अनुसार वे पहले टोंक पहुंचेंगे, जहां भाजपा जिला कार्यालय का भव्य उद्घाटन करेंगे। इसके बाद वे जयपुर पहुंचकर पार्टी पदाधिकारियों और कार्यकर्ताओं के साथ महत्वपूर्ण बैठक लेंगे। भाजपा प्रदेश अध्यक्ष मदन राठौड़ ने बताया कि टोंक में होने वाले उद्घाटन कार्यक्रम का लाइव प्रसारण प्रदेशभर के भाजपा कार्यालयों में किया जाएगा, जिससे कार्यकर्ता एक साथ इस आयोजन से जुड़ सकें। जयपुर पहुंचने पर नितिन नवीन का कार्यकर्ताओं द्वारा जोरदार स्वागत किया जाएगा। इसके बाद वे भाजपा प्रदेश कार्यालय में प्रदेश पदाधिकारियों, मोर्चों एवं प्रकोष्ठों के संयोजकों के साथ बैठक करेंगे। साथ ही कोर कमेटी की बैठक में संगठन विस्तार और आगामी रणनीति को लेकर दिशा-निर्देश भी देंगे। पार्टी नेतृत्व के इस दौरे को संगठनात्मक दृष्टि से अहम माना जा रहा है और कार्यकर्ताओं में इसे लेकर खासा उत्साह देखा जा रहा है।</p>
<p>भाजपा प्रदेश अध्यक्ष मदन राठौड़ ने मीडिया से बातचीत के दौरान कांग्रेस नेताओं पर निशाना साधा। उन्होंने कहा कि अशोक गहलोत और सचिन पायलट की हालिया तस्वीर केवल एकजुटता दिखाने का प्रयास है, जबकि इससे उनके आपसी मतभेद ही उजागर होते हैं। राठौड़ ने कहा कि वर्तमान हालात ऐसे हैं कि उन्हें सार्वजनिक रूप से साथ दिखना पड़ रहा है। राठौड़ ने राहुल गांधी को लेकर भी सवाल उठाए। उन्होंने कहा कि गहलोत का यह बयान कि पहली बार राहुल गांधी ने एसटी, एससी और ओबीसी वर्गों के मुद्दों पर बात की है, अपने आप में चौंकाने वाला है। इससे स्पष्ट होता है कि पहले इन वर्गों पर पर्याप्त ध्यान नहीं दिया गया। रिफाइनरी मामले पर प्रतिक्रिया देते हुए मदन राठौड़ ने कहा कि विपक्ष को इस विषय पर राजनीति नहीं करनी चाहिए। उन्होंने कहा कि घटना की जांच जारी है और जांच पूरी होने के बाद सभी तथ्य सामने आ जाएंगे।</p>]]></content:encoded>
                
                                                            <category>राजस्थान</category>
                                            <category>जयपुर</category>
                                    

                <link>https://dainiknavajyoti.com/rajasthan/jaipur/gehlot-pilots-photo-exposes-differences-opposition-should-not-do-politics-on/article-151475</link>
                <guid>https://dainiknavajyoti.com/rajasthan/jaipur/gehlot-pilots-photo-exposes-differences-opposition-should-not-do-politics-on/article-151475</guid>
                <pubDate>Thu, 23 Apr 2026 16:28:54 +0530</pubDate>
                                    <enclosure
                        url="https://dainiknavajyoti.com/media/2026-04/111200-x-600-px%29-%281%2941.png"                         length="1059223"                         type="image/png"  />
                
                                    <dc:creator><![CDATA[Jaipur NM]]></dc:creator>
                            </item>
            <item>
                <title>कांग्रेस और उसके सहयोगी दलों ने महिलाओं के अधिकारों, सम्मान और भविष्य के साथ विश्वासघात किया : प्रवीन खंडेलवाल</title>
                                    <description><![CDATA[भाजपा सांसद प्रवीन खंडेलवाल ने लोकसभा में महिला आरक्षण विधेयक गिरने को लोकतंत्र का 'काला अध्याय' बताया। उन्होंने राहुल गांधी और विपक्षी दलों पर महिलाओं के अधिकारों के साथ विश्वासघात करने का आरोप लगाया। खंडेलवाल ने कहा कि प्रधानमंत्री मोदी की इस ऐतिहासिक पहल को रोकना महिलाओं के सम्मान और भविष्य के खिलाफ एक सुनियोजित षड्यंत्र है।]]></description>
                
                                    <content:encoded><![CDATA[<a href="https://dainiknavajyoti.com/bharat/congress-and-its-allies-betrayed-womens-rights-respect-and-future/article-151301"><img src="https://dainiknavajyoti.com/media/400/2026-04/praveen.png" alt=""></a><br /><p>नई दिल्ली। विधायिका में महिलाओं के आरक्षण से जुड़े 131वें संविधान संशोधन के लोकसभा में पूर्ण बहुमत से पारित नहीं होने को चाँदनी चौक से भारतीय जनता पार्टी सांसद प्रवीन खंडेलवाल ने भारतीय लोकतंत्र के इतिहास में काला अध्याय बताया है और कहा है कि इस संशोधन विधेयक को गिराकर कांग्रेस तथा अन्य विपक्षी दलों ने महिलाओं के अधिकारों, सम्मान और भविष्य के साथ घोर विश्वासघात किया गया है। खंडेलवाल ने बुधवार को यहां संवाददाता सम्मेलन को संबोधित करते हुए कहा कि यह केवल एक संशोधन विधेयक की हार नहीं, बल्कि देश की करोड़ों महिलाओं के अधिकारों, सम्मान और भविष्य के साथ किया गया घोर विश्वासघात है।</p>
<p>उन्होंने कहा कि लोकसभा में विपक्ष के राहुल गांधी के नेतृत्व में कांग्रेस और उसके सहयोगी दलों तृणमूल कांग्रेस, द्रविड़ मुन्नेत्र कषगम, समाजवादी पार्टी और आम आदमी पार्टी सहित पूरे विपक्ष ने सुनियोजित षड्यंत्र के तहत इस संशोधन विधेयक को गिराने का शर्मनाक कार्य किया। उन्होंने आरोप लगाया कि राहुल गांधी ने व्यक्तिगत और राजनीतिक स्वार्थों के चलते न केवल इस संशोधन विधेयक का विरोध किया, बल्कि महिलाओं के सशक्तिकरण के रास्ते में सबसे बड़ी बाधा बनकर खड़े हो गए। यह आचरण उनके नेतृत्व की विफलता, दूरदृष्टि के अभाव और महिला सम्मान के प्रति असंवेदनशीलता को उजागर करता है।</p>
<p>भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) सांसद ने कहा कि जिस प्रकार राहुल गांधी ने सदन के भीतर मेज ठोक कर इस संशोधन विधेयक के गिराने का ऐलान किया और इसके खिलाफ आक्रामक रुख अपनाया और उसके बाद विपक्षी दलों द्वारा विधेयक के गिरने का जश्न मनाया गया, वह अत्यंत निंदनीय, दुर्भाग्यपूर्ण और लोकतंत्र के मूल्यों का खुला उपहास है। यह स्पष्ट संकेत है कि राहुल गांधी और उनके सहयोगी दल महिलाओं को अधिकार देने के बजाय उन्हें राजनीतिक लाभ-हानि के तराजू पर तौलते हैं।</p>
<p>खंडेलवाल ने कहा कि जिस लोकसभा में राहुल गांधी ने इस संशोधन विधेयक को गिरवाने का दुस्साहस किया है। वहीं, सदन भविष्य में इस ऐतिहासिक अन्याय को सुधारेगा और महिलाओं को उनका अधिकार देकर नया इतिहास रचेगा। उन्होंने कहा कि यदि यह संशोधन विधेयक पारित होता, तो कांग्रेस के भीतर प्रियंका गांधी एक सशक्त और प्रभावशाली नेतृत्व के रूप में उभर सकती थीं और संभवतः इसी राजनीतिक आशंका ने राहुल गांधी को इस संशोधन विधेयक के विरोध के लिए प्रेरित किया।</p>
<p>उन्होंने कहा कि प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी द्वारा महिलाओं के सशक्तिकरण के लिए की गयी इस ऐतिहासिक पहल को विफल करना "महापाप" से कम नहीं है। राहुल गांधी और विपक्ष ने अपने संकीर्ण राजनीतिक हितों के चलते देश की महिलाओं के सपनों को कुचलने का काम किया है, जिसे देश कभी नहीं भूलेगा। खंडेलवाल ने कहा कि कांग्रेस का इतिहास महिलाओं को केवल एक "वोट बैंक" के रूप में देखने का रहा है। दशकों तक इस महत्वपूर्ण मुद्दे को टालना और जब इसे लागू करने का समय आया, तब उसका विरोध करना,यह उनकी दोहरी नीति, अवसरवादी राजनीति और महिला विरोधी मानसिकता का स्पष्ट प्रमाण है।</p>
<p>उन्होंने कहा कि शासन में महिला आरक्षण केवल राजनीतिक प्रतिनिधित्व का विषय नहीं, बल्कि सामाजिक न्याय, समान अवसर और राष्ट्र के समग्र विकास का आधार है। इसे रोकना देश की प्रगति को रोकने जैसा है। उन्होंने कहा कि यह संघर्ष अभी समाप्त नहीं हुआ है। देश की महिलाएं और जागरूक नागरिक इस विश्वासघात का लोकतांत्रिक जवाब देंगे और उन सभी को जवाबदेह ठहराएंगे जिन्होंने उनके अधिकारों को कुचला है। इस दौरान चांदनी चौक भाजपा के जिलाध्यक्ष अरविंद गर्ग और केशवपुरम भाजपा के जिलाध्यक्ष अजय खटाना भी उपस्थित थे।</p>]]></content:encoded>
                
                                                            <category>भारत</category>
                                    

                <link>https://dainiknavajyoti.com/bharat/congress-and-its-allies-betrayed-womens-rights-respect-and-future/article-151301</link>
                <guid>https://dainiknavajyoti.com/bharat/congress-and-its-allies-betrayed-womens-rights-respect-and-future/article-151301</guid>
                <pubDate>Wed, 22 Apr 2026 16:30:22 +0530</pubDate>
                                    <enclosure
                        url="https://dainiknavajyoti.com/media/2026-04/praveen.png"                         length="954361"                         type="image/png"  />
                
                                    <dc:creator><![CDATA[Jaipur NM]]></dc:creator>
                            </item>
            <item>
                <title>कांग्रेस ने चार दशकों से महिलाओं को उनके अधिकार से वंचित रखा, जनता उन्हें कभी माफ नहीं करेगी : अरूण साव  </title>
                                    <description><![CDATA[छत्तीसगढ़ के डिप्टी सीएम अरुण साव ने कांग्रेस पर निशाना साधते हुए कहा कि विपक्षी दलों ने दशकों तक महिलाओं को अधिकारों से वंचित रखा। उन्होंने नारी शक्ति वंदन अधिनियम के खिलाफ कांग्रेस के रुख को विश्वासघात बताया। साव ने विधानसभा के विशेष सत्र के माध्यम से महिलाओं की आवाज बुलंद करने और प्रधानमंत्री मोदी के संकल्प को पूरा करने की प्रतिबद्धता दोहराई।]]></description>
                
                                    <content:encoded><![CDATA[<a href="https://dainiknavajyoti.com/bharat/congress-deprived-women-of-their-rights-for-four-decades-public/article-151227"><img src="https://dainiknavajyoti.com/media/400/2026-04/arun-saw.png" alt=""></a><br /><p>रायपुर। छत्तीसगढ़ के उप मुख्यमंत्री अरुण साव ने मंगलवार को कहा कि कांग्रेस ने चार दशकों से महिलाओं को उनके अधिकारों से वंचित रखा है और इस गलती के लिए जनता उन्हें कभी माफ नहीं करेगी। उप मुख्यमंत्री श्री साव ने आज रायपुर के न्यूज सर्किट हाउस में पत्रकारों से चर्चा करते हुए यह बातें कहीं। उन्होंने कहा कि कांग्रेस और विपक्षी दलों ने पिछले चार दशकों से महिलाओं को उनके अधिकार से वंचित रखा है। वास्तव में यह देश की आधी आबादी के साथ अन्याय और धोखा है। उन्होंने कहा कि जब नगरीय निकायों एवं पंचायतों में महिलाओं को आरक्षण मिला हुआ है तो उन्हें विधानसभा और लोकसभा में आरक्षण क्यों नहीं मिलना चाहिए।</p>
<p>उन्होंने कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व में हमारी सरकार ने प्रयत्न किया कि आधी आबादी को उनका अधिकार मिले। लेकिन कांग्रेस और इंडिया गठबंधन ने षड्यंत्र करके नारी शक्ति को फिर से उनके अधिकार से वंचित किया है। उन्होंने कहा कि निश्चित रूप से उनकी आवाज को और बुलंद करने के लिए विधानसभा का विशेष सत्र बुलाया है। प्रधानमंत्री श्री मोदी ने महिलाओं को अधिकार संकल्प लिया है। इसे पूरा करने हम लड़ाई पूरी मजबूती से लड़ेंगे। साव ने कहा कि ये कितनी हास्यास्पद बात है कि छत्तीसगढ़ के तीन करोड़ लोगों की उपेक्षा करके जिस रंजीता रंजन को राज्यसभा में भेजा गया, वही रंजीता रंजन जी आज छत्तीसगढ़ आ रही हैं। जिसने संसद में बिल के खिलाफ समर्थन कर छत्तीसगढ़ के माताएं और बहनों को अधिकार से वंचित किया।</p>]]></content:encoded>
                
                                                            <category>भारत</category>
                                    

                <link>https://dainiknavajyoti.com/bharat/congress-deprived-women-of-their-rights-for-four-decades-public/article-151227</link>
                <guid>https://dainiknavajyoti.com/bharat/congress-deprived-women-of-their-rights-for-four-decades-public/article-151227</guid>
                <pubDate>Tue, 21 Apr 2026 17:28:52 +0530</pubDate>
                                    <enclosure
                        url="https://dainiknavajyoti.com/media/2026-04/arun-saw.png"                         length="754157"                         type="image/png"  />
                
                                    <dc:creator><![CDATA[Jaipur NM]]></dc:creator>
                            </item>
            <item>
                <title>कांग्रेस का केंद्र पर हमला : महिला आरक्षण क्रियान्वयन की इच्छुक नहीं सरकार, रणनीतिक तरीके से इसे परिसीमन विधेयक से जोड़ा</title>
                                    <description><![CDATA[कांग्रेस नेता जयराम रमेश ने केंद्र सरकार पर महिला आरक्षण को जानबूझकर टालने का आरोप लगाया है। उन्होंने कहा कि कांग्रेस 10 वर्षों से इसके पक्ष में है, लेकिन सरकार ने इसे परिसीमन से जोड़कर देरी की रणनीति अपनाई है। सोनिया गांधी और राहुल गांधी द्वारा लिखे पत्रों के बावजूद क्रियान्वयन में हो रही देरी महिला सशक्तिकरण के प्रति सरकार की उदासीनता दर्शाती है।]]></description>
                
                                    <content:encoded><![CDATA[<a href="https://dainiknavajyoti.com/leads/congresss-attack-on-the-central-government-not-being-willing-to/article-151183"><img src="https://dainiknavajyoti.com/media/400/2026-03/jairam-ramesh1.png" alt=""></a><br /><p>नई दिल्ली। कांग्रेस ने कहा है कि पार्टी का शीर्ष नेतृत्व हमेशा महिला आरक्षण के पक्ष में रहा है और इसके लिए वह समय-समय पर वह सरकार पर दबाव भी बनाती रही है लेकिन केंद्र सरकार रणनीति के तहत इसको लागू नहीं कर रही है। कांग्रेस संचार विभाग के प्रभारी जयराम रमेश ने मंगलवार को सोशल मीडिया ‘एक्स’ पर कहा कि उनकी पार्टी करीब 10 साल से सरकार पर महिलाओं को आरक्षण देने का दबाव बना रही है और इस विधेयक को संसद में पारित कराने में भी अपना समर्थन दिया लेकिन सरकार ने जानबूझकर और रणनीतिक तरीके से इसे परिसीमन विधेयक से जोड़ दिया, जिससे इसे लागू करने में अड़चन आयी।</p>
<p>उन्होंने कहा कि 2017 में तत्कालीन कांग्रेस अध्यक्ष सोनिया गांधी ने भी महिला आरक्षण विधेयक पारित होने के संबंध में केंद्र को पत्र लिखा था। पूर्व कांग्रेस अध्यक्ष राहुल गांधी ने भी 16 जुलाई, 2018 को केंद्र को पत्र लिखकर महिला आरक्षण को तुरंत लागू करने की मांग की थी। केंद्र सरकार ने इस मांग पर कोई ध्यान नहीं दिया और फिर परिसीमन से जोड़कर इसे टालने की कोशिश की। जयराम रमेश ने कहा, "कांग्रेस का रुख महिला आरक्षण को लेकर अडिग और अपरिवर्तित रहा है। राहुल गांधी के लिखे पत्र के आठ साल बाद भी, केंद्र सरकार-परिसीमन से जोड़कर आरक्षण के कार्यान्वयन में देरी करने के इच्छुक हैं और इसलिए वह इस मांग पर कोई कार्रवाई नहीं की है।”</p>]]></content:encoded>
                
                                                            <category>भारत</category>
                                            <category>Top-News</category>
                                    

                <link>https://dainiknavajyoti.com/leads/congresss-attack-on-the-central-government-not-being-willing-to/article-151183</link>
                <guid>https://dainiknavajyoti.com/leads/congresss-attack-on-the-central-government-not-being-willing-to/article-151183</guid>
                <pubDate>Tue, 21 Apr 2026 15:53:58 +0530</pubDate>
                                    <enclosure
                        url="https://dainiknavajyoti.com/media/2026-03/jairam-ramesh1.png"                         length="622963"                         type="image/png"  />
                
                                    <dc:creator><![CDATA[Jaipur NM]]></dc:creator>
                            </item>
            <item>
                <title>पश्चिम बंगाल चुनाव : पहले चरण में 16 निर्वाचन क्षेत्रों में महिला मतदाताओं की संख्या पुरुषों से अधिक, 23 अप्रैल को होगी वोटिंग</title>
                                    <description><![CDATA[पश्चिम बंगाल में पहले चरण के मतदान से पूर्व चुनाव आयोग के आंकड़ों ने सबको चौंका दिया है। 16 विधानसभा क्षेत्रों में महिला मतदाताओं की संख्या पुरुषों से अधिक है। मुर्शिदाबाद के शमशेरगंज में महिलाओं का अनुपात सबसे ज्यादा है। विश्लेषकों का मानना है कि इस बार महिला वोटर ही चुनाव परिणामों में निर्णायक भूमिका निभाएंगी।]]></description>
                
                                    <content:encoded><![CDATA[<a href="https://dainiknavajyoti.com/bharat/in-the-first-phase-of-west-bengal-elections-the-number/article-151097"><img src="https://dainiknavajyoti.com/media/400/2026-04/west-bengal-election.png" alt=""></a><br /><p>कोलकाता। पश्चिम बंगाल में 23 अप्रैल को होने वाले पहले चरण के मतदान से पूर्व चुनाव आयोग की ओर से जारी आंकड़ों में यह तथ्य सामने आया है कि राज्य की 152 में से कम से कम 16 विधानसभाओं में महिला मतदाताओं की संख्या पुरुषों से ज्यादा है। ये विधानसभाएं दार्जीलिंग, जलपाइगुड़ी, अललिपुरद्वार और मुर्शिदाबाद के बीच फैली हुई हैं। चुनाव आयोग के क्षेत्रवार आंकड़ों के अनुसार, पश्चिम बंगाल में कुल 3,60,77,171 मतदाता हैं, जिनमें 1,84,99,496 पुरुष और 1,75,77,210 महिलाएं हैं। 465 मतदाता थर्ड जेंडर के हैं। पहले चरण में मतदान करने वाले क्षेत्रों में मुर्शिदाबाद जिले के शमशेरगंज में महिलाओं का अनुपात सबसे ज्यादा है। यहां महिला मतदाताओं की संख्या 83,430 है, जबकि पुरुष मतदाता केवल 78,004 हैं। यानी पुरुषों की तुलना में 5,426 अधिक महिला मतदाता हैं।</p>
<p>दूसरी ओर दार्जिलिंग ज़िले के सिलीगुड़ी में 99,920 पुरुष मतदाताओं के मुकाबले 1,00,844 महिला मतदाता हैं। यानी सिर्फ़ 924 मतदाताओं का मामूली अंतर। जिन निर्वाचन क्षेत्रों में महिला मतदाताओं की संख्या पुरुष मतदाताओं से अधिक है, उनमें से कई उत्तरी बंगाल और उससे सटे क्षेत्रों के हैं। इनमें कालचीनी (एसटी) भी शामिल है, जहां महिला मतदाताओं (1,11,742) की संख्या पुरुष मतदाताओं (1,09,713) से अधिक है। सूची में मदारीहाट (एसटी) का नाम भी है, जहां 96,262 पुरुष मतदाताओं की तुलना में 97,695 महिला मतदाता हैं।</p>
<p>इसी तरह, नागराकाटा (एसटी) में महिलाओं को स्पष्ट बढ़त हासिल है, जहां 1,07,824 पुरुष मतदाताओं के मुकाबले 1,12,292 महिला मतदाता हैं। दार्जिलिंग ज़िले के विधानसभा क्षेत्रों, जैसे कि दार्जिलिंग, कर्सियांग, मातिगारा-नक्सलबाड़ी (एससी) और सिलीगुड़ी में महिला मतदाताओं की संख्या अधिक है। आयोग के आंकड़ों से पता चलता है कि दार्जिलिंग में 1,03,033 पुरुष मतदाताओं की तुलना में 1,04,681 महिला मतदाता हैं, जबकि कर्सियांग में यह अंतर और भी अधिक है, जहाँ 1,06,014 पुरुष मतदाताओं के मुकाबले 1,10,135 महिला मतदाता हैं। मातिगारा-नक्सलबाड़ी में यह अंतर कम है, लेकिन फिर भी महत्वपूर्ण है। यहां 1,34,906 महिला मतदाताएं 1,33,571 पुरुष मतदाताओं से अधिक हैं।</p>
<p>विश्लेषकों का कहना है कि इन चुनाव क्षेत्रों में अहम भूमिका निभाने की संभावना है, खासकर इसलिए क्योंकि पार्टियां महिला वोटरों को ध्यान में रखकर बनायी गयी कल्याणकारी योजनाएं और संदेश के ज़रिए अपील करने के लिए अपने अभियान को तेज़ी से बदल रही हैं। विशेष गहन पुनरीक्षण (एसआईआर) के दौरान मतदाता सूची से काफी नाम हटाये गये हैं, लेकिन चलन बताता है कि पुरुषों के नाम हटाने की संख्या थोड़ी ज़्यादा रही है।</p>
<p>एक विश्लेषक ने कहा, "ज़ाहिर है, कुछ ऐसे निर्वाचन क्षेत्र हैं जहां आने वाले चुनावों में महिला मतदाता एक निर्णायक कारक के रूप में उभरी हैं। हटाये गये नामों के सटीक आंकड़े अलग-अलग ज़िलों में अलग-अलग हैं, लेकिन व्यापक रुझान चुनावी सूचियों में लिंग अनुपात के धीरे-धीरे संतुलित होने की ओर इशारा करता है।" जैसे-जैसे मतदान के दिन से पहले चुनाव प्रचार तेज़ हो रहा है, पर्यवेक्षकों का मानना है कि जिन निर्वाचन क्षेत्रों में महिला मतदाताओं की संख्या अधिक है, वहां सामाजिक कल्याण, सुरक्षा, स्वास्थ्य सेवा और वित्तीय सहायता योजनाओं जैसे मुद्दों पर विशेष रूप से ध्यान केंद्रित किया जा सकता है।</p>]]></content:encoded>
                
                                                            <category>भारत</category>
                                    

                <link>https://dainiknavajyoti.com/bharat/in-the-first-phase-of-west-bengal-elections-the-number/article-151097</link>
                <guid>https://dainiknavajyoti.com/bharat/in-the-first-phase-of-west-bengal-elections-the-number/article-151097</guid>
                <pubDate>Mon, 20 Apr 2026 17:57:41 +0530</pubDate>
                                    <enclosure
                        url="https://dainiknavajyoti.com/media/2026-04/west-bengal-election.png"                         length="856318"                         type="image/png"  />
                
                                    <dc:creator><![CDATA[Jaipur NM]]></dc:creator>
                            </item>
            <item>
                <title>महिला आरक्षण बिल गिरने पर विपक्ष ने जश्न मनाकर महिलाओं का अपमान किया: सावित्री ठाकुर </title>
                                    <description><![CDATA[केंद्रीय मंत्री सावित्री ठाकुर ने महिला आरक्षण बिल न पचने पर विपक्ष के जश्न को स्वर्ण अवसर खोना और महिलाओं का अपमान बताया। उन्होंने कहा कि विपक्ष ने राजनीतिक स्वार्थ के कारण ऐतिहासिक विधेयक को रोका। मंत्री ने स्पष्ट किया कि परिसीमन महिलाओं को उचित प्रतिनिधित्व देने के लिए आवश्यक है और देश की नारी शक्ति इसका करारा जवाब देगी।]]></description>
                
                                    <content:encoded><![CDATA[<a href="https://dainiknavajyoti.com/rajasthan/jaipur/savitri-thakur-opposition-insulted-women-by-celebrating-when-womens-reservation/article-151018"><img src="https://dainiknavajyoti.com/media/400/2026-04/111200-x-600-px)23.png" alt=""></a><br /><p>जयपुर। केंद्रीय मंत्री सावित्री ठाकुर ने भी विपक्ष पर निशाना साधते हुए कहा कि यदि महिला आरक्षण से जुड़ा यह विधेयक पारित हो जाता, तो यह वर्ष इतिहास में स्वर्ण अक्षरों में लिखा जाता। उन्होंने कहा कि 2023 में विपक्ष ने चुनावी मजबूरी के कारण इसका समर्थन किया, लेकिन बाद में अपने राजनीतिक हितों के चलते इसका विरोध किया।</p>
<p>उन्होंने कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने महिलाओं को हर योजना के केंद्र में रखा है और उन्हें आत्मनिर्भर बनाने के लिए अनेक योजनाएं लागू की हैं। इस बिल से महिलाओं में एक नई उम्मीद जगी थी कि उन्हें राजनीति में उचित प्रतिनिधित्व मिलेगा। सावित्री ठाकुर ने कहा कि विपक्षी दलों को यह डर था कि इससे उनके राजनीतिक समीकरण प्रभावित होंगे। उन्होंने कहा कि प्रधानमंत्री और गृह मंत्री ने स्पष्ट किया था कि किसी भी राज्य के हितों को नुकसान नहीं होगा, इसके बावजूद भ्रम फैलाया गया।</p>
<p>उन्होंने कहा कि जब यह बिल पारित नहीं हो सका, तो देशभर की महिलाओं में निराशा फैल गई, जबकि विपक्ष ने जश्न मनाया, जो महिलाओं का अपमान है। उन्होंने कहा कि देश की महिला शक्ति इसका जवाब अवश्य देगी। उन्होंने यह भी कहा कि बढ़ती जनसंख्या के मद्देनजर परिसीमन आवश्यक है, जिससे महिलाओं को पर्याप्त प्रतिनिधित्व मिल सके।</p>]]></content:encoded>
                
                                                            <category>राजस्थान</category>
                                            <category>जयपुर</category>
                                    

                <link>https://dainiknavajyoti.com/rajasthan/jaipur/savitri-thakur-opposition-insulted-women-by-celebrating-when-womens-reservation/article-151018</link>
                <guid>https://dainiknavajyoti.com/rajasthan/jaipur/savitri-thakur-opposition-insulted-women-by-celebrating-when-womens-reservation/article-151018</guid>
                <pubDate>Sun, 19 Apr 2026 16:50:37 +0530</pubDate>
                                    <enclosure
                        url="https://dainiknavajyoti.com/media/2026-04/111200-x-600-px%2923.png"                         length="611809"                         type="image/png"  />
                
                                    <dc:creator><![CDATA[Jaipur NM]]></dc:creator>
                            </item>
            <item>
                <title>विपक्ष ने महिलाओं को सिर्फ वोट बैंक समझा, महिला सशक्तिकरण उनका सिर्फ नारा: भजनलाल शर्मा</title>
                                    <description><![CDATA[मुख्यमंत्री भजनलाल शर्मा ने विपक्ष पर महिलाओं को महज 'वोट बैंक' समझने का आरोप लगाया है। उन्होंने कहा कि विपक्ष के नकारात्मक रवैये ने महिला आरक्षण बिल में बाधा डाली, जो लोकतंत्र के लिए एक काला अध्याय है। सीएम ने उज्ज्वला और लखपति दीदी जैसी योजनाओं का जिक्र कर प्रधानमंत्री मोदी के महिला सशक्तिकरण संकल्प को दोहराया।]]></description>
                
                                    <content:encoded><![CDATA[<a href="https://dainiknavajyoti.com/rajasthan/jaipur/opposition-considered-women-as-just-vote-bank-women-empowerment-is/article-151017"><img src="https://dainiknavajyoti.com/media/400/2026-04/bjp.png" alt=""></a><br /><p>जयपुर। मुख्यमंत्री भजनलाल शर्मा ने विपक्ष पर महिलाओं के मुद्दे पर गंभीर आरोप लगाते हुए कहा कि विपक्ष ने हमेशा महिलाओं को केवल वोट बैंक के रूप में इस्तेमाल किया है, जबकि महिला सशक्तिकरण उनके लिए केवल एक नारा भर रहा है। उन्होंने कहा कि समय आने पर महिलाएं इस मानसिकता का जवाब देंगी।</p>
<p>मुख्यमंत्री ने मीडिया से बातचीत में कहा कि जिन दलों की सरकारें लंबे समय तक रहीं, उन्होंने कभी भी महिलाओं को उनका अधिकार देने के लिए ठोस प्रयास नहीं किए। उन्होंने कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने महिलाओं को लोकसभा और विधानसभा में आरक्षण देने की दिशा में पहल की, लेकिन विपक्ष के नकारात्मक रवैये के कारण यह प्रयास सफल नहीं हो सका।</p>
<p>उन्होंने कहा कि इस मुद्दे से देश की माताओं-बहनों की भावनाओं को गहरी ठेस पहुंची है। विपक्ष ने अपनी राजनीति के कारण इसे एक “काला अध्याय” बना दिया। मुख्यमंत्री ने कहा कि सरकार ने सदन में हर सवाल का जवाब दिया और दलगत राजनीति से ऊपर उठकर समर्थन की अपील की, लेकिन विपक्ष ने महिला विरोधी रुख अपनाया।</p>
<p>भजनलाल शर्मा ने कहा कि भारतीय संस्कृति में महिलाओं को सर्वोच्च स्थान दिया गया है। प्रधानमंत्री मोदी ने भी समाज की प्राथमिकता में महिलाओं को सबसे ऊपर रखा है। उन्होंने कहा कि 2014 के बाद केंद्र सरकार ने ‘बेटी बचाओ, बेटी पढ़ाओ’ जैसे अभियानों के माध्यम से लिंगानुपात सुधारने और महिलाओं को सशक्त बनाने के लिए काम किया है।</p>
<p>उन्होंने कहा कि शौचालय निर्माण, उज्ज्वला योजना, लखपति दीदी जैसी योजनाओं के माध्यम से महिलाओं के जीवन में बड़ा बदलाव आया है। इसके बावजूद विपक्ष ने इन योजनाओं का भी विरोध किया और महिलाओं के अधिकारों के प्रति उदासीनता दिखाई। मुख्यमंत्री ने विपक्षी दलों को परिवारवादी बताते हुए कहा कि ये दल महिलाओं को आगे बढ़ते नहीं देखना चाहते। उन्होंने आरोप लगाया कि नारी शक्ति वंदन बिल को भी सोची-समझी रणनीति के तहत रोका गया और बाद में उसी पर राजनीति की गई।</p>
<p>उन्होंने कहा कि विपक्ष ने हमेशा देशहित के मुद्दों का विरोध किया है, चाहे वह नागरिकता संशोधन कानून (CAA) हो या अन्य राष्ट्रीय पहलें। उन्होंने कहा कि महिलाएं इस विश्वासघात को कभी नहीं भूलेंगी और चुनाव में इसका जवाब देंगी।</p>
<p> </p>]]></content:encoded>
                
                                                            <category>राजस्थान</category>
                                            <category>Top-News</category>
                                            <category>जयपुर</category>
                                    

                <link>https://dainiknavajyoti.com/rajasthan/jaipur/opposition-considered-women-as-just-vote-bank-women-empowerment-is/article-151017</link>
                <guid>https://dainiknavajyoti.com/rajasthan/jaipur/opposition-considered-women-as-just-vote-bank-women-empowerment-is/article-151017</guid>
                <pubDate>Sun, 19 Apr 2026 16:45:35 +0530</pubDate>
                                    <enclosure
                        url="https://dainiknavajyoti.com/media/2026-04/bjp.png"                         length="619364"                         type="image/png"  />
                
                                    <dc:creator><![CDATA[Jaipur NM]]></dc:creator>
                            </item>
            <item>
                <title>सीएम ममता का दावा : सुरक्षा जांच के लिए रोका काफ़िला; चुनाव आयोग से शिकायत दर्ज कराई, टोल-फ्री हेल्पलाइन जारी</title>
                                    <description><![CDATA[मुख्यमंत्री ममता बनर्जी ने अपने काफिले को सुरक्षा जांच के लिए रोके जाने पर कड़ी आपत्ति जताई है। तृणमूल कांग्रेस ने चुनाव आयोग में शिकायत दर्ज कराते हुए आरोप लगाया कि 'व्हाट्सऐप निर्देश' के जरिए पार्टी नेताओं को जानबूझकर निशाना बनाया जा रहा है। पार्टी ने इसे पक्षपातपूर्ण कार्रवाई और लोकतांत्रिक मर्यादा का उल्लंघन बताया है।]]></description>
                
                                    <content:encoded><![CDATA[<a href="https://dainiknavajyoti.com/bharat/cm-mamata-claims-convoy-stopped-for-security-check-door-to-door-voting/article-150614"><img src="https://dainiknavajyoti.com/media/400/2021-12/mamta-banarji.jpg" alt=""></a><br /><p>कोलकाता। पश्चिम बंगाल की मुख्यमंत्री ममता बनर्जी ने बुधवार को दावा किया कि सुरक्षा जांच के लिए उनके काफिले को रोका गया। इसी बीच, तृणमूल कांग्रेस ने चुनाव आयोग से औपचारिक शिकायत दर्ज कराई है। यह शिकायत एक व्हाट्सऐप ग्रुप के ज़रिए कथित तौर पर जारी किए गए निर्देशों के बारे में है, जिसमें अधिकारियों को उसके (तृणमूल) नेताओं के वाहनों की तलाशी लेने का निर्देश दिया गया है। ममता बनर्जी ने कहा, "मुझे जांच से कोई आपत्ति नहीं है, लेकिन उसका मकसद निष्पक्ष होना चाहिए।"</p>
<p>कोलकाता में तृणमूल ने चुनाव आयोग में शिकायत दर्ज कराई और चुनाव निकाय के "व्हाट्सऐप निर्देश" के कथित स्क्रीनशॉट साझा किए, जिसमें उसके नेताओं के वाहनों की तलाशी का आदेश दिया गया है। अपनी लिखित शिकायत में, सत्ताधारी पार्टी ने दावा किया कि यह कथित आदेश विशेष रूप से मुख्यमंत्री को छोड़कर तृणमूल के अन्य सभी नेताओं को निशाना बनाता है। पार्टी ने आरोप लगाया कि सांसद अभिषेक बनर्जी और उनकी पत्नी रुजिरा नरूला बनर्जी द्वारा इस्तेमाल किए जाने वाले वाहनों को भी जांच के लिए नामित किया गया है। इससे पहले, मंगलवार को पार्टी ने कथित व्हाट्सऐप चैट के स्क्रीनशॉट जारी किए थे, जिसमें ये निर्देश शामिल थे।</p>
<p>तृणमूल के अनुसार, इन संदेशों से यह संकेत मिलता है कि आयोग को संदेह है कि अभिषेक बनर्जी की पत्नी के माध्यम से पैसों का लेन-देन हो सकता है, और इसलिए उसने पार्टी नेताओं के वाहनों की "गहन जांच" करने का निर्देश दिया। पार्टी के दावे के अनुसार, स्क्रीनशॉट से पता चलता है कि अधिकारियों को तृणमूल नेताओं और मंत्रियों द्वारा इस्तेमाल किए जाने वाले वाहनों की (जिनमें सुरक्षा घेरे वाले वाहन भी शामिल हैं) विभिन्न चौकियों पर दिन भर जांच करने के निर्देश दिए गए है। कथित निर्देश में यह भी उल्लेख किया गया था कि पुलिस और केंद्रीय सशस्त्र पुलिस बल (सीएपीएफ) को चुनाव पर्यवेक्षकों की सहायता करनी चाहिए, जबकि एक कंट्रोल रूम ऐसी "अचानक" की जाने वाली जांचों पर नज़र रखेगा।</p>
<p>तृणमूल ने आरोप लगाया कि आयोग ने प्रभावी रूप से उसके नेतृत्व को निशाना बनाया है और जांच का दायरा परिवार के सदस्यों तक भी बढ़ा दिया है। पार्टी ने दावा किया कि चुनावों से पहले उसके जनसंपर्क कार्यक्रमों और चुनाव प्रचार से संबंधित गतिविधियों को निशाना बनाया जा रहा है। हालाँकि, इन स्क्रीनशॉट की प्रामाणिकता और स्पष्टता पर सवाल उठाए गए हैं। इसमें "अभिषेक" नाम अंग्रेजी में अलग-अलग वर्तनी में दिखाई देता है, जिसके साथ कोई उपनाम या पदनाम नहीं जुड़ा है। इससे यह स्पष्ट नहीं हो पाता कि यह संदर्भ वास्तव में तृणमूल के राष्ट्रीय महासचिव के लिए ही है या नहीं।</p>
<p>इसी तरह, जहाँ कथित तौर पर चैट में उनकी पत्नी का ज़िक्र है, वहीं किसी नाम का स्पष्ट रूप से उल्लेख नहीं किया गया है। इन स्क्रीनशॉट में कथित तौर पर चुनाव पर्यवेक्षकों के लिए व्यापक निर्देश भी शामिल हैं, जिनमें यह दावा भी किया गया है कि मेडिकल कैंपों की आड़ में पैसों का वितरण किया जा रहा है। नादिया, बसीरहाट, बनगाँव, कैनिंग, तेहट्टा, रानाघाट, काकद्वीप, मगराहाट-II, डायमंड हार्बर I और II, फलता और लालबाग जैसे विशिष्ट क्षेत्रों को कथित तौर पर जांच के लिए चिह्नित किया गया है।</p>
<p>चुनाव आयोग (ईसीआई) ने बुधवार को कहा कि कोलकाता उत्तर की सभी विधानसभा सीटों पर 85 वर्ष और उससे अधिक आयु के वरिष्ठ नागरिकों, और दिव्यांग जनों के लिए घर से वोट डालने की सुविधा 16 अप्रैल से शुरू होगी। इस पहल का उद्देश्य चुनावी प्रक्रिया में पहुंच और समावेशिता को बेहतर बनाना है। आयोग के अनुसार 85 वर्ष से अधिक आयु के बुजुर्ग मतदाता और मतदाता सूची में चिह्नित दिव्यांग व्यक्ति पोस्टल बैलेट के माध्यम से अपना वोट डाल सकेंगे। </p>
<p>अधिकारियों ने स्पष्ट किया कि इस सुविधा का लाभ उठाने के लिए ऐसे मतदाताओं को अधिसूचना जारी होने की तारीख से पांच दिनों के भीतर अपने संबंधित रिटर्निंग अधिकारी के पास आवेदन करना होगा। केंद्रीय बलों और पुलिस के साथ मतदान टीमें वोट लेने के लिए घर-घर जाएंगी। वोट जमा करने के लिए ईवीएम का उपयोग किया जाएगा। इसके अलावा, मुख्य निर्वाचन अधिकारी के कार्यालय ने मतदान अवधि के दौरान कानून-व्यवस्था से संबंधित शिकायतों के लिए एक टोल-फ्री हेल्पलाइन जारी की है। नागरिक 1800-345-008 पर कॉल करके अपनी चिंताएं बता सकते हैं। इस कदम से बुजुर्गों और दिव्यांग मतदाताओं की भागीदारी बढ़ने की उम्मीद है, जिससे एक अधिक समावेशी लोकतांत्रिक प्रक्रिया के प्रति प्रतिबद्धता और मजबूत होगी।</p>]]></content:encoded>
                
                                                            <category>भारत</category>
                                    

                <link>https://dainiknavajyoti.com/bharat/cm-mamata-claims-convoy-stopped-for-security-check-door-to-door-voting/article-150614</link>
                <guid>https://dainiknavajyoti.com/bharat/cm-mamata-claims-convoy-stopped-for-security-check-door-to-door-voting/article-150614</guid>
                <pubDate>Thu, 16 Apr 2026 14:51:18 +0530</pubDate>
                                    <enclosure
                        url="https://dainiknavajyoti.com/media/2021-12/mamta-banarji.jpg"                         length="86478"                         type="image/jpeg"  />
                
                                    <dc:creator><![CDATA[Jaipur NM]]></dc:creator>
                            </item>
            <item>
                <title>पश्चिम बंगाल विधानसभा चुनाव: बंगाल चुनावी मुकाबले में नजर आया 'सरप्राइज फैक्टर'; चमक बिखेर रहे सेलिब्रिटी, चुनौतियों से घिरी होंगी ममता </title>
                                    <description><![CDATA[पश्चिम बंगाल विधानसभा चुनावों के लिए TMC और BJP ने सितारों पर दांव खेला है। राज चक्रवर्ती और सोहम जैसे पुराने चेहरों के साथ स्वप्न बर्मन जैसे नए खिलाड़ी मैदान में हैं। सोनारपुर साउथ में रूपा गांगुली और लवली मैत्रा के बीच हाई-वोल्टेज मुकाबला तय है। इस बार दलों ने प्रयोगों के बजाय संगठनात्मक अनुभव को प्राथमिकता दी है।]]></description>
                
                                    <content:encoded><![CDATA[<a href="https://dainiknavajyoti.com/bharat/west-bengal-assembly-elections-surprise-factor-seen-in-bengal-election/article-147345"><img src="https://dainiknavajyoti.com/media/400/2026-03/cm-mamta2.png" alt=""></a><br /><p>कोलकाता। पश्चिम बंगाल के आगामी विधानसभा चुनावों में तृणमूल कांग्रेस और भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) फिल्म और खेल जगत से जुड़ी कई नामचीन हस्तियों को उम्मीदवार बनाकर मैदान में उतार रही हैं, लेकिन इस बार बहुप्रतीक्षित 'सरप्राइज फैक्टर' नजर नहीं आ रहा है। दिलचस्प बात यह है कि दोनों दलों ने खेल और फिल्मी दुनिया से नये चेहरों के बजाय आजमाये हुए उम्मीदवारों पर भरोसा जताया है। </p>
<p>सत्तारूढ़ तृणमूल कांग्रेस में भले ही मनोरंजन और खेल जगत के कुछ जाने-माने चेहरों को जगह मिली है, लेकिन पार्टी ने अधिकतर ऐसे उम्मीदवारों को टिकट दिया है, जो पहले चुनावी मैदान में अपनी किस्मत आजमा चुके हैं। प्रमुख नामों में अभिनेता सोहम चक्रवर्ती को करीमपुर से, जबकि फिल्म निर्माता राज चक्रवर्ती को बैरकपुर से उम्मीदवार बनाया गया है। अभिनेत्री सायंतिका बनर्जी को एक बार फिर बारानगर से टिकट दिया गया है, जो पार्टी के उनके प्रति भरोसे को दर्शाता है।</p>
<p>तृणमूल कांग्रेस ने मनोरंजन जगत से जुड़े दो मौजूदा विधायक लोकगायिका अदिति मुंशी (राजारहाट गोपालपुर) और अभिनेत्री लवली मैत्रा (सोनारपुर साउथ) पर भी भरोसा जताया है। गायक इंद्रनील सेन, जो 2016 से विधायक हैं, को चंदननगर से फिर उम्मीदवार बनाया गया है, जिससे पार्टी का अनुभव पर स्पष्ट जोर दिया जाना दिखता है। एशियन गेम्स की स्वर्ण पदक विजेता स्वप्न बर्मन को पार्टी में शामिल होने के तुरंत बाद राजगंज से उम्मीदवार बनाना एक चौंकाने वाला फैसला माना जा रहा है और यह उनका पहला चुनाव होगा। इसी तरह फुटबॉलर बिदेश बोस सप्तग्राम से, जबकि क्रिकेटर से कोच बने शिब शंकर पॉल तूफानगंज से चुनाव लड़ेंगे, जिससे खेल जगत की चुनावों में भागीदारी भी दिख रही है।</p>
<p>एक अन्य उल्लेखनीय नाम श्रेया पांडे का है, जो दिवंगत तृणमूल कांग्रेस विधायक साधन पांडे की पुत्री हैं, वह मानिकतला सीट से अपना पहला बड़ा चुनाव लड़ेंगी। राजनीतिक विश्लेषकों का मानना है कि कुल मिलाकर मशहूर हस्तियों के उम्मीदवारों की संख्या सीमित है, जो यह संकेत देता है कि टीएमसी ने नये प्रयोगों के बजाय अनुभव और संगठनात्मक ताकत पर भरोसा किया है। दूसरी ओर, भाजपा की उम्मीदवार सूची की अधिक चर्चा हो रही है, जिसमें कई हाई-प्रोफाइल नाम शामिल हैं। पार्टी ने जहां पुराने चेहरों जैसे रुद्रनील घोष और श्री हिरण चटर्जी को मैदान में उतारा है, वहीं नये चेहरों को भी मौका दिया है।</p>
<p>अब तक जारी दो सूचियों में घोष को शिवपुर से और चटर्जी को श्यामपुर से उम्मीदवार बनाया गया है। पार्टी सूत्रों के अनुसार, चटर्जी को श्यामपुर से टिकट देना कुछ हद तक चौंकाने वाला है, क्योंकि उन्हें पहले उनकी जीत वाली सीट खड़गपुर सदर से हटाया गया था और उनकी शादी से जुड़े विवाद के बाद उनके टिकट पर सवाल उठ रहे थे।</p>
<p>नये चेहरों की बात करें, तो टॉलीगंज से अभिनेत्री पापिया अधिकारी और जादवपुर से शरबरी मुखर्जी को उम्मीदवार बनाया गया है। सोनारपुर साउथ सीट पर भाजपा की रूपा गांगुली और तृणमूल कांग्रेस की लवली मैत्रा के बीच हाई-वोल्टेज मुकाबला होने की संभावना है। भाजपा अब तक दो चरणों के लिए 256 सीटों पर उम्मीदवार घोषित कर चुकी है, जबकि 38 सीटों पर नामों की घोषणा बाकी है। 294 सदस्यीय विधानसभा के चुनाव के लिए मतदान 23 और 29 अप्रैल को दो चरणों में होगा और मतगणना चार मई को की जाएगी। उल्लेखनीय है कि करीब तीन दशकों में पहली बार राज्य में दो चरणों में चुनाव हो रहा है।</p>
<p>जैसे-जैसे चुनाव प्रचार तेज हो रहा है, सेलिब्रिटी उम्मीदवारों की मौजूदगी से ग्लैमर और चुनावों में भीड़ दोनों बढ़ने की उम्मीद है। व्यापक राजनीतिक संकेत हालांकि यही बताते हैं कि इस बार दलों ने नये और चौंकाने वाले चेहरों के बजाय अनुभवी और परिचित उम्मीदवारों पर ज्यादा भरोसा किया है।</p>]]></content:encoded>
                
                                                            <category>भारत</category>
                                    

                <link>https://dainiknavajyoti.com/bharat/west-bengal-assembly-elections-surprise-factor-seen-in-bengal-election/article-147345</link>
                <guid>https://dainiknavajyoti.com/bharat/west-bengal-assembly-elections-surprise-factor-seen-in-bengal-election/article-147345</guid>
                <pubDate>Sat, 21 Mar 2026 16:02:54 +0530</pubDate>
                                    <enclosure
                        url="https://dainiknavajyoti.com/media/2026-03/cm-mamta2.png"                         length="1162579"                         type="image/png"  />
                
                                    <dc:creator><![CDATA[Jaipur NM]]></dc:creator>
                            </item>
            <item>
                <title>केरल विधानसभा चुनाव : 140 सीटों के लिए 9 अप्रैल को मतदान; बदल सकते हैं सियासी समीकरण, चंद्रशेखर-विजयन और सतीशन में होगा मुकाबला</title>
                                    <description><![CDATA[केरल की 140 सीटों पर 9 अप्रैल को मतदान होगा। मुख्यमंत्री पिनाराई विजयन जहां जीत की हैट्रिक लगाकर इतिहास रचना चाहते हैं, वहीं वी.डी. सतीशन के नेतृत्व में कांग्रेस और राजीव चंद्रशेखर के साथ भाजपा ने घेराबंदी तेज कर दी है। क्या एलडीएफ अपना किला बचा पाएगी या सत्ता का समीकरण फिर बदलेगा?]]></description>
                
                                    <content:encoded><![CDATA[<a href="https://dainiknavajyoti.com/bharat/kerala-assembly-elections-voting-for-140-seats-can-change-on/article-147004"><img src="https://dainiknavajyoti.com/media/400/2026-03/kerala-election-2026.png" alt=""></a><br /><p>नई दिल्ली। केरल में हर बार सत्ता का समीकरण बदलता है, लेकिन पिछले चुनाव में लेफ्ट डेमोक्रेटिक फ्रंट (एलडीएफ) ने पारंपरिक प्रवृत्ति को तोड़ दिया और पिनाराई विजयन ने लगातार दूसरी बार केरल के मुख्यमंत्री के रूप में शपथ ली। भारत निर्वाचन आयोग ने बीते दिन रविवार को केरल विधानसभा चुनाव 2026 की तारीख का ऐलान कर दिया है। केरल में 140 सीटों के लिए 9 अप्रैल को मतदान होगा।</p>
<p><strong>केरल में किसकी बनेगी सत्ता?</strong></p>
<p>केरल में इस बार के विधानसभा चुनाव पर हर किसी की निगाहें टिकी हैं। इस बार के चुनाव में सीएम पिनाराई विजयन जीत की हैट्रिक लगा सकते हैं। भारतीय जनता पार्टी केरल विधानसभा चुनाव में कमल खिलाना चाहेगी। वहीं वी डी सतीशन की अगुवाई में कांग्रेस मजबूती के साथ चुनाव लड़ने वाली है।</p>
<p><strong>पिनाराई विजयन लगाएंगे जीत की हैट्रिक?</strong></p>
<p>केरल के मुख्यमंत्री पिनाराई विजयन 81 वर्ष की उम्र में भी केरल में सबसे ताकतवर व्यक्ति बने हुए हैं। पिनाराई विजयन की छवि राजनीतिक लड़ाइयों में एक लड़ाके के तौर पर रही है। सीएम विजयन ने लंबे समय से एक ऐसे फैसले लेने वाले एडमिनिस्ट्रेटर की छवि बनाई है जो राजनीतिक लड़ाई में कामयाब साबित होता रहा है। विजयन की लीडरशिप में, एलडीएफ ने 2021 में सरकार बनाकर इतिहास रच दिया था। यह एक ऐसी कामयाबी थी, जिसने केरल में बारी-बारी से सरकार बदलने के लंबे समय से चले आ रहे पैटर्न को तोड़ दिया। कन्नूर से आने वाले विजयन 1980 के दशक में सीपीएम में तेजी से आगे बढ़े। </p>
<p>शुरूआत में उनकी मदद कम्युनिस्ट वी एस अच्युतानंदन ने की, हालांकि बाद में दोनों एक लंबे आइडियोलॉजिकल और पॉलिटिकल टकराव में कट्टर दुश्मन बन गए। सीएम विजयन को डेवलपमेंट और प्रैक्टिकल काम करने वाले के तौर पर देखा जाता है। विजयन को कई बार विवादों का भी सामना करना पड़ा है, जिसमें लंबे समय से चल रहा एसएनसी लवलिन केस भी शामिल है। यह एक ऐसा मामला है जो उनके शानदार पॉलिटिकल करियर पर छाया बना हुआ है।</p>
<p><strong>वी डी सतीशन खोलेंगे कांग्रेस की किस्मत?</strong></p>
<p>कांग्रेस के नेतृत्व वाली यूनाइटेड डेमोक्रेटिक फ्रंट की नजरें केरल विधानसभा चुनाव पर टिकी हैं। वी डी सतीशन विपक्ष के नेता हैं और सत्ताधारी एलडीएफ के खिलाफ पार्टी की सबसे मजबूत आवाज भी हैं। सतीशन ने 2001 में असेंबली में आने से पहले कांग्रेस के युवा और ऑगेर्नाइजेशनल रैंक से अपनी पॉलिटिकल यात्रा शुरू की। वी डी सतीशन दो दशकों में राज्य के सबसे साफ बोलने वाले विधायकों में से एक के तौर पर अपनी पहचान बनाई है। उनके भाषणों में पब्लिक फाइनेंस और गवर्नेंस से लेकर एनवायरनमेंटल पॉलिसी और इंस्टीट्यूशनल अकाउंटेबिलिटी जैसे मुद्दों पर बात होती है। सतीशन ने कांग्रेस के जमीनी नेटवर्क को मजबूत करने पर भी ध्यान दिया है।</p>
<p>साथ ही पार्टी के अंदर लंबे समय से चली आ रही गुटबाजी को संभालने की कोशिश भी की है। विपक्ष के नेता का पद संभालने के बाद से, सतीशन ने खुद को एलडीएफ सरकार का सबसे लगातार आलोचक बना लिया है। अब उनके सामने सबसे बड़ा टेस्ट है, विपक्ष की लड़ाकू राजनीति को जमी हुई लेफ्ट सरकार के खिलाफ एक मजबूत चुनावी चुनौती में बदलना।</p>
<p><strong>राजीव चंद्रशेखर ने बढ़ाई बीजेपी की उम्मीदें</strong></p>
<p>केरल में बीजेपी का चेहरा होने के नाते राजीव चंद्रशेखर ने राज्य में एलडीएफ और यूडीएफ के बीच मजबूत बाइपोलर मुकाबले के लिए पार्टी को एक भरोसेमंद विकल्प के तौर पर खड़ा करने का मुश्किल काम किया है। चंद्रशेखर की चुनौती अपने चुनाव क्षेत्र में चुनावी लड़ाई जीतने से कहीं ज्यादा है। पिछले लोकसभा चुनावों में एनडीए ने बेहतर प्रदर्शन किया था। बीजेपी लीडरशिप को उम्मीद है कि इस बार के विधानसभा चुनावों में भी पार्टी मजबूत प्रदर्शन करेगी। चंद्रशेखर का शुरूआती पॉलिटिकल करियर ज्यादातर राज्य के बाहर ही रहा। बीजेपी में उन्होंने राष्ट्रीय प्रवक्ता और केरल के जाने-माने स्ट्रेटजिस्ट के तौर पर काम किया है।</p>]]></content:encoded>
                
                                                            <category>भारत</category>
                                    

                <link>https://dainiknavajyoti.com/bharat/kerala-assembly-elections-voting-for-140-seats-can-change-on/article-147004</link>
                <guid>https://dainiknavajyoti.com/bharat/kerala-assembly-elections-voting-for-140-seats-can-change-on/article-147004</guid>
                <pubDate>Thu, 19 Mar 2026 11:32:01 +0530</pubDate>
                                    <enclosure
                        url="https://dainiknavajyoti.com/media/2026-03/kerala-election-2026.png"                         length="421140"                         type="image/png"  />
                
                                    <dc:creator><![CDATA[Jaipur NM]]></dc:creator>
                            </item>

            </channel>
        </rss>
        