<?xml version="1.0" encoding="utf-8"?>        <rss version="2.0"
            xmlns:content="http://purl.org/rss/1.0/modules/content/"
            xmlns:dc="http://purl.org/dc/elements/1.1/"
            xmlns:atom="http://www.w3.org/2005/Atom">
            <channel>
                <atom:link href="https://dainiknavajyoti.com/power-supply/tag-19416" rel="self" type="application/rss+xml" />
                <generator>Dainik Navajyoti Rising Rajasthan RSS Feed Generator</generator>
                <title>power supply - Dainik Navajyoti Rising Rajasthan</title>
                <link>https://dainiknavajyoti.com/tag/19416/rss</link>
                <description>power supply RSS Feed</description>
                
                            <item>
                <title>निर्बाध विद्युत आपूर्ति प्राथमिकता, 57 हजार बिजली कार्मिकों को मिलेगा एक करोड़ तक का बीमा कवर : सीएम</title>
                                    <description><![CDATA[मुख्यमंत्री भजनलाल शर्मा ने कहा कि सरकार प्रदेश के कार्मिकों एवं उन पर आश्रित परिवारजनों की सामाजिक एवं आर्थिक सुरक्षा के प्रति संवेदनशील है। ]]></description>
                
                                    <content:encoded><![CDATA[<a href="https://dainiknavajyoti.com/rajasthan/jaipur/seamless-power-supply-priority-57-thousand-electricity-personnel-will-get/article-111721"><img src="https://dainiknavajyoti.com/media/400/2025-04/news-(5)14.png" alt=""></a><br /><p>जयपुर। मुख्यमंत्री भजनलाल शर्मा ने कहा कि सरकार प्रदेश के कार्मिकों एवं उन पर आश्रित परिवारजनों की सामाजिक एवं आर्थिक सुरक्षा के प्रति संवेदनशील है। हमने कार्मिकों को सुरक्षित भविष्य देने और उनके कल्याण के लिए कई महत्वपूर्ण निर्णय लिए हैं। प्रदेश के ऊर्जा तंत्र को सुदृढ़ बनाना तथा आमजन को निर्बाध विद्युत आपूर्ति सुनिश्चित करना सरकार की प्राथमिकता है। सीएम मंगलवार को सीएमआर पर भारतीय स्टेट बैंक और विद्युत निगमों के बीच एमओयू आदान-प्रदान तथा ऐप लॉन्चिंग कार्यक्रम को संबोधित कर रहे थे।</p>
<p><strong>आंशिक अशक्तता पर 80 लाख :</strong></p>
<p>सीएम ने कहा कि प्रदेश की बिजली कंपनियों में करीब 57 हजार कर्मचारी कार्यरत हैं। कई बार विद्युत कार्य करते समय वे कई बार दुर्भाग्य से हादसे के शिकार हो जाते हैं। वर्तमान में अधिकतम क्षतिपूर्ति 20 लाख तक मुहैया करवाई जा रही है। हमने जयपुर, जोधपुर एवं अजमेर विद्युत वितरण कंपनियों, राजस्थान विद्युत प्रसारण निगम तथा राजस्थान विद्युत उत्पादन निगम लिमिटेड में कार्यरत सभी विद्युतकर्मियों को बीमा उपलब्ध कराने के लिए भारतीय स्टेट बैंक के साथ एमओयू का आदान-प्रदान किया है। इन एमओयू के तहत विद्युतकर्मियों की व्यक्तिगत दुर्घटना में मृत्यु होने या स्थायी निशक्तता की स्थिति में एक करोड़ रुपए का व्यक्तिगत दुर्घटना बीमा उपलब्ध होगा। वहीं आंशिक रूप से अशक्तता की स्थिति में 80 लाख का व्यक्तिगत दुर्घटना बीमा कवर दिया जाएगा। इसके अतिरिक्त 10 लाख के सामूहिक सावधि जीवन बीमा के साथ ही अन्य आर्थिक सहायता एवं सुविधाएं भी उपलब्ध करवाई जाएंगी।</p>
<p><strong>उपभोक्ताओं को मिलेगी बेहतर सेवाएं :</strong></p>
<p>विद्युत निगमों की ओर से लॉन्च दो नए ऐप के माध्यम से प्रदेश के उपभोक्ताओं को पारदर्शिता के साथ बेहतर सुविधाएं सुनिश्चित होंगी। जेईएन साइट वेरीफिकेशन मोबाइल एप्लीकेशन से साइट वेरीफिकेशन तथा एस्टीमेट तैयार करने की प्रक्रिया जेईएन की ओर से सरल, शीघ्र और पारदर्शी तरीके से सम्पादित की जा सकेगी। इससे उपभोक्ताओं को बिजली कनेक्शन शीघ्र जारी हो सकेंगे। इसके अतिरिक्त सब स्टेशन मॉनिटरिंग एप्लीकेशन को ग्रिड सब स्टेशनों की मॉनिटरिंग के लिए तैयार किया गया है। इससे विद्युत आपूर्ति के सबसे महत्वपूर्ण तकनीकी तंत्र 33-11 जीएसएस में मैटेरियल की उपलब्धता तथा आवश्यकता का सही आकलन कर पाएंगे। इस दौरान डिस्कॉम्स की तरफ  से चैयरमेन डिस्कॉम्स आरती डोगरा, प्रसारण निगम की तरफ  से प्रबंध निदेशक नथमल डिडेल, उत्पादन निगम की तरफ  से सीएमडी देवेन्द्र श्रृंगी और भारतीय स्टेट बैंक की ओर से महाप्रबंधक एसबीआई प्रबुद्ध कुमार ने एमओयू एक्सचेंज किए।</p>]]></content:encoded>
                
                                                            <category>राजस्थान</category>
                                            <category>जयपुर</category>
                                    

                <link>https://dainiknavajyoti.com/rajasthan/jaipur/seamless-power-supply-priority-57-thousand-electricity-personnel-will-get/article-111721</link>
                <guid>https://dainiknavajyoti.com/rajasthan/jaipur/seamless-power-supply-priority-57-thousand-electricity-personnel-will-get/article-111721</guid>
                <pubDate>Wed, 23 Apr 2025 11:25:29 +0530</pubDate>
                                    <enclosure
                        url="https://dainiknavajyoti.com/media/2025-04/news-%285%2914.png"                         length="417769"                         type="image/png"  />
                
                                    <dc:creator><![CDATA[Jaipur ]]></dc:creator>
                            </item>
            <item>
                <title>गर्मियों में निर्बाध बिजली आपूर्ति के लिए डिस्कॉम तैयार, एक्सइएन करेंगे जीएसएस का सघन निरीक्षण</title>
                                    <description><![CDATA[मुख्य अभियंता एमएम को निर्देश दिए कि वे सर्किलों में सभी तकनीकी लाइन मैटेरियल की मांग के अनुरूप पर्याप्त आपूर्ति सुनिश्चित करें। ]]></description>
                
                                    <content:encoded><![CDATA[<a href="https://dainiknavajyoti.com/rajasthan/jaipur/discom-will-prepare-discom-for-uninterrupted-power-supply-in-summer/article-103560"><img src="https://dainiknavajyoti.com/media/400/2025-02/257rtrer30.png" alt=""></a><br /><p>जयपुर। जयपुर डिस्कॉम ने गर्मी में निर्बाध विद्युत आपूर्ति एवं बेहतर लोड मैनेजमेंट की अभी से तैयारियां शुरू कर दी हैं। इसके लिए फील्ड में पदस्थापित अधिशासी अभियंता ओएंडएम फरवरी माह में सभी संबंधित 33 केवी सब स्टेशनों का दौरा करेंगे। चेयरमैन डिस्कॉम्स आरती डोगरा ने विद्युत भवन में बैठक के दौरान यह निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि इससे गर्मियों में बिजली की घरेलू मांग में होने वाली बढ़ोतरी के अनुरूप आवश्यक इंतजाम सुनिश्चित करने में मदद मिलेगी। डोगरा ने कहा कि अभियंता जीएसएस और इनसे जुड़े फीडरों में रोस्टर स्विच, वीसी ब्रेकर, आइसोलेटर, ट्रांसफार्मर, ऑयल जैसे आवश्यक तकनीकी मैटेरियल की उपलब्धता की सघन जांच करें। इनकी संभावित आवश्यकता का आकलन कर शीघ्र मुख्यालय को भिजवाएं। </p>
<p>उन्होंने मुख्य अभियंता एमएम को निर्देश दिए कि वे सर्किलों में सभी तकनीकी लाइन मैटेरियल की मांग के अनुरूप पर्याप्त आपूर्ति सुनिश्चित करें। चेयरमैन डिस्कॉम्स ने निर्देश दिए कि प्रथम चरण के निरीक्षण के बाद मार्च माह में द्वितीय चरण में अन्य जोन से टीमें गठित कर एक बार फिर जीएसएस का गहन निरीक्षण किया जाएगा। </p>]]></content:encoded>
                
                                                            <category>राजस्थान</category>
                                            <category>जयपुर</category>
                                    

                <link>https://dainiknavajyoti.com/rajasthan/jaipur/discom-will-prepare-discom-for-uninterrupted-power-supply-in-summer/article-103560</link>
                <guid>https://dainiknavajyoti.com/rajasthan/jaipur/discom-will-prepare-discom-for-uninterrupted-power-supply-in-summer/article-103560</guid>
                <pubDate>Sat, 08 Feb 2025 11:56:53 +0530</pubDate>
                                    <enclosure
                        url="https://dainiknavajyoti.com/media/2025-02/257rtrer30.png"                         length="430803"                         type="image/png"  />
                
                                    <dc:creator><![CDATA[Jaipur ]]></dc:creator>
                            </item>
            <item>
                <title>बारिश से चरमराने लगा बिजली तंत्र, कई जिलों में बाधित हुई बिजली आपूर्ति</title>
                                    <description><![CDATA[बिजली कटौती और खराब बिजली तंत्र की वजह से तीनों डिस्कॉम में रोज सैकंडों शिकायतें दर्ज हो रही हैं। डिस्कॉम सभी शिकायतों की मॉनिटरिंग कर समस्या दूर करने का दावा कर रहे हैं, लेकिन धरातल पर सच्चाई इसके परे है।]]></description>
                
                                    <content:encoded><![CDATA[<a href="https://dainiknavajyoti.com/rajasthan/jaipur/electricity-system-started-to-collapse-due-to-rain-power-supply/article-83072"><img src="https://dainiknavajyoti.com/media/400/2024-05/electricity-5.jpg" alt=""></a><br /><p>जयपुर। प्री मानसून के चलते कई जिलों में बारिश से बिजली तंत्र चरमरा गया है। पानी भराव के चलते क्षतिग्रस्त बिजली लाइनों और ट्रांसफार्मरों में करंट के चलते लोगों की शिकायतें बढ़ गई हैं। </p>
<p>जयपुर,जोधपुर और अजमेर डिस्कॉम कई जिलों में क्षतिग्रस्त बिजली पोल और लाईनों के कारण बिजली आपूर्ति बाधित होने से अघोषित कटौती हो रही है। कुछ जगह ट्रांसफार्मरों में करंट की वजह से कई घरों में करंट आने से लोग घायल हो गए। बिजली कटौती और खराब बिजली तंत्र की वजह से तीनों डिस्कॉम में रोज सैकंडों शिकायतें दर्ज हो रही हैं। डिस्कॉम सभी शिकायतों की मॉनिटरिंग कर समस्या दूर करने का दावा कर रहे हैं, लेकिन धरातल पर सच्चाई इसके परे है।</p>]]></content:encoded>
                
                                                            <category>राजस्थान</category>
                                            <category>जयपुर</category>
                                    

                <link>https://dainiknavajyoti.com/rajasthan/jaipur/electricity-system-started-to-collapse-due-to-rain-power-supply/article-83072</link>
                <guid>https://dainiknavajyoti.com/rajasthan/jaipur/electricity-system-started-to-collapse-due-to-rain-power-supply/article-83072</guid>
                <pubDate>Fri, 28 Jun 2024 20:41:30 +0530</pubDate>
                                    <enclosure
                        url="https://dainiknavajyoti.com/media/2024-05/electricity-5.jpg"                         length="53660"                         type="image/jpeg"  />
                
                                    <dc:creator><![CDATA[Jaipur ]]></dc:creator>
                            </item>
            <item>
                <title>बिजली आपूर्ति का संकट: कम वोल्टेज में भी लग रहा करंट </title>
                                    <description><![CDATA[जीएसएस पर कार्यरत कर्मचारियों के लिए कोई सुविधा नहीं है, जिससे परेशानियां उठानी पड़ रही है। ]]></description>
                
                                    <content:encoded><![CDATA[<a href="https://dainiknavajyoti.com/rajasthan/jhalawar/power-supply-crisis--current-is-felt-even-in-low-voltage/article-54432"><img src="https://dainiknavajyoti.com/media/400/2023-08/bijli-apoorti-ka-sankat,-kam-voltage-me-bhi-lg-rha-current...panwar,-jhalawar.png" alt=""></a><br /><p>पनवाड़। पनवाड़ क्षेत्र के गणेशपुरा गांव के 33 केवी जीएसएस पर पिछले कई दिनों से कम वोल्टेज आने के कारण किसानों को परेशानियों का सामना करना पड़ रहा है। वोल्टेज कम आने के कारण किसानों के खेतों में ट्यूबवेलों पर लगी पानी की मोटरे जल रही है, जिससे किसानों को परेशानियां उत्पन्न हो रही है और नुकसान हो रहा है। गणेशपुरा निवासी अमित मेहता,कपिल मेहता,महावीर मेहता,जितेंद्र मेहता,सूरज मेहता,जुगराज नायक सहित लोगों ने बताया कि कई दिनों से अच्छी बरसात नहीं होने के कारण खेतों में धान सोयाबीन की फसलों में पानी के लिए विद्युत मोटरें चला रखी है। वही जीएसएस पर बहुत समय से कम वोल्टेज आने के कारण विद्युत मोटरे जल रही है। जिससे नुकसान उठाना पड़ रहा है। समस्या को लेकर कई बार विभाग के अधिकारियों को भी अवगत करवा दिया, लेकिन कोई ध्यान नहीं दे रहे । पिछले सप्ताह भी अर्थिंग फेल होने से जीएसएस से जुड़े गांवों की बिजली बंद हो गई थी इससे ग्रामीणों को परेशान होना पड़ा था ।  प्रदेश कार्यकारिणी सदस्य कपिल मेहता,अमित मेहता ने बताया कि विभाग द्वारा पांच साल पहले जीएसएस तो चालू कर दिया, लेकिन ना तो अभी तक चार दिवारी का निर्माण हुआ ना ही मौजूदा कर्मचारियों के लिए कमरे की व्यवस्था है ना ही पानी के लिए बोरिंग है। जीएसएस पर बारिश के पानी से ही अर्थिंग चल रहा है, जिससे बार बार स्पार्किंग होकर अर्थिंग फेल होकर बिजली गुल हो जाती है। जीएसएस से जुड़े सभी गांवों के लोगों को परेशानियों का सामना करना पड़ता है। इससे पहले भी अर्थिंग फेल होने से सभी गांवों की बिजली बंद हो गई थी तो विभाग के कर्मचारियों ने आनन फानन में पानी डालकर अर्थिंग चालू कर दिया और गुरुवार को फिर स्पार्किंग होकर अर्थिंग फेल होकर सभी गांवों की बिजली गुल हो गई। सभी गांवों की बिजली गुल होने से पेयजल, मोटर आटा चक्की,खेतों पर पानी की मोटरे सहित विद्युत से चलने वाले उपकरण विद्युत पर आधारित उद्योग बंद हो गए जिससे ग्रामीणों को परेशान होना पड़ा। जीएसएस पर कार्यरत कर्मचारियों ने बताया कि जीएसएस पर कार्यरत कर्मचारियों के लिए कोई सुविधा नहीं है, जिससे परेशानियां उठानी पड़ रही है। चार दीवारी नही होने से जीएसएस परिसर में बड़ी बड़ी घास हो रही है। जिसमे जहरीले जीव जंतु विचरण करते है, जहां पर रात समय में जहरीले जीव जंतुओं से डर बना रहता है। जीएसएस पर कर्मचारियों के लिए रहने के लिए कोई व्यवस्था नहीं है, पांच किलोमीटर दूर से रात के समय में बिजली समस्या होने पर आना पड़ता है, जहां पर बाहर परिसर में ही टेंट लगाकर रात गुजारनी पड़ती है, बोरिंग की भी व्यवस्था नहीं है, जिससे पीने के पानी के लिए भी दूर गांव में जाकर पानी लाना पड़ता है। जीएसएस पर थ्री फेस बंद करने चालू करने के लिए बांस की सीडी लगाकर चढ़ना पढ़ता है, कुछ महीनों पहले थ्री फेस चालू करने के दौरान सीढ़ी टूट गई थी, जिससे कर्मचारी गिरने से बाल बाल बच गया। </p>
<p> जीएसएस पर चार दीवारी कर्मचारियों के रहने के लिए कमरे की स्वीकृति मिली हुई थी, जहां पर अवैध अतिक्रमण हो रहा है, कर्मचारी द्वारा अतिक्रमण हटाए जाने पर अतिक्रमणकारी ने अधिकारी पर हमला कर दिया था, तब से ही काम बंद है इसके लिए अधिकारियों को लिखित में अवगत करवा रखा है। अभी अर्थिंंग की समस्या उत्पन्न हो रही थी उसको सही करवा दिया गया है।<br /><strong>- राघवेंद्र मिश्रा, सहायक अभियंता, बिजली विभाग</strong></p>]]></content:encoded>
                
                                                            <category>राजस्थान</category>
                                            <category>झालावाड़</category>
                                    

                <link>https://dainiknavajyoti.com/rajasthan/jhalawar/power-supply-crisis--current-is-felt-even-in-low-voltage/article-54432</link>
                <guid>https://dainiknavajyoti.com/rajasthan/jhalawar/power-supply-crisis--current-is-felt-even-in-low-voltage/article-54432</guid>
                <pubDate>Sat, 12 Aug 2023 15:15:20 +0530</pubDate>
                                    <enclosure
                        url="https://dainiknavajyoti.com/media/2023-08/bijli-apoorti-ka-sankat%2C-kam-voltage-me-bhi-lg-rha-current...panwar%2C-jhalawar.png"                         length="445882"                         type="image/png"  />
                
                                    <dc:creator><![CDATA[kota]]></dc:creator>
                            </item>
            <item>
                <title>पचपहाड़ में 5 दिन से वार्डों में हो रहा है पेयजल संकट</title>
                                    <description><![CDATA[ विद्युत विभाग द्वारा बिजली की नियमित आपूर्ति नहीं किए जाने के कारण पेयजल आपूर्ति बाधित हो रही है।]]></description>
                
                                    <content:encoded><![CDATA[<a href="https://dainiknavajyoti.com/rajasthan/jhalawar/drinking-water-crisis-is-happening-in-the-wards-since-5-days-in-pachpahar/article-52809"><img src="https://dainiknavajyoti.com/media/400/2023-07/pachpahad-me-5-din-s-wardo-me-ho-rha-h-peyjal-sankat...pachpahad,-jhalawar-news-26-07-2023.jpg" alt=""></a><br /><p>भवानीमंडी। पचपहाड़ कस्बे के विभिन्न वार्ड़ों में जलदाय विभाग द्वारा विगत 5 दिनों से पेयजल सप्लाई नहीं की गई है जिसके चलते वार्ड वासियों को काफी परेशानियों का सामना करना पड़ रहा है। वार्डवासियों ने बताया कि नगर के वार्ड नंबर 4, लक्ष्मी नगर कुआं व अंजुमन बगीची के पास के इलाकों में विगत 5 दिनों से पेयजल सप्लाई नहीं की जा रही है जिसके चलते उन्हें खासी परेशानी का सामना करना पड़ रहा है, जहां वार्ड वासी पेयजल के लिए सरकारी कुओं व निजी बोरवेलों पर निर्भर है, जहां से उन्हें दूर दूर से पानी भरकर लाना पड़ रहा है। वहीं जलदाय विभाग अभियंता राय सिंह ने बताया कि विगत 5 दिनों से विद्युत विभाग द्वारा बिजली की नियमित आपूर्ति नहीं किए जाने के कारण पेयजल आपूर्ति बाधित हो रही है, जिसे लेकर विभागीय अधिकारी मामले को लेकर नगर पालिका चेयरमैन कैलाश बोहरा के पास पहुंचे। जहां बिजली व पेयजल आपूर्ति की समस्याओं को उनके सामने रखा गया। साथ ही बताया कि बिजली आपूर्ति सुधरते ही पेयजल सप्लाई प्रारंभ कर दी जाएगी। </p>
<p><strong>क्षेत्रवासियों की यह है पीड़ा</strong><br />वार्ड में पिछले 5 दिनों से पेयजल सप्लाई नहीं हुई है जिसके चलते हैं हमें खासी परेशानी का सामना करना पड़ रहा है।<br /><strong>- विद्या देवी, वार्डवासी</strong><br /> <br />जलदाय विभाग द्वारा पेयजल सप्लाई नहीं किए जाने से हमें दूर-दूर से पानी लाने को मजबूर होना पड़ रहा है। वार्ड वासी पेयजल के लिए सरकारी कुओं पर निर्भर हो चुके हैं।<br /><strong>- विक्रम, वार्ड वासी</strong></p>
<p>विद्युत विभाग द्वारा विद्युत आपूर्ति नहीं किए जाने के कारण वार्ड में पेयजल सप्लाई नहीं की जा पा रही थी। समस्या के निदान को लेकर सभी विभाग के अधिकारी चेयरमैन के पास पहुंचे हैं। शीघ्र ही समस्या का समाधान किया जाएगा।<br /><strong>- रायसिंह, जेईएन जलदाय विभाग</strong></p>]]></content:encoded>
                
                                                            <category>राजस्थान</category>
                                            <category>झालावाड़</category>
                                    

                <link>https://dainiknavajyoti.com/rajasthan/jhalawar/drinking-water-crisis-is-happening-in-the-wards-since-5-days-in-pachpahar/article-52809</link>
                <guid>https://dainiknavajyoti.com/rajasthan/jhalawar/drinking-water-crisis-is-happening-in-the-wards-since-5-days-in-pachpahar/article-52809</guid>
                <pubDate>Wed, 26 Jul 2023 15:39:25 +0530</pubDate>
                                    <enclosure
                        url="https://dainiknavajyoti.com/media/2023-07/pachpahad-me-5-din-s-wardo-me-ho-rha-h-peyjal-sankat...pachpahad%2C-jhalawar-news-26-07-2023.jpg"                         length="560859"                         type="image/jpeg"  />
                
                                    <dc:creator><![CDATA[kota]]></dc:creator>
                            </item>
            <item>
                <title>हड़ताल से यूपी में विद्युत आपूर्ति व्यवस्था लडख़ड़ाई</title>
                                    <description><![CDATA[कर्मचारी नेताओं की दलील है कि वे भी हड़ताल के पक्षधर नहीं है मगर ऊर्जा मंत्री पिछले साल दिसंबर में कर्मचारी नेताओं के साथ उनकी मांगों के संबंध में किये गये समझौते से मुकर रहे हैं। उन्होने इस मामले में मुख्यमंत्री से हस्तक्षेप की अपील की है।]]></description>
                
                                    <content:encoded><![CDATA[<a href="https://dainiknavajyoti.com/leads/power-supply-system-faltered-in-up-due-to-strike/article-40160"><img src="https://dainiknavajyoti.com/media/400/2023-03/electricity-3.jpg" alt=""></a><br /><p>लखनऊ। उत्तर प्रदेश में बिजली कर्मचारियों की हड़ताल के चलते विद्युत उत्पादन गृहों में उत्पादन प्रभावित हुआ है जिसका सीधा असर प्रदेश के कई इलाकों में विद्युत आपूर्ति के साथ साथ जलापूर्ति पर भी पड़ा है। सरकार ने हड़ताली कर्मचारियों पर एस्मा और रासुका के तहत कार्रवाई करने की चेतावनी दी है वहीं उच्च न्यायालय ने भी हड़ताल को गैर जरूरी बताते हुये इसे अदालत की अवमानना करार दिया है। इसके बावजूद हड़ताली कर्मचारियों के रवैये में कोई खास फर्क नहीं पड़ा है। कर्मचारी नेताओं की दलील है कि वे भी हड़ताल के पक्षधर नहीं है मगर ऊर्जा मंत्री पिछले साल दिसंबर में कर्मचारी नेताओं के साथ उनकी मांगों के संबंध में किये गये समझौते से मुकर रहे हैं। उन्होने इस मामले में मुख्यमंत्री से हस्तक्षेप की अपील की है।</p>
<p>विश्वस्त सूत्रों के मुताबिक हड़ताल के चलते आम जनता को हो रही परेशानियों से खफा मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने आज दोपहर 12 बजे ऊर्जा मंत्री और पावर कारपोरेशन के वरिष्ठ अधिकारियों की बैठक बुलायी है जिसमें हड़ताली कर्मचारियों को लेकर कुछ अहम और कड़े फैसले लिये जाने की संभावना है। इस बीच ओबरा ताप विद्युत संयंत्र की 200-200 मेगावाट की पांच इकाइयों में उत्पादन बंद होने से विद्युत आपूर्ति के और जटिल होने की संभावना है। कर्मचारी नेताओं का कहना है कि सरकार ने प्रस्तावित ओबरा डी संयंत्र को राष्ट्रीय ताप विद्युत निगम के हवाले करने का फैसला किया है जो उन्हे कतई मंजूर नहीं है। इससे पहले ओबरा सी की 660 मेगावाट की दो इकाइयों को निजी क्षेत्र के हवाले किया जा चुका है। सरकार की निजीकरण की नीति सही नहीं है। सरकार को हाल ही में लिये गये फैसले को वापस लेना चाहिये। पावर कारपोरेशन के इंजीनियर और कर्मचारी अपने उत्पादन संयंत्र को चलाने में पूरी तरह सक्षम है। </p>
<p>हड़ताली कर्मचारियों को हालांकि एस्मा का डर भी सता रहा है। कर्मचारियों का मानना है कि एस्मा के तहत कार्रवाई होने का असर उनके करियर पर पड़ेगा। उन्हे उम्मीद है कि मुख्यमंत्री के हस्तक्षेप से परिस्थितियां जल्द ही काबू में होंगी। बिजली कर्मचारियों की हड़ताल के चलते कई जिलों के विद्युत उपकेन्द्रों पर आमतौर पर सन्नाटा पसरा है। बिजली के बिल भुगतान काउंटर बंद होने से उपभोक्ता मायूस होकर वापस जा रहे है जबकि स्थानीय गड़बड़यिों को दुरूस्त करने के लिये चंद गैंगमैन उपलब्ध हैं। विद्युत आपूर्ति प्रभावित होने से कई इलाकों में पेयजल आपूर्ति भी लडख़ड़ा गयी है। उधर, कई जिलों में हल्की बारिश और ओलावृष्टि से हुये फाल्ट जस के तस पड़े हैं। हड़ताल से विरत कर्मचारी और इंजीनियर इन्हे दूर करने की भरसक कोशिश कर रहे हैं। </p>
<p>विद्युत उत्पादन को नियंत्रित करने के लिये एनटीपीसी के इंजीनियरों के अलावा निजी क्षेत्र के तकनीकी स्टाफ की भी मदद ली जा रही है। इस बीच सरकार ने हड़ताली संविदा कर्मचारियों को कार्यमुक्त करने की कार्यवाही शुरू कर दी है। </p>]]></content:encoded>
                
                                                            <category>भारत</category>
                                            <category>Top-News</category>
                                    

                <link>https://dainiknavajyoti.com/leads/power-supply-system-faltered-in-up-due-to-strike/article-40160</link>
                <guid>https://dainiknavajyoti.com/leads/power-supply-system-faltered-in-up-due-to-strike/article-40160</guid>
                <pubDate>Sat, 18 Mar 2023 11:54:21 +0530</pubDate>
                                    <enclosure
                        url="https://dainiknavajyoti.com/media/2023-03/electricity-3.jpg"                         length="61971"                         type="image/jpeg"  />
                
                                    <dc:creator><![CDATA[Jaipur ]]></dc:creator>
                            </item>
            <item>
                <title>बिजली संकट: कुछ इकाइयों में तीन दिन का ही कोयला बचा</title>
                                    <description><![CDATA[प्रदेश में बिजली खपत एक दिन में 31 करोड़ यूनिट तक पहुंच चुकी है। पिछले महीने यह 27 करोड़ यूनिट थी। बिजली डिमांड की बात करें तो आठ सितम्बर को अधिकतम डिमांड 15, 800 मेगावाट तक पहुंच गई थी और फिलहाल 15,200 मेगावाट के आसपास बनी हुई है,जबकि उपलब्धता 13,900 से 14,100 मेगावाट है।]]></description>
                
                                    <content:encoded><![CDATA[<a href="https://dainiknavajyoti.com/rajasthan/jaipur/five-power-units-stalled-cuts-continue/article-22719"><img src="https://dainiknavajyoti.com/media/400/2022-09/electricity-6.jpg" alt=""></a><br /><p>जयपुर। राजस्थान में पांच पावर प्लांट यूनिट्स ठप होने से बिजली संकट बना हुआ है। प्रदेश में बिजली डिमांड 15 हजार मेगावाट से ज्यादा पहुंच गई और उपलब्धता करीब 14 हजार मेगावाट बनी होने से एक हजार मेगावाट यूनिट्स से ज्यादा की कमी जारी है। इसी कारण ग्रामीण और शहरी क्षेत्रों में तीन से चार घंटे तक अघोषित कटौती की जा रही है। यूनिट्स अगर इस महीने ठप रहीं तो बिजली संकट और बढ़ सकता है।<br /><br /><strong>बिजली खपत एक दिन में पहुंची 31 करोड़ यूनिट तक</strong><br />प्रदेश में बिजली खपत एक दिन में 31 करोड़ यूनिट तक पहुंच चुकी है। पिछले महीने यह 27 करोड़ यूनिट थी। बिजली डिमांड की बात करें तो आठ सितम्बर को अधिकतम डिमांड 15, 800 मेगावाट तक पहुंच गई थी और फिलहाल 15,200 मेगावाट के आसपास बनी हुई है,जबकि उपलब्धता 13,900 से 14,100 मेगावाट है। सोलर और विंड पावर प्रोडक्शन में भी करीब दो हजार मेगावाट की कमी हुई है। सामान्य मौसम में 3100 मेगावाट तक मिलने वाली सोलर एनर्जी 2500 मेगावाट तक ही मिल रही है। विंड एनर्जी भी 2500 मेगावाट के करीब मिल रही थी, जो अभी 1700 मेगावाट तक ही मिल पा रही है। वहीं, कालीसिंध थर्मल पावर स्टेशन में केवल तीन से चार दिन, छबड़ा थर्मल पावर प्लांट में चार दिन, सूरतगढ़ थर्मल पावर स्टेशन में 12 दिन और क्रिटिकल प्लांट में 13 दिन का कोयला बाकी है।<br /><br /><strong>ये यूनिट हैं ठप<br /></strong>सूरतगढ़ सुपर क्रिटिकल थर्मल पावर प्लांट की सात नम्बर की 660 मेगावाट यूनिट, सूरतगढ़ थर्मल पावर स्टेशन की एक नम्बर की 250 मेगावाट यूनिट, कोटा थर्मल पावर स्टेशन की 210 मेगावाट की तीन नम्बर यूनिट, छबड़ा थर्मल पावर प्लांट की चार नम्बर की 250 मेगावाट और रामगढ़ जीटी 3 गैस आधारित 37.50 मेगावाट यूनिट अभी बंद है। इसके अलावा छबड़ा थर्मल पावर प्लांट की तीन नम्बर की 250 मेगावाट यूनिट 12 सितम्बर को फ्यूल की कमी से बंद हुई थी, जो अब चालू हो गई है। जेएसडब्ल्यूबीएल की छह नम्बर की 135 मेगावाट की यूनिट 10 से 12 सितम्बर तक लीकेज के कारण बंद रही थी। <br /><br /><strong>शहरी और ग्रामीण क्षेत्रों में जारी है अघोषित कटौती</strong><br />बिजली संकट के चलते ऊर्जा विकास निगम को रोजाना 60 से 70 लाख यूनिट बिजली एक्सचेंज के तहत खरीदनी पड़ रही है। इसके बाद भी कई फीडर्स से शहरी और ग्रामीण क्षेत्रों में तीन से चार घंटे तक अघोषित कटौती की जा रही है। इन दिनों मेंटनेंस के नाम पर फाल्ट और ट्रिपिंग के मामले बढ़ने से भी पावर कट हो रहा है।</p>]]></content:encoded>
                
                                                            <category>राजस्थान</category>
                                            <category>जयपुर</category>
                                            <category>Top-News</category>
                                    

                <link>https://dainiknavajyoti.com/rajasthan/jaipur/five-power-units-stalled-cuts-continue/article-22719</link>
                <guid>https://dainiknavajyoti.com/rajasthan/jaipur/five-power-units-stalled-cuts-continue/article-22719</guid>
                <pubDate>Wed, 14 Sep 2022 09:58:11 +0530</pubDate>
                                    <enclosure
                        url="https://dainiknavajyoti.com/media/2022-09/electricity-6.jpg"                         length="49901"                         type="image/jpeg"  />
                
                                    <dc:creator><![CDATA[Jaipur]]></dc:creator>
                            </item>
            <item>
                <title>अफगानिस्तान में बिजली टावरों के क्षतिग्रस्त होने से विद्युत आपूर्ति बंद </title>
                                    <description><![CDATA[अफगानिस्तान के परवान प्रांत में दो बिजली टावरों के क्षतिग्रस्त होने से अन्य 11 प्रांतों में विद्युत आपूर्ति बंद हो गयी। अफगानी ऊर्जा कंपनी द अफगानिस्तान ब्रेशना शेरकट ने यह जानकारी दी। ]]></description>
                
                                    <content:encoded><![CDATA[<a href="https://dainiknavajyoti.com/world/power-supply-closed-in-afghanistan/article-8907"><img src="https://dainiknavajyoti.com/media/400/2022-04/el-copy3.jpg" alt=""></a><br /><p>काबुल। अफगानिस्तान के परवान प्रांत में दो बिजली टावरों के क्षतिग्रस्त होने से अन्य 11 प्रांतों में विद्युत आपूर्ति बंद हो गयी। अफगानी ऊर्जा कंपनी द अफगानिस्तान ब्रेशना शेरकट ने यह जानकारी दी। कंपनी के मुताबिक परवान प्रांत में दक्षिणी सालंग के तघमा इलाके में अज्ञात बदमाशों ने बारुदी सुरंग विस्फोट से बदमाशों ने दो बिजली के टावरों को नष्ट कर दिया है।</p>
<p>काबुल समेत 10 अन्य प्रांतों में बिजली गुल हो गयी है। बयान में कहा गया कि बिजली आपूर्ति बहाल करने के लिए कंपनी की तकनीकी टीम युद्धस्तर पर काम में लगी है। </p>]]></content:encoded>
                
                                                            <category>दुनिया</category>
                                    

                <link>https://dainiknavajyoti.com/world/power-supply-closed-in-afghanistan/article-8907</link>
                <guid>https://dainiknavajyoti.com/world/power-supply-closed-in-afghanistan/article-8907</guid>
                <pubDate>Sat, 30 Apr 2022 17:02:12 +0530</pubDate>
                                    <enclosure
                        url="https://dainiknavajyoti.com/media/2022-04/el-copy3.jpg"                         length="217428"                         type="image/jpeg"  />
                
                                    <dc:creator><![CDATA[Jaipur]]></dc:creator>
                            </item>

            </channel>
        </rss>
        