<?xml version="1.0" encoding="utf-8"?>        <rss version="2.0"
            xmlns:content="http://purl.org/rss/1.0/modules/content/"
            xmlns:dc="http://purl.org/dc/elements/1.1/"
            xmlns:atom="http://www.w3.org/2005/Atom">
            <channel>
                <atom:link href="https://dainiknavajyoti.com/bank-fraud/tag-32146" rel="self" type="application/rss+xml" />
                <generator>Dainik Navajyoti Rising Rajasthan RSS Feed Generator</generator>
                <title>bank fraud - Dainik Navajyoti Rising Rajasthan</title>
                <link>https://dainiknavajyoti.com/tag/32146/rss</link>
                <description>bank fraud RSS Feed</description>
                
                            <item>
                <title>अनिल अंबानी के रिलायंस ग्रुप पर ED का शिकंजा: 581.65 करोड़ रुपये की 31 संपत्तियां जब्त, तलाशी के बाद कार्रवाई का आदेश</title>
                                    <description>
                        <![CDATA[प्रवर्तन निदेशालय (ED) ने रिलायंस होम फाइनेंस मामले में ₹581.65 करोड़ की 31 संपत्तियां कुर्क । फेमा और पीएमएलए के तहत हुई इस कार्रवाई से समूह की कुल जब्त संपत्ति ₹16,310 करोड़ । जांच में बैंकों से जुटाए गए ₹11,000 करोड़ के सार्वजनिक धन के गबन और फर्जी संस्थाओं में हेराफेरी का खुलासा।]]>
                    </description>
                
                                    <content:encoded>
                        <![CDATA[<a href="https://dainiknavajyoti.com/leads/eds-noose-on-anil-ambanis-reliance-group-31-properties-worth/article-146350"><img src="https://dainiknavajyoti.com/media/400/2026-03/anil-ambani-and-ed.png" alt=""></a><br /><p>नई दिल्ली। प्रवर्तन निदेशालय ने गुरुवार को कहा कि उसने रिलायंस होम फाइनेंस लिमिटेड (आरएचएफएल) और रिलायंस कमर्शियल फाइनेंस लिमिटेड (आरसीएफएल) से संबंधित मामलों में 581.65 करोड़ रुपये मूल्य की 31 अचल संपत्तियां जब्त की है। ईडी ने कहा कि जब्त की गई संपत्तियां गोवा, केरल, कर्नाटक, पंजाब, तमिलनाडु, उत्तर प्रदेश, हरियाणा, झारखंड, महाराष्ट्र, दिल्ली, पश्चिम बंगाल, आंध्र प्रदेश और राजस्थान में स्थित जमीन हैं। यह कुर्की विदेशी मुद्रा प्रबंधन अधिनियम (फेमा) के प्रावधानों के तहत रिलायंस पावर लिमिटेड के मामले में छह मार्च, 2026 को की गई तलाशी कार्रवाई के बाद की गई है।</p>
<p>गौरतलब है कि, ईडी ने इससे पहले आरसीएफएल/आरएचएफएल और रिलायंस कम्युनिकेशंस से जुड़े बैंक धोखाधड़ी मामलों में 15,729 करोड़ रुपये से अधिक की संपत्तियां जब्त की थीं। नवीनतम कार्रवाई के साथ, रिलायंस अनिल अंबानी समूह से संबंधित कुल जब्त की गई संपत्तियां 16,310 करोड़ रुपये हो चुकी हैं। इसके अलावा, पीएमएलए और फेमा के तहत तलाशी अभियानों के दौरान, सावधि जमा, म्यूचुअल फंड और नकदी के रूप में 2.48 करोड़ रुपये की संपत्ति को संबंधित कानूनों के प्रावधानों के अंतर्गत फ्रीज या जब्त किया गया। ईडी ने फेमा की धारा 37ए के तहत रिलायंस इंफ्रास्ट्रक्चर लिमिटेड के 13 बैंक खातों में जमा 77.86 करोड़ रुपये की राशि भी जब्त की।</p>
<p>ईडी ने केंद्रीय जांच ब्यूरो द्वारा भारतीय दंड संहिता की धारा 120-बी और 420 तथा भ्रष्टाचार निवारण अधिनियम, 1988 की धारा 13(2) और धारा 13(1)(डी) के तहत आरसीएफएल और आरएचएफएल के विरुद्ध दर्ज की गई कई एफआईआर के आधार पर पीएमएलए जांच शुरू की। ये एफआईआर यस बैंक, यूनियन बैंक ऑफ इंडिया और बैंक ऑफ महाराष्ट्र द्वारा दायर शिकायतों के आधार पर दर्ज की गई थीं।<br />ईडी की जांच से पता चला कि आरएचएफएल और आरसीएफएल ने कई बैंकों और वित्तीय संस्थानों से सार्वजनिक धन जुटाया था, जिसमें से 11,000 करोड़ रुपये से अधिक की राशि बाद में गैर-निष्पादित परिसंपत्तियों (एनपीए) में बदल गई।</p>
<p>एजेंसी के अनुसार, आरएचएफएल और आरसीएफएल द्वारा जुटाए गए धन को कथित रूप से रिलायंस समूह की विभिन्न कंपनियों जैसे रिलायंस इंफ्रास्ट्रक्चर लिमिटेड, रिलायंस पावर लिमिटेड, रिलायंस कम्युनिकेशंस और रिलायंस कैपिटल में स्थानांतरित किया गया था। ईडी ने आगे आरोप लगाया कि रिलायंस अनिल अंबानी समूह द्वारा नियंत्रित एवं प्रबंधित बड़ी संख्या में फर्जी या दिखावटी संस्थाओं के माध्यम से सार्वजनिक धन का गबन किया गया। रिपोर्ट के अनुसार, इन संस्थाओं की वित्तीय स्थिति नगण्य थी और इनका कोई वास्तविक व्यावसायिक संचालन नहीं था। जांच से समूह के प्रवर्तकों और प्रमुख व्यक्तियों की गलत मंशा का संकेत मिला।</p>
<p>एजेंसी ने कहा कि उसने सार्वजनिक धन की हेराफेरी के लिए विभिन्न संस्थाओं और समूह के सदस्यों के माध्यम से कथित रूप से इस्तेमाल की जाने वाली कार्यप्रणाली की भी पहचान कर ली है। 11 मार्च, 2026 के अंतरिम कुर्की आदेश के माध्यम से जब्त की गई संपत्तियां अपराध से प्राप्त आय के मूल्य को दर्शाती हैं। ईडी के एक अधिकारी ने कहा, "ईडी वित्तीय अपराधों के अपराधियों के पीछे सक्रियता से लगी हुई है और अपराध की आय को उनके सही हकदारों को वापस दिलाने के लिए प्रतिबद्ध है।" मामले में आगे की जांच जारी है।</p>]]>
                    </content:encoded>
                
                                                            <category>भारत</category>
                                            <category>Top-News</category>
                                    

                <link>https://dainiknavajyoti.com/leads/eds-noose-on-anil-ambanis-reliance-group-31-properties-worth/article-146350</link>
                <guid>https://dainiknavajyoti.com/leads/eds-noose-on-anil-ambanis-reliance-group-31-properties-worth/article-146350</guid>
                <pubDate>Fri, 13 Mar 2026 13:23:43 +0530</pubDate>
                                    <enclosure
                        url="https://dainiknavajyoti.com/media/2026-03/anil-ambani-and-ed.png"                         length="603012"                         type="image/png"  />
                
                                    <dc:creator>
                        <![CDATA[Jaipur NM]]>
                    </dc:creator>
                            </item>
            <item>
                <title>पीएनबी धोखाधड़ी मामला: सीबीआई ने अनिल अंबानी के खिलाफ दर्ज किया नया केस, संतोषकृष्ण अन्नावरपु की शिकायत पर हुई कार्रवाई</title>
                                    <description>
                        <![CDATA[सीबीआई ने पंजाब नेशनल बैंक की शिकायत पर अनिल अंबानी और रिलायंस कम्युनिकेशंस के खिलाफ ₹1,085 करोड़ की धोखाधड़ी का नया केस दर्ज किया है। आरोप है कि 2013-2017 के बीच ऋण राशि का आपराधिक साजिश के तहत दुरुपयोग किया गया। जांच एजेंसी अब इस वित्तीय हेरफेर और फंड डायवर्जन की कड़ियों को खंगाल रही है।]]>
                    </description>
                
                                    <content:encoded>
                        <![CDATA[<a href="https://dainiknavajyoti.com/business/pnb-fraud-case-cbi-registered-a-new-case-against-anil/article-145702"><img src="https://dainiknavajyoti.com/media/400/2026-03/anil-ambani.png" alt=""></a><br /><p>नई दिल्ली। केंद्रीय जांच ब्यूरो (सीबीआई) ने पंजाब नेशनल बैंक (पीएनबी) की शिकायत पर रिलायंस कम्युनिकेशंस के प्रमुख अनिल अंबानी के खिलाफ 1,085 करोड़ रुपये की ऋण धोखाधड़ी और आपराधिक साजिश का एक नया मामला दर्ज किया है। यह कार्रवाई पीएनबी के मुख्य प्रबंधक संतोषकृष्ण अन्नावरपु की एक शिकायत के आधार पर की गई है।</p>
<p>यूनी(एजेंसी) के पास मौजूद इस प्राथमिकी की प्रति के अनुसार, इसमें आरोप लगाया गया है कि वर्ष 2013 से 2017 के बीच अनिल अंबानी और रिलायंस कम्युनिकेशंस के तत्कालीन अधिकारियों ने कथित तौर पर पीएनबी के साथ 1,085 करोड़ रुपये की धोखाधड़ी की। बैंक का आरोप है कि रिलायंस कम्युनिकेशंस ने यह कर्ज वापस न करने की नीयत से प्राप्त किया। पीएनबी ने दावा किया कि कंपनी ने बैंक से प्राप्त धन को जानबूझकर अन्य उद्देश्यों के लिए इस्तेमाल किया। ऐसा करना धोखाधड़ी और विश्वास के आपराधिक उल्लंघन के समान है।</p>
<p>सीबीआई द्वारा दर्ज इस प्राथमिकी में रिलायंस कम्युनिकेशंस, अनिल अंबानी के अलावा कुछ अन्य लोगों को भी आरोपी बनाया गया है। वह अब इस मामले में वित्तीय हेरफेर और धन के हस्तांतरण की कड़ियों की जांच करेगी।</p>]]>
                    </content:encoded>
                
                                                            <category>भारत</category>
                                            <category>बिजनेस</category>
                                    

                <link>https://dainiknavajyoti.com/business/pnb-fraud-case-cbi-registered-a-new-case-against-anil/article-145702</link>
                <guid>https://dainiknavajyoti.com/business/pnb-fraud-case-cbi-registered-a-new-case-against-anil/article-145702</guid>
                <pubDate>Sun, 08 Mar 2026 13:30:30 +0530</pubDate>
                                    <enclosure
                        url="https://dainiknavajyoti.com/media/2026-03/anil-ambani.png"                         length="746654"                         type="image/png"  />
                
                                    <dc:creator>
                        <![CDATA[Jaipur NM]]>
                    </dc:creator>
                            </item>
            <item>
                <title>425 करोड़ रुपए की बैंक धोखाधड़ी : ईडी ने दिल्ली और पुणे में 10 जगह की छापेमारी, कंपनी के प्रवर्तकों और निदेशकों पर कर्ज गबन और धन को असंबंधित संस्थाओं में भेजने का आरोप </title>
                                    <description>
                        <![CDATA[ईडी ने गुप्ता एक्जिम इंडिया प्राइवेट लिमिटेड के 425 करोड़ रुपए के बैंक धोखाधड़ी मामले में दिल्ली और पुणे में दस स्थानों पर एक साथ छापेमारी की है। ]]>
                    </description>
                
                                    <content:encoded>
                        <![CDATA[<a href="https://dainiknavajyoti.com/leads/425-crore-bank-fraud-ed-accused-the-promoters-and-directors/article-125594"><img src="https://dainiknavajyoti.com/media/400/2025-09/1ne1ws-(630-x-400-px)-(7).png" alt=""></a><br /><p>नई दिल्ली। प्रवर्तन निदेशालय (ईडी) ने गुप्ता एक्जिम इंडिया प्राइवेट लिमिटेड के 425 करोड़ रुपए के बैंक धोखाधड़ी मामले में दिल्ली और पुणे में दस स्थानों पर एक साथ छापेमारी की है। इस कंपनी के प्रवर्तकों और निदेशकों पर पंजाब नेशनल बैंक (पीएनबी) का कर्ज गबन करने और धन को असंबंधित संस्थाओं में भेजने का आरोप है।</p>
<p>ईडी सूत्रों ने बताया, गुप्ता एक्जिम इंडिया प्राइवेट लिमिटेड के बैंक धोखाधड़ी मामले में दस ठिकानों पर तलाशी अभियान चल रहा है, जिनमें से नौ दिल्ली में और एक पुणे, महाराष्ट्र में है। सूत्रों ने कहा कि पंजाब नेशनल बैंक (पीएनबी) की शिकायत के आधार पर सीबीआई ने मामला दर्ज किया था। इस प्राथमिकी के आधार पर प्रवर्तन निदेशालय ने आगे जांच शुरू की थी। बैंक ने आरोप लगाया था कि इस कंपनी, उसके प्रवर्तकों और निदेशकों ने कथित तौर पर पीएनबी (पूर्व में ई-ओबीसी बैंक) से लगभग 425 करोड़ रुपए की हेराफेरी की।</p>
<p>सूत्रों ने बताया कि ऋण राशि की बड़ी मात्रा मेसर्स गुप्ता एक्जिम की विभिन्न संबंधित संस्थाओं में स्थानांतरित कर दी गई, जो इस कंपनी के किसी भी व्यवसाय में शामिल नहीं थीं। मामले की जांच की जा रही है।</p>
<p> </p>
<p> </p>
<p> </p>]]>
                    </content:encoded>
                
                                                            <category>भारत</category>
                                            <category>Top-News</category>
                                    

                <link>https://dainiknavajyoti.com/leads/425-crore-bank-fraud-ed-accused-the-promoters-and-directors/article-125594</link>
                <guid>https://dainiknavajyoti.com/leads/425-crore-bank-fraud-ed-accused-the-promoters-and-directors/article-125594</guid>
                <pubDate>Tue, 02 Sep 2025 17:57:50 +0530</pubDate>
                                    <enclosure
                        url="https://dainiknavajyoti.com/media/2025-09/1ne1ws-%28630-x-400-px%29-%287%29.png"                         length="91380"                         type="image/png"  />
                
                                    <dc:creator>
                        <![CDATA[Jaipur KD]]>
                    </dc:creator>
                            </item>
            <item>
                <title>बैंक धोखाधड़ी की घटनाओं में कमी, लेकिन रकम में तीन गुना बढ़ोतरी</title>
                                    <description>
                        <![CDATA[देश में वित्त वर्ष 2024-25 के दौरान बैंक धोखाधड़ी की घटनाओं में कमी आई है।]]>
                    </description>
                
                                    <content:encoded>
                        <![CDATA[<a href="https://dainiknavajyoti.com/bharat/decrease-in-bank-fraud-incidents-but-three-times-the-amount/article-115808"><img src="https://dainiknavajyoti.com/media/400/2025-05/rtroer-(8)4.png" alt=""></a><br /><p>नई दिल्ली। देश में वित्त वर्ष 2024-25 के दौरान बैंक धोखाधड़ी की घटनाओं में कमी आई है, लेकिन इनकी रकम में तीन गुना वृद्धि दर्ज की गई है। अपराधियों ने बैंक धोखाधड़ी के जरिए 36,014 करोड़ रुपए का चूना लगाया है। भारतीय रिजर्व बैंक की गुरुवार को जारी वार्षिक रिपोर्ट में यह जानकारी दी गयी है। इसमें कहा गया है कि मार्च 2025 में समाप्त इस वित्त वर्ष में बैंकों से जुड़ी धोखाधड़ी की 23,953 घटनाएं हुईं। यह वित्त वर्ष 2024 से 34 प्रतिशत कम है। हालांकि, धोखाधड़ी में शामिल राशि बढ़कर 36,014 करोड़ रुपए हो गई। ज्यादातर मामले डिजिटल भुगतान में हुए हैं। </p>
<p><strong>निजी में मामले अधिक और सरकारी बैंकों में राशि अधिक :</strong></p>
<p>केंद्रीय बैंक की रिपोर्ट के अनुसार बीते वित्त वर्ष में निजी क्षेत्र के बैंकों ने धोखाधड़ी के ज्यादा मामले दर्ज किए गये लेकिन सरकारी बैंकों का धोखाधड़ी की राशि में अधिकतम योगदान रहा। इसमें कहा गया है कि वित्त वर्ष 2023-24 की तुलना में 2024-25 के दौरान रिपोर्ट की गई कुल धोखाधड़ी में शामिल राशि में वृद्धि हुई है। इस वृद्धि का मुख्य कारण पिछले वित्त वर्षों के दौरान रिपोर्ट किए गए 18,674 करोड़ रुपए की राशि के 122 मामलों का फिर से धोखाधड़ी के रूप में वर्गीकरण किया जाना है। यह कदम 27 मार्च, 2023 को आए उच्चतम न्यायालय के फैसले के अनुपालन को सुनिश्चित करने के लिए उठाया गया। इन मामलों की दोबारा जांच की गई और चालू वित्त वर्ष के दौरान इन्हें नए सिरे से रिपोर्ट किया गया।</p>
<p><strong>निजी क्षेत्रों में 14,233 मामले दर्ज : </strong>केन्द्रीय बैंक ने कहा कि रिपोर्ट किए गए डेटा एक लाख रुपए और उससे ज़्यादा की धोखाधड़ी के लिए हैं। इसके अलावा, एक साल में रिपोर्ट की गई धोखाधड़ी रिपोर्टिंग के साल से कई साल पहले हुई हो सकती है। वित्त वर्ष 2025 में निजी क्षेत्रों के बैंकों ने धोखाधड़ी के सबसे ज़्यादा 14,233 मामले दर्ज किए।</p>
<p><strong>सरकारी बैंकों में 6,935 मामले दर्ज : </strong>यह बैंकिंग सेक्टर के सभी मामलों का 59.4 प्रतिशत है। सरकारी बैंकों ने 6,935 मामले (29 प्रतिशत) दर्ज किए, लेकिन इसमें शामिल राशि 25,667 करोड़ (कुल का 71.3 प्रतिशत) ज़्यादा थी जबकि निजी क्षेत्र के बैंकों ने 10,088 करोड़ रुपए की धोखाधड़ी की रिपोर्ट की।   </p>
<p><strong>डिजिटल भुगतान में वृद्धि से बैंक नोटों के मूल्य और जीडीपी अनुपात में गिरावट जारी : रिपोर्ट</strong></p>
<p>भारतीय रिजर्व बैंक (आरबीआई) की वित्त वर्ष 2024-25 की वार्षिक रिपोर्ट के अनुसार, प्रचलन में बैंक नोटों के मूल्य और जीडीपी अनुपात में गिरावट जारी है, क्योंकि वित्त वर्ष 2025 में यह घटकर 11.11 प्रतिशत रह गया, जबकि वित्त वर्ष 2024 में यह 11.5 प्रतिशत था। रिपोर्ट के अनुसार दो साल पहले वित्त वर्ष 2023 में प्रचलन में बैंक नोटों का मूल्य जीडीपी अनुपात में 12.5 प्रतिशत था, जो देश में डिजिटल भुगतान की सफलता को दर्शाता है। गुरुवार को जारी इस वार्षिक रिपोर्ट के अनुसार प्रचलन में बैंक नोटों का मूल्य वित्त वर्ष 2025 में 6 प्रतिशत बढ़कर 36.88 लाख करोड़ हो गया, जबकि पहले यह 34.78 लाख करोड़ था।  रिपोर्ट के अनुसार प्रचलन में मुद्रा, जिसमें बैंक नोट, सिक्के और डिजिटल रुपया (ई-रुपया) शामिल हैं, का विस्तार जारी रहा, जो डिजिटल विकल्पों को अपनाने के साथ-साथ नकदी की मांग से प्रेरित था। 2024-25 के दौरान प्रचलन में बैंक नोटों के मूल्य और मात्रा में क्रमश: 6.0 प्रतिशत और 5.6 प्रतिशत की वृद्धि हुई। 500 रुपए के नोट मुद्रा परिदृश्य पर हावी रहे, जो मात्रा के हिसाब से सभी नोटों का 40.9 प्रतिशत और मूल्य के हिसाब से 86 प्रतिशत था, इसके बाद मात्रा के हिसाब से 10 रुपए के नोट थे। कैशलेस भुगतान में वृद्धि के बावजूद, 10, 20 और 50 रुपए जैसे कम मूल्य वाले नोट अभी भी मात्रा के हिसाब से सभी नोटों का लगभग एक तिहाई हिस्सा बनाते हैं। </p>
<p><strong>2000 के 98.2% नोट आए :</strong> रिपोर्ट के अनुसार 2000 रुपए के नोटों को वापस लेने की प्रक्रिया में और तेज़ी आई। 31 मार्च, 2025 तक मूल रूप से प्रचलन में मौजूद 3.56 लाख करोड़ रु. में से 98.2 प्रतिशत बैंकिंग सिस्टम में वापस आ गए। आरबीआई ने 2, 5 और 2000 रुपये के नोटों की छपाई बंद कर दी है जो अधिक बार इस्तेमाल किए जाने वाले मूल्यवर्ग की ओर बदलाव का संकेत है।  </p>]]>
                    </content:encoded>
                
                                                            <category>भारत</category>
                                    

                <link>https://dainiknavajyoti.com/bharat/decrease-in-bank-fraud-incidents-but-three-times-the-amount/article-115808</link>
                <guid>https://dainiknavajyoti.com/bharat/decrease-in-bank-fraud-incidents-but-three-times-the-amount/article-115808</guid>
                <pubDate>Fri, 30 May 2025 10:53:44 +0530</pubDate>
                                    <enclosure
                        url="https://dainiknavajyoti.com/media/2025-05/rtroer-%288%294.png"                         length="413361"                         type="image/png"  />
                
                                    <dc:creator>
                        <![CDATA[Jaipur KD]]>
                    </dc:creator>
                            </item>
            <item>
                <title>सावधान : बैंक खाते में पैसा जमा होने का फर्जी एसएमएस भेज साइबर धोखाधड़ी कर रहे हैं ठग</title>
                                    <description>
                        <![CDATA[इस लिंक पर क्लिक करने से आपके फोन व कम्प्यूटर में मैलवेयर डाउनलोड हो सकता हैं, आपका बैंक खाता खाली हो सकता हैं और आप एक बड़ी साइबर ठगी के शिकार हो सकते हैं।]]>
                    </description>
                
                                    <content:encoded>
                        <![CDATA[<a href="https://dainiknavajyoti.com/rajasthan/jaipur/fake-sms-of-depositing-money-in-careful-bank-account-is/article-108890"><img src="https://dainiknavajyoti.com/media/400/2022-03/cyber-crime.png" alt=""></a><br /><p>जयपुर। आजकल साइबर धोखाधड़ी के मामले बहुत बढ़ रहे हैं, साइबर क्रिमिनल नए-नए तरीके अपनाकर लोगों को ठग रहे हैं। इनमें से एक तरीका है फर्जी एसएमएस भेजकर लिंक के जरिए धोखाधड़ी करना। इसके संबंध में पुलिस मुख्यालय की साइबर शाखा ने एडवाइजरी जारी की गई है। अगर आपको भी ऐसा ही कोई मैसेज मिले तो उसमें दिए गए लिंक पर क्लिक न करें, ओटीपी, बैंक खाता नंबर, पासवर्ड सहित अन्य कोई जानकारी शेयर ना करें। डीजी साइबर क्राइम हेमंत प्रियदर्शी ने बताया कि वर्तमान में आपके बैंक खाते में पैसे जमा होने का फर्जी एसएमएस के साथ लिंक भेजकर पैसों की ठगी की जा रही है।</p>
<p>ऐसे में आमजन अपने खातों की सुरक्षा के लिए व ऐसी धोखाधड़ी से बचने के लिए सभी को बैंकिंग अलर्ट्स का ध्यानपूर्वक विश्लेषण कर भारतीय रिजर्व बैंक (आरबीआई) के द्वारा जारी गाइड लाइन की पालना करनी चाहिए। यदि आपको ऐसा कोई संदिग्ध मैसेज प्राप्त होता है तो ऐसी घटनाओं में सतर्कता और सावधानी अत्यंत अहम है। इस लिंक पर क्लिक करने से आपके फोन व कम्प्यूटर में मैलवेयर डाउनलोड हो सकता हैं, आपका बैंक खाता खाली हो सकता हैं और आप एक बड़ी साइबर ठगी के शिकार हो सकते हैं।</p>]]>
                    </content:encoded>
                
                                                            <category>राजस्थान</category>
                                            <category>जयपुर</category>
                                    

                <link>https://dainiknavajyoti.com/rajasthan/jaipur/fake-sms-of-depositing-money-in-careful-bank-account-is/article-108890</link>
                <guid>https://dainiknavajyoti.com/rajasthan/jaipur/fake-sms-of-depositing-money-in-careful-bank-account-is/article-108890</guid>
                <pubDate>Fri, 28 Mar 2025 10:39:13 +0530</pubDate>
                                    <enclosure
                        url="https://dainiknavajyoti.com/media/2022-03/cyber-crime.png"                         length="276158"                         type="image/png"  />
                
                                    <dc:creator>
                        <![CDATA[Jaipur ]]>
                    </dc:creator>
                            </item>
            <item>
                <title>सीबीआई ने बैंक धोखाधड़ी के मामले में व्यापारी के आवास पर मारा छापा</title>
                                    <description>
                        <![CDATA[उद्योगपति के घर अधिकारी पहुंचे और मुख्य आरोपी को हिरासत में लेकर तलाशी शुरू कर दी।]]>
                    </description>
                
                                    <content:encoded>
                        <![CDATA[<a href="https://dainiknavajyoti.com/bharat/cbi-raid-at-residence-of-businessman--in-bank-fraud-case/article-21772"><img src="https://dainiknavajyoti.com/media/400/2022-09/46546546543.jpg" alt=""></a><br /><p>कोलकाता। केंद्रीय जांच ब्यूरो (सीबीआई) की भ्रष्टाचार निरोधी इकाई ने करोड़ों रुपये की बैंक धोखाधड़ी मामले में दक्षिण कोलकाता में एक व्यापारी के आवास पर छापा मारा। सीबीआई के उद्योगपति के घर अधिकारी पहुंचे और मुख्य आरोपी को हिरासत में लेकर तलाशी शुरू कर दी। सूत्रों ने बताया कि सीबीआई ने रामस्वरूप इंडस्ट्रीज के मालिक आशीष झुनझुनवाला को हिरासत में लिया, जिसकी कुछ बैंक अधिकारियों ने सहायता की थी।</p>
<p>सूत्रों ने बताया कि आरोपी ने कथित तौर पर बैंकों को 184 करोड़ रुपए की धोखाधड़ी की है। इस मामले में 2020 में बैंक की ओर से ऋण की राशि नहीं लौटान पर उद्योगपति के खिलाफ मामला दर्ज कराया गया था। </p>]]>
                    </content:encoded>
                
                                                            <category>भारत</category>
                                    

                <link>https://dainiknavajyoti.com/bharat/cbi-raid-at-residence-of-businessman--in-bank-fraud-case/article-21772</link>
                <guid>https://dainiknavajyoti.com/bharat/cbi-raid-at-residence-of-businessman--in-bank-fraud-case/article-21772</guid>
                <pubDate>Mon, 05 Sep 2022 14:51:17 +0530</pubDate>
                                    <enclosure
                        url="https://dainiknavajyoti.com/media/2022-09/46546546543.jpg"                         length="78444"                         type="image/jpeg"  />
                
                                    <dc:creator>
                        <![CDATA[Jaipur ]]>
                    </dc:creator>
                            </item>

            </channel>
        </rss>
        