<?xml version="1.0" encoding="utf-8"?>        <rss version="2.0"
            xmlns:content="http://purl.org/rss/1.0/modules/content/"
            xmlns:dc="http://purl.org/dc/elements/1.1/"
            xmlns:atom="http://www.w3.org/2005/Atom">
            <channel>
                <atom:link href="https://dainiknavajyoti.com/lahariya/tag-47888" rel="self" type="application/rss+xml" />
                <generator>Dainik Navajyoti Rising Rajasthan RSS Feed Generator</generator>
                <title>Lahariya - Dainik Navajyoti Rising Rajasthan</title>
                <link>https://dainiknavajyoti.com/tag/47888/rss</link>
                <description>Lahariya RSS Feed</description>
                
                            <item>
                <title>हरियाली तीज महोत्सव-2024: लहरिया पहन जयपुर की महिलाओं ने महापौर सौम्या संग मनाई तीज</title>
                                    <description>
                        <![CDATA[ स्वयं सहायता समूह की महिलाओं द्वारा हैंडमेड प्रोडक्ट की स्टॉल भी लगाई गई, जिस पर महिलाओं ने खरीदारी की।  ]]>
                    </description>
                
                                    <content:encoded>
                        <![CDATA[<a href="https://dainiknavajyoti.com/rajasthan/jaipur/women-of-jaipur-wearing-lahariya-celebrated-teej-with-mayor-soumya/article-86928"><img src="https://dainiknavajyoti.com/media/400/2024-08/4111111u1rer.png" alt=""></a><br /><p>जयपुर। नगर निगम जयपुर ग्रेटर की ओर से सोमवार को हरियाली तीज महोत्सव मनाया गया। मुहाना रोड पर एक निजी होटल में गुलाबी नगरी की गुलाबी लहरिया थीम पर महोत्सव में लहरिया पहन जयपुर की महिलाओं ने महापौर संग सावन की तीज परंपरागत रूप से मनाई। इस दौरान सबसे बड़ा घेवर बनवाकर निगम ग्रेटर ने कीर्तिमान मनाया। कार्यक्रम में निगम ग्रेटर महापौर डॉ. सौम्या गुर्जर ने बताया कि हर वर्ष तीज महोत्सव मनाया जाता रहा है। राजस्थान की महिलाओं के लिए तीज का विशेष महत्व है। इस बार शहर की सैकड़ों महिलाओं और विभिन्न महिला संगठनों के साथ प्रश्नोत्तरी, घूमर, मेहंदी, थाली मेकिंग, बणी ठणी, घेवर बनाने जैसी कई प्रतियोगिताएं हुई। इसके साथ ही सबसे बड़ा घेवर बनाकर एशिया बुक आॅफ रिकार्ड्स, इंडिया बुक आॅफ रिकार्ड्स में नाम दर्ज कर कीर्तिमान स्थापित किया। कार्यक्रम में तीज का झूला, घेवर, तीज की सवारी और पूजन, घूमर के साथ-साथ महिलाओं को तीज के महत्व को जानकारी देने के साथ ही तीज की सवारी भी निकाली गई। कार्यक्रम में उपहार के रूप में पेड़ दिया गया। इससे महिला शक्ति इस मुहिम में जुड़कर एक करोड़ पेड़ लगाने के लक्ष्य में बढ़ चढ़कर भाग ले। इसके साथ ही स्वयं सहायता समूह की महिलाओं द्वारा हैंडमेड प्रोडक्ट की स्टॉल भी लगाई गई, जिस पर महिलाओं ने खरीदारी की। </p>
<p><strong>तीज महोत्सव में बना बड़ा कीर्तिमान </strong><br />इस तीज महोत्सव में निगम की ओर से महिलाओं का घेवर से मुुंह मीठा किया गया। सवा सात फीट के घेवर को 20 कारीगरों ने पांचवें प्रयास में बनाया, जिसमें एक हजार किलो घी, 105 किलो मैदा, 125 किलो पनीर, 125 किलो दूध से घेवर तैयार किया है। यह घेवर 800 किलो की कड़ाई पर बनाया, जिसकी चौड़ाई 7.50 फीट एवं 10 इंच लम्बा है।</p>]]>
                    </content:encoded>
                
                                                            <category>राजस्थान</category>
                                            <category>जयपुर</category>
                                    

                <link>https://dainiknavajyoti.com/rajasthan/jaipur/women-of-jaipur-wearing-lahariya-celebrated-teej-with-mayor-soumya/article-86928</link>
                <guid>https://dainiknavajyoti.com/rajasthan/jaipur/women-of-jaipur-wearing-lahariya-celebrated-teej-with-mayor-soumya/article-86928</guid>
                <pubDate>Tue, 06 Aug 2024 09:58:39 +0530</pubDate>
                                    <enclosure
                        url="https://dainiknavajyoti.com/media/2024-08/4111111u1rer.png"                         length="630228"                         type="image/png"  />
                
                                    <dc:creator>
                        <![CDATA[Jaipur]]>
                    </dc:creator>
                            </item>
            <item>
                <title>इंद्रधनुषी रंगों से लगाव के कारण महिलाओं को लुभाता है लहरिया</title>
                                    <description>
                        <![CDATA[प्रिंटिंग के लिए सांगानेर, आकोला, बाड़मेर, बालोतरा, बगरू आदि स्थानों पर छीपा जाति के लोग प्रसिद्ध हैं। नवविवाहिताओं की पहली तीज पर भी लहरिया की साड़ी भेजी जाती है। ]]>
                    </description>
                
                                    <content:encoded>
                        <![CDATA[<a href="https://dainiknavajyoti.com/rajasthan/jaipur/lahariya-attracts-women-due-to-its-love-for-rainbow-colours/article-83460"><img src="https://dainiknavajyoti.com/media/400/2024-07/photo-size-(5)1.png" alt=""></a><br /><p>जयपुर। लहरिया परिधान सभी तरह के इंडियन वियर में इस्तेमाल होने वाला आम फैशन बन गया है। तीज त्यौहार के वक्त महिलाएं लहरिया साड़ी पहनना पसंद करती हैं। लहरिया में जोधपुर का मोठड़ा प्रसिद्ध है, जिसमें आड़ी रेखाएं एक दूसरे को काटती हैं। लहरिया का इस्तेमाल राजाओं की पगड़ी पर होता था। अब लहरिया का नया मॉर्डन अवतार भी निराला है। जिसमें साड़ी, सलवार सूट, लहंगों के साथ रजवाड़ी पगड़ी, स्कार्फ और स्टॉल में लहरिया पसंद किया जाता है। पुरुष लहरिया शर्ट के साथ कुर्ते आजमा रहे हैं। विदेशों में इनकी अत्यधिक डिमांड है। लहरिया टाई एंड डाई का ही रूप है। इसकी प्रिंटिंग के लिए सांगानेर, आकोला, बाड़मेर, बालोतरा, बगरू आदि स्थानों पर छीपा जाति के लोग प्रसिद्ध हैं। नवविवाहिताओं की पहली तीज पर भी लहरिया की साड़ी भेजी जाती है। </p>
<p>वेद वेदांग अनुशीलन संस्थान के अधिष्ठाता ज्योतिषाचार्य पंडित दुर्गादत्त शिवदत्त शास्त्री ने बताया कि ऐसा माना जाता है कि सावन के महीने में इंद्रधनुषी रंगों से उनको लगाव हो जाता है और वही रंग उन्हें अत्यधिक लुभाते हैं। इसलिए सावन में विशेष रूप से महिलाएं लहरिया की साड़ी, चुनरी दुपट्टा पहनती हैं।   </p>
<p><strong>साड़ियों में जरदोजी, कुंदन पोलकी का फैंसी वर्क खास</strong><br />बड़ी चौपड़ पर लहरिया विक्रेता विष्णु टांक ने बताया कि ये टाई और डाई का एक रूप है। पिछले कुछ सालों में बहुरंगी लहरिया बहुतायत में बन रही है। पहले फीरोजी, रानी, पिंक, पीले कलर थे, अब नई पीढ़ी के हिसाब से करीब पन्द्रह रंगों में लहरिया तैयार किया जाएगा। जौहरी बाजार के लहरिया विक्रेता रामेश्वर लाल गोयल ने बताया कि लहरिए में गोटा पत्ती वर्क के साथ फैन्सी वर्क का इस्तेमाल किया जा रहा है। लहरिया में साड़ी 8 हजार रुपए से लेकर 35 हजार तक है।  </p>]]>
                    </content:encoded>
                
                                                            <category>राजस्थान</category>
                                            <category>जयपुर</category>
                                    

                <link>https://dainiknavajyoti.com/rajasthan/jaipur/lahariya-attracts-women-due-to-its-love-for-rainbow-colours/article-83460</link>
                <guid>https://dainiknavajyoti.com/rajasthan/jaipur/lahariya-attracts-women-due-to-its-love-for-rainbow-colours/article-83460</guid>
                <pubDate>Wed, 03 Jul 2024 09:49:58 +0530</pubDate>
                                    <enclosure
                        url="https://dainiknavajyoti.com/media/2024-07/photo-size-%285%291.png"                         length="649489"                         type="image/png"  />
                
                                    <dc:creator>
                        <![CDATA[Jaipur]]>
                    </dc:creator>
                            </item>

            </channel>
        </rss>
        