<?xml version="1.0" encoding="utf-8"?>        <rss version="2.0"
            xmlns:content="http://purl.org/rss/1.0/modules/content/"
            xmlns:dc="http://purl.org/dc/elements/1.1/"
            xmlns:atom="http://www.w3.org/2005/Atom">
            <channel>
                <atom:link href="https://dainiknavajyoti.com/very/tag-5729" rel="self" type="application/rss+xml" />
                <generator>Dainik Navajyoti Rising Rajasthan RSS Feed Generator</generator>
                <title>very - Dainik Navajyoti Rising Rajasthan</title>
                <link>https://dainiknavajyoti.com/tag/5729/rss</link>
                <description>very RSS Feed</description>
                
                            <item>
                <title>अश्विनी, भरणी और कृतिका नक्षत्र के असर से इस बार नौतपा से पहले खूब तप रहा कोटा</title>
                                    <description><![CDATA[इस बार गर्मी के तीखे तेवरों से शहरवासी  परेशान हो रहे हैं । सुबह 11:30 बजे ही पारा 44.4 डिग्री पर पहुंच गया हैं। मई में शहर में 10 साल बाद ऐसी भीषण गर्मी पड़ रही है। माइथोलॉजी के हिसाब से इसकी एक खास वजह नक्षत्रों का प्रभाव है।]]></description>
                
                                    <content:encoded><![CDATA[<a href="https://dainiknavajyoti.com/rajasthan/kota/this-time-before-the-nautapa--the-kota-was-very-hot/article-10124"><img src="https://dainiknavajyoti.com/media/400/2022-05/garmi3.jpg" alt=""></a><br /><p>कोटा। इस बार गर्मी के तीखे तेवरों से शहरवासी  परेशान हो रहे हैं । सुबह 11:30 बजे ही पारा 44.4 डिग्री पर पहुंच गया हैं। मई में शहर में 10 साल बाद ऐसी भीषण गर्मी पड़ रही है। माइथोलॉजी के हिसाब से इसकी एक खास वजह नक्षत्रों का प्रभाव है। ज्योतिषाचार्य पंडित अरुण श्रृंगी ने बताया कि यह अश्विनी, भरणी और कृतिका नक्षत्र का प्रभाव है। अश्विनी सूर्य का नक्षत्र है, भरणी मंगल का और कृतिका शनि का नक्षत्र है। ये सूर्य के समकक्ष नक्षत्र हैं।<br />शनि अपनी राशि से वक्री हो रहा है यानी यह स्वयं की राशि से निकलकर दूसरी राशियों में प्रवेश करेगा। ऐसा योग 30 साल बाद बन रहा है, इसीलिए इस बार तपिश ज्यादा है। नौतपा रोहिणी नक्षत्र के कारण तपता है, लेकिन इस बार नौतपा से पहले ही ज्यादा तपिश होगी।<br /><br /><strong> 25 मई से 2 जून तक ही रहेगा  नौतपा</strong><br />नौतपा हर साल 25 मई से 2 जून की अवधि तक ही पड़ता है। इसकी अवधि और तारीख में कभी बदलाव नहीं होता। नौतपा 10 साल में सिर्फ 3 बार ही अपनी तासीर के मुताबिक खूब तपा। ऐसा 2015, 2018 और 2019 में हुआ था। इन 3 सालों में नौतपा का औसत तापमान 44 डिग्री पहुंच सका था।<br /><br /><strong>3 दिन गर्मी के तेवर रहेंगे तेज</strong><br />ज्योतिषाचार्य डॉ दीपक शर्मा ने बताया कि इस बार नौतपा के बीच वृष राशि में सूर्य के साथ चन्द्रमा रहेगा, जो 29 मई से एक जून तक रहेंगे। ऐसे में इन तीन दिनों में गर्मी के तेवर ज्यादा तेज रहने की संभावना है। चन्द्रमा इसके बाद 5 जून तक मिथुन व कर्क राशि में रहेगा। फिर 6 से 8 जून तक चन्द्रमा सिंह राशि में रहेगा। इन तीन दिनों में तेज हवाएं भी चलेंगी। <br /><br /><strong>मौसम विज्ञान में यह 9 दिन सामान्य दिनों की तरह ही</strong> <br />मौसम विशेषज्ञ राधेश्याम के मुताबिक यह नौतपे के यह 9 दिन भी सामान्य दिनों की तरह ही गिने जाते हैं।वहीं मौसम विभाग मई महीने में तेज गर्मी पड़ने की चेतावनी जारी कर चुका है। मौसम विभाग के अधिकारियों के मुताबिक पारा 48 डिग्री सेल्सियस तक पहुंचने की आशंका है। पिछले दिनों बांसवाड़ा में 2 बार तापमान 47 डिग्री सेल्सियस को पार कर चुका है, जो ये संकेत दे रहा है कि आगामी दिनों में तापमान और बढ़ सकता है। कोटा में भी बुधवार गुरुवार को तापमान 45 डिग्री पर पहुंच गया है । अगले 2 दिन में तापमान में एक से दो डिग्री की बढ़ोतरी की संभावना जताई जा रही है।</p>]]></content:encoded>
                
                                                            <category>राजस्थान</category>
                                            <category>कोटा</category>
                                    

                <link>https://dainiknavajyoti.com/rajasthan/kota/this-time-before-the-nautapa--the-kota-was-very-hot/article-10124</link>
                <guid>https://dainiknavajyoti.com/rajasthan/kota/this-time-before-the-nautapa--the-kota-was-very-hot/article-10124</guid>
                <pubDate>Fri, 20 May 2022 16:50:44 +0530</pubDate>
                                    <enclosure
                        url="https://dainiknavajyoti.com/media/2022-05/garmi3.jpg"                         length="27241"                         type="image/jpeg"  />
                
                                    <dc:creator><![CDATA[kota]]></dc:creator>
                            </item>
            <item>
                <title>रूसी सेना अब काफी कमजोर: ब्रिटेन</title>
                                    <description><![CDATA[ ब्रिटेन सरकार ने दावा किया कि भविष्य में पारंपरिक सैन्य बल को तैनात करने की रूस की क्षमता प्रभावित होगी। ]]></description>
                
                                    <content:encoded><![CDATA[<a href="https://dainiknavajyoti.com/%E0%A4%AF%E0%A5%82%E0%A4%95%E0%A5%8D%E0%A4%B0%E0%A5%87%E0%A4%A8-%E0%A4%B0%E0%A5%82%E0%A4%B8-%E0%A4%AF%E0%A5%81%E0%A4%A6%E0%A5%8D%E0%A4%A7/russian-army-now-very-weak--uk/article-9094"><img src="https://dainiknavajyoti.com/media/400/2022-05/russian-army.jpg" alt=""></a><br /><p>लंदन। ब्रिटेन के रक्षा मंत्रालय ने मंगलवार को दावा किया कि यूक्रेन पर आक्रमण के परिणामस्वरूप रूस की सेना अब भौतिक और वैचारिक रूप से काफी कमजोर हो चुकी है। ब्रिटेन सरकार ने दावा किया कि भविष्य में पारंपरिक सैन्य बल को तैनात करने की रूस की क्षमता प्रभावित होगी। उसने कहा कि रूस की सेना यूक्रेन पर आक्रमण के परिणामस्वरूप अब भौतिक और वैचारिक दोनों रूप से काफी कमजोर हो गयी है। प्रतिबंधों के कारण रूस इससे आसानी से नहीं उबर सकेगा। इसका पारंपरिक सैन्य बल तैनात करने की रूस की क्षमता पर भी दीर्घकालिक प्रभाव पड़ेगा।<br /><br />उसने कहा कि 2005 और 2018 के बीच रूस का रक्षा बजट लगभग दोगुना हो गया है। ब्रितानी रक्षा मंत्रालय ने ट्वीट कर कहा, ''रूस का रक्षा बजट 2005 और 2018 के बीच लगभग दोगुना हो गया है, जिसमें कई उच्च-स्तरीय वायु, भूमि और समुद्री क्षमताओं में निवेश किया गया है। वर्ष 2008 से इसने व्यापक सैन्य आधुनिकीकरण कार्यक्रम 'न्यू लुक'  शुरू किया है।'' ब्रिटेन ने कहा कि रूस तमाम प्रयासों के बावजूद यूक्रेन पर हावी होने में सक्षम नहीं हो सका है।</p>
<p> </p>
<p> </p>]]></content:encoded>
                
                                                            <category>यूक्रेन-रूस युद्ध</category>
                                    

                <link>https://dainiknavajyoti.com/%E0%A4%AF%E0%A5%82%E0%A4%95%E0%A5%8D%E0%A4%B0%E0%A5%87%E0%A4%A8-%E0%A4%B0%E0%A5%82%E0%A4%B8-%E0%A4%AF%E0%A5%81%E0%A4%A6%E0%A5%8D%E0%A4%A7/russian-army-now-very-weak--uk/article-9094</link>
                <guid>https://dainiknavajyoti.com/%E0%A4%AF%E0%A5%82%E0%A4%95%E0%A5%8D%E0%A4%B0%E0%A5%87%E0%A4%A8-%E0%A4%B0%E0%A5%82%E0%A4%B8-%E0%A4%AF%E0%A5%81%E0%A4%A6%E0%A5%8D%E0%A4%A7/russian-army-now-very-weak--uk/article-9094</guid>
                <pubDate>Tue, 03 May 2022 18:39:55 +0530</pubDate>
                                    <enclosure
                        url="https://dainiknavajyoti.com/media/2022-05/russian-army.jpg"                         length="52125"                         type="image/jpeg"  />
                
                                    <dc:creator><![CDATA[Jaipur]]></dc:creator>
                            </item>
            <item>
                <title>विराट के 100वें टेस्ट मैच में जीत के लिए खेलेगा भारत, 100 टेस्ट मैच खेलने वाले भारत के 12वें और दुनिया के 71वें खिलाड़ी बन जाएंगे कोहली</title>
                                    <description><![CDATA[सचिन ने कोहली को 100वें टेस्ट मैच के लिए बधाई दी]]></description>
                
                                    <content:encoded><![CDATA[<a href="https://dainiknavajyoti.com/khel/india-will-play-for-victory-in-virat-s-100th-test-match--kohli-will-become-the-12th-player-of-india-to-play-100-test-matches-and-the-71st-player-in-the-world--sachin-congratulates-kohli-on-his-100th-test-match--kohli-is-very-good-at-test-cricket--rohit/article-5433"><img src="https://dainiknavajyoti.com/media/400/2022-03/virat-kohli02.jpg" alt=""></a><br /><p>मोहाली/मुंबई। पूर्व भारतीय क्रिकेट कप्तान विराट कोहली के शुक्रवार को यहां 100वें टेस्ट मैच में भारतीय क्रिकेट टीम जीत के लिए खेलेगी। विराट ने अपने अब तक के शानदार क्रिकेट करियर में कई उपलब्धियां हासिल की हैं और शुक्रवार को मोहाली के पंजाब क्रिकेट एसोसिएशन (पीसीए) स्टेडियम में वह खुद को एक विशिष्ट स्तर पर पाएंगे, जब वह 100 टेस्ट मैच खेलने वाले भारत के 12वें और दुनिया के 71वें खिलाड़ी बन जाएंगे। उनसे पहले सचिन तेंदुलकर, राहुल द्रविड़, वीवीएस लक्ष्मण, अनिल कुंबले, कपिल देव, सुनील गावस्कर, दिलीप वेंगसरकर, सौरव गांगुली, इंशात शर्मा, हरभजन ङ्क्षसह और वीरेंद्र सहवाग 100 से ज्यादा टेस्ट मैच खेल चुके हैं।<br /><br />यकीनन एक ऑल-फॉर्मेट क्रिकेटर के लिए यह एक महत्वपूर्ण उपलब्धि है और खास कर तब, जब उसका पूरा करियर टी-20 के दौर में चला हो। सुनील गावस्कर, सचिन तेंदुलकर या यहां तक कि राहुल द्रविड़ जैसे अन्य भारतीय बल्लेबाजों के विपरीत विराट का भारत की टेस्ट टीम में अपनी जगह पक्की करने का मार्ग बेहद शानदार रहा है। विराट के लिए इस पल को यादगार बनाने के लिए पीसीए ने खास इंतजाम किए। पीसीए ने चंडीगढ़ की कई जगहों पर कोहली को बधाई संदेश देने वाले बड़े-बड़े बोर्ड लगाए हैं। इसके अलावा आइएस ङ्क्षबद्रा क्रिकेट स्टेडियम में भी कोहली को बधाई संदेश वाले बैनर लगाए गए हैं। यह भी समझा जाता है कि पीसीए द्वारा विराट का  होटल से लेकर स्टेडियम तक स्वागत किया जाएगा। वहीं पीसीए की तरफ से विराट को एक सिल्वर शील्ड भी स्मृति चिन्ह के तौर पर भेंट की जाएगी।<br /><br />उल्लेखनीय है कि 2008 में वनडे में पदार्पण करने के बाद विराट को पहला टेस्ट मैच खेलने का मौका लगभग तीन साल बाद कैरेबियन में मिला, जब दिग्गज क्रिकेट सचिन तेंदुलकर ने दौरे को छोडऩे का विकल्प चुना। तब तक कोहली ने 50 ओवर के प्रारूप में खुद को टीम के प्रमुख बल्लेबाज के रूप में स्थापित कर लिया था, हालांकि उन्हें रेड बॉल टीम में कोई सफलता नहीं मिल रही थी। टेस्ट प्रारूप में उनकी शुरुआत उतनी अच्छी नहीं रही और उन्हें उनकी पहली श्रृंखला में निराशाजनक प्रदर्शन के बाद बाहर कर दिया गया था, लेकिन वह साल के अंत में शानदार प्रदर्शन की बदौलत विदेशी दौरे में टीम का हिस्सा बने, जहां वह 300 रन के आंकड़े को पारी करने एकमात्र मेहमान बल्लेबाज बने।<br /><br />भारतीय टीम की बात करें तो लगभग सभी खिलाड़ी फिट दिख रहे हैं। पिछले दिनों टीम के उप कप्तान जसप्रीत ने भी वर्चुअल संवाददाता सम्मेलन में सभी खिलाड़यिों के पहले टेस्ट मैच के लिए फिट और उपलब्ध होने की बात कही थी। भारतीय टीम पिछली तीन सीरीज लगातार जीत कर आ रही है। ऐसे में उसका आत्मविश्वास काफी बढ़ा हुआ है, जिसका असर प्रदर्शन में दिखेगा।<br /><br /><strong>सचिन ने कोहली को 100वें टेस्ट मैच के लिए बधाई दी</strong><br /> मास्टर ब्लास्टर सचिन तेंदुलकर ने विराट कोहली के 100वें टेस्ट मैच की पूर्व संध्या पर उन्हें बधाई देते हुए कहा कि यह उपलब्धि शानदार है, क्योंकि यह क्रिकेटरों  की एक पीढ़ी को प्रेरित करेगी। तेंदुलकर का संदेश बीसीसीआई द्वारा विराट के सम्मान में  साझा किए गए एक वीडियो का भाग था।तेंदुलकर ने कहा कि क्या शानदार उपलब्धि है। मुझे याद है मैंने जब आपके बारे में 2007-08 में सुना था, उस समय हम ऑस्ट्रेलिया में थे। आप मलेशिया में अंडर19 विश्व कप खेल रहे थे। उस समय कुछ खिलाड़ी थे, जो आपके बारे में बात कर रहे थे कि यह खिलाड़ी देखने योग्य है, अच्छी बल्लेबाजी कर लेता है।उसके बाद हमने भारत के लिए एक साथ खेला और ज्यादा, तो नहीं लेकिन जितना भी समय हमने साथ बिताया, उसमें आप अधिक से अधिक चीजों को सीखने के लिए उत्सुक रहते थे।<br /><br />कोहली, जिन्हें दुनिया के महान बल्लेबाजों में से एक माना जाता है। उन्होंने टेस्ट क्रिकेट में  7962 रन बनाए हैं, जिसमें 27 शतक और 28 अर्धशतक शामिल हैं। 99 टेस्ट में उनका औसत 50.39 है।<br /><br />सचिन ने कहा,''आपको खेलते हुए देखना काफी मजेदार रहा है। नबंरों की अपनी भूमिका है, लेकिन आपकी ताकत एक पूरी पीढ़ी को प्रेरित करना है।यही आपकी असली ताकत है और भारतीय क्रिकेट में आपका बहुत बड़ा योगदान है।  यह ही आपकी असली सफलता है। आपको कई और साल खेलने के लिए शुभकामनाएं  , जाओ और अच्छा करो।''<br /><br />भारत के लिए 200 टेस्ट खेलने वाले सचिन ने आगे कहा कि कोहली ने अपनी फिटनेस से कई लोगों को प्रेरित किया है।''चीजों को जल्दी सीखना और उन्हे लागू  करना आपकी ताकत थी। हम 2011 में कैनबरा में थे, मुझे याद है कि हम एक थाई रेस्त्रां में खाना खाने जाया करते थे और फिर हॉटल वापस आते थे। मुझे अच्छी तरह से याद है कि एक शाम आपने मुझे आपने अपने  लक्ष्य के बारे में बताया था। ऐसे ही एक दिन जब हम खाना खाकर होटल लौट रहे थे, तो आपने कहा, Þ पाजी बहुत हो गया, फिटनेस पर ध्यान है। तब मैंने कहा था कि जहां तक फिटनेस का सवाल है कोई ऐसी चीज नहीं है, जिसे आप हासिल न कर सको और आंकड़े सबके सामने मौजूद हैं।<br /><br /><strong>टेस्ट क्रिकेट में कोहली बहुत अच्छे हैं : रोहित</strong><br />भारतीय क्रिकेट कप्तान रोहित शर्मा ने विराट कोहली की तारीफ करते हुए कहा है कि वह खेल के सबसे लंबे प्रारूप में काफी अच्छे रहे हैं। रोहित ने मैच की पूर्व संध्या पर गुरुवार को यहां वर्चुअल संवाददाता सम्मेलन में कहा, '' यह विराट के लिए बेहद शानदार और लंबी यात्रा रही है। वह विशेष रूप से इस प्रारूप में बहुत अच्छे रहे हैं और उन्होंने बहुत सी चीजें बदली हैं। बेशक उनका सफर उतार-चढ़ाव भरा रहा है।'' <br /><br />रोहित ने कोहली के साथ अपने खास पलों को याद करते हुए कहा, '' ऑस्ट्रेलिया में 2018 में हमने जो श्रृंखला जीती थी, वह एक यादगार पल था। इससे और बेहतर की बात करूं तो सबसे अच्छा पल 2013 में दक्षिण अफ्रीका में विराट कोहली का टेस्ट शतक था। यह एक चुनौतीपूर्ण पिच थी और हमें क्रिस मॉरिस और डेल स्टेन जैसे गेंदबाजों का सामना करना था। यह उनकी सबसे अच्छी पारी थी, जो मुझे याद है।''<br /><br />अनुभवी बल्लेबाजों अजिंक्य रहाणे और चेतेश्वर पुजारा के टेस्ट भविष्य के बारे में पूछे जाने पर कप्तान रोहित ने कहा, '' पुजारा और रहाणे के रिक्त स्थानों को भरना बहुत मुश्किल चुनौती   है। यहां तक कि मुझे भी नहीं पता कि उनकी जगह कौन आ रहा है। आप उनकी वर्षों की मेहनत और योगदान को शब्दों में बयान में नहीं कर सकते हैं। हमने पिछले कुछ समय में विदेश जमीन पर जो सीरीज जीती हैं और जिसकी वजह से भारत नंबर एक बना है, उनमें रहाणे और पुजारा ने एक बड़ी भूमिका निभाई है। हम उन पर नजर रखेंगे। ''<br /><br />उल्लेखनीय है कि 33 वर्षीय कोहली शुक्रवार को यहां पंजाब क्रिकेट एसोसिएशन के आईएस बिंद्रा  स्टेडियम में श्रीलंका के खिलाफ पहले मैच में अपना 100वां टेस्ट मैच खेलेंगे। उनके साथ-साथ रोहित के लिए भी यह एक विशेष अवसर होगा, क्योंकि टेस्ट प्रारूप में पहली बार भारत का नेतृत्व करेंगे।<br />रोहित ने इस बारे में कहा, '' मेरी कप्तानी का सिद्धांत टेस्ट में भी वही रहेगा। वर्तमान में रहना, स्थिति का विश्लेषण करना और फिर प्रतिक्रिया देना। बहुत आगे की नहीं सोचना चाहता। हम सभी जानते हैं कि यह एक अलग प्रारूप है। वनडे के साथ इसकी कोई तुलना नहीं है।''</p>]]></content:encoded>
                
                                                            <category>खेल</category>
                                    

                <link>https://dainiknavajyoti.com/khel/india-will-play-for-victory-in-virat-s-100th-test-match--kohli-will-become-the-12th-player-of-india-to-play-100-test-matches-and-the-71st-player-in-the-world--sachin-congratulates-kohli-on-his-100th-test-match--kohli-is-very-good-at-test-cricket--rohit/article-5433</link>
                <guid>https://dainiknavajyoti.com/khel/india-will-play-for-victory-in-virat-s-100th-test-match--kohli-will-become-the-12th-player-of-india-to-play-100-test-matches-and-the-71st-player-in-the-world--sachin-congratulates-kohli-on-his-100th-test-match--kohli-is-very-good-at-test-cricket--rohit/article-5433</guid>
                <pubDate>Thu, 03 Mar 2022 17:24:12 +0530</pubDate>
                                    <enclosure
                        url="https://dainiknavajyoti.com/media/2022-03/virat-kohli02.jpg"                         length="265926"                         type="image/jpeg"  />
                
                                    <dc:creator><![CDATA[Administrator]]></dc:creator>
                            </item>
            <item>
                <title>हंसमुख स्वभाव के धनी कप्तान साहब</title>
                                    <description><![CDATA[कप्तान साहब का जीवन अत्यन्त सादा और संयमित]]></description>
                
                                    <content:encoded><![CDATA[<a href="https://dainiknavajyoti.com/rajasthan/jaipur/%E0%A4%B9%E0%A4%82%E0%A4%B8%E0%A4%AE%E0%A5%81%E0%A4%96-%E0%A4%B8%E0%A5%8D%E0%A4%B5%E0%A4%AD%E0%A4%BE%E0%A4%B5-%E0%A4%95%E0%A5%87-%E0%A4%A7%E0%A4%A8%E0%A5%80-%E0%A4%95%E0%A4%AA%E0%A5%8D%E0%A4%A4%E0%A4%BE%E0%A4%A8-%E0%A4%B8%E0%A4%BE%E0%A4%B9%E0%A4%AC/article-3316"><img src="https://dainiknavajyoti.com/media/400/2021-12/22.jpg" alt=""></a><br /><p><strong>हंसमुख स्वभाव के धनी </strong><br /> हंसमुख स्वभाव के धनी कप्तान साहब को निराशा और तनाव छू तक न गया था। समय कठिनाई से भरा हो अथवा किसी उद्देश्य में नाकामयाबी का, उनके चेहरे पर हमेशा एक मंद मुस्कान खेलती रहती थी। हिम्मत इतनी थी कि जब 1977 के चुनावों में कांग्रेस को भारी पराजय का सामना करना पड़ा तो कांग्रेस और कांग्रेसजनों की सुध लेने वालों की संख्या नगण्य रह गई थी। ऐसी दुविधा की स्थिति में श्री कप्तान साहब ने इन्दिराजी को अपने समाचार पत्र ‘‘दैनिक नवज्योति’’ के कार्यालय में आमंत्रित कर साहसी होने के साथ-साथ अपने एक निष्ठावान और समर्पित कार्यकर्ता होने का परिचय दिया। विधानसभा और लोकसभा के लिए कांग्रेस प्रत्याशी के रूप में अनेक बार उनका नाम चला, कई बार तय भी हुआ, किन्तु अंतिम समय पर उनका नाम काट दिया गया। इस हताशा और वेदना भरे अवसरों पर भी कप्तान साहब संयमित और तनाव रहित दिखे, यह महान व्यक्तियों के ही वश की बात होती है।<br /> उनकी आकृति मोरारजी देसाई से बहुत मिलती थी। वे जब भी विदेश गए लोग उन्हें अक्सर मोरारजी समझने की भूल कर बैठते और हर पल को जीने वाले जिन्दादिल कप्तान साहब ऐसे अवसरों का आनन्द उठाने में पीछे नहीं रहते।</p>
<p><strong><br /> जीवन अत्यन्त सादा और संयमित </strong><br /> कप्तान साहब की यह आदत में शुमार था कि वे अपने से संबंधित हर व्यक्ति के व्यक्तिगत मामलों को जानें, समझें और जहां तक संभव बन पड़े, मदद करें। उनका जीवन अत्यन्त सादा और संयमित था। शायद उनके स्वस्थ और दीर्घ जीवन का सही रहस्य था। वृद्धावस्था के दिनों में भी वे शराब बंदी और भ्रष्टाचार उन्मूलन जैसे समाजहित के कार्यों के लिए गांव-गांव घूमते रहे। कप्तान साहब में छोटे-बड़ों के बीच जल्दी ही घुल मिल जाने की कला, मिलनसारिता और सहज ही अपना बना लेने के निराले गुण थे जो उनके सरल मृदु व्यवहार की याद पल में ताजा कर जाते हैं। अपने लम्बे और अति महत्व के राजनैतिक, पत्रकारिता सामाजिक जीवन में कप्तान साहब के द्वारा किए गए कार्य इन क्षेत्रों में आने वाले हर युवा किशोर को आदर्श बन प्रेरणा देते रहेंगे।</p>
<p><br /> <strong>अभिवादन ग्रंथ स्वतंत्रता संग्राम एवं पत्रकारिता के कीर्ति पुरुष, कप्तान दुर्गाप्रसाद चौधरी से साभार</strong></p>]]></content:encoded>
                
                                                            <category>राजस्थान</category>
                                            <category>जयपुर</category>
                                    

                <link>https://dainiknavajyoti.com/rajasthan/jaipur/%E0%A4%B9%E0%A4%82%E0%A4%B8%E0%A4%AE%E0%A5%81%E0%A4%96-%E0%A4%B8%E0%A5%8D%E0%A4%B5%E0%A4%AD%E0%A4%BE%E0%A4%B5-%E0%A4%95%E0%A5%87-%E0%A4%A7%E0%A4%A8%E0%A5%80-%E0%A4%95%E0%A4%AA%E0%A5%8D%E0%A4%A4%E0%A4%BE%E0%A4%A8-%E0%A4%B8%E0%A4%BE%E0%A4%B9%E0%A4%AC/article-3316</link>
                <guid>https://dainiknavajyoti.com/rajasthan/jaipur/%E0%A4%B9%E0%A4%82%E0%A4%B8%E0%A4%AE%E0%A5%81%E0%A4%96-%E0%A4%B8%E0%A5%8D%E0%A4%B5%E0%A4%AD%E0%A4%BE%E0%A4%B5-%E0%A4%95%E0%A5%87-%E0%A4%A7%E0%A4%A8%E0%A5%80-%E0%A4%95%E0%A4%AA%E0%A5%8D%E0%A4%A4%E0%A4%BE%E0%A4%A8-%E0%A4%B8%E0%A4%BE%E0%A4%B9%E0%A4%AC/article-3316</guid>
                <pubDate>Sat, 18 Dec 2021 12:34:27 +0530</pubDate>
                                    <enclosure
                        url="https://dainiknavajyoti.com/media/2021-12/22.jpg"                         length="202963"                         type="image/jpeg"  />
                
                                    <dc:creator><![CDATA[Administrator]]></dc:creator>
                            </item>
            <item>
                <title>रीट : लेवल-2 के संशोधित परिणाम से बहुत कम परीक्षार्थी होंगे प्रभावित</title>
                                    <description><![CDATA[बोर्ड अध्यक्ष का दावा, परीक्षा पूरी पारदर्शिता से हुई थी, एक प्रश्न का ही विकल्प बदलेगा]]></description>
                
                                    <content:encoded><![CDATA[<a href="https://dainiknavajyoti.com/rajasthan/ajmer/61a5dabba8e24/article-2844"><img src="https://dainiknavajyoti.com/media/400/2021-11/dp-jaroli_reet.jpg" alt=""></a><br /><p>अजमेर। रीट के मुख्य समन्वयक और राजस्थान माध्यमिक शिक्षा बोर्ड के अध्यक्ष डॉ. डी.पी. जारोली ने कहा है कि हमने रीट का आयोजन पूरी पारदर्शिता के साथ किया है। डॉ. जारोली सोमवार को पत्रकारों से बातचीत कर रहे थे। उन्होंने कहा कि 26 सितम्बर को सम्पन्न हुई रीट परीक्षा लेवल-2 की अंग्रेजी विषय के प्रश्न पत्र की ख सीरीज के केवल एक प्रश्न संख्या 74 के संबंध में विषय विशेषज्ञों ने दो विकल्पों को सही माना। इसके आधार पर पूर्व के सही उत्तर ए और सी के स्थान पर बी व सी को सही माना गया है। संशोधित परिणाम इसी के आधार पर जारी किया गया है। उन्होंने बताया प्रश्न पुस्तिका की ख सीरीज का प्रश्न संख्या 74,  ‘सीरीज का प्रश्न संख्या 81, छ सीरीज का प्रश्न संख्या 72 तथा ट सीरीज का प्रश्न संख्या 65 समान था।</p>
<p><br /> उन्होंने बताया कि केवल रीट परीक्षा का लेवल-2 की मूल परीक्षा का संशोधित परिणाम जारी किया जाएगा। लेवल-1 का संशोधित परिणाम जारी नहीं किया जाएगा। वहीं 16 अक्टूबर को अलवर में आयोजित लेवल-2 का परीक्षा परिणाम भी यथावत रहेगा। <br /> <br /> <strong>क्या है मामला </strong><br /> 2 नवम्बर को जारी रीट परीक्षा के परिणाम में लेवल-2 के स्तर पर 6 प्रश्नों में बोनस और 7 प्रश्नों में दो विकल्पों को सही मानते हुए परीक्षा परिणााम घोषित किया गया था। कुछ परीक्षार्थियों की आपत्ति के आधार पर अंग्रेजी विषय में एक प्रश्न में दो विकल्पों को सही माना गया। इसके आधार पर संशोधित परीक्षा परिणाम, जिसमें भी 6 प्रश्नों में बोनस यथावत है तथा 7 प्रश्नों में दो विकल्प सही माने है, उसमें एक के दो विकल्प में से एक विकल्प परिवर्तित हुआ है। इसके अनुसार परीक्षा परिणाम जारी करने का निर्णय लिया गया है। इसमें बहुत कम यानि नहीं के बराबर न्यून परीक्षार्थी केवल एक अंक से प्रभावित होंगे।</p>]]></content:encoded>
                
                                                            <category>राजस्थान</category>
                                            <category>अजमेर</category>
                                    

                <link>https://dainiknavajyoti.com/rajasthan/ajmer/61a5dabba8e24/article-2844</link>
                <guid>https://dainiknavajyoti.com/rajasthan/ajmer/61a5dabba8e24/article-2844</guid>
                <pubDate>Tue, 30 Nov 2021 14:20:17 +0530</pubDate>
                                    <enclosure
                        url="https://dainiknavajyoti.com/media/2021-11/dp-jaroli_reet.jpg"                         length="308012"                         type="image/jpeg"  />
                
                                    <dc:creator><![CDATA[Administrator]]></dc:creator>
                            </item>
            <item>
                <title>CM गहलोत की सलाह : कोविड से दुनिया में बन रही परिस्थितियों को देखते हुए अभी भी बेहद सतर्क रहने की आवश्यकता</title>
                                    <description><![CDATA[WHO का अनुमान हैं कि वर्तमान से लगाकर अगले वर्ष मार्च तक यूरोप के अनेक देशों में हॉस्पीटल, हॉस्पीट्ल्स बेड्स और आई.सी.यू. पर भारी दबाव रहेगा।]]></description>
                
                                    <content:encoded><![CDATA[<a href="https://dainiknavajyoti.com/rajasthan/jaipur/cm-%E0%A4%97%E0%A4%B9%E0%A4%B2%E0%A5%8B%E0%A4%A4-%E0%A4%95%E0%A5%80-%E0%A4%B8%E0%A4%B2%E0%A4%BE%E0%A4%B9---%E0%A4%95%E0%A5%8B%E0%A4%B5%E0%A4%BF%E0%A4%A1-%E0%A4%B8%E0%A5%87-%E0%A4%A6%E0%A5%81%E0%A4%A8%E0%A4%BF%E0%A4%AF%E0%A4%BE-%E0%A4%AE%E0%A5%87%E0%A4%82-%E0%A4%AC%E0%A4%A8-%E0%A4%B0%E0%A4%B9%E0%A5%80-%E0%A4%AA%E0%A4%B0%E0%A4%BF%E0%A4%B8%E0%A5%8D%E0%A4%A5%E0%A4%BF%E0%A4%A4%E0%A4%BF%E0%A4%AF%E0%A5%8B%E0%A4%82-%E0%A4%95%E0%A5%8B-%E0%A4%A6%E0%A5%87%E0%A4%96%E0%A4%A4%E0%A5%87-%E0%A4%B9%E0%A5%81%E0%A4%8F-%E0%A4%85%E0%A4%AD%E0%A5%80-%E0%A4%AD%E0%A5%80-%E0%A4%AC%E0%A5%87%E0%A4%B9%E0%A4%A6-%E0%A4%B8%E0%A4%A4%E0%A4%B0%E0%A5%8D%E0%A4%95-%E0%A4%B0%E0%A4%B9%E0%A4%A8%E0%A5%87-%E0%A4%95%E0%A5%80-%E0%A4%86%E0%A4%B5%E0%A4%B6%E0%A5%8D%E0%A4%AF%E0%A4%95%E0%A4%A4%E0%A4%BE/article-2745"><img src="https://dainiknavajyoti.com/media/400/2021-11/gehlot_corona_apil.jpg" alt=""></a><br /><p>जयपुर। मुख्यमंत्री अशोक गहलोत ने यूरोप में कोविड की स्थिति को लेकर कहा कि कोविड से दुनिया में बन रही परिस्थितियों को देखते हुए अभी भी बेहद सतर्क रहने की आवश्यकता है। गहलोत ने सोशल मीडिया पर एक अखबार में प्रकाशित आर्टिकल भी शेयर किया है, जिसमें यूरोप में कोरोना की स्थिति के बारे में बताया गया है। आर्टिकल के अनुसार यूरोप के अनुभव को देखते हुए ऐसा लगता है कि केवल वेक्सीन से ही कोरोना संक्रमण की श्रृंखला को नहीं तोड़ा जा सकता और न ही इस महामारी का अन्त किया जा सकता है। यूरोप में पिछले वर्ष मार्च के पश्चात् दूसरी बार कोरोना संक्रमण के नये मामलों और मौतों में तेज गति से वृद्धि हो रही है। यूरोप पुनः कोरोना महामारी का मुख्य केन्द्र बन गया है।<br /> <br /> इस वर्ष अक्टूबर के प्रारम्भ से ही संक्रमण के मामलों में रोजाना वृद्धि होनी शुरू हुई थी। यह वृद्धि प्रारम्भ में तीन देशों तक सीमित थी किन्तु बाद में यूरोप के सभी देशों में फैल गई जिसकी मुख्य वजह डेल्टा वेरियट है। पिछले सप्ताह यूरोप में 20 लाख नये मामले हुए जो महामारी के शुरूआत होने के बाद से सर्वाधिक है। कोरोना से पूरे विश्व में जितनी मौतें हुई है उनमें से आधे से ज्यादा इस महीने यूरोप में हुई है। ऑस्ट्रिया, नीदरलैण्ड, जर्मनी, डेनमार्क तथा नोवें में प्रतिदिन संक्रमण के सर्वाधिक मामले हो रहे हैं। रोमानिया तथा यूक्रेन में भी कुछ दिनों पहले सर्वाधिक मामले हुए पूरे यूरोप में हॉस्पीटल बेड्स तेज गति से भर रहे हैं।<br /> <br /> WHO का अनुमान हैं कि वर्तमान से लगाकर अगले वर्ष मार्च तक यूरोप के अनेक देशों में हॉस्पीटल, हॉस्पीट्ल्स बेड्स और आई.सी.यू. पर भारी दबाव रहेगा। अधिकांश पश्चिमी यूरोप के देशों में टीकाकरण की दर बहुत ऊंची है। आयरलैण्ड में 90 प्रतिशत से अधिक लोगों को इस वर्ष सितम्बर तक दोनों टीके लग चुके हैं। फ्रांस में बिना टीका लगे लोगों की उन्मुक्त आवाजाही तथा कार्यालय जाने को मुश्किल बना दिया गया है। अगले वर्ष फरवरी से आस्ट्रिया में टीकाकरण अनिवार्य कर दिया जायेगा। आस्ट्रिया में इस वर्ष 22 नवम्बर से 3 सप्ताह का राष्ट्रव्यापी लॉक- डाउन भी लगाया गया है। इस देश में 65 प्रतिशत लोगों को दोनों टीके लगे हुए हैं फिर भी संक्रमण तेज गति से फैल रहा है। यूरोप में संक्रमण के अधिकांश नये मामले उन लोगों के हैं जिनका टीकाकरण नहीं हुआ है, जिन्हें ब्रेकथ्रू इन्फेक्शन हैं तथा दोनों टीका लगे हुए लोग भी भारी संख्या में अस्पतालों में भर्ती हो रहे हैं।</p>]]></content:encoded>
                
                                                            <category>राजस्थान</category>
                                            <category>जयपुर</category>
                                    

                <link>https://dainiknavajyoti.com/rajasthan/jaipur/cm-%E0%A4%97%E0%A4%B9%E0%A4%B2%E0%A5%8B%E0%A4%A4-%E0%A4%95%E0%A5%80-%E0%A4%B8%E0%A4%B2%E0%A4%BE%E0%A4%B9---%E0%A4%95%E0%A5%8B%E0%A4%B5%E0%A4%BF%E0%A4%A1-%E0%A4%B8%E0%A5%87-%E0%A4%A6%E0%A5%81%E0%A4%A8%E0%A4%BF%E0%A4%AF%E0%A4%BE-%E0%A4%AE%E0%A5%87%E0%A4%82-%E0%A4%AC%E0%A4%A8-%E0%A4%B0%E0%A4%B9%E0%A5%80-%E0%A4%AA%E0%A4%B0%E0%A4%BF%E0%A4%B8%E0%A5%8D%E0%A4%A5%E0%A4%BF%E0%A4%A4%E0%A4%BF%E0%A4%AF%E0%A5%8B%E0%A4%82-%E0%A4%95%E0%A5%8B-%E0%A4%A6%E0%A5%87%E0%A4%96%E0%A4%A4%E0%A5%87-%E0%A4%B9%E0%A5%81%E0%A4%8F-%E0%A4%85%E0%A4%AD%E0%A5%80-%E0%A4%AD%E0%A5%80-%E0%A4%AC%E0%A5%87%E0%A4%B9%E0%A4%A6-%E0%A4%B8%E0%A4%A4%E0%A4%B0%E0%A5%8D%E0%A4%95-%E0%A4%B0%E0%A4%B9%E0%A4%A8%E0%A5%87-%E0%A4%95%E0%A5%80-%E0%A4%86%E0%A4%B5%E0%A4%B6%E0%A5%8D%E0%A4%AF%E0%A4%95%E0%A4%A4%E0%A4%BE/article-2745</link>
                <guid>https://dainiknavajyoti.com/rajasthan/jaipur/cm-%E0%A4%97%E0%A4%B9%E0%A4%B2%E0%A5%8B%E0%A4%A4-%E0%A4%95%E0%A5%80-%E0%A4%B8%E0%A4%B2%E0%A4%BE%E0%A4%B9---%E0%A4%95%E0%A5%8B%E0%A4%B5%E0%A4%BF%E0%A4%A1-%E0%A4%B8%E0%A5%87-%E0%A4%A6%E0%A5%81%E0%A4%A8%E0%A4%BF%E0%A4%AF%E0%A4%BE-%E0%A4%AE%E0%A5%87%E0%A4%82-%E0%A4%AC%E0%A4%A8-%E0%A4%B0%E0%A4%B9%E0%A5%80-%E0%A4%AA%E0%A4%B0%E0%A4%BF%E0%A4%B8%E0%A5%8D%E0%A4%A5%E0%A4%BF%E0%A4%A4%E0%A4%BF%E0%A4%AF%E0%A5%8B%E0%A4%82-%E0%A4%95%E0%A5%8B-%E0%A4%A6%E0%A5%87%E0%A4%96%E0%A4%A4%E0%A5%87-%E0%A4%B9%E0%A5%81%E0%A4%8F-%E0%A4%85%E0%A4%AD%E0%A5%80-%E0%A4%AD%E0%A5%80-%E0%A4%AC%E0%A5%87%E0%A4%B9%E0%A4%A6-%E0%A4%B8%E0%A4%A4%E0%A4%B0%E0%A5%8D%E0%A4%95-%E0%A4%B0%E0%A4%B9%E0%A4%A8%E0%A5%87-%E0%A4%95%E0%A5%80-%E0%A4%86%E0%A4%B5%E0%A4%B6%E0%A5%8D%E0%A4%AF%E0%A4%95%E0%A4%A4%E0%A4%BE/article-2745</guid>
                <pubDate>Fri, 26 Nov 2021 12:48:47 +0530</pubDate>
                                    <enclosure
                        url="https://dainiknavajyoti.com/media/2021-11/gehlot_corona_apil.jpg"                         length="327069"                         type="image/jpeg"  />
                
                                    <dc:creator><![CDATA[Administrator]]></dc:creator>
                            </item>
            <item>
                <title>सीओपीडी से होने वाली मौतों के मामले में भारत दुनिया में दूसरे स्थान पर, राजस्थान की भी स्थिति बेहद खराब</title>
                                    <description><![CDATA[प्रदूषण और धूम्रपान है क्रोनिक ऑब्सट्रक्टिव पल्मोनरी डिसीज़ यानी सीओपीडी रोग का बड़ा कारण]]></description>
                
                                    <content:encoded><![CDATA[<a href="https://dainiknavajyoti.com/rajasthan/jaipur/%E0%A4%B8%E0%A5%80%E0%A4%93%E0%A4%AA%E0%A5%80%E0%A4%A1%E0%A5%80-%E0%A4%B8%E0%A5%87-%E0%A4%B9%E0%A5%8B%E0%A4%A8%E0%A5%87-%E0%A4%B5%E0%A4%BE%E0%A4%B2%E0%A5%80-%E0%A4%AE%E0%A5%8C%E0%A4%A4%E0%A5%8B%E0%A4%82-%E0%A4%95%E0%A5%87-%E0%A4%AE%E0%A4%BE%E0%A4%AE%E0%A4%B2%E0%A5%87-%E0%A4%AE%E0%A5%87%E0%A4%82-%E0%A4%AD%E0%A4%BE%E0%A4%B0%E0%A4%A4-%E0%A4%A6%E0%A5%81%E0%A4%A8%E0%A4%BF%E0%A4%AF%E0%A4%BE-%E0%A4%AE%E0%A5%87%E0%A4%82-%E0%A4%A6%E0%A5%82%E0%A4%B8%E0%A4%B0%E0%A5%87-%E0%A4%B8%E0%A5%8D%E0%A4%A5%E0%A4%BE%E0%A4%A8-%E0%A4%AA%E0%A4%B0--%E0%A4%B0%E0%A4%BE%E0%A4%9C%E0%A4%B8%E0%A5%8D%E0%A4%A5%E0%A4%BE%E0%A4%A8-%E0%A4%95%E0%A5%80-%E0%A4%AD%E0%A5%80-%E0%A4%B8%E0%A5%8D%E0%A4%A5%E0%A4%BF%E0%A4%A4%E0%A4%BF-%E0%A4%AC%E0%A5%87%E0%A4%B9%E0%A4%A6-%E0%A4%96%E0%A4%B0%E0%A4%BE%E0%A4%AC/article-2466"><img src="https://dainiknavajyoti.com/media/400/2021-11/whatsapp-image-2021-11-17-at-12.48.39.jpeg" alt=""></a><br /><p>जयपुर। वर्ल्ड copd डे के अवसर आयोजित एक कार्यक्रम में वरिष्ठ अस्थमा एवं स्वांस रोग विशेषज्ञ डॉ. वीरेंद्र सिंह ने जानकारी देते हुए बताया कि"लगातार धुएं वाले कारकों के संपर्क में आने से और बार-बार लंग संक्रमण के संपर्क से अंतर्निहित सीओपीडी बढ़ सकता है जिससे फेफड़े का दौरा पड़ता है। सीओपीडी पर जागरूकता की कमी की वजह से लोग डॉक्टर्स के पास नहीं जाते हैं जो कि इसके रोकथाम में महत्वपूर्ण योगदान दे सकते हैं। सीओपीडी के लक्षणों की पहचान करना और लंग-अटैक होने पर चिकित्सक से समय पर सहायता प्राप्त करना इस रोग की प्रगति को रोकने का सबसे अच्छा तरीका है। यदि धूम्रपान करने वालों को यह पता हो कि इससे लंग-अटैक हो सकता है तथा जिसके लिए तत्काल चिकित्सा ध्यान देने की आवश्यकता होती है, वे समय से चिकिसकीय सहायता ले लेंगे। रोग के निदान के लिए नियमित रूप से फेफड़ों के कार्य की जाँच तथा सीओपीडी के जोखिम कारकों कि जांच आवश्यक है।<br /> <br /> फेफड़े के कार्य परीक्षण कि जांच स्पिरोमेट्री से करनी चाहिए जो कि सीओपीडी के निदान के लिए गोल्ड स्टैण्डर्ड है। हालांकि यह आमतौर पर नहीं जांचा जाता है, और निदान काफी हद तक रोगी के इतिहास और लक्षणों पर आधारित होता है। स्पिरोमेट्री नहीं करने की वजह से सीओपीडी के बहुत से मामले जांच में छूट सकते हैं।<br /> <br /> डायग्नोसिस के महत्व पर प्रकाश डालते हुए डॉ वीरेंद्र सिंह ने आगे कहा, "प्रारंभिक स्क्रीनिंग और डायग्नोसिस फेफड़ों के अटैक के रोग के बोझ को कम करने में बहुत महत्वपूर्ण भूमिका निभाता है। श्वसन रोग संबंधी लक्षणों वाली आबादी में स्पिरोमेट्री टेस्ट महत्वपूर्ण है क्योंकि यह गलत डायग्नोसिस से बचाती है और वायु प्रवाह सीमा की गंभीरता का मूल्यांकन करने में सहायता करती है। जबकि सांस की बीमारियों के कारण पूरी तरह से आपके नियंत्रण में नहीं हो सकते हैं फिर भी समय पर पता लगाने के लिए सतर्क और जागरूक रहना महत्वपूर्ण है।</p>]]></content:encoded>
                
                                                            <category>स्वास्थ्य</category>
                                            <category>जयपुर</category>
                                    

                <link>https://dainiknavajyoti.com/rajasthan/jaipur/%E0%A4%B8%E0%A5%80%E0%A4%93%E0%A4%AA%E0%A5%80%E0%A4%A1%E0%A5%80-%E0%A4%B8%E0%A5%87-%E0%A4%B9%E0%A5%8B%E0%A4%A8%E0%A5%87-%E0%A4%B5%E0%A4%BE%E0%A4%B2%E0%A5%80-%E0%A4%AE%E0%A5%8C%E0%A4%A4%E0%A5%8B%E0%A4%82-%E0%A4%95%E0%A5%87-%E0%A4%AE%E0%A4%BE%E0%A4%AE%E0%A4%B2%E0%A5%87-%E0%A4%AE%E0%A5%87%E0%A4%82-%E0%A4%AD%E0%A4%BE%E0%A4%B0%E0%A4%A4-%E0%A4%A6%E0%A5%81%E0%A4%A8%E0%A4%BF%E0%A4%AF%E0%A4%BE-%E0%A4%AE%E0%A5%87%E0%A4%82-%E0%A4%A6%E0%A5%82%E0%A4%B8%E0%A4%B0%E0%A5%87-%E0%A4%B8%E0%A5%8D%E0%A4%A5%E0%A4%BE%E0%A4%A8-%E0%A4%AA%E0%A4%B0--%E0%A4%B0%E0%A4%BE%E0%A4%9C%E0%A4%B8%E0%A5%8D%E0%A4%A5%E0%A4%BE%E0%A4%A8-%E0%A4%95%E0%A5%80-%E0%A4%AD%E0%A5%80-%E0%A4%B8%E0%A5%8D%E0%A4%A5%E0%A4%BF%E0%A4%A4%E0%A4%BF-%E0%A4%AC%E0%A5%87%E0%A4%B9%E0%A4%A6-%E0%A4%96%E0%A4%B0%E0%A4%BE%E0%A4%AC/article-2466</link>
                <guid>https://dainiknavajyoti.com/rajasthan/jaipur/%E0%A4%B8%E0%A5%80%E0%A4%93%E0%A4%AA%E0%A5%80%E0%A4%A1%E0%A5%80-%E0%A4%B8%E0%A5%87-%E0%A4%B9%E0%A5%8B%E0%A4%A8%E0%A5%87-%E0%A4%B5%E0%A4%BE%E0%A4%B2%E0%A5%80-%E0%A4%AE%E0%A5%8C%E0%A4%A4%E0%A5%8B%E0%A4%82-%E0%A4%95%E0%A5%87-%E0%A4%AE%E0%A4%BE%E0%A4%AE%E0%A4%B2%E0%A5%87-%E0%A4%AE%E0%A5%87%E0%A4%82-%E0%A4%AD%E0%A4%BE%E0%A4%B0%E0%A4%A4-%E0%A4%A6%E0%A5%81%E0%A4%A8%E0%A4%BF%E0%A4%AF%E0%A4%BE-%E0%A4%AE%E0%A5%87%E0%A4%82-%E0%A4%A6%E0%A5%82%E0%A4%B8%E0%A4%B0%E0%A5%87-%E0%A4%B8%E0%A5%8D%E0%A4%A5%E0%A4%BE%E0%A4%A8-%E0%A4%AA%E0%A4%B0--%E0%A4%B0%E0%A4%BE%E0%A4%9C%E0%A4%B8%E0%A5%8D%E0%A4%A5%E0%A4%BE%E0%A4%A8-%E0%A4%95%E0%A5%80-%E0%A4%AD%E0%A5%80-%E0%A4%B8%E0%A5%8D%E0%A4%A5%E0%A4%BF%E0%A4%A4%E0%A4%BF-%E0%A4%AC%E0%A5%87%E0%A4%B9%E0%A4%A6-%E0%A4%96%E0%A4%B0%E0%A4%BE%E0%A4%AC/article-2466</guid>
                <pubDate>Wed, 17 Nov 2021 14:17:31 +0530</pubDate>
                                    <enclosure
                        url="https://dainiknavajyoti.com/media/2021-11/whatsapp-image-2021-11-17-at-12.48.39.jpeg"                         length="70816"                         type="image/jpeg"  />
                
                                    <dc:creator><![CDATA[Administrator]]></dc:creator>
                            </item>
            <item>
                <title>जहरीली हवा</title>
                                    <description><![CDATA[हर साल की तरह इस साल भी देश की राजधानी दिल्ली सहित उत्तर भारत के ज्यादातर क्षेत्रों में प्रदूषण बेहद खतरनाक बिन्दु तक पहुंच गया है।]]></description>
                
                                    <content:encoded><![CDATA[<a href="https://dainiknavajyoti.com/opinion/%E0%A4%9C%E0%A4%B9%E0%A4%B0%E0%A5%80%E0%A4%B2%E0%A5%80-%E0%A4%B9%E0%A4%B5%E0%A4%BE/article-2237"><img src="https://dainiknavajyoti.com/media/400/2021-11/jahrili-hawa_polution.jpg" alt=""></a><br /><p>हर साल की तरह इस साल भी देश की राजधानी दिल्ली सहित उत्तर भारत के ज्यादातर क्षेत्रों में प्रदूषण बेहद खतरनाक बिन्दु तक पहुंच गया है। कुछ-कुछ इलाकों की हालत तो ऐसी बन गई है जहां सांस लेना भी मुश्किल हो गया है। दिल्ली व आसपास के इलाकों में तो दिवाली के बाद फैले प्रदूषण की बेहद खराब स्थिति को देखते हुए लोगों की हिदायतें दी जा रही हैं। वैसे हर साल ही दिल्ली, नोएडा, गाजियाबाद, फरीदाबाद, गुरुग्र्राम जैसे इलाकों में हर साल ही अक्टूबर के बाद हवा में जहर घुलना शुरू हो जाता है। इसका बड़ा कारण पड़ोसी राज्यों से आने वाला पराली का धुआं है। लेकिन इस बार तो दिल्ली सहित देश के कई शहरों की हवा जो बिगड़ी है, उसका बड़ा कारण पटाखों का धुआं रहा है। कोरोना महामारी का स्तर काफी हद तक गिर जाने के कारण लोगों ने दिवाली पर जमकर पटाखे छुड़ाए। हालांकि कई राज्यों में ग्र्रीन पटाखों की अनुमति दी गई थी, लेकिन दुकानदारों ने हर प्रकार के पटाखे ग्र्राहकों की मांग के अनुसार बेच डाले। दिल्ली में तो पटाखों पर पूर्ण पाबंदी थी, लेकिन सरकार पटाखे छोड़ने वालों को रोकने में नाकाम रही। दिवाली के बाद दिल्ली सहित उत्तर भारत के कई इलाकों में वायु की गुणवत्ता सूचकांक खतरनाक स्तर पर पहुंच गया। हालांकि प्रदूषण के लिए पराली, पटाखों के अलावा शहरों में हजारों ऐसी गाड़ियां हैं, जो रोजाना जहरीला धुआं छोड़ती हुई दौड़ती है। यातायात पुलिस, इसे गंभीरता से नहीं लेती। परिवहन विभाग भी ऐसी गाड़ियों पर निगरानी बरतने में कोताही बरतता है। और तो और सरकारें भी इस ओर गंभीरता से ध्यान नहीं देती। सरकारें प्रदूषण संबंधी कानूनों का भी पालन कराने में असमर्थ है। पिछले कई सालों से दुनिया के पहले तीस प्रदूषित शहरों में भारत के कई शहर दर्ज होते रहे हैं। विभागों व सरकारों की अनदेखी या किसी प्रकार की हिचकिचाहट की वजह से हवा को जहरीली बना रहे हैं। इस बात से कोई अनजान नहीं है कि जहरीली हवा से लोग गंभीर बीमारियों का शिकार हो रहे हैं। फिर चिकित्सा विशेषज्ञ चेतावनी दे चुके हैं कि वायु प्रदूषण से कोरोना संक्रमण फैलने का खतरा बढ़ जाता है। सरकारों व आम लोगों को प्रदूषण को गंभीरता से लेना चाहिए और अपने परिजनों, समाज व देश के लिए अपनी भूमिका निभानी चाहिए।</p>]]></content:encoded>
                
                                                            <category>ओपिनियन</category>
                                    

                <link>https://dainiknavajyoti.com/opinion/%E0%A4%9C%E0%A4%B9%E0%A4%B0%E0%A5%80%E0%A4%B2%E0%A5%80-%E0%A4%B9%E0%A4%B5%E0%A4%BE/article-2237</link>
                <guid>https://dainiknavajyoti.com/opinion/%E0%A4%9C%E0%A4%B9%E0%A4%B0%E0%A5%80%E0%A4%B2%E0%A5%80-%E0%A4%B9%E0%A4%B5%E0%A4%BE/article-2237</guid>
                <pubDate>Wed, 10 Nov 2021 14:21:52 +0530</pubDate>
                                    <enclosure
                        url="https://dainiknavajyoti.com/media/2021-11/jahrili-hawa_polution.jpg"                         length="26121"                         type="image/jpeg"  />
                
                                    <dc:creator><![CDATA[Administrator]]></dc:creator>
                            </item>
            <item>
                <title>पाक को कड़ा संदेश</title>
                                    <description><![CDATA[पाकिस्तान आर्थिक तंगी को लेकर काफी परेशान है और जनता सड़कों पर उतरकर बेकाबू महंगाई का विरोध कर रही है।]]></description>
                
                                    <content:encoded><![CDATA[<a href="https://dainiknavajyoti.com/opinion/%E0%A4%AA%E0%A4%BE%E0%A4%95-%E0%A4%95%E0%A5%8B-%E0%A4%95%E0%A5%9C%E0%A4%BE-%E0%A4%B8%E0%A4%82%E0%A4%A6%E0%A5%87%E0%A4%B6/article-1885"><img src="https://dainiknavajyoti.com/media/400/2021-10/pakistan-flag1.jpg" alt=""></a><br /><p>पाकिस्तान आर्थिक तंगी को लेकर काफी परेशान है और जनता सड़कों पर उतरकर बेकाबू महंगाई का विरोध कर रही है। इतने बुरे संकट के दौर से गुजरने के बावजूद पाकिस्तान की सरकार एफएटीएफ यानी वित्तीय कार्रवाई बल के निर्देशों की पालना नहीं कर रही है। इस बार भी एफएटीएफ ने पाकिस्तान को कोई राहत न देते हुए उसे एक बार फिर निगरानी सूची में डाल दिया है। इस वित्तीय संगठन ने पाकिस्तान को कड़ा संदेश देते हुए कहा है कि जब तक वह आतंकवाद के खिलाफ कड़े कदम नहीं उठाता, उसे किसी भी प्रकार की राहत नहीं मिलेगी। पाकिस्तान पिछले तीन साल से निगरानी सूची में ही पड़ा है और इसकी वजह से उस पर कड़े आर्थिक प्रतिबंध लगे हुए हैं। आतंकवाद के खिलाफ कड़ी कार्रवाई करने के लिए एफएटीएफ ने पाकिस्तान को एक 34 सूत्रीय एजेण्डा दे रखा है, जिसके तहत उसे अपने यहां आतंकवादी संगठनों और उनके सरगनाओं के खिलाफ कदम उठाने हैं। साथ ही उनको वित्तीय मदद पहुंचाने वालों के खिलाफ कार्रवाई के भी निर्देश हैं, लेकिन पाकिस्तान ने इस ओर अभी तक कोई कदम नहीं उठाया है। जाहिर है कि पाकिस्तान को एफएटीएफ की कार्रवाई की कोई फिक्र ही नहीं है और न ही दुनिया के तमाम देशों के दबाव का उस पर कोई असर पड़ रहा है। पाकिस्तान आज खुलेआम आतंकी संगठनों की मदद कर रहा है और पड़ोसी देशों में आतंकी हमले करवा रहा है। जबकि इन दिनों पाकिस्तान की अर्थव्यवस्था काफी खराब है और वहां की अवाम काफी त्रस्त है। पाकिस्तान बुरे हालात से निजात ही नहीं पाना चाहता। उसे वित्तीय मदद की सख्त जरूरत है, लेकिन उसके लिए आर्थिक मदद के सारे रास्ते बंद है। एफएटीएफ की निगरानी सूची में होने के कारण अन्तरराष्ट्रीय मुद्राकोष, विश्व बैंक जैसे संगठनों से वित्तीय मदद नहीं मिल रही है। यहां तक कि दशकों से उसकी मदद कर रहा अमेरिका ने भी पाकिस्तान की मदद बंद कर दी है। दरअसल पाकिस्तान में अब आतंकवाद एक संगठित कारोबार बन गया है और वहां की सेना व आईएसआई आतंकवाद को जिंदा रखना चाहती है। पाकिस्तान अब आतंकियों का देश बन गया है और उनसे मुक्ति आसान नहीं रह गई है। फिर वहां की सरकार सेना व आईएसआई आतंकवाद को खत्म करने का कोई इरादा ही नहीं रखती।</p>]]></content:encoded>
                
                                                            <category>ओपिनियन</category>
                                    

                <link>https://dainiknavajyoti.com/opinion/%E0%A4%AA%E0%A4%BE%E0%A4%95-%E0%A4%95%E0%A5%8B-%E0%A4%95%E0%A5%9C%E0%A4%BE-%E0%A4%B8%E0%A4%82%E0%A4%A6%E0%A5%87%E0%A4%B6/article-1885</link>
                <guid>https://dainiknavajyoti.com/opinion/%E0%A4%AA%E0%A4%BE%E0%A4%95-%E0%A4%95%E0%A5%8B-%E0%A4%95%E0%A5%9C%E0%A4%BE-%E0%A4%B8%E0%A4%82%E0%A4%A6%E0%A5%87%E0%A4%B6/article-1885</guid>
                <pubDate>Mon, 25 Oct 2021 17:18:37 +0530</pubDate>
                                    <enclosure
                        url="https://dainiknavajyoti.com/media/2021-10/pakistan-flag1.jpg"                         length="40170"                         type="image/jpeg"  />
                
                                    <dc:creator><![CDATA[Administrator]]></dc:creator>
                            </item>
            <item>
                <title>चेतावनी :त्योहारी सीजन के तीन महीने बेहद अहम</title>
                                    <description><![CDATA[सजग रहें, बेफिक्र ना हों : स्वास्थ्य मंत्रालय]]></description>
                
                                    <content:encoded><![CDATA[<a href="https://dainiknavajyoti.com/bharat/615fea80dbf92/article-1515"><img src="https://dainiknavajyoti.com/media/400/2021-10/corona-mks.jpg" alt=""></a><br /><p><strong>नई दिल्ली</strong>। कोरोना वायरस की संभावित तीसरी लहर के खतरों के मद्देनजर मोदी सरकार ने लोगों से एहतियात के साथ त्योहार मनाने की अपील की है। केंद्रीय स्वास्थ्य मंत्रालय ने कहा है कि हो सके तो त्योहार घर के अंदर मनाएं, भीड़ न करें और अगर परिवार या रिश्तेदारों के साथ त्योहार मनाना चाहते हैं तो आॅनलाइन मनाएं। स्वास्थ्य मंत्रालय ने जोर देकर कहा कि कोविड का खतरा अभी भी बरकरार है और मामले कम होने के कारण लोगों को पूरी तरह से बेफिक्र होने की जरूरत नहीं है।</p>
<p><br /> <strong>दूसरे देशों का दिया उदाहरण</strong><br /> मंत्रालय ने दूसरे देशों का उदाहरण देते हुए कहा कि जहां लापरवाही बरती गई, वहां पर कोरोना के केस में बढ़ोतरी हो गई। स्वास्थ्य मंत्रालय ने कहा कि इंग्लैंड और नीदरलैंड में फेस्टिवेटल में देखा गया कि कोताही बरती गई और मामले बढ़ गए। सरकार का कहना है कि इसी से सबक लेते हुए अगले तीन महीने खास सावधानी बरतने की जरूरत है।</p>
<p><br /> <strong>कुल के 56 फीसदी मामले केरल से आए</strong><br /> केंद्रीय संयुक्त सचिव लव अग्रवाल ने कहा कि पिछले सप्ताह रिपोर्ट हुए कोरोना के कुल मामलों का 56 फीसदी मामले केरल से आए, एक्टिव केस अभी भी 2 लाख 44 हजार हैं, अकेले केरल में एक लाख से ज्यादा एक्टिव केस हैं। उन्होंने बताया कि चार राज्यों में 10 हजार से 50 हजार एक्टिव केस है जबकि 31 राज्यों में 10 हजार से कम एक्टिव केस हैं, कोरोना की दूसरी लहर पर अब तक कंट्रोल नहीं हुआ है।</p>
<p><br /> आईसीएमआर ने चेतावनी दी है कि लोगों की घूमने की आदत के कारण देश में जल्द ही कोविड-19 की तीसरी लहर आ सकती है। स्वास्थ्य सचिव ने कहा कि देश में कुल पॉजिटिविटी रेट पिछले हफ्ते लगभग 1.68 फीसदी रही, जबकि पहले यह 5.86 फीसदी थी। उन्होंने कहा कि अरुणाचल प्रदेश और असम में कुछ जिलों सहित 28 जिले ऐसे हैं, जिनमें पॉजिटिविटी रेट 5 फीसदी और 10 फीसदी के बीच है, यानी उच्च संक्रमण दर, जबकि 34 जिले ऐसे हैं जहां पर 10 फीसदी से अधिक की वीकली पॉजिटिविटी रेट सामने आ रहे हैं। </p>]]></content:encoded>
                
                                                            <category>भारत</category>
                                    

                <link>https://dainiknavajyoti.com/bharat/615fea80dbf92/article-1515</link>
                <guid>https://dainiknavajyoti.com/bharat/615fea80dbf92/article-1515</guid>
                <pubDate>Fri, 08 Oct 2021 12:48:04 +0530</pubDate>
                                    <enclosure
                        url="https://dainiknavajyoti.com/media/2021-10/corona-mks.jpg"                         length="375533"                         type="image/jpeg"  />
                
                                    <dc:creator><![CDATA[Administrator]]></dc:creator>
                            </item>

            </channel>
        </rss>
        