<?xml version="1.0" encoding="utf-8"?>        <rss version="2.0"
            xmlns:content="http://purl.org/rss/1.0/modules/content/"
            xmlns:dc="http://purl.org/dc/elements/1.1/"
            xmlns:atom="http://www.w3.org/2005/Atom">
            <channel>
                <atom:link href="https://dainiknavajyoti.com/%C2%A0/tag-57844" rel="self" type="application/rss+xml" />
                <generator>Dainik Navajyoti Rising Rajasthan RSS Feed Generator</generator>
                <title> indian tourists - Dainik Navajyoti Rising Rajasthan</title>
                <link>https://dainiknavajyoti.com/tag/57844/rss</link>
                <description> indian tourists RSS Feed</description>
                
                            <item>
                <title>प्रमुख पर्यटन स्थलों पर भी दिखा भीषण गर्मी का असर : जयपुर में घटा सैलानियों का कदमताल, विदेशियों की आमद में भारी कमी</title>
                                    <description><![CDATA[गर्मी की तीव्रता का असर अब जयपुर के पर्यटन उद्योग पर भी साफ दिखाई देने लगा। पुरातत्व विभाग के ताजा आंकड़ों के अनुसार शहर के प्रमुख पर्यटन स्थलों पर पर्यटकों की संख्या में उल्लेखनीय गिरावट दर्ज।]]></description>
                
                                    <content:encoded><![CDATA[<a href="https://dainiknavajyoti.com/rajasthan/jaipur/effect-of-scorching-heat-footfall-of-tourists-reduced-at-tourist/article-151309"><img src="https://dainiknavajyoti.com/media/400/2026-04/111200-x-600-px)38.png" alt=""></a><br /><p>जयपुर। गर्मी की तीव्रता का असर अब जयपुर के पर्यटन उद्योग पर भी साफ दिखाई देने लगा है। पुरातत्व विभाग के ताजा आंकड़ों के अनुसार मंगलवार को शहर के प्रमुख पर्यटन स्थलों पर पर्यटकों की संख्या में उल्लेखनीय गिरावट दर्ज की गई। आंकड़ों के मुताबिक आमेर महल में 2385 पर्यटक पहुंचे, जो अन्य स्मारकों के मुकाबले सबसे अधिक रहा। इसके अलावा नाहरगढ दुर्ग में 952, जंतर मंतर में 1212, अल्बर्ट हॉल संग्रहालय में 1028 और हवामहल स्मारक में 1994 पर्यटक ही पहुंचे।</p>
<p>आमेर महल को छोड़कर कोई भी स्मारक दो हजार का आंकड़ा पार नहीं कर सका। पर्यटन विशेषज्ञ संजय कौशिक के अनुसार तेज गर्मी के चलते विदेशी पर्यटकों की आमद में कमी आई है, वहीं घरेलू पर्यटक भी यात्रा से परहेज कर रहे हैं। विशेषज्ञों का मानना है कि तापमान में गिरावट आने के साथ ही पर्यटन गतिविधियां फिर से रफ्तार पकड़ सकती हैं। फिलहाल, गर्मी ने जयपुर के पर्यटन को धीमी गति पर ला दिया है।</p>]]></content:encoded>
                
                                                            <category>राजस्थान</category>
                                            <category>जयपुर</category>
                                    

                <link>https://dainiknavajyoti.com/rajasthan/jaipur/effect-of-scorching-heat-footfall-of-tourists-reduced-at-tourist/article-151309</link>
                <guid>https://dainiknavajyoti.com/rajasthan/jaipur/effect-of-scorching-heat-footfall-of-tourists-reduced-at-tourist/article-151309</guid>
                <pubDate>Wed, 22 Apr 2026 17:28:04 +0530</pubDate>
                                    <enclosure
                        url="https://dainiknavajyoti.com/media/2026-04/111200-x-600-px%2938.png"                         length="680764"                         type="image/png"  />
                
                                    <dc:creator><![CDATA[Jaipur PS]]></dc:creator>
                            </item>
            <item>
                <title>सेवाओं का विकास : राजस्थान के आर्थिक और पर्यटन क्षेत्र में नई ऊंचाइयां, प्रदेश की अर्थव्यवस्था और रोजगार के नए द्वार खोलेगा</title>
                                    <description><![CDATA[जयपुर हवाईअड्डे पर समर्पित राज्य टर्मिनल का निर्माण और अन्य महत्वपूर्ण हवाई अड्डों के विस्तार से प्रदेश का हवाई संपर्क और भी सशक्त होगा।]]></description>
                
                                    <content:encoded><![CDATA[<a href="https://dainiknavajyoti.com/rajasthan/jaipur/development-of-services-will-open-new-heights-in-the-economic/article-125316"><img src="https://dainiknavajyoti.com/media/400/2025-08/1ne1ws-(1)93.png" alt=""></a><br /><p>जयपुर। राजस्थान जो अपनी समृद्ध सांस्कृतिक धरोहर और ऐतिहासिक स्मारकों के लिए प्रसिद्ध है, अब हवाई सेवाओं के विस्तार से नई दिशा में कदम बढ़ा रहा है। मुख्यमंत्री भजनलाल शर्मा के नेतृत्व में राज्य सरकार ने हवाई सेवाओं को उन्नत करने के लिए कई महत्वपूर्ण पहल की हैं, जिनसे न केवल पर्यटन, बल्कि व्यापार, निवेश और शिक्षा के क्षेत्र में भी नयापन आएगा। राजस्थान की हवाई सेवाओं का विस्तार प्रदेश की अर्थव्यवस्था और रोजगार के नए द्वार खोलेगा और आने वाले वर्षों में राज्य को विमानन क्षेत्र में एक प्रमुख केन्द्र के रूप में स्थापित करेगा।</p>
<p>केन्द्रीय मंत्रिमंडल ने कोटा-बूंदी में एक नए ग्रीनफील्ड एयरपोर्ट की सौगात दी है, जिसके लिए 1507 करोड़ की मंजूरी दी है। यह हवाईअड्डा 20,000 वर्ग मीटर में फैले टर्मिनल भवन के साथ 321 विमानों को सेवा देने के लिए तैयार होगा। इसकी प्रतिवर्ष यात्री क्षमता 20 लाख होगी, जो राज्य के पर्यटन को गति देने में अहम भूमिका निभाएगी।</p>
<p><strong>एयरो स्पोर्ट्स के लिए नई नीति</strong><br />राज्य सरकार ने हवाई पट्टियों के अधिकतम उपयोग को सुनिश्चित करने और एडवेंचर ट्यूरिज्म को बढ़ावा देने के लिए एयरो स्पोर्ट्स गतिविधियों के लिए भूमि लीज आवंटन नीति को मंजूरी दी है। इससे रोजगार के नए अवसर उत्पन्न होंगे और प्रदेश की अर्थव्यवस्था को मजबूती मिलेगी। </p>
<p><strong>युवाओं के लिए ट्रेनिंग स्कूल</strong><br />सरकार ने युवाओं के लिए फ्लाइंग ट्रेनिंग स्कूल की स्थापना की दिशा में भी कदम बढ़ाए हैं। किशनगढ़ में स्थापित फ्लाइंग ट्रेनिंग स्कूल के बाद भीलवाड़ा और अन्य स्थानों पर भी नए स्कूल खोले जाएंगे।</p>
<p><strong>समर्पित राज्य टर्मिनल और क्षेत्रीय हवाई संपर्क</strong><br />जयपुर हवाईअड्डे पर समर्पित राज्य टर्मिनल का निर्माण और अन्य महत्वपूर्ण हवाई अड्डों के विस्तार से प्रदेश का हवाई संपर्क और भी सशक्त होगा। साथ ही क्षेत्रीय हवाई संपर्क योजना के तहत माउंट आबू, भीलवाड़ा, सीकर और श्रीगंगानगर जैसे पर्यटन स्थलों को जोड़ने का प्रस्ताव केन्द्र को भेजा गया है। </p>]]></content:encoded>
                
                                                            <category>राजस्थान</category>
                                            <category>जयपुर</category>
                                    

                <link>https://dainiknavajyoti.com/rajasthan/jaipur/development-of-services-will-open-new-heights-in-the-economic/article-125316</link>
                <guid>https://dainiknavajyoti.com/rajasthan/jaipur/development-of-services-will-open-new-heights-in-the-economic/article-125316</guid>
                <pubDate>Sun, 31 Aug 2025 13:31:17 +0530</pubDate>
                                    <enclosure
                        url="https://dainiknavajyoti.com/media/2025-08/1ne1ws-%281%2993.png"                         length="495969"                         type="image/png"  />
                
                                    <dc:creator><![CDATA[Jaipur PS]]></dc:creator>
                            </item>
            <item>
                <title>स्मारकों-संग्रहालयों के प्रवेश शुल्क में हो सकती है बढ़ोतरी : सामान्य और कम्पोजिट टिकट की दरें बढ़ाई जाने की योजना, अधीक्षकों से इस संबंध में मांगे गए थे प्रस्ताव</title>
                                    <description><![CDATA[पुरातत्व एवं संग्रहालय विभाग के अनुसार अब जयपुर के सेंट्रल पार्क स्थित गांधी वाटिका संग्रहालय को भी कम्पोजिट टिकट (एकजाई टिकट) में जोड़े जाने की योजना पर काम किया जा रहा है। ]]></description>
                
                                    <content:encoded><![CDATA[<a href="https://dainiknavajyoti.com/rajasthan/jaipur/the-admission-fee-of-monuments-and-collections-may-increase-proposals/article-124684"><img src="https://dainiknavajyoti.com/media/400/2025-08/1ne1ws-(4)45.png" alt=""></a><br /><p>जयपुर। प्रदेश में हो रही तेज बारिश के बावजूद पर्यटन स्थलों पर पर्यटकों की अच्छी उपस्थिति देखने को मिल रही है। साथ ही इनकी संख्या में भी इजाफा देखा जा रहा है। पुरातत्व एवं संग्रहालय विभाग के प्रदेश में संरक्षित स्मारकों और संग्रहालयों में पर्यटकों के प्रवेश शुल्क में जल्द ही बढ़ोतरी देखने को मिल सकती है। इसके लिए पिछले माह स्मारकों के अधीक्षकों की जयपुर स्थित निदेशालय में बैठक भी हो चुकी है, जिसमें स्मारकों और संग्रहालयों के अधीक्षकों से टिकट दरों में बढ़ोतरी को लेकर प्रस्ताव मांगे गए थे। जिन्हें उच्च अधिकारियों को भेजे जा चुके हैं। </p>
<p><strong>बढ़ सकता है कम्पोजिट टिकट की राशि</strong><br />पुरातत्व विभाग के जयपुर स्थित संरक्षित स्मारक जैसे आमेर महल, हवामहल, जंतर-मंतर स्मारक, नाहरगढ़ दुर्ग, अल्बर्ट हॉल संग्रहालय, सिसोदिया बाग, विद्याधर का बाग, ईसरलाट और जयपुर मेट्रो कला दीर्घा को देखने के लिए भारतीय पर्यटक का कम्पोजिट टिकट (एकजाई शुल्क) 420 रुपए लगता है, जिसे बढ़ाकर 550 रुपए किया जा सकता है। विदेशी पर्यटकों का वर्तमान में कम्पोजिट टिकट शुल्क 1100 रुपए है। जिन्हें बढ़ाकर करीब 1700 रुपए किए जाने की संभावना है। </p>
<p><strong>गांधी वाटिका को भी जोड़ने की कवायद</strong><br />पुरातत्व एवं संग्रहालय विभाग के अनुसार अब जयपुर के सेंट्रल पार्क स्थित गांधी वाटिका संग्रहालय को भी कम्पोजिट टिकट (एकजाई टिकट) में जोड़े जाने की योजना पर काम किया जा रहा है। </p>
<p><strong>यह भी बना प्रस्ताव</strong><br />विभाग के अधिकारियों के अनुसार प्रदेश में संरक्षित 30 स्मारकों एवं संग्रहालयों में जहां पर्यटकों का प्रवेश टिकट लगता है। उसके लिए भी कम्पोजिट टिकट का एक प्रस्ताव बनाया है। इस कम्पोजिट टिकट वैधता करीब 10 दिन रह सकती है। इसके तहत भारतीय पर्यटक का करीब 1300 एवं विदेशी पर्यटक का करीब 5500 रुपए कम्पोजिट शुल्क रखे जाने का प्रस्ताव बनाकर उच्च अधिकारियों को भेजा गया है। इससे पहले साल 2021 में जयपुर के संरक्षित स्मारकों में भारतीय पर्यटकों के कम्पोजिट टिकट में बढ़ोतरी की गई थी।  </p>]]></content:encoded>
                
                                                            <category>राजस्थान</category>
                                            <category>जयपुर</category>
                                    

                <link>https://dainiknavajyoti.com/rajasthan/jaipur/the-admission-fee-of-monuments-and-collections-may-increase-proposals/article-124684</link>
                <guid>https://dainiknavajyoti.com/rajasthan/jaipur/the-admission-fee-of-monuments-and-collections-may-increase-proposals/article-124684</guid>
                <pubDate>Mon, 25 Aug 2025 15:41:11 +0530</pubDate>
                                    <enclosure
                        url="https://dainiknavajyoti.com/media/2025-08/1ne1ws-%284%2945.png"                         length="471552"                         type="image/png"  />
                
                                    <dc:creator><![CDATA[Jaipur PS]]></dc:creator>
                            </item>
            <item>
                <title>पाकिस्तान के दोनों मददगारों तुर्की और अजरबैजान से भारतीय पर्यटकों ने मोड़ा मुंह, टूरिज्म में भारी गिरावट</title>
                                    <description><![CDATA[पाकिस्तान के मददगारों तुर्की और अजरबैजान पर भारतीय पर्यटकों ने सर्किकल स्ट्राइक किए हैं]]></description>
                
                                    <content:encoded><![CDATA[<a href="https://dainiknavajyoti.com/world/indian-tourists-from-both-pakistans-helpers-t%C3%BCrkiye-and-azerbaijan-decline/article-124663"><img src="https://dainiknavajyoti.com/media/400/2025-08/oer23.png" alt=""></a><br /><p>बाकू। पाकिस्तान के मददगारों तुर्की और अजरबैजान पर भारतीय पर्यटकों ने सर्किकल स्ट्राइक किए हैं। तुर्की के बाद भारतीय पर्यटकों ने अजरबैजान जाना भी काफी कम कर दिया है। आधिकारिक पर्यटन आंकड़ों के मुताबिक, इस साल जून में अजरबैजान जाने वाले भारतीय पर्यटकों की संख्या पिछले साल के इसी महीने की तुलना में दो-तिहाई से ज्यादा कम हो गई है। आधिकारिक आंकड़ों के मुताबिक जून 2025 में अजरबैजान जाने वाले भारतीय पर्यटकों की संख्या में करीब 66% की गिरावट दर्ज की गई। यह गिरावट सीधे-सीधे ऑपरेशन सिंदूर और उसके बाद अजरबैजान की तरफ से पाकिस्तान को खुलेआम समर्थन देने के बाद आई है।</p>
<p>इसका मतलब है कि भारतीयों ने पाकिस्तान के दोनों मददगारों को सख्त सबक सिखाया है। रिपोर्ट के मुताबिक जून के महीने में सिर्फ 9,934 भारतीय पर्यटक अजरबैजान पहुंचे थे, जबकि पिछले साल इसी महीने यह संख्या 28,315 थी। यानी सिर्फ एक साल में दो-तिहाई पर्यटक कम हो गए। खास बात यह है कि मई और जून भारतीय पर्यटकों के लिए अजरबैजान यात्रा के चरम महीने माने जाते हैं। इस साल मई में भी 23,326 भारतीय वहां पहुंचे थे, लेकिन जून आते-आते हालात बदल गए और पर्यटकों की संख्या अचानक गिरावट दर्ज हुई।</p>
<p><strong>जून में सब कुछ बदल गया </strong><br />साल 2024 में 2 लाख 43 हजार 589 भारतीय पर्यटक अजरबैजान गए थे। लेकिन जून में सब कुछ बदल गया है। अजरबैजान के अलावा तुर्की भी इस बहिष्कार का शिकार हुआ है। मई में जहां 31,659 भारतीय पर्यटक तुर्की गए थे, वहीं जुलाई में यह संख्या घटकर सिर्फ 16,244 रह गई। पिछले साल जुलाई में 28,875 भारतीय वहां पहुंचे थे, यानी पिछले साल के जुलाई के मुकाबले 44% की गिरावट आई है। संघर्ष के दौरान भारत पर हमला करने के लिए तुर्की ने पाकिस्तान को ड्रोन देने के साथ साथ खुला समर्थन दिया था। रिपोर्ट के मुताबिक मेक माई ट्रिप और ईज माई ट्रिप जैसे ट्रैवल वेबसाइट भी इन दोनों देशों के ज्यादातर बुकिंग्स नहीं ले रही हैं।</p>
<p><strong>भारतीय पर्यटकों ने दोनों देशों का किया बहिष्कार</strong><br />मई महीने में संख्या नहीं घटने की बड़ी वजह पहले से की गई बूकिंग होती है। ज्यादातर ट्रैवल कंपनियां बूकिंग कैंसिल करने से मना कर देती हैं। इसीलिए मई महीने के बाद जून में आंकड़े बुरी तरह से गिर गए हैं। भारत के खिलाफ संघर्ष के दौरान अजरबैजान ने खुलकर पाकिस्तान का साथ दिया था। संघर्ष खत्म होने के बाद पाकिस्तान के प्रधानमंत्री शहबाज शरीफ और सेना प्रमुख असीम मुनीर ने मई में बाकू का दौरा किया था और वहां पाकिस्तान, तुर्की और अजरबैजान के बीच त्रिपक्षीय बैठक भी हुई थी। इससे पहले अजरबैजान के टूरिज्म डिपार्टमेंट के प्रमोशनल वीडियो में भारत को टॉप टारगेट मार्केट बताया जाता था।</p>]]></content:encoded>
                
                                                            <category>दुनिया</category>
                                    

                <link>https://dainiknavajyoti.com/world/indian-tourists-from-both-pakistans-helpers-t%C3%BCrkiye-and-azerbaijan-decline/article-124663</link>
                <guid>https://dainiknavajyoti.com/world/indian-tourists-from-both-pakistans-helpers-t%C3%BCrkiye-and-azerbaijan-decline/article-124663</guid>
                <pubDate>Mon, 25 Aug 2025 12:27:06 +0530</pubDate>
                                    <enclosure
                        url="https://dainiknavajyoti.com/media/2025-08/oer23.png"                         length="499800"                         type="image/png"  />
                
                                    <dc:creator><![CDATA[Jaipur NM]]></dc:creator>
                            </item>

            </channel>
        </rss>
        