<?xml version="1.0" encoding="utf-8"?>        <rss version="2.0"
            xmlns:content="http://purl.org/rss/1.0/modules/content/"
            xmlns:dc="http://purl.org/dc/elements/1.1/"
            xmlns:atom="http://www.w3.org/2005/Atom">
            <channel>
                <atom:link href="https://dainiknavajyoti.com/air/tag-5837" rel="self" type="application/rss+xml" />
                <generator>Dainik Navajyoti Rising Rajasthan RSS Feed Generator</generator>
                <title>air - Dainik Navajyoti Rising Rajasthan</title>
                <link>https://dainiknavajyoti.com/tag/5837/rss</link>
                <description>air RSS Feed</description>
                
                            <item>
                <title>दिल्ली में शीतलहर चलने से ठंड का प्रकोप : बहुत खराब श्रेणी में एक्यूआई, कई इलाकों में छाई धुंध की परत</title>
                                    <description><![CDATA[सुबह 6:30 बजे से आठ बजे के बीच हुई कुछ बारिश से नोएडा, गाजियाबाद, दादरी और आस-पास के इलाकों में नमी आ गयी, जिससे ठंड का असर बढ़ गया।]]></description>
                
                                    <content:encoded><![CDATA[<a href="https://dainiknavajyoti.com/leads/due-to-cold-wave-in-delhi-air-quality-is-in/article-138953"><img src="https://dainiknavajyoti.com/media/400/2026-01/1200-x-600-px-(11).png" alt=""></a><br /><p>नई दिल्ली। राष्ट्रीय राजधानी में शुक्रवार को तापमान में गिरावट आने एवं शीतलहर चलने से ठंड का प्रकोप रहा। भारत मौसम विभाग (आईएमडी) के मुताबिक आज दिल्ली में तापमान गिरकर 5 डिग्री सेल्सियस तक पहुंच जाने से कड़ाके की सर्दी पड़ रही है। विभाग के अनुसार वायु गुणवत्ता खराब से बहुत खराब श्रेणी में बनी रही एवं शहर के कई हिस्सों में धुंध की परत छायी रही। दिल्ली और राष्ट्रीय राजधानी क्षेत्र (एनसीआर) के कई हिस्सों में हल्की बूंदाबांदी होने से ठंड बढ़ गयी। सुबह 6:30 बजे से आठ बजे के बीच हुई कुछ बारिश से नोएडा, गाजियाबाद और आस-पास के इलाकों में नमी आ गयी, जिससे ठंड का असर बढ़ गया।</p>
<p>मौसम विभाग के अनुसार दिल्ली के तेज शीतलहर की चपेट में रहने के आसार हैं, जिससे न्यूनतम तापमान पांच डिग्री सेल्सियस के आसपास और दिन का अधिकतम तापमान 16 और 17 डिग्री सेल्सियस के बीच रहने का अनुमान है। सफदरजंग में तापमान में काफी गिरावट देखी गयी, जहां तापमान कम से कम 5.8 डिग्री सेल्सियस रिकॉर्ड किया गया, जबकि लोधी रोड में भी पारा गिरकर 6.1 डिग्री सेल्सियस हो गया। केन्द्रीय प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड (सीपीसीबी) के आंकड़ों के मुताबिक कई इलाकों में स्मॉग की परत जमी हुई थी, जबकि पूरी दिल्ली में वायु गुणवत्ता सूचकांक (एक्यूआई) 'खराब' और 'बहुत खराब' श्रेणी 280 के बीच बना रहा। दिल्ली प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड (डीपीसीसी) ने बताया कि सुबह 9 बजे एक्यूआई 328 था। </p>]]></content:encoded>
                
                                                            <category>भारत</category>
                                            <category>Top-News</category>
                                    

                <link>https://dainiknavajyoti.com/leads/due-to-cold-wave-in-delhi-air-quality-is-in/article-138953</link>
                <guid>https://dainiknavajyoti.com/leads/due-to-cold-wave-in-delhi-air-quality-is-in/article-138953</guid>
                <pubDate>Fri, 09 Jan 2026 13:26:58 +0530</pubDate>
                                    <enclosure
                        url="https://dainiknavajyoti.com/media/2026-01/1200-x-600-px-%2811%29.png"                         length="1388351"                         type="image/png"  />
                
                                    <dc:creator><![CDATA[Jaipur ]]></dc:creator>
                            </item>
            <item>
                <title>दिल्ली की वायु गुणवत्ता में मामूली सुधार : आईएमडी ने जारी किया येलो अलर्ट, कोहरे के कारण दृश्यता प्रभावित </title>
                                    <description><![CDATA[दिल्ली के आनंद विहार में एक्यूआई 248, रोहिणी में 270, आईटीओ में 219, इंदिरा गांधी अंतरराष्ट्रीय हवाई अड्डा में 148 दर्ज किया गया।  ]]></description>
                
                                    <content:encoded><![CDATA[<a href="https://dainiknavajyoti.com/leads/slight-improvement-in-delhis-air-quality-imd-issues-yellow-alert/article-138239"><img src="https://dainiknavajyoti.com/media/400/2026-01/1200-x-600-px-(2)2.png" alt=""></a><br /><p>नई दिल्ली। राजधानी में शनिवार सुबह हवा की स्थिति में मामूली सुधार दर्ज किया गया। मौसम विज्ञान विभाग (आईएमडी) ने सुबह के समय घने कोहरे के कारण 'येलो अलर्ट' जारी किया। इस कोहरे के कारण दृश्यता प्रभावित रही। </p>
<p>सुबह करीब आठ बजे राष्ट्रीय राजधानी में वायु गुणवत्ता सूचकांक (एक्यूआई) 235 दर्ज किया गया। दिल्ली के आनंद विहार में एक्यूआई 248, रोहिणी में 270, आईटीओ में 219, इंदिरा गांधी अंतरराष्ट्रीय हवाई अड्डा में 148 दर्ज किया गया।  </p>
<p> </p>]]></content:encoded>
                
                                                            <category>भारत</category>
                                            <category>Top-News</category>
                                    

                <link>https://dainiknavajyoti.com/leads/slight-improvement-in-delhis-air-quality-imd-issues-yellow-alert/article-138239</link>
                <guid>https://dainiknavajyoti.com/leads/slight-improvement-in-delhis-air-quality-imd-issues-yellow-alert/article-138239</guid>
                <pubDate>Sat, 03 Jan 2026 15:09:02 +0530</pubDate>
                                    <enclosure
                        url="https://dainiknavajyoti.com/media/2026-01/1200-x-600-px-%282%292.png"                         length="861943"                         type="image/png"  />
                
                                    <dc:creator><![CDATA[Jaipur ]]></dc:creator>
                            </item>
            <item>
                <title>दिल्ली की हवा फिर जहरीली : ग्रैप -4 हटते ही 'बहुत खराब' श्रेणी में पहुँचा प्रदूषण का प्रकोप, कई इलाकों में एक्यूआई 400 के पार दर्ज</title>
                                    <description><![CDATA[मौसम विभाग के अनुसार सुबह दिल्ली घने स्मॉग और धुंध की चादर में लिपटी रही। प्रदूषण और कोहरे के मेल से दृश्यता काफी प्रभावित हुई है। ]]></description>
                
                                    <content:encoded><![CDATA[<a href="https://dainiknavajyoti.com/leads/delhis-air-becomes-poisonous-again-as-soon-as-grape-4-is/article-137419"><img src="https://dainiknavajyoti.com/media/400/2025-12/1200-x-600-px)-(1200-x-600-px)-(11)1.png" alt=""></a><br /><p>नई दिल्ली। राजधानी में प्रदूषण का प्रकोप एक बार फिर बढ़ गया है। ग्रेडेड रिस्पांस एक्शन प्लान (ग्रैप ) के चौथे चरण की पाबंदियां हटने के मात्र तीन दिन बाद ही दिल्ली की वायु गुणवत्ता बहुत खराब श्रेणी में दर्ज की गई। सुबह सात बजे दिल्ली का औसत वायु गुणवत्ता सूचकांक (एक्यूआई) 353 तक पहुँच गया, जिससे प्रशासन और स्वास्थ्य विशेषज्ञों की चिंताएं बढ़ गई हैं। केंद्रीय प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड  के आंकड़ों के मुताबिक, दिल्ली के कई इलाकों में स्थिति गंभीर स्तर पर पहुँच गई है। विवेक विहार में एक्यूआई 424 और आनंद विहार में 410 दर्ज किया गया। इसके अलावा जहांगीरपुरी (417), नरेला (413), रोहिणी (409) और बवाना (404) जैसे क्षेत्रों में भी प्रदूषण का स्तर 400 के पार रहा।</p>
<p>मौसम विभाग के अनुसार सुबह दिल्ली घने स्मॉग और धुंध की चादर में लिपटी रही। प्रदूषण और कोहरे के मेल से दृश्यता काफी प्रभावित हुई है। सफदरजंग में दृश्यता मात्र 400 मीटर और पालम में 800 मीटर दर्ज की गई, जिससे यातायात पर भी असर पड़ा है। उल्लेखनीय है कि बुधवार को प्रदूषण स्तर में मामूली सुधार (श्रेणी'खराब') को देखते हुए केंद्र सरकार के पैनल ने ग्रैप-4 की पाबंदियों को वापस ले लिया था। हालांकि अब फिर से बढ़ते प्रदूषण ने बच्चों, बुजुर्गों और सांस के मरीजों के लिए बड़ा खतरा पैदा कर दिया है। जानकारों का मानना है कि बदलता मौसम और स्थानीय प्रदूषक हवा को और अधिक जहरीला बना रहे हैं।</p>]]></content:encoded>
                
                                                            <category>भारत</category>
                                            <category>Top-News</category>
                                    

                <link>https://dainiknavajyoti.com/leads/delhis-air-becomes-poisonous-again-as-soon-as-grape-4-is/article-137419</link>
                <guid>https://dainiknavajyoti.com/leads/delhis-air-becomes-poisonous-again-as-soon-as-grape-4-is/article-137419</guid>
                <pubDate>Sat, 27 Dec 2025 14:26:35 +0530</pubDate>
                                    <enclosure
                        url="https://dainiknavajyoti.com/media/2025-12/1200-x-600-px%29-%281200-x-600-px%29-%2811%291.png"                         length="457046"                         type="image/png"  />
                
                                    <dc:creator><![CDATA[Jaipur ]]></dc:creator>
                            </item>
            <item>
                <title>दिल्ली की हवा बेहद खतरनाक : वायु गुणवत्ता सूचकांक 400 के पार, सांस संबंधी लोगों के लिए हानिकारक</title>
                                    <description><![CDATA[आज सुबह यहां के कई इलाकों में घना कोहरा छाया रहा और दृश्यता काफी कम रही, जिसके कारण वाहन चालकों को काफी दिक्कतों का सामना करना पड़ा। ]]></description>
                
                                    <content:encoded><![CDATA[<a href="https://dainiknavajyoti.com/leads/delhis-air-is-extremely-dangerous-air-quality-index-crosses-400/article-135833"><img src="https://dainiknavajyoti.com/media/400/2025-12/pollution.png" alt=""></a><br /><p>नई दिल्ली। राष्ट्रीय राजधानी के कई इलाकों में शनिवार को वायु गुणवत्ता सूचकांक  (एक्यूआई) 400 के पार पहुंच गया, जो गंभीर श्रेणी में आता है। इस बढ़ोतरी की वजह धीमी हवाएं, स्थिर वायुमंडलीय स्थिति, खराब मौसम रहना है।  गौरतलब है कि बढ़ते एक्यूआई का स्तर बच्चों, बुजुर्गों और सांस संबंधी बीमारियों से पीड़ित लोगों के लिए बेहद खतरनाक माना जाता है। आज सुबह यहां के कई इलाकों में घना कोहरा छाया रहा और दृश्यता काफी कम रही, जिसके कारण वाहन चालकों को काफी दिक्कतों का सामना करना पड़ा। </p>
<p>स्वास्थ्य विशेषज्ञों ने लोगों को सलाह दी है कि वे अनावश्यक रूप से घर बाहर निकलने से बचें, मास्क का उपयोग करें और ग्रेप (श्रेणीबद्ध प्रतिक्रिया कार्य योजना) के तहत जारी दिशा-निर्देशों का पालन करें। आने वाले दिनों में ठंड बढऩे के साथ यदि हवा की गति कम रही, तो प्रदूषण की स्थिति और बिगड़ सकती है। दिल्ली में मंगलवार को एक्यूआई 282, बुधवार को 259, गुरुवार को 307, शुक्रवार को 349 और शनिवार को 387 दर्ज किया गया था। शनिवार को राजधानी को एक्यूआई बढ़कर गंभीर स्थिति में पहुंच गया। आधिकारिक आंकड़ों के अनुसार दिल्ली के 18 इलाकों में एक्यूआई 400 के पार पहुंच गया है, जो गंभीर श्रेणी में आता है।</p>]]></content:encoded>
                
                                                            <category>भारत</category>
                                            <category>Top-News</category>
                                    

                <link>https://dainiknavajyoti.com/leads/delhis-air-is-extremely-dangerous-air-quality-index-crosses-400/article-135833</link>
                <guid>https://dainiknavajyoti.com/leads/delhis-air-is-extremely-dangerous-air-quality-index-crosses-400/article-135833</guid>
                <pubDate>Sat, 13 Dec 2025 15:02:14 +0530</pubDate>
                                    <enclosure
                        url="https://dainiknavajyoti.com/media/2025-12/pollution.png"                         length="320117"                         type="image/png"  />
                
                                    <dc:creator><![CDATA[Jaipur ]]></dc:creator>
                            </item>
            <item>
                <title>दिल्ली की वायु गुणवत्ता में मामूली सुधार : अब भी गंभीर श्रेणी में बरकरार, जीआरएपी के प्रतिबंध लागू </title>
                                    <description><![CDATA[आंकड़ों के अनुसार पीएम 2.5 का स्तर 128 माइक्रोग्राम/घन मीटर और पीएम10 का स्तर 166 माइक्रोग्राम/घन मीटर रहा।]]></description>
                
                                    <content:encoded><![CDATA[<a href="https://dainiknavajyoti.com/bharat/slight-improvement-in-delhis-air-quality-still-in-severe-category/article-134093"><img src="https://dainiknavajyoti.com/media/400/2025-11/1200-x-600-px)-(1)5.png" alt=""></a><br /><p>नई दिल्ली। वायु गुणवत्ता में सुधार दर्ज किया गया। हालांकि प्रदूषण का स्तर अभी भी गंभीर श्रेणी में ही बना हुआ है। सुबह 11:28 बजे दिल्ली का औसत वायु गुणवत्ता सूचकांक (एक्यूआई) 204 दर्ज किया गया, जो कल सुबह करीब 11 बजे के 315 के मुकाबले काफी कम है। हालांकि वायु गुणवत्ता अभी भी खराब से गंभीर की श्रेणी में है, लेकिन यह गिरावट भारी स्मॉग से थोड़ी राहत का संकेत देती है। राष्ट्रीय राजधानी क्षेत्र में प्रदूषण बढऩे की स्थिति में लागू किए जाने वाले ग्रेडेड रिस्पॉन्स एक्शन प्लान (जीआरएपी) के स्टेज-दो के प्रतिबंध अभी भी लागू हैं। आंकड़ों के अनुसार पीएम 2.5 का स्तर 128 माइक्रोग्राम/घन मीटर और पीएम10 का स्तर 166 माइक्रोग्राम/घन मीटर रहा, जो दोनों ही सुरक्षित सीमा से काफी अधिक हैं। सुबह की हल्की धुंध, 20 डिग्री सेल्सियस तापमान, 49 प्रतिशत आद्र्रता और 9 किमी/घंटा की हवा की गति ने राजधानी में ²श्यता और प्रदूषण के फैलाव की स्थिति को प्रभावित किया।</p>
<p>केंद्रीय प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड (सीपीसीबी) के आंकड़ों के अनुसार, द्वारका, आईटीओ और जहांगीरपुरी में क्रमश: 370, 345 और 365 एक्यूआई दर्ज किया गया। औद्योगिक क्षेत्रों में शनिवार के शहर के औसत से अधिक  एक्यूआई  रहा-बवाना में 364, नरेला में 387 और ओखला फेज-2 में 340  एक्यूआई  दर्ज हुआ। एक्यूआई  स्केल के अनुसार वायु गुणवत्ता- अच्छा (0-50), संतोषजनक (51-100), मध्यम प्रदूषित (101-200),  खराब (201-300), बहुत खराब (301-400), गंभीर (401-500) माना जाता है। प्रशासन ने लोगों से लगातार सावधानी बरतने की सलाह दी है क्योंकि वायु गुणवत्ता संवेदनशील समूहों के लिए खतरनाक और आम लोगों के लिए अस्वास्थ्यकर बनी हुई है।</p>]]></content:encoded>
                
                                                            <category>भारत</category>
                                    

                <link>https://dainiknavajyoti.com/bharat/slight-improvement-in-delhis-air-quality-still-in-severe-category/article-134093</link>
                <guid>https://dainiknavajyoti.com/bharat/slight-improvement-in-delhis-air-quality-still-in-severe-category/article-134093</guid>
                <pubDate>Sat, 29 Nov 2025 19:00:41 +0530</pubDate>
                                    <enclosure
                        url="https://dainiknavajyoti.com/media/2025-11/1200-x-600-px%29-%281%295.png"                         length="451312"                         type="image/png"  />
                
                                    <dc:creator><![CDATA[Jaipur ]]></dc:creator>
                            </item>
            <item>
                <title>नेपाल में हवाई सेवा बाधित : रनवे की लाइटें बंद होने के कारण उड़ाने बंद, ठीक करने के लिए टीम तैनात </title>
                                    <description><![CDATA[खराबी का सही कारण अभी तक पता नहीं चल पाया है।]]></description>
                
                                    <content:encoded><![CDATA[<a href="https://dainiknavajyoti.com/leads/air-service-disrupted-in-the-nepal-team-deployed-fix-take/article-131871"><img src="https://dainiknavajyoti.com/media/400/2025-11/6622-copy51.jpg" alt=""></a><br /><p>काठमांडू। नेपाल की राजधानी काठमांडू स्थित त्रिभुवन अंतरराष्ट्रीय हवाई अड्डे पर शनिवार शाम रनवे की लाइटें बंद होने के कारण लगभग दो घंटे तक उड़ानों का संचालन बंद रहा। रिपोर्ट के अनुसार हवाई अड्डे के प्रवक्ता रिंजी शेरपा बताया कि रनवे की लाइटें शाम लगभग 5:30 बजे बंद हो गई। कुछ ही आंशिक रूप से काम कर रही हैं, लेकिन अधिकांश बंद हो गई। उन्होंने बताया कि खराबी का सही कारण अभी तक पता नहीं चल पाया है।</p>
<p>समस्या को ठीक करने के लिए हवाई अड्डे की इलेक्ट्रिकल इंजीनियरिंग टीम को तैनात किया गया है। उन्होंने कहा कि परिचालन फिर से शुरू करने के लिए रनवे की लाइटिंग व्यवस्था पूरी तरह से ठीक होनी चाहिए। चूंकि रनवे लंबा है, इसलिए दोबारा खोलने से पहले सभी लाइटों को ठीक किया जाएगा। कई उड़ानों का मार्ग परिवर्तित कर दिया गया। जनकपुर से बुद्ध एयर की एक उड़ान को वापस लौटना पड़ा, जबकि सुर्खेत से बुद्ध एयर के एक अन्य विमान को पोखरा की ओर मोड़ दिया गया।</p>
<p> </p>]]></content:encoded>
                
                                                            <category>दुनिया</category>
                                            <category>Top-News</category>
                                    

                <link>https://dainiknavajyoti.com/leads/air-service-disrupted-in-the-nepal-team-deployed-fix-take/article-131871</link>
                <guid>https://dainiknavajyoti.com/leads/air-service-disrupted-in-the-nepal-team-deployed-fix-take/article-131871</guid>
                <pubDate>Sun, 09 Nov 2025 11:13:13 +0530</pubDate>
                                    <enclosure
                        url="https://dainiknavajyoti.com/media/2025-11/6622-copy51.jpg"                         length="181106"                         type="image/jpeg"  />
                
                                    <dc:creator><![CDATA[Jaipur NM]]></dc:creator>
                            </item>
            <item>
                <title>शहर के 1 लाख एसी प्रतिदिन छोड़ रहे 45 लाख किलोवाट हीट, खोखली हो रही ओजोन </title>
                                    <description><![CDATA[ एयर कंडीशनर्स से निकलती गैस बढ़ा रही शहर का तापमान।]]></description>
                
                                    <content:encoded><![CDATA[<a href="https://dainiknavajyoti.com/rajasthan/kota/1-lakh-a-ns-of-the-city-are-releasing-45-lakh-kilowatts-of-heat-every-day--ozone-is-getting-depleted/article-117377"><img src="https://dainiknavajyoti.com/media/400/2025-06/copy-of-news3.png" alt=""></a><br /><p>कोटा। शहर इन दिनों भट्टी सा तप रहा है। आसमान से आग बरस रही है। चिलचिलाती धूप झुलसा रही है। टेम्प्रेचर भी 45 डिग्री पार कर चुका है। अचानक तापमान में वृद्धि और मौसम में बदलाव के पीछे कारण आमतौर पर हरियाली कम होना माना जाता है लेकिन इसका एक और बड़ा कारण है, जो एयरकंडीशनर्स हैं। शहर में बेलगाम चलते एसी अंदर से तो ठंडा कर रहा, बदले में बाहर गर्म हवा फेंक रहा। यह हीट प्रतिदिन लाखों-करोड़ों किलोवाट में वायुमंडल को झुलसा रही है, जो आप और हमारे लिए ही नहीं बल्कि बेजुबान पक्षियों-जानवरों व जैव विविधता के लिए भी धातक बन रही है। अब आपके मन में सवाल उठ रहे होंगे कि एसी भला कैसे तापमान बढ़ा रहा, तो पढ़िए, विशेषज्ञों की रोशनी में नवज्योति की खास रिपोर्ट....</p>
<p><strong>1.5 टन का एसी प्रति घंटे दे रहा 5.275 किलोवाट गर्मी :</strong> एक्सपर्ट के मुताबिक, घर, दुकान, ऑफिस, मॉल, होटल, सरकारी कार्यालयों में एक या इससे अधिक एसी होना सामान्य बात है। दिनभर में अमूमन 8 घंटे एसी चलता है। ऐसे में डेढ़ टन का एक एसी एक घंटे में 5.275 किलोवाट हीट छोड़ता है। जबकि, शहर में वर्तमान में 1 लाख से ज्यादा एसी चल रहे हैं। इस तरह एक लाख एसी  एक दिन में 45 लाख किलोवाट हीट वायुमंडल में छोड़ता है। इसी तरह गर्मी के पीक तीन महीने अप्रेल से जुलाई के प्रथम सप्ताह तक के 100 दिनों की केल्कूलेशन करें तो एक लाख एसी 45 करोड़ किलोवाट हीट वातावरण में छोड़ता है। जिससे वातावरण में गर्मी सकुर्लेट होने से तापमान बढ़ जाता है।  </p>
<p><strong>एसी से निकलती गैसें ओजोन को कर रही खोखली</strong><br />गवर्नमेंट कॉलेज कोटा की बोटनी प्रोफेसर डॉ. नीरजा श्रीवास्तव बतातीं हैं, एसी चलने से क्लोरोफ्लोरोकार्बन (सीएफसी) गैस निकलती है, जो ओजोन परत को नुकसान पहुंचाती है, क्योंकि वे समताप मंडल में जाकर सूर्य के पराबैंगनी विकिरण से टूट जाती हैं और क्लोरीन परमाणु मुक्त करते हैं, जो ओजोन अणुओं को नष्ट कर देते हैं। क्लोरीन परमाणु ओजोन (ड3) अणुओं के साथ प्रतिक्रिया करते हैं और उन्हें ऑक्सीजन (ड2) में तोड़ देते हैं। इससे ओजोन अणु नष्ट हा जाते हैं। जिससे ओजोन परत कमजोर होती है। सर्वप्रथम 1974 में वैज्ञानिकों ने कहा था कि सीएफसी गैस ओजोन परत के क्षय के लिए जिम्मेदार हैं। जिसके बाद मॉन्ट्रियल प्रोटोकॉल में प्रतिबंध लगाया गया था।</p>
<p><strong>एसी की हीट ग्लोबल वार्मिंग के लिए जिम्मेदार  </strong><br />विशेषज्ञों के अनुसार, एयर कंडीशनर से निकलने वाली हीट ग्लोबल वार्मिंग बढ़ाने में जिम्मेदार है। एसी कमरों को ठंडा करने के लिए गर्मी को बाहर निकालते हैं, जिससे बाहरी तापमान बढ़ता है। साथ ही एसी में रेफ्रिजरेंट गैस का उपयोग होता है, जो ग्रीनहाउस गैसों के रूप में कार्य करते हैं। हाइड्रोफ्लोरोकार्बन (एचएफसीएस) गैस कार्बन डाइऑक्साइड की तुलना में अधिक शक्तिशाली हैं।</p>
<p><strong>शहर में प्रतिदिन 400 से ज्यादा बिक रहे एसी</strong><br />एक एयरकंडीशनर कम्पनी के राजस्थान सेल्स हैड पिंटू यादव ने बताया कि कोटा शहर में छोटे-बड़े 100 से ज्यादा आउटलेट्स हैं, जहां औसतन प्रतिदिन 400 से ज्यादा एयरकंडीशनर (एसी) बिकते हैं। वर्तमान में जो एसी आ रहे हैं, वो ईको प्रैंडली है। ड्यूट इनवटर होने से बिजली की खपत के साथ हीट का उत्सर्जन भी कम होता है। हालांकि, वाहनों के एसी ज्यादा जिम्मेदार हैं। क्योंकि, वाहन स्टार्ट होता है तो फ्यूल बर्न होने और एसी चलने दोनों ही सूरत में हीट वातावरण में ज्यादा सर्कुलेट होती है। </p>
<p><strong>इनका कहना है :</strong></p>
<p><strong>पर्यावरण ही नहीं, जैव विविधता को भी नुकसान</strong><br />एयर कंडीशनर का बढता उपयोग न सिर्फ पर्यावरण प्रदूषण बढ़ाता है बल्कि इससे निकलने वाली गैसें  एच.एफ.सी. एवं सी.एफ.सी. ओजोन परत को पतला करने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाती है। इसमें मौजूद हैलाइडस (फलोराइड/ क्लोराइड/ब्रोमाइड) गैसें प्रदूषण फैलाने के साथ गर्मी भी बढ़ाती है। जिससे उस क्षेत्र की जीव विविधता प्रभावित होती है। जिसके कारण आज शहरी क्षेत्रों में पक्षी, तितली जैसे जीवों की संख्या घटती जा रही है। इससे बचने के लिए एसी निश्चित तापमान पर चलाना चाहिए। इंडोर प्लांट्स जैसे मनी प्लांट, स्नेक प्लानट को लगाए जाना चाहिए। यह हीट व प्रदूषण को सोंख लेते हैं।  <br /><strong>-नीरजा श्रीवास्तव, प्रोफेसर बोटनी, गवर्नमेंट कॉलेज कोटा</strong></p>
<p><strong>एसी की गैस के विकल्प पर हो रहे रिसर्च</strong><br />पहले एसी में कूलिंग के लिए जो गैस इस्तेमाल की जाती थी वो क्लोरोफ्लोरोकार्बन हुआ करती थी, जो ओजोन परत के क्षरण का मुख्य कारक थी। अब हाइड्रोफ्लोरोकार्बन इस्तेमाल किया जाता है जो स्वयं ग्रीन हाउस गैस है और ग्लोबल वार्मिंग का एक कारण भी है। एसी चलते समय इस गैस के लीक होने से ग्रीन हाउस प्रभाव देखने को मिलता है। इंटरनेशनल एनर्जी एजेंसी के एक अध्ययन के अनुसार 2050 तक एसी का उपयोग तीन गुना बढ़ जाएगा। ऐसी स्थिति में एसी के विकल्प के बारे में सोचना आवश्यक है। हालांकि एसी में प्रयोग होने वाले गैस के विकल्पों पर कई रिसर्च किए जा रहे हैं। <br /><strong>-पूनम जायसवाल, पर्यावरणविद् एवं प्रोफेसर जेडीबी साइंस कॉलेज</strong></p>
<p>एसी अंदर के तापमान को खींचकर बाहर फेंकता है। जिससे तापमान में और वृद्धि होती है। हालांकि, समान्य उपाय से भी हीट को कम किया जा सकता है।  घरों के आसपास पेड़-पौधे लगाना, सौलर पैनल लगाना चाहिए, जो धूप को अवशोषित कर लेते हैं और बदले में बिजली बना देते हैं। आजकल ऐसे पेंट्स आने लगे हैं, जिसे छत पर करने से वह धूप को वापस रिफ्लेक्ट कर देते हैं और छत गर्म नहीं होती। इसी तरह छत को ग्रीन नेट से भी कवर कर धूप से बचाव कर तापमान में कमी ला सकते हैं। जब छत नहीं तपेगी तो कमरा ठंडा रहेगा और एसी चलाने की जरूरत नहीं होगी। <br /><strong>-डॉ. आनंद चतुर्वेदी, प्रोफेसर मैकेनिकल डिपार्टमेंट आरटीयू</strong></p>
<p>घर के अंदर व बाहर का तापमान में अधिक अंतर नहीं होना चाहिए। यदि, तापमान 35 से 40 डिग्री से अधिक हो तो एसी को 24 टेम्प्रेचर से नीचे न चलाएं। लंबे समय तक एसी में रहने से सिर की ब्लड वेसल्स सिकुड़ जाती है। इससे ब्रेन में खून का फ्लो कम हो जाता है, जो सिर दर्द व माइग्रेन की वजह बनता है। वहीं, स्कीन ड्राई होना, आंखों में सूखापन होने की समस्या भी हो सकती है। विशेष तौर पर बच्चों का ध्यान रखे जाने की जरूरत है, क्योंकि वे एसी कमरों से अंदर बाहर आते-जाते हैं, जिससे डिहाइड्रेशन का खतरा रहता है। <br /><strong>-डॉ. विनोद पंकज, शिशुरोग विशेषज्ञ राजकीय रामपुरा चिकित्सालय </strong></p>]]></content:encoded>
                
                                                            <category>राजस्थान</category>
                                            <category>कोटा</category>
                                    

                <link>https://dainiknavajyoti.com/rajasthan/kota/1-lakh-a-ns-of-the-city-are-releasing-45-lakh-kilowatts-of-heat-every-day--ozone-is-getting-depleted/article-117377</link>
                <guid>https://dainiknavajyoti.com/rajasthan/kota/1-lakh-a-ns-of-the-city-are-releasing-45-lakh-kilowatts-of-heat-every-day--ozone-is-getting-depleted/article-117377</guid>
                <pubDate>Sat, 14 Jun 2025 15:37:56 +0530</pubDate>
                                    <enclosure
                        url="https://dainiknavajyoti.com/media/2025-06/copy-of-news3.png"                         length="559532"                         type="image/png"  />
                
                                    <dc:creator><![CDATA[kota]]></dc:creator>
                            </item>
            <item>
                <title>दिल्ली की हवा खराब, 306 पहुंचा एक्यूआई </title>
                                    <description><![CDATA[एयर क्वालिटी इंडेक्स में इसे इंसानों के लिए बहुत खराब माना जाता है। दिल्ली की हवा खराब से बहुत खराब की श्रेणी में पहुंच गई है।]]></description>
                
                                    <content:encoded><![CDATA[<a href="https://dainiknavajyoti.com/bharat/air-quality-reaches-306-in-the-delhi/article-60333"><img src="https://dainiknavajyoti.com/media/400/2023-10/sizte--(12)2.png" alt=""></a><br /><p>नई दिल्ली। सर्दी शुरू होने से पहले दिल्ली-नोएडा में हवा खराब होने लगी है। दिल्ली में एक्यूआई यानी वायु गुणवत्ता सूचकांक 306 दर्ज किया गया। एयर क्वालिटी इंडेक्स में इसे इंसानों के लिए बहुत खराब माना जाता है। दिल्ली की हवा खराब से बहुत खराब की श्रेणी में पहुंच गई है।</p>
<p><strong>भोपाल सबसे बेहतर</strong><br />भोपाल का एयर क्वालिटी इंडेक्स एक्यूआई सोमवार को 33 रहा। यानी भोपाल की हवा सबसे बेहतर है। रविवार दोपहर को दिल्ली का एक्यूआई 302 पर पहुंच गया, जो सोमवार सुबह 4 पाइंट बढ़कर 306 हो गया। यह 173 था, जो रविवार सुबह को अचानक से बढ़कर 266 हो गया। सोमवार को दिल्ली यूनिवर्सिटी के आस-पास एक्यूआई 330 और इंडिया गेट पर 266 दर्ज किया गया। वहीं, नोएडा में सोमवार सुबह आसमान में स्मॉग की मोटी परत जमा हो गई। यहां एक्यूआई 322 दर्ज किया गया। इसके अलावा मुंबई में भी हवा मध्यम दर्जे पर पहुंच गई। यहां सुबह एक्यूआई 127 तक पहुंच गया था। </p>]]></content:encoded>
                
                                                            <category>भारत</category>
                                    

                <link>https://dainiknavajyoti.com/bharat/air-quality-reaches-306-in-the-delhi/article-60333</link>
                <guid>https://dainiknavajyoti.com/bharat/air-quality-reaches-306-in-the-delhi/article-60333</guid>
                <pubDate>Tue, 24 Oct 2023 11:04:38 +0530</pubDate>
                                    <enclosure
                        url="https://dainiknavajyoti.com/media/2023-10/sizte--%2812%292.png"                         length="243436"                         type="image/png"  />
                
                                    <dc:creator><![CDATA[Jaipur ]]></dc:creator>
                            </item>
            <item>
                <title>दिल्ली की वायु गुणवत्ता खराब, न्यूनतम तापमान 5.8 डिग्री सेल्सियस</title>
                                    <description><![CDATA[ एनसीआर में प्रदूषण का स्तर राष्ट्रीय दिल्ली से भी ज्यादा खराब है। नोएडा में एक्यूआई 458 पर रहा, जबकि गुरुग्राम में सूचकांक 529 दर्ज किया गया। ]]></description>
                
                                    <content:encoded><![CDATA[<a href="https://dainiknavajyoti.com/leads/air-quality-poor-minimum-in-delhi-temperature-58-degree-celsius/article-34669"><img src="https://dainiknavajyoti.com/media/400/2023-01/q-19-copy1.jpg" alt=""></a><br /><p>नई दिल्ली। वायु गुणवत्ता लगातार तीसरे दिन भी खराब स्थिति में बनी रही। सफर देखरेख प्रणाली के अनुसार सुबह 7 बजे समग्र वायु गुणवत्ता सूचकांक (एक्यूआई) 421 दर्ज किया गया। एनसीआर में प्रदूषण का स्तर राष्ट्रीय दिल्ली से भी ज्यादा खराब है। नोएडा में एक्यूआई 458 पर रहा, जबकि गुरुग्राम में सूचकांक 529 दर्ज किया गया। दिल्ली सरकार ने खराब वायु प्रदूषण के मद्देनजर 12 जनवरी तक दिल्ली में बीएस 3 पेट्रोल और बीएस 4 डीजल 4 पहिया वाहनों के चलने पर अस्थायी प्रतिबंध लगा दिया है।</p>
<p>मौसम विज्ञान विभाग के अनुसार दिल्ली में न्यूनतम तापमान सामान्य से दो डिग्री कम 5.9 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया तथा अधिकतम तापमान 19 डिग्री सेल्सियस के आसपास रहने की संभावना है। विभाग ने शहर के सभी क्षेत्रों में घने कोहरे के साथ-साथ आंशिक रूप से बादल छाए रहने की भी भविष्यवाणी की। घने कोहरे की वजह से दिल्ली में दृश्यता कम होकर महज 50 मीटर रह गई है, जिससे वाहनों और ट्रेनों की आवाजाही बाधित हो गई है। इंदिरा गांधी अंतरराष्ट्रीय हवाईअड्डे के पास स्थित पालम वेधशाला में दृश्यता स्तर 50 मीटर दर्ज किया गया। रेलवे के प्रवक्ता के अनुसार कोहरे के कारण 26 ट्रेनें एक घंटे की देरी से चल रही हैं।</p>
<p> </p>]]></content:encoded>
                
                                                            <category>भारत</category>
                                            <category>Top-News</category>
                                    

                <link>https://dainiknavajyoti.com/leads/air-quality-poor-minimum-in-delhi-temperature-58-degree-celsius/article-34669</link>
                <guid>https://dainiknavajyoti.com/leads/air-quality-poor-minimum-in-delhi-temperature-58-degree-celsius/article-34669</guid>
                <pubDate>Wed, 11 Jan 2023 12:46:58 +0530</pubDate>
                                    <enclosure
                        url="https://dainiknavajyoti.com/media/2023-01/q-19-copy1.jpg"                         length="39742"                         type="image/jpeg"  />
                
                                    <dc:creator><![CDATA[Jaipur ]]></dc:creator>
                            </item>
            <item>
                <title>दिल्ली में खराब श्रेणी में वायु गुणवत्ता, पराली जलाने के कारण प्रदूषण में 30 फीसदी की वृद्धि </title>
                                    <description><![CDATA[आंकड़ों के अनुसार दिल्ली (एनसीआर) में पीएम 2.5 का स्तर 237 पर पहुंच गया, दिल्ली में पीएम 10 का स्तर खराब श्रेणी में 397 दर्ज किया गया।  ]]></description>
                
                                    <content:encoded><![CDATA[<a href="https://dainiknavajyoti.com/leads/pollution-increased-in-delhi/article-28703"><img src="https://dainiknavajyoti.com/media/400/2022-11/4465465.jpg" alt=""></a><br /><p>नई दिल्ली। वायु गुणवत्ता गंभीर श्रेणी में बने रहने से लोगों के काम प्रभावित हो रहे है। सुबह 10 बजे वायु गुणवत्ता सूचकांक (एक्यूआई) 464 दर्ज किया गया। सिस्टम ऑफ एयर क्वालिटी एंड वेदर फोरकास्टिंग एंड रिसर्च ने बताया कि वायु की 8 से 18 किमी प्रति घंटे की रफ्तार होने के कारण वायु गुणवत्ता के गंभीर स्तर सही हो सकता है। आंकड़ों के अनुसार दिल्ली (एनसीआर) में पीएम 2.5 का स्तर 237 पर पहुंच गया, दिल्ली में पीएम 10 का स्तर खराब श्रेणी में 397 दर्ज किया गया।  </p>
<p>आंकड़ों के अनुसार दिल्ली में पराली जलाने के कारण प्रदूषण में 30 फीसदी की वृद्धि रही है। दिल्ली में वायु गुणवत्ता खराब श्रेणी में रही, नोएडा (उप्र) और गुरुग्राम (हरियाणा) में 529 और 478 एक्यूआई दर्ज किए गए, और दोनों अत्यधिक गंभीर श्रेणी में है। </p>]]></content:encoded>
                
                                                            <category>भारत</category>
                                            <category>Top-News</category>
                                    

                <link>https://dainiknavajyoti.com/leads/pollution-increased-in-delhi/article-28703</link>
                <guid>https://dainiknavajyoti.com/leads/pollution-increased-in-delhi/article-28703</guid>
                <pubDate>Sat, 05 Nov 2022 14:50:04 +0530</pubDate>
                                    <enclosure
                        url="https://dainiknavajyoti.com/media/2022-11/4465465.jpg"                         length="34269"                         type="image/jpeg"  />
                
                                    <dc:creator><![CDATA[Jaipur ]]></dc:creator>
                            </item>
            <item>
                <title>वायु सेना, रक्षा सेवाओं व सेवानिवृत्त पेंशनर्स का  होगा व्यक्तिगत दुर्घटना बीमा</title>
                                    <description><![CDATA[इस योजना में अन्य चीजों के साथ ही सैन्य बलों, केंद्रीय पुलिस सैन्य बलों, राज्य पुलिस बलों, मेट्रो पुलिस में सेवारतए सेवानिवृत्त व प्रशिक्षुओं के साथ ही सेवानिवृत्त पेंशनर रक्षा कर्मियों के लिए वैयक्तिक दुर्घटना बीमा व वायु दुर्घटना बीमा शामिल है। ]]></description>
                
                                    <content:encoded><![CDATA[<a href="https://dainiknavajyoti.com/business/air-force-defense-services-and-retired-pensioners-will-have-personal/article-13961"><img src="https://dainiknavajyoti.com/media/400/2022-07/manodkkekfkdke.gif" alt=""></a><br /><p>नई दिल्ली। पंजाब नैशनल बैंक (पीएनबी) ने बैंक की प्रमुख योजना पीएनबी रक्षक प्लस के तहत रक्षा कर्मियों को विशेष तौर पर तैयार किए गए उत्पाद उपलब्ध कराने के लिए भारतीय वायु सेना (आईएएफ ) के साथ समझौता ज्ञापन पर हस्ताक्षर किए हैं। इस योजना में अन्य चीजों के साथ ही सैन्य बलों, केंद्रीय पुलिस सैन्य बलों, राज्य पुलिस बलों, मेट्रो पुलिस में सेवारतए सेवानिवृत्त व प्रशिक्षुओं के साथ ही सेवानिवृत्त पेंशनर रक्षा कर्मियों के लिए वैयक्तिक दुर्घटना बीमा व वायु दुर्घटना बीमा शामिल है।</p>
<p>समझौता ज्ञापन का आदान प्रदान पीएनबी के एमडी एवं सीईओ अतुल कुमार गोयल और भारतीय वायु सेना की ओर से चीफ आफ  एयर स्टाफ, एयर चीफ मार्शल विवेक राम चौधरी, पीवीएसएम, एवीएसएम, वीएम, एडीसी के बीच दिल्ली के भारतीय वायु सेना आडीटोरियम में एक समारोह में किया गया। चीफ  आफ  एयर स्टाफ, एयर चीफ  मार्शल विवेक राम चौधरी पीवीएसएम, एवीएसएम, वीएम, एडीसी ने पीएनबी के साथ जुड़ने पर कृतज्ञता ज्ञापित किया।</p>]]></content:encoded>
                
                                                            <category>बिजनेस</category>
                                    

                <link>https://dainiknavajyoti.com/business/air-force-defense-services-and-retired-pensioners-will-have-personal/article-13961</link>
                <guid>https://dainiknavajyoti.com/business/air-force-defense-services-and-retired-pensioners-will-have-personal/article-13961</guid>
                <pubDate>Sat, 09 Jul 2022 14:11:22 +0530</pubDate>
                                    <enclosure
                        url="https://dainiknavajyoti.com/media/2022-07/manodkkekfkdke.gif"                         length="120011"                         type="image/gif"  />
                
                                    <dc:creator><![CDATA[Jaipur]]></dc:creator>
                            </item>
            <item>
                <title>हवाई यात्रा को सुरक्षित बनाने के उपायों पर अधिक ध्यान देना जरूरी </title>
                                    <description><![CDATA[एक ऐसे समय जब निजी विमानन कंपनियों के साथ उनके विमान भी बढ़ रहे हैं, तब फिर हवाई यात्रा को सुरक्षित बनाने के उपायों पर और अधिक ध्यान देना स्वाभाविक रूप से जरूरी हो जाता है।]]></description>
                
                                    <content:encoded><![CDATA[<a href="https://dainiknavajyoti.com/opinion/8-case-of-plane/article-13860"><img src="https://dainiknavajyoti.com/media/400/2022-07/46546546551.jpg" alt=""></a><br /><p>एक ऐसे समय जब निजी विमानन कंपनियों के साथ उनके विमान भी बढ़ रहे हैं, तब फिर हवाई यात्रा को सुरक्षित बनाने के उपायों पर और अधिक ध्यान देना स्वाभाविक रूप से जरूरी हो जाता है। अभी हाल ही में हवाई यात्रा से जुड़े कुछ मामले ऐसे सामने आए, जिन्हें स्थगित नहीं जा सकता है। स्पाइस जेट के दो विमानों को तकनीकी खराबी के कारण आपात स्थिति में उतारना पड़ा। गौरतलब है कि पिछले 18 दिनों के भीतर तकनीकी गड़बड़ी के 8 मामले सामने आ चुके हैं। इसी संदर्भ में नागरिक उड्डयन महानिदेशालय (डीजीसए) ने स्पाइस जेट विमानन कंपनी को नोटिस जारी कर कहा कि वह अपनी हवाई यात्रा को सुरक्षित बनाने में असफल होती दिखाई दे रही है। स्पाइस जेट को इस नोटिस को गंभीरता से लेने की जरूरत है। स्पाइस जेट प्रबंधन को बार-बार विमानों की तकनीकी खामियों पर चिंतित होने के साथ उन कारणों के तह तक जाना चाहिए, ताकि यात्रियों की यात्रा को सुरक्षित प्रभावशाली बनाया जा सके।</p>
<p>सुरक्षित हवाई यात्रा सुनिश्चित बनाने की जितनी जिम्मेदारी विमानन कंपनियों की है, उतनी ही डीजीसीए की भी बनती है। विमानन कंपनियों को केवल नोटिस या चेतावनी देकर डीजीसीए अपनी जिम्मेदारी से पल्ला नहीं झाड़ सकता। यह मामूली हादसे नहीं है कि भारत से दुबई जा रहे स्पाइस जेट के एक विमान को आपात स्थिति में पाकिस्तान के कराची में उतारना पड़ा। इसके अलावा कांडला से मुंबई के लिए उड़ान भरने के बाद विमान में विंडशील्ड का बाहरी हिस्सा टूट गया और विमान को वापस उतारा गया और उसमें सवार यात्रियों के सामने खतरा नहीं बना। इससे पहले 19 जून को पटना से दिल्ली उड़ान भरने के कुछ समय बाद स्पाइस जेट के विमान में आग लग गई। किसी तरह विमान को पटना में ही सुरक्षित उतार लिया गया। अगर आग लगने के बाद मामला बस में नहीं आता, तो उसमें सवार 185 यात्रियों के साथ क्या होता। इस प्रकार की एक भी हादसे को गंभीरता से लेने की जरूरत है। सभी विमानन कंपनियों को ऐसी होदसों को देखते हुए गंभीरता रखनी होगी। यह सुनिश्चित किया जाना चाहिए कोई चूक न हो।</p>]]></content:encoded>
                
                                                            <category>ओपिनियन</category>
                                    

                <link>https://dainiknavajyoti.com/opinion/8-case-of-plane/article-13860</link>
                <guid>https://dainiknavajyoti.com/opinion/8-case-of-plane/article-13860</guid>
                <pubDate>Fri, 08 Jul 2022 10:59:26 +0530</pubDate>
                                    <enclosure
                        url="https://dainiknavajyoti.com/media/2022-07/46546546551.jpg"                         length="147134"                         type="image/jpeg"  />
                
                                    <dc:creator><![CDATA[Jaipur ]]></dc:creator>
                            </item>

            </channel>
        </rss>
        