<?xml version="1.0" encoding="utf-8"?>        <rss version="2.0"
            xmlns:content="http://purl.org/rss/1.0/modules/content/"
            xmlns:dc="http://purl.org/dc/elements/1.1/"
            xmlns:atom="http://www.w3.org/2005/Atom">
            <channel>
                <atom:link href="https://dainiknavajyoti.com/devotion/tag-58706" rel="self" type="application/rss+xml" />
                <generator>Dainik Navajyoti Rising Rajasthan RSS Feed Generator</generator>
                <title>devotion - Dainik Navajyoti Rising Rajasthan</title>
                <link>https://dainiknavajyoti.com/tag/58706/rss</link>
                <description>devotion RSS Feed</description>
                
                            <item>
                <title>गोविंद देवजी मंदिर में 17 से 23 जून तक होगी वृंदावन के संत की भागवत कथा</title>
                                    <description><![CDATA[जयपुर के प्रसिद्ध गोविंद देवजी मंदिर में 17 से 23 जून तक श्रीमद्भागवत कथा का आयोजन हो रहा है। वृंदावन के विख्यात संत गौरदास महाराज श्रद्धालुओं को श्रीकृष्ण भक्ति और सदाचार का संदेश देंगे। भक्तों की भारी भीड़ को देखते हुए मंदिर प्रशासन ने विशेष तैयारियां और भजन-कीर्तन की व्यवस्था की है।]]></description>
                
                                    <content:encoded><![CDATA[<a href="https://dainiknavajyoti.com/rajasthan/jaipur/bhagwat-katha-of-the-saint-of-vrindavan-will-be-held/article-157285"><img src="https://dainiknavajyoti.com/media/400/2025-10/govind-dev.png" alt=""></a><br /><p>जयपुर। गोविंद देवजी मंदिर में 17 जून से 23 जून तक सात दिवसीय श्रीमद्भागवत कथा का आयोजन किया जा रहा है। कथा का वाचन वृंदावन के प्रसिद्ध संत गौरदास महाराज द्वारा किया जाएगा। कथा प्रतिदिन मंदिर परिसर में श्रद्धालुओं को सुनाई जाएगी। आयोजकों के अनुसार कथा के दौरान भगवान श्रीकृष्ण की बाल लीलाओं, भक्ति, धर्म, सदाचार एवं मानव जीवन के आध्यात्मिक मूल्यों का वर्णन किया जाएगा। गौरदास महाराज अपने सरल एवं भावपूर्ण प्रवचनों के माध्यम से श्रद्धालुओं को श्रीकृष्ण भक्ति का संदेश देंगे।</p>
<p>कथा आयोजन को लेकर मंदिर परिसर में विशेष तैयारियां की गई हैं। प्रतिदिन बड़ी संख्या में श्रद्धालुओं के पहुंचने की संभावना को देखते हुए बैठक, पेयजल एवं अन्य आवश्यक व्यवस्थाएं की गई हैं। कथा के दौरान भजन-कीर्तन एवं संकीर्तन का भी आयोजन होगा, जिससे भक्तिमय वातावरण बना रहेगा। मंदिर प्रशासन ने श्रद्धालुओं से अधिक से अधिक संख्या में उपस्थित होकर कथा श्रवण का लाभ लेने की अपील की है। सात दिनों तक चलने वाले इस धार्मिक आयोजन में जयपुर सहित आसपास के क्षेत्रों से भी बड़ी संख्या में भक्तों के पहुंचने की संभावना है। गोविंद देवजी मंदिर में होने वाली यह कथा श्रद्धालुओं के लिए आध्यात्मिक ऊर्जा और भक्ति का विशेष अवसर बनेगी।</p>]]></content:encoded>
                
                                                            <category>राजस्थान</category>
                                            <category>जयपुर</category>
                                    

                <link>https://dainiknavajyoti.com/rajasthan/jaipur/bhagwat-katha-of-the-saint-of-vrindavan-will-be-held/article-157285</link>
                <guid>https://dainiknavajyoti.com/rajasthan/jaipur/bhagwat-katha-of-the-saint-of-vrindavan-will-be-held/article-157285</guid>
                <pubDate>Wed, 17 Jun 2026 18:32:24 +0530</pubDate>
                                    <enclosure
                        url="https://dainiknavajyoti.com/media/2025-10/govind-dev.png"                         length="542457"                         type="image/png"  />
                
                                    <dc:creator><![CDATA[Jaipur NM]]></dc:creator>
                            </item>
            <item>
                <title>एकादशी पर गोविंद देवजी मंदिर में दिखा श्रद्धा और भक्ति का अद्भुत संगम, जल यात्रा का आयोजन</title>
                                    <description><![CDATA[एकादशी के पावन अवसर पर जयपुर के प्रसिद्ध गोविंद देवजी मंदिर में भव्य जल यात्रा आयोजित की गई। फूलों से सजे मंदिर परिसर में सुबह से ही भक्तों की भारी भीड़ उमड़ी। श्रद्धालुओं ने कीर्तन की मधुर लहरियों के बीच भगवान के दर्शन कर सुख-समृद्धि की मंगलकामना की।]]></description>
                
                                    <content:encoded><![CDATA[<a href="https://dainiknavajyoti.com/rajasthan/jaipur/on-ekadashi-a-wonderful-confluence-of-reverence-and-devotion-jal/article-156699"><img src="https://dainiknavajyoti.com/media/400/2026-06/govind-dev-ji.png" alt=""></a><br /><p>जयपुर। एकादशी के पावन अवसर पर गोविंद देवजी मंदिर में श्रद्धा और भक्ति का अद्भुत संगम देखने को मिला। इस अवसर पर मंदिर परिसर में भव्य जल यात्रा का आयोजन किया गया, जिसमें बड़ी संख्या में श्रद्धालुओं ने भाग लिया। प्रातःकाल से ही मंदिर में भक्तों के आने का सिलसिला शुरू हो गया, जो दिनभर जारी रहा। पूरे मंदिर परिसर में भक्ति गीतों और कीर्तन की मधुर स्वर लहरियां गूंजती रहीं। मंदिर को विशेष रूप से फूलों और आकर्षक सजावट से सजाया गया था। श्रद्धालुओं ने भगवान के दर्शन कर सुख, समृद्धि और मंगल की कामना की।</p>
<p>इस दौरान मंदिर प्रशासन द्वारा दर्शन एवं अन्य व्यवस्थाओं को सुचारु बनाए रखने के लिए विशेष प्रबंध किए गए। एकादशी पर्व पर आयोजित जल यात्रा ने भक्तों को आध्यात्मिक आनंद और धार्मिक उत्साह से सराबोर कर दिया। दिनभर मंदिर में श्रद्धालुओं की भीड़ बनी रही और पूरा वातावरण भक्तिमय बना रहा।</p>]]></content:encoded>
                
                                                            <category>राजस्थान</category>
                                            <category>जयपुर</category>
                                    

                <link>https://dainiknavajyoti.com/rajasthan/jaipur/on-ekadashi-a-wonderful-confluence-of-reverence-and-devotion-jal/article-156699</link>
                <guid>https://dainiknavajyoti.com/rajasthan/jaipur/on-ekadashi-a-wonderful-confluence-of-reverence-and-devotion-jal/article-156699</guid>
                <pubDate>Thu, 11 Jun 2026 18:00:30 +0530</pubDate>
                                    <enclosure
                        url="https://dainiknavajyoti.com/media/2026-06/govind-dev-ji.png"                         length="1524882"                         type="image/png"  />
                
                                    <dc:creator><![CDATA[Jaipur NM]]></dc:creator>
                            </item>
            <item>
                <title>पीएम मोदी के कार्यकाल की दीर्घायु के लिए सुंदरकांड व हनुमान चालीसा पाठ</title>
                                    <description><![CDATA[प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के ऐतिहासिक कार्यकाल के उपलक्ष्य में जयपुर के खोले के हनुमानजी मंदिर में विशेष सुंदरकांड एवं हनुमान चालीसा पाठ आयोजित हुआ। पूर्व प्रदेश अध्यक्ष अशोक परनामी और कार्यकर्ताओं ने सामूहिक आरती कर देश की समृद्धि, सुरक्षा और विकसित भारत के संकल्प की सिद्धि के लिए मंगलकामना की।]]></description>
                
                                    <content:encoded><![CDATA[<a href="https://dainiknavajyoti.com/rajasthan/jaipur/sunderkand-and-hanuman-chalisa-recitation-for-longevity-of-pm-modis/article-156623"><img src="https://dainiknavajyoti.com/media/400/2026-06/1200-x-600-px1.png" alt=""></a><br /><p>जयपुर। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के देश के इतिहास में लंबे और गौरवशाली कार्यकाल के अवसर पर आदर्श नगर मंडल, सूरजपुर मंडल और गालब नगर मंडल की ओर से सुंदरकांड एवं हनुमान चालीसा पाठ का आयोजन किया गया। कार्यक्रम में बड़ी संख्या में भाजपा कार्यकर्ताओं और मातृशक्ति ने भाग लेकर सामूहिक रूप से पाठ का श्रवण एवं वाचन किया।</p>
<p>इस अवसर पर खोले के हनुमानजी मंदिर में विशेष आरती का आयोजन भी किया गया। भाजपा के पूर्व प्रदेश अध्यक्ष अशोक परनामी ने उपस्थित कार्यकर्ताओं के साथ सामूहिक आरती कर भगवान श्रीराम और संकटमोचन हनुमानजी का आशीर्वाद लिया। उन्होंने राष्ट्र की समृद्धि, सुरक्षा और निरंतर प्रगति की कामना की।</p>
<p>कार्यक्रम में उपस्थित कार्यकर्ताओं ने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के स्वस्थ एवं दीर्घ कार्यकाल की प्रार्थना करते हुए कहा कि उनके दूरदर्शी नेतृत्व में देश निरंतर विकास की नई ऊंचाइयों को छू रहा है। सभी ने विकसित भारत के संकल्प सहित राष्ट्र की उन्नति और ऐतिहासिक उपलब्धियों के लिए मंगलकामनाएं व्यक्त कीं। </p>]]></content:encoded>
                
                                                            <category>राजस्थान</category>
                                            <category>जयपुर</category>
                                    

                <link>https://dainiknavajyoti.com/rajasthan/jaipur/sunderkand-and-hanuman-chalisa-recitation-for-longevity-of-pm-modis/article-156623</link>
                <guid>https://dainiknavajyoti.com/rajasthan/jaipur/sunderkand-and-hanuman-chalisa-recitation-for-longevity-of-pm-modis/article-156623</guid>
                <pubDate>Thu, 11 Jun 2026 11:29:03 +0530</pubDate>
                                    <enclosure
                        url="https://dainiknavajyoti.com/media/2026-06/1200-x-600-px1.png"                         length="1933642"                         type="image/png"  />
                
                                    <dc:creator><![CDATA[Jaipur NM]]></dc:creator>
                            </item>
            <item>
                <title>जयपुर स्थित गोगाजी महाराज मंदिर में सजी आम मनोरथ झांकी</title>
                                    <description><![CDATA[जयपुर के घाटगेट स्थित भगवान गोगाजी महाराज एवं गोरखनाथ जी मंदिर में विशेष आम मनोरथ का आयोजन किया गया। अधिक मास के पावन अवसर पर पूरे मंदिर परिसर को आम्रपत्रों और रसीले आमों से सजाया गया। इस दौरान भगवान का अलौकिक शृंगार देख श्रद्धालु भावविभोर हो उठे।]]></description>
                
                                    <content:encoded><![CDATA[<a href="https://dainiknavajyoti.com/rajasthan/jaipur/aam-manorath-tableau-decorated-in-gogaji-maharaj-temple-jaipur/article-156514"><img src="https://dainiknavajyoti.com/media/400/2026-06/gogaji.png" alt=""></a><br /><p>जयपुर। जयपुर के घाटगेट स्थित भगवान गोगाजी महाराज एवं गौरखनाथ जी मंदिर में अधिक मास के मौक पर मंगलवार को आम मनोरथ का आयोजन किया। इस धार्मिक आयोजन के तहत मंदिर परिसर को आम्रपत्रों और आम फलों से सजाया। आयोजन के दौरान भगवान गोगाजी महाराज और गौरखनाथ जी का दिव्य एवं मनोहारी शृंगार किया। मंदिर से जुडे समाजजनों और श्रद्धालुओं ने बताया कि अधिक मास में आयोजित यह आम मनोरथ विशेष धार्मिक महत्व रखता है।</p>]]></content:encoded>
                
                                                            <category>राजस्थान</category>
                                            <category>जयपुर</category>
                                    

                <link>https://dainiknavajyoti.com/rajasthan/jaipur/aam-manorath-tableau-decorated-in-gogaji-maharaj-temple-jaipur/article-156514</link>
                <guid>https://dainiknavajyoti.com/rajasthan/jaipur/aam-manorath-tableau-decorated-in-gogaji-maharaj-temple-jaipur/article-156514</guid>
                <pubDate>Wed, 10 Jun 2026 11:23:52 +0530</pubDate>
                                    <enclosure
                        url="https://dainiknavajyoti.com/media/2026-06/gogaji.png"                         length="1849629"                         type="image/png"  />
                
                                    <dc:creator><![CDATA[Jaipur NM]]></dc:creator>
                            </item>
            <item>
                <title>हाजियों की दूसरी फ्लाइट पहुंची जयपुर: जद्दा से लौटे 428 जायरीन, एयरपोर्ट पर हुआ गर्मजोशी से स्वागत</title>
                                    <description><![CDATA[हज यात्रा 2026 पूरी कर राजस्थान के 428 हाजियों का दूसरा जत्था रविवार देर रात जद्दा से जयपुर अंतरराष्ट्रीय हवाई अड्डे पहुंचा। स्टेट हज कमेटी के अब्दुल हकीम खान के अनुसार, परिजनों ने फूल-मालाओं से हाजियों का भावुक और गर्मजोशी से इस्तकबाल किया। हाजियों ने मुल्क की खुशहाली के लिए दुआएं मांगीं।]]></description>
                
                                    <content:encoded><![CDATA[<a href="https://dainiknavajyoti.com/rajasthan/jaipur/grand-welcome-given-to-428-hajis-who-reached-jaipur-from/article-156260"><img src="https://dainiknavajyoti.com/media/400/2026-06/haji.png" alt=""></a><br /><p>जयपुर। हज यात्रा 2026 से लौट रहे राजस्थान के हाजियों की दूसरी फ्लाइट रविवार देर रात जद्दा से उड़ान भरकर जयपुर अंतरराष्ट्रीय हवाई अड्डे पहुंची। राजस्थान स्टेट हज कमेटी के निवर्तमान सदस्य अब्दुल हकीम खान ने बताया कि फ्लाइट रात 1:40 बजे जयपुर पहुंची, जिसमें कुल 428 हाजी सवार थे। पवित्र हज यात्रा पूरी कर स्वदेश लौटे हाजियों का एयरपोर्ट पर परिजनों, रिश्तेदारों और स्वागतकर्ताओं ने फूल-मालाओं के साथ गर्मजोशी से इस्तकबाल किया। हाजियों के चेहरों पर मुकद्दस सफर की खुशी साफ झलक रही थी।</p>
<p>एयरपोर्ट परिसर में देर रात तक स्वागत का माहौल बना रहा। बड़ी संख्या में लोग अपने प्रियजनों के स्वागत के लिए पहुंचे। हाजियों ने हज यात्रा को यादगार और आध्यात्मिक अनुभव बताते हुए देश और प्रदेश की खुशहाली के लिए दुआएं कीं। उल्लेखनीय है कि राजस्थान के हाजियों की पहली वापसी फ्लाइट 5 जून को जयपुर पहुंची थी, जिसमें भी 428 यात्री सवार थे। हज यात्रियों की वापसी का सिलसिला लगातार जारी है।</p>]]></content:encoded>
                
                                                            <category>राजस्थान</category>
                                            <category>जयपुर</category>
                                    

                <link>https://dainiknavajyoti.com/rajasthan/jaipur/grand-welcome-given-to-428-hajis-who-reached-jaipur-from/article-156260</link>
                <guid>https://dainiknavajyoti.com/rajasthan/jaipur/grand-welcome-given-to-428-hajis-who-reached-jaipur-from/article-156260</guid>
                <pubDate>Sun, 07 Jun 2026 16:01:31 +0530</pubDate>
                                    <enclosure
                        url="https://dainiknavajyoti.com/media/2026-06/haji.png"                         length="600974"                         type="image/png"  />
                
                                    <dc:creator><![CDATA[Jaipur NM]]></dc:creator>
                            </item>
            <item>
                <title>केंद्रीय मंत्री जी. किशन रेड्डी ने किए दर्शन, यदाद्री लक्ष्मी नरसिम्हा स्वामी मंदिर में की विशेष पूजा-अर्चना</title>
                                    <description><![CDATA[केंद्रीय कोयला और खान मंत्री जी. किशन रेड्डी ने तेलंगाना के प्रसिद्ध यदाद्री लक्ष्मी नरसिम्हा स्वामी मंदिर का दौरा किया। उन्होंने भगवान के दर्शन कर विशेष अनुष्ठान किए और आशीर्वाद लिया। पूजा के बाद मंदिर के पुजारियों ने उन्हें 'वेदाशीर्वचन' और तीर्थ-प्रसाद भेंट किया।]]></description>
                
                                    <content:encoded><![CDATA[<a href="https://dainiknavajyoti.com/bharat/union-minister-g-kishan-reddy-visited-yadadri-lakshmi-narasimha-swamy/article-156252"><img src="https://dainiknavajyoti.com/media/400/2026-06/kishan-radday.png" alt=""></a><br /><p>हैदराबाद। केंद्रीय कोयला और खान मंत्री जी. किशन रेड्डी ने रविवार को यदाद्री लक्ष्मी नरसिम्हा स्वामी मंदिर का दौरा किया और भगवान लक्ष्मी नरसिम्हा स्वामी की विशेष पूजा-अर्चना की। केन्द्रीय मंत्री ने इस दौरान विशेष अनुष्ठान किए और देवता का आशीर्वाद लिया। पूजा के बाद, पंडितों ने श्री किशन रेड्डी को 'वेदाशीर्वचन' दिया और मंदिर परिसर में उन्हें तीर्थ-प्रसाद भेंट किया। इस मंदिर को एक पवित्र तीर्थ स्थल और स्वयं प्रकट हुए नरसिम्हा स्वामी का निवास स्थान माना जाता है। यह तेलंगाना के लोगों के बीच बहुत आध्यात्मिक महत्व रखता है। इस दौरान बड़ी संख्या में श्रद्धालु और मंदिर के अधिकारी मौजूद थे।</p>]]></content:encoded>
                
                                                            <category>भारत</category>
                                    

                <link>https://dainiknavajyoti.com/bharat/union-minister-g-kishan-reddy-visited-yadadri-lakshmi-narasimha-swamy/article-156252</link>
                <guid>https://dainiknavajyoti.com/bharat/union-minister-g-kishan-reddy-visited-yadadri-lakshmi-narasimha-swamy/article-156252</guid>
                <pubDate>Sun, 07 Jun 2026 14:15:13 +0530</pubDate>
                                    <enclosure
                        url="https://dainiknavajyoti.com/media/2026-06/kishan-radday.png"                         length="532789"                         type="image/png"  />
                
                                    <dc:creator><![CDATA[Jaipur NM]]></dc:creator>
                            </item>
            <item>
                <title>कैलाश मानसरोवर से लौटे 35 श्रद्धालुओं का भव्य स्वागत, बोले- जीवन का सबसे दिव्य और अविस्मरणीय अनुभव</title>
                                    <description><![CDATA[जयपुर के 35 श्रद्धालुओं का दल कैलाश मानसरोवर की पवित्र आध्यात्मिक यात्रा पूर्ण कर सकुशल लौट आया है। राहुल अग्रवाल के नेतृत्व में दल ने कठिन भौगोलिक परिस्थितियों के बीच पूजा-अर्चना संपन्न की। एयरपोर्ट पहुंचने पर परिजनों और खंडेलवाल समाज के गणमान्य लोगों ने माल्यार्पण कर यात्रियों का भव्य अभिनंदन किया।]]></description>
                
                                    <content:encoded><![CDATA[<a href="https://dainiknavajyoti.com/rajasthan/jaipur/grand-welcome-for-35-pilgrims-returning-from-kailash-mansarovar/article-155795"><img src="https://dainiknavajyoti.com/media/400/2026-06/1200-x-60-px)-(youtube-thumbnail)-(1).png" alt=""></a><br /><p>जयपुर। विश्व की सबसे पवित्र आध्यात्मिक यात्राओं में शामिल कैलाश मानसरोवर यात्रा पूर्ण कर जयपुर के 35 श्रद्धालुओं का दल सकुशल लौट आया। यात्रा का नेतृत्व राहुल अग्रवाल ने किया। श्रद्धालुओं ने कैलाश पर्वत और मानसरोवर झील के दर्शन कर पूजा-अर्चना एवं धार्मिक अनुष्ठान संपन्न किए। यात्रा से लौटे श्रद्धालुओं ने बताया कि कैलाश पर्वत के दर्शन और मानसरोवर के पवित्र तट पर बिताए गए क्षण उनके जीवन के सबसे दिव्य और अविस्मरणीय अनुभव बन गए। उन्होंने कहा कि कठिन भौगोलिक परिस्थितियों के बावजूद पूरी यात्रा सुरक्षित, सुव्यवस्थित और सुखद रही।</p>
<p>जयपुर एयरपोर्ट पहुंचने पर समाज श्री सीताराम एवं खंडेलवाल समाज के गणमान्य व्यक्तियों, परिजनों और श्रद्धालुओं ने यात्रियों का गर्मजोशी से स्वागत किया। इस दौरान राकेश कूलवाल, सुनील गुप्ता, जितेश कूलवाल, प्रवीण शाह और अरविंद बैद सहित अन्य लोगों ने माल्यार्पण कर अभिनंदन किया। यात्रा संयोजक राहुल अग्रवाल ने कहा कि वर्तमान समय में धार्मिक पर्यटन के प्रति लोगों का रुझान तेजी से बढ़ रहा है। कैलाश मानसरोवर यात्रा केवल धार्मिक आस्था का प्रतीक नहीं, बल्कि आत्मिक शांति, आध्यात्मिक ऊर्जा और जीवन मूल्यों को समझने का अनूठा अवसर भी है।</p>]]></content:encoded>
                
                                                            <category>राजस्थान</category>
                                            <category>जयपुर</category>
                                    

                <link>https://dainiknavajyoti.com/rajasthan/jaipur/grand-welcome-for-35-pilgrims-returning-from-kailash-mansarovar/article-155795</link>
                <guid>https://dainiknavajyoti.com/rajasthan/jaipur/grand-welcome-for-35-pilgrims-returning-from-kailash-mansarovar/article-155795</guid>
                <pubDate>Tue, 02 Jun 2026 18:41:33 +0530</pubDate>
                                    <enclosure
                        url="https://dainiknavajyoti.com/media/2026-06/1200-x-60-px%29-%28youtube-thumbnail%29-%281%29.png"                         length="866427"                         type="image/png"  />
                
                                    <dc:creator><![CDATA[Jaipur NM]]></dc:creator>
                            </item>
            <item>
                <title>27 मई को रखा जाएगा कमला एकादशी व्रत, पद्मिनी एकादशी का मिलेगा विशेष पुण्य </title>
                                    <description><![CDATA[ज्येष्ठ अधिक मास में आने वाली पद्मिनी (कमला) एकादशी का व्रत 27 मई 2026 को रखा जाएगा। ज्योतिषाचार्य डॉ. अनीष व्यास के अनुसार, उदया तिथि के आधार पर यह दुर्लभ व्रत सुख-समृद्धि लाएगा। भगवान विष्णु को समर्पित इस एकादशी पर विधि-विधान से पूजा और मंत्र जप करने से दोगुना पुण्य फल प्राप्त होता है।]]></description>
                
                                    <content:encoded><![CDATA[<a href="https://dainiknavajyoti.com/rajasthan/jaipur/kamala-ekadashi-fast-will-be-observed-on-27th-may-padmini/article-154659"><img src="https://dainiknavajyoti.com/media/400/2026-05/ekadashi.png" alt=""></a><br /><p>जयपुर। अधिक मास में आने वाली शुक्ल पक्ष की एकादशी को पद्मिनी एकादशी, कमला एकादशी अथवा पुरुषोत्तमी एकादशी कहा जाता है। इस वर्ष यह व्रत 27 मई को रखा जाएगा। धार्मिक मान्यताओं के अनुसार, अधिक मास में आने वाली यह एकादशी अत्यंत दुर्लभ और पुण्यदायी मानी जाती है। मान्यता है कि इस व्रत के प्रभाव से भगवान विष्णु और माता लक्ष्मी की विशेष कृपा प्राप्त होती है तथा जीवन में सुख-समृद्धि का आगमन होता है। पाल बालाजी ज्योतिष संस्थान जयपुर-जोधपुर के निदेशक ज्योतिषाचार्य डॉ. अनीष व्यास ने बताया कि पंचांग के अनुसार कमला एकादशी तिथि का आरंभ 27 मई को प्रातः 6:22 बजे होगा तथा 28 मई को सुबह 7:22 बजे तक एकादशी तिथि रहेगी। उदया तिथि के आधार पर व्रत 27 मई को ही रखा जाएगा।</p>
<p>उन्होंने बताया कि ज्येष्ठ अधिक मास 17 मई से 15 जून 2026 तक रहेगा, जिसे पुरुषोत्तम मास भी कहा जाता है। डॉ. व्यास के अनुसार अधिक मास के स्वामी भगवान श्रीहरि विष्णु हैं और एकादशी तिथि भी उन्हें समर्पित है। ऐसे में पद्मिनी एकादशी का व्रत करने से दोगुना पुण्य फल प्राप्त होता है। मान्यता है कि इस एक व्रत से वर्षभर की सभी एकादशियों के समान पुण्य मिलता है। उन्होंने बताया कि इस दिन प्रातः स्नान कर भगवान विष्णु की विधिपूर्वक पूजा करनी चाहिए। श्रद्धालु निर्जल व्रत रखकर विष्णु पुराण का पाठ या श्रवण करें। रात्रि में भजन-कीर्तन और जागरण करना शुभ माना गया है। द्वादशी के दिन ब्राह्मणों को भोजन कराकर दक्षिणा देने के बाद व्रत का पारण करना चाहिए। पद्म पुराण में भी कमला एकादशी के महत्व का उल्लेख मिलता है। मान्यता है कि इस दिन भगवान विष्णु के मंत्रों का जप करने से अनेक गुना फल प्राप्त होता है।</p>]]></content:encoded>
                
                                                            <category>राजस्थान</category>
                                            <category>जयपुर</category>
                                    

                <link>https://dainiknavajyoti.com/rajasthan/jaipur/kamala-ekadashi-fast-will-be-observed-on-27th-may-padmini/article-154659</link>
                <guid>https://dainiknavajyoti.com/rajasthan/jaipur/kamala-ekadashi-fast-will-be-observed-on-27th-may-padmini/article-154659</guid>
                <pubDate>Fri, 22 May 2026 14:53:23 +0530</pubDate>
                                    <enclosure
                        url="https://dainiknavajyoti.com/media/2026-05/ekadashi.png"                         length="947991"                         type="image/png"  />
                
                                    <dc:creator><![CDATA[Jaipur NM]]></dc:creator>
                            </item>
            <item>
                <title>प्रधानमंत्री मोदी रोड़ शो करते हुए काशी विश्वनाथ मंदिर पहुंचे : बटुकों ने शंखनाद, ढोल-नगाड़ों और पुष्पवर्षा से किया स्वागत, गंगा एक्सप्रेसवे का करेंगे उद्घाटन</title>
                                    <description><![CDATA[प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी ने अपने संसदीय क्षेत्र काशी में भव्य रोड शो किया। शंखनाद, डमरुओं की गूंज और पुष्पवर्षा के बीच वे श्री काशी विश्वनाथ धाम पहुंचे। बंगाल चुनाव के दूसरे चरण के बीच पीएम का यह दर्शन-पूजन विशेष माना जा रहा है। जगह-जगह भाजपा कार्यकर्ताओं और काशीवासियों ने उनका अभूतपूर्व स्वागत किया।]]></description>
                
                                    <content:encoded><![CDATA[<a href="https://dainiknavajyoti.com/leads/prime-minister-modi-who-reached-shri-kashi-vishwanath-temple-while/article-152033"><img src="https://dainiknavajyoti.com/media/400/2026-04/modi18.png" alt=""></a><br /><p>वाराणसी। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी अपने संसदीय क्षेत्र काशी में दौरे के दूसरे दिन बुधवार को रोड शो करते हुए श्री काशी विश्वनाथ धाम पहुंचे। जगह-जगह काशीवासियों और भारतीय जनता पार्टी के कार्यकर्ताओं ने शंखनाद, ढोल-नगाड़ों और पुष्पवर्षा के साथ उनका भव्य स्वागत किया। दूसरी ओर, बंगाल में आज दूसरे चरण का मतदान जारी है। ऐसे में प्रधानमंत्री का श्री काशी विश्वनाथ मंदिर में दर्शन-पूजन विशेष माना जा रहा है। श्री विश्वनाथ धाम में डमरुओं की गूंज और बटुकों ने शंखनाद के साथ प्रधानमंत्री मोदी का स्वागत किया। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी काशी विश्वनाथ मंदिर में दर्शन पूजन कर रहे हैं।</p>
<p>भाजपा ने बरेका से काशी विश्वनाथ मंदिर मार्ग पर प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के स्वागत के लिए पांच पॉइंट बनाए गये थे। इन पांच पॉइंट्स पर भाजपा कार्यकर्ताओं ने ढोल-नगाड़े और शंखनाद के साथ गुलाब की पंखुड़ियों की वर्षा कर उनका स्वागत किया। इन पांचों पॉइंट्स पर मंत्री, जनप्रतिनिधि, भाजपा पदाधिकारी, कार्यकर्ता एवं काशी की जनता उपस्थित रहे। ये मुख्य पॉइंट मंडुआडीह, पुलिस लाइन, लहुराबीर, मैदागिन, चौक और काशी विश्वनाथ मंदिर गेट थे।</p>
<p> </p>]]></content:encoded>
                
                                                            <category>भारत</category>
                                            <category>Top-News</category>
                                    

                <link>https://dainiknavajyoti.com/leads/prime-minister-modi-who-reached-shri-kashi-vishwanath-temple-while/article-152033</link>
                <guid>https://dainiknavajyoti.com/leads/prime-minister-modi-who-reached-shri-kashi-vishwanath-temple-while/article-152033</guid>
                <pubDate>Wed, 29 Apr 2026 11:51:42 +0530</pubDate>
                                    <enclosure
                        url="https://dainiknavajyoti.com/media/2026-04/modi18.png"                         length="1957437"                         type="image/png"  />
                
                                    <dc:creator><![CDATA[Jaipur NM]]></dc:creator>
                            </item>
            <item>
                <title>शुक्र पुष्य नक्षत्र पर चांदपोल गणेश मंदिर में भव्य अभिषेक सम्पन्न, 101 किलो दूध एवं पंचामृत से पूर्ण हुआ आयोजन</title>
                                    <description><![CDATA[जयपुर के परकोटा गणेश मंदिर में शुक्र पुष्य नक्षत्र पर 101 किलो दूध और पंचामृत से भगवान गणेश का दिव्य अभिषेक किया गया। महंत अमित शर्मा के सानिध्य में गणपति को सिंदूर का चोला और नई पोशाक धारण कराई गई। भक्तों ने अथर्वशीर्ष का पाठ कर सुख-समृद्धि का आशीर्वाद लिया और हल्दी-सुपारी का विशेष प्रसाद प्राप्त किया।]]></description>
                
                                    <content:encoded><![CDATA[<a href="https://dainiknavajyoti.com/rajasthan/jaipur/grand-abhishek-completed-in-chandpol-ganesh-temple-on-venus-pushya/article-151573"><img src="https://dainiknavajyoti.com/media/400/2026-04/ganesh.png" alt=""></a><br /><p>जयपुर। परकोटा गणेश मंदिर में शुक्रवार को शुभ शुक्र पुष्य नक्षत्र के अवसर पर विशेष अभिषेक का आयोजन किया गया। इस पावन अवसर पर भगवान गणेश का 101 किलो दूध एवं पंचामृत से विधिवत अभिषेक किया गया। कार्यक्रम की शुरुआत महंत पंडित अमित शर्मा के सानिध्य में हुई, जिसमें दूध, दही, शहद, गंगाजल, केवड़ा जल, गुलाब जल और केसर जल से गणेश जी का स्नान कराया गया। अभिषेक के पश्चात गणेश जी को सिंदूर का चोला चढ़ाया गया और नई पोशाक धारण कराई गई। इसके बाद गणपति अथर्वशीर्ष एवं गणपति अष्टोत्तर नामावली के मंत्रोच्चार के साथ मोदक का भोग अर्पित किया गया। श्रद्धालुओं में विशेष उत्साह देखने को मिला, जिन्होंने सामूहिक रूप से गणपति अथर्वशीर्ष का पाठ कर भगवान को दूर्वा अर्पित की। इस अवसर पर भक्तों को गणेश जी और लक्ष्मी स्वरूप हल्दी की गांठ एवं सुपारी प्रसाद के रूप में वितरित की गई। पूरे मंदिर परिसर में भक्तिमय वातावरण बना रहा और श्रद्धालुओं ने भगवान गणेश का आशीर्वाद प्राप्त किया।</p>]]></content:encoded>
                
                                                            <category>राजस्थान</category>
                                            <category>जयपुर</category>
                                    

                <link>https://dainiknavajyoti.com/rajasthan/jaipur/grand-abhishek-completed-in-chandpol-ganesh-temple-on-venus-pushya/article-151573</link>
                <guid>https://dainiknavajyoti.com/rajasthan/jaipur/grand-abhishek-completed-in-chandpol-ganesh-temple-on-venus-pushya/article-151573</guid>
                <pubDate>Fri, 24 Apr 2026 16:07:56 +0530</pubDate>
                                    <enclosure
                        url="https://dainiknavajyoti.com/media/2026-04/ganesh.png"                         length="2205989"                         type="image/png"  />
                
                                    <dc:creator><![CDATA[Jaipur NM]]></dc:creator>
                            </item>
            <item>
                <title>शोभायात्रा : गुलाबी नगरी में गूंजे भगवान परशुराम के जयकारे; पौराणिक झांकियां आकर्षण का केन्द्र रहीं, सबसे आगे प्रथम पूज्य की झांकी </title>
                                    <description><![CDATA[जयपुर के परकोटे में राजस्थान ब्राह्मण महासभा द्वारा भव्य शोभायात्रा निकाली गई। 1100 महिलाओं के मंगल गान और दो दर्जन आकर्षक झांकियों ने श्रद्धालुओं का मन मोह लिया। जलेब चौक से शुरू हुई इस यात्रा का बड़ी चौपड़ पर जनप्रतिनिधियों ने स्वागत किया, जिससे पूरा शहर भक्ति के रंग में रंग गया।]]></description>
                
                                    <content:encoded><![CDATA[<a href="https://dainiknavajyoti.com/rajasthan/jaipur/the-procession-echoed-in-the-pink-city-the-praises-of/article-151525"><img src="https://dainiknavajyoti.com/media/400/2026-04/shoba-yatra.png" alt=""></a><br /><p>जयपुर। गुलाबी नगरी का परकोटा इलाका गुरुवार को भगवान परशुराम के जयकारों से गूंज उठा। अवसर था राजस्थान ब्राह्मण महासभा की जलेब चौक से निकली भगवान परशुराम की शोभायात्रा का। उत्सवी माहौल में बैंडबाजे की स्वर लहरियों के बीच निकली शोभायात्रा में दो दर्जन झांकियां आकर्षण का केन्द्र रहीं। शोभायात्रा को ब्रह्मपीठाधीश्वर काठिया परिवाराचार्य स्वामी रामरतन देवाचार्य महाराज के सान्निध्य में रवाना किया। केसरिया साफे में विप्रगणों के काफि ले के साथ शोभायात्रा बड़ी चौपड़ पहुंचीं। शोभायात्रा संयोजक हनुमान सहाय शर्मा और महासभा महामंत्री शिव कुमार भारद्वाज ने बताया कि शोभायात्रा में 1100 महिलाएं एक समान गणवेश में मंगल गीत गाती चल रही थीं। मार्ग में विभिन्न स्थानों पर पुष्प वर्षा और आरती कर स्वागत किया गया। छोटी चौपड़ पर प्रसाद वितरण के साथ समापन हुआ।</p>
<p><strong>इन झांकियों ने मोहा मन</strong></p>
<p>शोभायात्रा में विविध धार्मिक एवं पौराणिक झांकियां श्रद्धालुओं के आकर्षण का प्रमुख केन्द्र रहीं। सबसे आगे प्रथम पूज्य गणपति की झांकी थी। उसके बाद शिव परिवार, ताण्डव करते भगवान शिव, त्रिमुखी शिव, श्रीराधा गोविन्द, भगवान परशुराम की झांकी सहित शेरावाली मां, हनुमान जी के कंधे पर राम-लक्ष्मण, शिव जी की हथेली पर विराजित गणेशजी की झांकियों सहित भगवान परशुरामजी का मुख्य रथ की झांकी आकर्षक रही।  </p>
<p><strong>जनप्रतिनिधियों व संगठनों ने किया स्वागत</strong></p>
<p>बड़ी चौपड़ पर सामाजिक, व्यापारिक और राजनीतिक दलों के नेताओं ने शोभायात्रा की आरती उतारकर स्वागत किया। इस मौके पर विधानसभा अध्यक्ष वासुदेव देवनानी, सांसद मंजू शर्मा, राज्य देवस्थान बोर्ड के पूर्व अध्यक्ष एसडी शर्मा, पूर्व मंत्री बृजकिशोर शर्मा, राज्य महिला आयोग की पूर्व अध्यक्ष सुमन शर्मा सहित बड़ी संख्या में लोग मौजूद थे। </p>]]></content:encoded>
                
                                                            <category>राजस्थान</category>
                                            <category>जयपुर</category>
                                    

                <link>https://dainiknavajyoti.com/rajasthan/jaipur/the-procession-echoed-in-the-pink-city-the-praises-of/article-151525</link>
                <guid>https://dainiknavajyoti.com/rajasthan/jaipur/the-procession-echoed-in-the-pink-city-the-praises-of/article-151525</guid>
                <pubDate>Fri, 24 Apr 2026 11:26:42 +0530</pubDate>
                                    <enclosure
                        url="https://dainiknavajyoti.com/media/2026-04/shoba-yatra.png"                         length="965989"                         type="image/png"  />
                
                                    <dc:creator><![CDATA[Jaipur NM]]></dc:creator>
                            </item>
            <item>
                <title>नहाय-खाय के साथ बिहार में शुरू हुआ लोकआस्था का महापर्व चैती छठ: नवरात्रि की तर्ज पर साल में दो बार जाता मनाया</title>
                                    <description><![CDATA[बिहार और उत्तर भारत में चार दिवसीय चैती छठ महापर्व नहाय-खाय के साथ शुरू हो गया। सूर्य उपासना के इस कठिन व्रत में श्रद्धालु 36 घंटे का निर्जला उपवास रख भगवान भास्कर को अर्घ्य देंगे। आरोग्यता और संतान सुख के लिए किया जाने वाला यह पर्व बिना किसी पंडित या मंत्रोच्चार के, केवल पवित्रता और लोकगीतों के साथ संपन्न होता है।]]></description>
                
                                    <content:encoded><![CDATA[<a href="https://dainiknavajyoti.com/leads/chaiti-chhath-the-great-festival-of-folk-faith-started-in/article-147417"><img src="https://dainiknavajyoti.com/media/400/2026-03/chat-parav.png" alt=""></a><br /><p>पटना। बिहार में लोक आस्था का चार दिवसीय महापर्व चैती छठ आज नहाय-खाय के साथ शुरू हो गया। चैती छठ व्रत पूर्वांचल एवं उत्तर भारत के अलावा पूरे देश में संयम एवं पवित्रता के साथ मनाया जाता है। यह महापर्व नवरात्रि की तर्ज पर साल में दो बार मनाया जाता है। हिन्दू पंचांग के अनुसार चैत्र मास में प्रथम तथा कार्तिक मास में दूसरी बार छठ महापर्व बिहार, झारखंड, उत्तर प्रदेश समेत पूरे भारत में मनाया जाने वाला सबसे लोकप्रिय पर्व है। चैती छठ के पहले दिन व्रती नर-नारियों ने नहाय-खाय के संकल्प के तहत स्नान करने के बाद अरवा भोजन ग्रहण कर इस व्रत को शुरू किया। महापर्व के दूसरे दिन श्रद्धालु पूरे दिन बिना जलग्रहण किये उपवास रखने के बाद सूर्यास्त होने पर पूजा करते हैं और उसके बाद एक बार ही दूध और गुड़ से बनी खीर खाते हैं तथा जब तक चांद नजर आये तब तक पानी पीते हैं। इसके बाद से उनका करीब 36 घंटे का निर्जला व्रत शुरू होता है।</p>
<p>इस महापर्व के तीसरे दिन व्रतधारी अस्ताचलगामी सूर्य को नदी और तालाब में खड़े होकर प्रथम अर्घ्य अर्पित करते हैं। व्रतधारी डूबते हुए सूर्य को फल और पकवान (ठेकुआ) से अर्घ्य अर्पित करते हैं। महापर्व के चौथे और अंतिम दिन फिर से नदियों और तालाबों में व्रतधारी उदीयमान सूर्य को दूसरा अर्घ्य देते हैं । भगवान भाष्कर को दूसरा अर्घ्य अर्पित करने के बाद ही श्रद्धालुओं का 36 घंटे का निर्जला व्रत समाप्त होता है और वे अन्न ग्रहण करते हैं।</p>
<p>परिवार की सुख-समृद्धि तथा कष्टों के निवारण के लिए किये जाने वाले इस व्रत की एक खासियत यह भी है कि इस पर्व को करने के लिए किसी पुरोहित (पंडित) की आवश्यकता नहीं होती है और न ही मंत्रोचारण की कोई जरूरत है। छठ पर्व में साफ-सफाई का विशेष ध्यान रखा जाता है।</p>
<p>आचार्य राकेश झा ने बताया कि छठ का व्रत आरोग्यता, सौभाग्य व संतान के लिए किया जाता है। स्कंद पुराण के अनुसार राजा प्रियव्रत ने भी यह व्रत रखा था। उन्हें कुष्ठ रोग हो गया था। भगवान भास्कर से इस रोग की मुक्ति के लिए उन्होंने छठ व्रत किया था। स्कंद पुराण में प्रतिहार षष्ठी के तौर पर इस व्रत की चर्चा है। वर्षकृत्यम में भी छठ का वर्णन मिलता है। छठ महापर्व के पूजन एवं प्रसाद सामग्री के रूप में व्रती सिंदूर, चावल, बांस की टोकरी, धूप, शकरकंद, पत्ता लगा हुआ गन्ना, नारियल, कुमकुम, कपूर, सुपारी, हल्दी, अदरक, पान, दीपक, घी, गेहूं, गंगाजल आदि का उपयोग करते हैं। इस महापर्व में प्रसाद के लिये ठेकुआ एवं अन्य पकवान को घरों में पूरी शुद्धता एवं पवित्रता के साथ लोकगीत गाते हुए तैयार किया जाता हैं।अर्घ्य में नए बांस से बनी सूप एवं डाला का इस्तेमाल किया जाता है। सूप से वंश वृद्धि तथा उनकी रक्षा होती है।</p>]]></content:encoded>
                
                                                            <category>भारत</category>
                                            <category>Top-News</category>
                                    

                <link>https://dainiknavajyoti.com/leads/chaiti-chhath-the-great-festival-of-folk-faith-started-in/article-147417</link>
                <guid>https://dainiknavajyoti.com/leads/chaiti-chhath-the-great-festival-of-folk-faith-started-in/article-147417</guid>
                <pubDate>Sun, 22 Mar 2026 15:03:49 +0530</pubDate>
                                    <enclosure
                        url="https://dainiknavajyoti.com/media/2026-03/chat-parav.png"                         length="1118982"                         type="image/png"  />
                
                                    <dc:creator><![CDATA[Jaipur NM]]></dc:creator>
                            </item>

            </channel>
        </rss>
        