<?xml version="1.0" encoding="utf-8"?>        <rss version="2.0"
            xmlns:content="http://purl.org/rss/1.0/modules/content/"
            xmlns:dc="http://purl.org/dc/elements/1.1/"
            xmlns:atom="http://www.w3.org/2005/Atom">
            <channel>
                <atom:link href="https://dainiknavajyoti.com/lord-buddha/tag-61234" rel="self" type="application/rss+xml" />
                <generator>Dainik Navajyoti Rising Rajasthan RSS Feed Generator</generator>
                <title>Lord Buddha - Dainik Navajyoti Rising Rajasthan</title>
                <link>https://dainiknavajyoti.com/tag/61234/rss</link>
                <description>Lord Buddha RSS Feed</description>
                
                            <item>
                <title>महात्मा बुद्ध से जुड़े स्थलों, अवशेषों का संरक्षण सरकार की प्राथमिकता : पीएम मोदी</title>
                                    <description><![CDATA[प्रधानमंत्री मोदी ने दिल्ली में 'प्रकाश और कमल' प्रदर्शनी का उद्घाटन कर 127 साल बाद लौटे भगवान बुद्ध के पवित्र अवशेषों को राष्ट्र को समर्पित किया। उन्होंने इसे भारत की आध्यात्मिक जीत बताया।]]></description>
                
                                    <content:encoded><![CDATA[<a href="https://dainiknavajyoti.com/bharat/preservation-of-remains-of-sites-associated-with-mahatma-buddha-is/article-138298"><img src="https://dainiknavajyoti.com/media/400/2026-01/modi.png" alt=""></a><br /><p>नई दिल्ली। प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी ने शनिवार को कहा कि महात्मा बुद्ध से जुड़े जो भी स्थल हैं उनका संरक्षण और विकास करना सरकार की प्राथमिकता है। वह महात्मा बुद्ध से संबंधित अवशेषों की अंतरराष्ट्रीय प्रदर्शनी के यहां आयोजित उद्घाटन समारोह को संबोधित कर रहे थे।  मोदी ने कहा कि सवा सौ साल के इंतजार के बाद महात्मा बुद्ध से जुड़ी भारतीय धरोहर और विरासत वापस लौटी है और अब भारतीय जनमानस इन पवित्र अवशेषों का दर्शन करके उनका आशीर्वाद पा सकेगा। उनका कहा कि 2026 की शुरुआत में ही यह उनके लिए बहुत प्रेरणादायक अवसर है कि उनके पहले सार्वजनिक कार्यक्रम की शुरूआत भगवान बुद्ध के चरणों से हो रही है। </p>
<p>ईसा पूर्व तीसरी शताब्दी के अवशेष प्रधानमंत्री जिस प्रदर्शनी का उद्घाटन कर रहे थे उन पवित्र अवशेषों में कुछ हड्डियां भी हैं और माना जाता है कि ये भगवान बुद्ध की हड्डियों के अवशेष हैं। ये अवशेष ईसा पूर्व तीसरी शताब्दी के एवं प्राचीनतम माने जाते हैं। इस भव्य प्रदर्शनी में 127 साल बाद पवित्र पिपरहवा की वापस लाई गई वस्तुएं रखी गई हैं। प्रदर्शनी का नाम प्रकाश और कमल : जागृत व्यक्ति के अवशेष रखा गया है।</p>
<p>करोड़ों ने किए दर्शन मोदी ने समारोह में कहा कि करोड़ों लोगों ने इन पवित्र अवशेषों का दर्शन किए हैं और ये अवशेष पूरी दुनिया को नयी राह दिखाते हैं। प्रधानमंत्री ने कहा कि भारत केवल इन अवशेषों का संरक्षक नहीं है बल्कि उनके संदेशों का जीवंत प्रवाह भी है। उन्होंने कहा कि भारत का प्रयास रहता है कि दुनिया में जो स्थल भगवान बुद्ध से जुड़े हैं उनके विकास में भारत सहयोग करे। मोदी ने कहा कि उनका जन्म स्थान भी बौद्ध परंपरा का बड़ा केंद्र रहा है और आज सरकार इन स्थलों का संरक्षण भी कर रही है। अभी जम्मू कश्मीर में बौद्ध काल की परंपरा का पता चला है और उसके संरक्षण का काम भी सरकार कर रही है। </p>
<p>श्रावस्ती, सांची, अमरावती, नागार्जुन सागर जैसी जगहों में बौद्ध विरासत का संरक्षण और विकास किया जा रहा है। उनका कहना था कि महात्मा बुद्ध के संदेश पालि भाषा में थे, इसलिए इसको शास्त्रीय भाषा का दर्जा दिया जा रहा है ताकि इन संदेशों उसके मूल रूप में समझा जा सके। इससे पहले संस्कृति मंत्री गजेंद्र सिंह शेखावत ने कार्यक्रम को संबोधित करते हुए कि ये वस्तुएं महात्मा बुद्ध की जीवंत परंपरा से जुड़ी हुई हैं। </p>]]></content:encoded>
                
                                                            <category>भारत</category>
                                    

                <link>https://dainiknavajyoti.com/bharat/preservation-of-remains-of-sites-associated-with-mahatma-buddha-is/article-138298</link>
                <guid>https://dainiknavajyoti.com/bharat/preservation-of-remains-of-sites-associated-with-mahatma-buddha-is/article-138298</guid>
                <pubDate>Sun, 04 Jan 2026 12:01:47 +0530</pubDate>
                                    <enclosure
                        url="https://dainiknavajyoti.com/media/2026-01/modi.png"                         length="745947"                         type="image/png"  />
                
                                    <dc:creator><![CDATA[Jaipur NM]]></dc:creator>
                            </item>
            <item>
                <title>सीएम योगी का बड़ा ऐलान: इस इस्लामिक जगह का बदलेगा नाम, बनेगा &quot;पावा नगरी&quot;</title>
                                    <description><![CDATA[उत्तर प्रदेश सीएम योगी आदित्यनाथ ने फाजिलनगर का नाम बदलकर पावा नगरी करने की घोषणा की। यह स्थान भगवान महावीर के महापरिनिर्वाण स्थल और प्राचीन मल्ल गणराज्य की राजधानी पावा के ऐतिहासिक महत्व के कारण नया नाम प्राप्त कर रहा है।]]></description>
                
                                    <content:encoded><![CDATA[<a href="https://dainiknavajyoti.com/bharat/cm-yogis-big-announcement-the-name-of-this-islamic-place/article-133840"><img src="https://dainiknavajyoti.com/media/400/2025-11/pawa-nagri.png" alt=""></a><br /><p>उत्तर प्रदेश। उत्तर प्रदेश सीएम योगी आदित्यनाथ ने गुरूवार को बड़ा फैसला लेते हुए फाजिलनगर इलाके का नाम बदलकर पावा नगरी करने का ऐलान किया है। इस बात की घोषणा सीएम योगी ने गाजियाबाद में आयोजित एक कार्यक्रम के दौरान की। बता दें कि, फाजिलनगर कुशीनगर में स्थित है और ये छोटा सा कस्बा है। ये ही वो पावन जगह हैं, जहां 24वें तीर्थकर भगवान महावीर ने महारिनिर्वाण प्राप्त किया था और इसी कारण से इस जगह को ऐतिहासिक माना जाता है।</p>
<p>आपको बता दें कि, फाजिलनगर को पावा नगरी नाम देने के पीछे क्या कारण हैं। दरअसल, पावा पुराने भारत के दो मल्ल गणराज्यों में से एक की राजधानी हुआ करती थी और मल्ल मगर के हर्यंक वंश की एक जनजाति थी। इतिहासकारों के अनुसार, अपनी आखिरी यात्रा के दौरान भगवान बुद्व और भगवान महावीर दोनों इस जगह पर आए थे और कुछ समय व्यक्ति किया था।</p>
<p>फाजिलनगर का नाम पावा नगरी बदलने को लेकर सीएम योगी ने कहा कि, हमारी सरकार इस विषय पर एक्शन ले रहे है और हम नाम बदलने की दिशा में आगे भी बढ़ रहे हैं। पुराने ग्रंथों के अनुसार, भगवान महावीर ने फाजिलनगर में ही महा​परिनिर्वाण प्राप्त किया था। इसके आगे सीएम योगी ने कहा कि, पावागढ़ आज के समय में अपनी पहचान खो रहा था, इसलिए हमने फाजिलनगर को पावा नगरी बनाने का निर्णय लिया है।</p>
<p> </p>]]></content:encoded>
                
                                                            <category>भारत</category>
                                    

                <link>https://dainiknavajyoti.com/bharat/cm-yogis-big-announcement-the-name-of-this-islamic-place/article-133840</link>
                <guid>https://dainiknavajyoti.com/bharat/cm-yogis-big-announcement-the-name-of-this-islamic-place/article-133840</guid>
                <pubDate>Thu, 27 Nov 2025 17:11:02 +0530</pubDate>
                                    <enclosure
                        url="https://dainiknavajyoti.com/media/2025-11/pawa-nagri.png"                         length="1164765"                         type="image/png"  />
                
                                    <dc:creator><![CDATA[Jaipur NM]]></dc:creator>
                            </item>

            </channel>
        </rss>
        