<?xml version="1.0" encoding="utf-8"?>        <rss version="2.0"
            xmlns:content="http://purl.org/rss/1.0/modules/content/"
            xmlns:dc="http://purl.org/dc/elements/1.1/"
            xmlns:atom="http://www.w3.org/2005/Atom">
            <channel>
                <atom:link href="https://dainiknavajyoti.com/fake/tag-6818" rel="self" type="application/rss+xml" />
                <generator>Dainik Navajyoti Rising Rajasthan RSS Feed Generator</generator>
                <title>fake - Dainik Navajyoti Rising Rajasthan</title>
                <link>https://dainiknavajyoti.com/tag/6818/rss</link>
                <description>fake RSS Feed</description>
                
                            <item>
                <title>अब बीमार पशुओं के उपचार में भी नकली दवाइयां</title>
                                    <description><![CDATA[कोटा से 2 हजार वायल होंगे रिटर्न, कम्पनी का भुगतान रोका]]></description>
                
                                    <content:encoded><![CDATA[<a href="https://dainiknavajyoti.com/rajasthan/kota/oh-god---now-fake-medicines-are-also-being-used-in-the-treatment-of-sick-animals/article-105747"><img src="https://dainiknavajyoti.com/media/400/2025-02/257rtrer-(1)84.png" alt=""></a><br /><p>कोटा। प्रदेश में एलोपैथिक दवाओं के बाद अब पशुओं के उपचार में उपयोग की जा रही कई दवाएं गुणवत्ता मानकों पर खरी नहीं उतर रही हैं। इसकी बानगी है कि हाल में औषधि नियंत्रण विभाग की ओर से की गई जांच में कई सैंपल अमानक पाए गए हैं। चिंताजनक बात है कि पशुओं को स्क्रब टाइफस जैसी बीमारी से बचाने के लिए काम में ली जाने वाली साइपर मेथ्रिन, डेल्टा मेथ्रेन जैसे दवाओं के 11 सैंपल जांच में अमानक मिले हैं। चिकित्सकों के अनुसार इससे पशुओं के साथ मानव जीवन पर असर पड़ रहा है। यही कारण है कि इस बार जिले सहित प्रदेश में स्क्रब टाइफस के मरीज पिछले साल की तुलना में बढ़े हैं। इस खुलासे के बाद पशुपालन विभाग और दवा निमार्ताओं में हड़कंप मच गया है। विभाग ने इन दवाओं की सप्लाई और बिक्री पर रोक लगा दी है। वहीं संबंधित बैच की दवाओं की आपूर्ति वापस मंगवाने के लिए कंपनी को निर्देश दिए हैं।</p>
<p><strong>स्क्रब टाइफस बीमारी में आती है काम</strong><br />विभागीय अधिकारियों के अनुसार पशुओं को स्क्रब टाइफस जैसी बीमारी से बचाने के लिए इन दवाइयों की आपूर्ति कोटा जिले सहित पूरे प्रदेश में की गई थी। कई जिलों में तो इनका उपयोग भी कर लिया गया था। कोटा जिले में साइपर मेथ्रिन और डेल्टा मेथ्रिन की करीब दो हजार वॉयल मौजूद थे, जिनका उपयोग नहीं किया गया था। ऐसे में पशुपालन निदेशालय के निर्देश पर इन दवाओं का उपयोग नहीं किया गया। वहीं इन दवाइयों को वापस कम्पनी को भेजा जाएगा। वहीं विभाग ने इन दवाइयों का भुगतान भी रोक दिया है। इसके अलावा अमानक दवा बनाने वाली कंपनियों को नोटिस जारी कर जवाब मांगा है। जांच में कंपनियां दोषी पाई जाती हैं तो उनके लाइसेंस रद्द किए जा सकते हैं और कानूनी कार्रवाई की जा सकती है।</p>
<p><strong>दवाओं में सक्रिय तत्वों की कम मिली मात्रा</strong><br />जानकारी के अनुसार गत दिनों औषधि नियंत्रण विभाग ने विभिन्न जिलों से पशुपालन विभाग में उपयोग हो रही दवाओं के नमूने लिए थे। इनकी प्रयोगशाला जांच में डेल्टामेथ्रिन और साइपर मैथ्रिन सहित पेंटप्राजोल और मल्टी विटामिन की दवाओं में सक्रिय तत्वों की मात्रा निर्धारित मानकों से कम थी। एक्सपर्ट के अनुसार गुणवत्ता विहीन दवाओं के उपयोग से पशुओं में संक्रमण देरी से ठीक होगा। वहीं इससे बीमार पडऩे की संभावना बढ़ सकती है। इसके अलावा, इन दवाओं के सेवन से पशुओं से मिलने वाले दूध और मांस पर भी प्रभाव पड़ सकता है। ऐसे में जांच में दवाएं अमानक मिलने के बाद पशुपालन विभाग में हड़कम्प मच गया और विभाग के आला अधिकारियों ने इसे गम्भीरता से लेते हुए दवाओं का उपयोग रोकने के निर्देश जारी किए। </p>
<p><strong>फैक्ट फाइल</strong><br />जिले में कुल पशु        -6.40 लाख<br />जिले में पशु चिकित्सा इकाइयां    -180 <br />प्रथम श्रेणी के पशु चिकित्सालय  -16 <br />पशु चिकित्सालय        - 36 <br />पशु चिकित्सा उप केंद्र    - 124 </p>
<p><strong>इनका कहना है</strong><br />बीमार पशुओं के उपचार में काम आने वाली दवाइयों के अमानक मिलने से पशुपालकों में चिंता व्याप्त हो गई है। इन दवाइयों के उपयोग से पशुओं के स्वास्थ्य पर दुष्प्रभाव पड़ सकता है। विभाग को अन्य दवाइयों की भी जांच करानी चाहिए ताकि पशुओं को खतरे बचाया जा सके।<br /><strong>- मनीष धाबाई, पशुपालक</strong></p>
<p>कोटा पशुपालन विभाग में साइपर मेथ्रिन और डेल्टा मेथ्रिन की 2 हजार वॉयल उपलब्ध हैं, जो अमानक हैं। इन दवाइयों को वापस कंपनी को भिजवाया जाएगा। जांच में दवाइयां अमानक मिलने के बाद विभाग ने कंपनी का भुगतान रोक दिया है। <br /><strong>- डॉ. मदन परिहार, एसवीओ, पशुपालन विभाग</strong></p>]]></content:encoded>
                
                                                            <category>राजस्थान</category>
                                            <category>कोटा</category>
                                    

                <link>https://dainiknavajyoti.com/rajasthan/kota/oh-god---now-fake-medicines-are-also-being-used-in-the-treatment-of-sick-animals/article-105747</link>
                <guid>https://dainiknavajyoti.com/rajasthan/kota/oh-god---now-fake-medicines-are-also-being-used-in-the-treatment-of-sick-animals/article-105747</guid>
                <pubDate>Thu, 27 Feb 2025 16:22:51 +0530</pubDate>
                                    <enclosure
                        url="https://dainiknavajyoti.com/media/2025-02/257rtrer-%281%2984.png"                         length="621230"                         type="image/png"  />
                
                                    <dc:creator><![CDATA[kota]]></dc:creator>
                            </item>
            <item>
                <title>घर में करें असली नकली की पहचान, बाजार में बिक रहा नकली घी, पनीर व मावा </title>
                                    <description><![CDATA[अगर आपको खाने में स्वाद नहीं आ रहा है तो मसालों को खरीदने से पहले इनकी जांच जरूर कर लें। ]]></description>
                
                                    <content:encoded><![CDATA[<a href="https://dainiknavajyoti.com/rajasthan/kota/tthis-news-is-for-women--identify-real-from-fake-at-home--fake-ghee--cheese-and-mawa-are-being-sold-in-the-market/article-61632"><img src="https://dainiknavajyoti.com/media/400/2023-11/gan-(6).png" alt=""></a><br /><p>कोटा। दिवाली के मौके पर बाजारों में नकली घी, तेल, मावा और पनीर के साथ कई मसाले भी  बिक रहे हैं।  आजकल बाजार में मिलने वाली ज्यादातर चीजों में मिलावट हो रही है, फिर चाहे वो फल हों, अनाज, मसाले या फिर दूध, फल और सब्जियों को तरह-तरह के केमिकल के इस्तेमाल से तैयार किया जा रहा है।  मिलावटी खाद्य पदार्थों का सेवन सेहत के लिए बहुत ज्यादा नुकसानदायक होता है और लगातार इनके सेवन से उल्टी दस्त, लीवर, किडनी सहित पेट संबंधी बीमारियों का भी खतरा रहता है। मिलावटी चीजों के सेवन से न सिर्फ हमारी सेहत पर असर पड़ता है बल्कि यह खाने का स्वाद भी बिगाड़ देती हैं। भारतीय खाद्य संरक्षा एवं मानक प्राधिकरण  भी आए दिन लोगों को अलग-अलग चीजों में मिलावट को पहचानने के तरीका बताता है। अगर आपको खाने में स्वाद नहीं आ रहा है तो मसालों को खरीदने से पहले इनकी जांच जरूर कर लें।  दूध, मावा, घी, दाल और मसालों में मिलावट को कैसे पहचाना जाए। </p>
<p><strong>असली मसालों की ऐसे करें पहचान</strong><br />दुकानदार मसालों में रंग, भूसा, रेत आदि जैसी चीजों की मिलावट करने लगे हैं जिससे इनकी मात्रा को बढ़ाया जा सके।  मसालों को यूज करने से पहले यह चेक कर लें कि कहीं वह मिलावटी तो नहीं।  लाल मिर्च पाउडर में लाल रंग का पाउडर और ईंट का चूरा मिला हो सकता है।  ऐसे में असली नकली की पहचान के लिए लाल मिर्च के 1 चम्मच को पानी में डालकर देखें अगर ऊपर कुछ तैरता नजर आए तो समझिए मिर्च असली है। वहीं, अगर यह पानी में घुल जाए तो इस खाने से बचें। </p>
<p><strong>हल्दी में भी हो रही मिलावट</strong><br />आयुर्वेदिक औषधि से लेकर मसाले के तौर पर इस्तेमाल होने वाली हल्दी भी मिलावटी हो सकती है। इसमें 'मेटामिल येलो' नामक कैमिकल मिलाया जा रहा है जिससे पाउडर भी हल्दी जैसा पीला रंग छोड़ने लगता है। ऐसे में अंतर का पता लगाने के लिए आप हल्दी को पानी में हाइड्रोक्लोरिक ऐसिड की कुछ बूंदों के साथ मिलाएं अगर हल्दी पीला रंग बदलकर गुलाबी, नीली या बैंगनी हो जाए तो समझ जाइए कि हल्दी नकली है। </p>
<p><strong>धनिया में मिल सकता है भूसा</strong><br />धनिया पाउडर में भूसा के साथ हरा रंग मिला हो सकता है ऐसे में धनिया पाउडर की मिलावट को सूंघकर पता लगा सकते हैं।  अगर किसी जंगली पौधे या भूसे की खुशबू आए तो इसे तुरंत फेंक दें। काली मिर्च के दानों को पानी या शराब में डालकर देखें।  अगर यह ऊपर तैरने लगे तो यह पपीते के बीज हो सकते हैं.वहीं, यह डूब जाए तो मतलब काली मिर्च असली है। </p>
<p><strong>मिलावटी घी  को ऐसे पहचानें</strong><br /> खाद्य सुरक्षा अधिकारी संदीप अग्रवाल ने बताया कि पानी के माध्यम से असली देसी घी की पहचान की जा सकती है।  ऐसे में आप एक कटोरी में पानी लें और उसमें दो से तीन बूंद देसी घी की डालें। यदि देसी घी नीचे बैठ जाता है तो समझ जिए कि घी नकली है और यदि देसी घी ऊपर तैरता रहे तो वह असली घी है। आप हथेली पर घी रख कर भी इसकी पहचान कर सकते हैं। ऐसे में आप 5 से 6 मिनट देसी घी को अपनी हथेली पर रखें। उसके बाद 5 से 10 मिनट बाद उसकी खुशबू मधुर आए तो समझ जाए कि असली घी है । यदि कुछ अजीब सी खुशबू आए तो समझ जाएं कि नकली घी है। घी को उबालकर भी ये असली है या नकली, इसकी पहचान की जा सकती है।  </p>
<p><strong>असली दूध की पहचान</strong><br />खाद्य सुरक्षा अधिकारी संदीप अग्रवाल ने बताया कि असली नकली दूध की पहचान करने के लिए एक गिलास में दूध डालें और इसमें बराबर मात्रा में पानी मिला दें।  इसके बाद गिलास को हिलाकर देखें।  अगर अचानक झाग आने लगें तो समझ जाइए कि दूध में डिटर्जेंट मिलाया गया है। </p>
<p><strong>असली और नकली मावे की ऐसे करें पहचान</strong><br />मावा, पनीर और खोया असली है या मिलावटी, इसकी पहचान घर में ही की जा सकती है। मावा को थोड़ा सा हाथ में लेकर अपने अंगूठे से रगड़े। अगर वो असली होगा कि उसमें घी की महक आपके हाथों में काफी देर तक रहेगी। मावा को टेस्ट करें। अगर उसका स्वाद कसैला है तो समझ लें कि वो नकली है। थोड़ा सा मावा हाथ में लेकर उसके लड्डू बनाएं। अगर वो न बने तो समझ लें कि नकली है। सबसे पहले थोड़ा-सा मावा किसी बर्तन में लें और उसमें थोड़ा-सा पानी डालकर गर्म करें। गर्म होने के बाद उसमें टिंचर आयोडीन की कुछ बूंदे डालें। अगर उसका रंग नीला हो जाए तो समझ लें कि इसमें स्टार्च मिला है। वहीं असली खोया पहले जैसा ही रहेगा।</p>
<p><strong>ऐसे करें असली पनीर की पहचान</strong><br />पनीर का छोटा सा टुकड़ा लेकर हाथ में मसलें। अगर वह छोटे-छोटे टुकड़ों में टूटने लगे तो समझ लें कि कि वह नकली है क्योंकि नकली पनीर में स्किम्ड मिल्ड पाउडर मिलाया जाता है। जो ज्यादा प्रेशर नहीं सह पाता है। नकली पनीर खाते वक्त रबड़ की तरह खिंचता है। नकली पनीर काफी टाइट होता है। जबकि असली बिल्कुल सॉफ्ट होता है। </p>
<p><strong>इनका कहना है</strong><br /> त्यौहारी सीजन में  मिलावटखोरों के खिलाफ शुद्ध के लिए युद्ध के लिए अभियान चलाया जा रहा है। जिसके तहत रोज, तेल, घी, मसाले, मावा पनीर और खाद्य पदार्थो के नमूने लिए जा रहे है। इसके अलावा चल मोबाइल वैन भी लगातार नमूने जांच रही है। <br /><strong>-डॉ. जगदीश कुमार सोनी, सीएमएचओ कोटा</strong><br /> </p>]]></content:encoded>
                
                                                            <category>राजस्थान</category>
                                            <category>कोटा</category>
                                    

                <link>https://dainiknavajyoti.com/rajasthan/kota/tthis-news-is-for-women--identify-real-from-fake-at-home--fake-ghee--cheese-and-mawa-are-being-sold-in-the-market/article-61632</link>
                <guid>https://dainiknavajyoti.com/rajasthan/kota/tthis-news-is-for-women--identify-real-from-fake-at-home--fake-ghee--cheese-and-mawa-are-being-sold-in-the-market/article-61632</guid>
                <pubDate>Wed, 08 Nov 2023 15:50:04 +0530</pubDate>
                                    <enclosure
                        url="https://dainiknavajyoti.com/media/2023-11/gan-%286%29.png"                         length="499775"                         type="image/png"  />
                
                                    <dc:creator><![CDATA[kota]]></dc:creator>
                            </item>
            <item>
                <title>सावधान: त्यौहारी सीजन शुरू होते ही बाजार में आने लगा नकली मावा पनीर </title>
                                    <description><![CDATA[प्रशासनिक अधिकारी अपने स्तर पर जांच कर रहे हैं, लेकिन अब तक मिलावटी मिठाइयों जब्त नहीं की गई है।]]></description>
                
                                    <content:encoded><![CDATA[<a href="https://dainiknavajyoti.com/rajasthan/kota/be-careful--as-soon-as-the-festive-season-starts--fake-mawa-paneer-starts-coming-in-the-market/article-60280"><img src="https://dainiknavajyoti.com/media/400/2023-10/sawadhan--tyohari-season-shuru-hote-hi-bazar-mei-aane-laga-nakli-maava-paneer..kota-news..23.10.2023.jpg" alt=""></a><br /><p>कोटा । त्यौहारी सीजन शुरू होने के साथ ही मिठाईयों की मांग बढ़ रही है। इसके साथ बाजार में नकली मावा सप्लाई करने वाले मिलावटखोर भी सक्रिय हो गए है। शहर में  मिठाई बाजार सज गए है। खुशी के मौके पर लोग मन पसंद मिठाई खरीद रहे है। यदि आप बाजार से मिठाई खरीद रहे हैं तो सावधान भी रहिए। हो सकता है जो मिठाई आप खरीद रहे है, उसमें मिलावट हो। खुशियों में खलल ना पड़े इसके लिए लोग भी मिलावटी मिठाइयों से दूर होते दिख रहे हैं। स्वास्थ्य व खाद्य विभाग त्यौहारी सीजन में भले ही शुद्धता की जांच के लिए अभियान चला रहा हो, बावजूद इसके शहर में मिलावटी मिठाई के कारोबार से इनकार नहीं किया जा सकता। प्रशासनिक अधिकारी अपने स्तर पर जांच कर रहे हैं, लेकिन अब तक मिलावटी मिठाइयों जब्त नहीं की गई है। अभी नकली, मावा, घी और अन्य खाद्य पदार्थ की पकड़े गए है। शहर में कुछ लोग ज्यादा फायदे के लालच में ग्राहकों की आंख में धूल झोंक कर तेल, घी, या अन्य सामग्री में मिलावट करते हैं। त्यौहार की भीड़ में लोग बिना कुछ जांचे परखे सामान खरीद लेते हैं। </p>
<p>वैसे तो चिकित्सा एवं स्वास्थ्य विभाग अपने स्तर पर अभियान चला रहा। लेकिन लोगों को भी सावधान रखने की आवश्यकता है। दशहरा दीपावली को देखते हुए खाद्य सुरक्षा विभाग सतर्क है।  वहीं मिलावट खोरों ने कमाई के लिए लोगों के स्वास्थ्य को ताक पर रख दिया है। इसी बीच खाद्य सुरक्षा विभाग भी लगातार छापेमारी कर मिलावटखोरों के खिलाफ कार्रवाई करने में लगा है ।  अभी चार दिन पहले ही 17 अक्टूबर को 90 लीटर नकली घी पकड़ा है।  खाद्य सुरक्षा विभाग की टीमें लगातार कार्रवाई करने में जुटी हुई हैं।  पिछले 15 में करीब आधा दर्जन लोगों के यहां छापे मारकर कार्रवाई को अंजाम दिया गया।  जिसमें  कोल्ड ड्रिंक, घी, मिठाई, मिर्च, धनिया पाउडर, मसाले, मावा को मुख्य रूप से टारगेट किया गया है।  दिवाली पर मिठाईयों में सबसे अधिक मिलावट को देखते हुए मावा पर कार्रवाई को तेज किया जा रहा है। </p>
<p><strong>एक क्विंटल मावा किया जा चुका जब्त</strong><br />अभी हाल ही में  17 अक्टूबर को खाद्य सुरक्षा विभाग की टीम ने बारां में छापा मारते हुए एक मिठाई की दुकान से बड़ी मात्रा में मावा, पनीर व सोनपापड़ी जब्त किया है उसके बाद से ही लोगों को और सावधान रहने की आवश्यकता हो गई है।  त्यौहारी सीजन को देखते हुए खाद्य सुरक्षा विभाग की ओर से जिले में शुद्ध के लिए युद्ध अभियान चलाया जा रहा है। इसके तहत 17 अक्टूबर को खाद्य सुरक्षा विभाग की टीम ने दीनदयाल पार्क स्थित एक मावे की दुकान पर छापा मारकर एक क्विंटल मावा, पनीर व सोन पापड़ी जब्त की थी। खाद्य सुरक्षा अधिकारी गोवर्धन चौधरी ने बताया कि शुद्ध के लिए युद्ध अभियान वर्ष भर चलता है, लेकिन त्यौहारी सीजन में यह तेज हो जाता है। एक मावा सेंटर पर कार्रवाई की गई, जहां से एक क्विंटल मावा, पनीर व कुछ सोनपापड़ी को सीज किया। </p>
<p><strong>शहर में यहां से आता है मावा </strong><br />मावा व्यवसायी श्याम गुर्जर ने बताया कि कोटा शहर में आसपास के गांवों के अलावा बड़ी मात्रा में मावा बूंदी, दिगोद, बारां,भीमगजमंडी, रामगंजमंडी, रतलाम से आता है। अधिकांश मावा में शक्कर और चिकनाई रहित होता है। ज्यादातर सिन्थेटिक मावा बाहर से ही यहां आता है। कम चिकनाई वाला मावा सस्ता होने से इससे गुलाब जामुन और अन्य मिठाईयां तैयार की जा रही है। </p>
<p><strong>मिलावटी खोए व सिंथेटिक दूध  की ऐसे करें पहचान</strong><br />खाद्य सुरक्षा अधिकारी संदीप अग्रवाल मिलावटी खोए और सिंथेटिक दूध पहचान करने के लिए  इसमें आयोडीन सॉल्यूशन और पराडीमेथील एमिनो बेनजलडीहाइड सॉल्यूशन डाल दें इसके बाद दूध, खोए या पनीर में स्टार्च की मौजूदगी की पहचान करने के लिए एक कांच के बर्तन में थोड़ा सा पनीर या मिठाई को थोड़े गुनगुने पानी में डालें, थोड़ी देर तक इसे घुलने दें। जब यह अच्छे से पानी में घुल जाए तब  इसमें चार से पांच ड्राप आयोडीन सॉल्यूशन डालकर चम्मच से मिला लें।  दूध की भी पहचान भी ऐसे ही की जाती है।अगर मिठाई, दूध या पनीर का रंग नीला हो जाता है तो इसका अर्थ है कि इसमें मिलावट की गयी है।  लेकिन अगर यह रंग नहीं बदलता है तो इसका मतलब है कि यह शुद्ध है। मिठाई में मेटानिल पदार्थ की मिलावट की जाती है। मिठाई में थोड़ा सा सेंधा नमक डालें। अगर मिठाई का रंग गुलाबी पड़े तो मेटानिल पदार्थ की मिलावट समझो। मावे में स्टार्च की मिलावट की आशंका रहती है। थोड़े मावे में पाम तेल मिलाकर उबालें, इसमें आयोडीन के घोल की बूंदें डालें। अगर स्टार्च की मिलावट होगी तो मावे का रंग नीला पड़ जाएगा। </p>
<p><strong>अब तक ये हो चुकी कार्रवाई</strong><br />अप्रैल से लेकर अक्टूबर तक खाद्य सुरक्षा टीम की ओर से मावा, दूध पनीर,घी, कोल्ड ड्रिंक, मसालों के सैंपल लेकर कार्रवाई ही है। मार्च में 109 सैंपल लिए,अप्रैल में 69 सैंपल लिए, मई 39 सैंपल लिए, जून 22 सैंपल, जुलाई में 12 सैंपल, अगस्त में  2767 किलो नकली देशी घी सीज किया। अक्टूबर में कोल्ड ड्रिंक व फ्रूट ज्यूस अविधिपार कोल्ड ड्रिंक जिसमें  स्टिंग केन 143 नग ,7अप केन 24 नग मीरिड़ा केन 7 नग , ट्रोपिकाना लिची ज्यूस 30 नग को सीज किया गया। इसके अलावा 90 लीटर देशी घी, 1 क्विंटल मावा जब्त कर चुके है। </p>
<p>शुद्ध के लिए युद्ध अभियान के तहत लगातार खाद्य सुरक्षा टीम सैंपल लेकर कार्रवाई कर रही है। त्यौहारी सीजन में लगातार नमूने लेकर कार्रवाई की जा रही है। नकली मावा, दूध, मिठाईयों के सैंपल लिए जा रहे है। <br /><strong>-डॉ. जगदीश कुमार सोनी, सीएमएचओं कोटा</strong></p>]]></content:encoded>
                
                                                            <category>राजस्थान</category>
                                            <category>कोटा</category>
                                    

                <link>https://dainiknavajyoti.com/rajasthan/kota/be-careful--as-soon-as-the-festive-season-starts--fake-mawa-paneer-starts-coming-in-the-market/article-60280</link>
                <guid>https://dainiknavajyoti.com/rajasthan/kota/be-careful--as-soon-as-the-festive-season-starts--fake-mawa-paneer-starts-coming-in-the-market/article-60280</guid>
                <pubDate>Mon, 23 Oct 2023 17:22:04 +0530</pubDate>
                                    <enclosure
                        url="https://dainiknavajyoti.com/media/2023-10/sawadhan--tyohari-season-shuru-hote-hi-bazar-mei-aane-laga-nakli-maava-paneer..kota-news..23.10.2023.jpg"                         length="453281"                         type="image/jpeg"  />
                
                                    <dc:creator><![CDATA[kota]]></dc:creator>
                            </item>
            <item>
                <title>सोने के नकली बिस्किट देकर ठगने वाले तीन गिरफ्तार</title>
                                    <description><![CDATA[एसीपी (सदर) संजय आर्य ने बताया कि इस संबंध में अहमद नगर महाराष्ट्र निवासी दलवी सुनिल खंडू ने चार मार्च को रिपोर्ट दी थी कि राहुल नाम के बदमाश ने उनके मोबाइल पर संपर्क कर पुराना परिचित बताया और कहा कि उनके खेत में काम करने के लिए दौरान सोने के बिस्किट निकले हैं। ]]></description>
                
                                    <content:encoded><![CDATA[<a href="https://dainiknavajyoti.com/rajasthan/jaipur/three-arrested-for-cheating-by-giving-fake-gold-biscuits/article-39425"><img src="https://dainiknavajyoti.com/media/400/2023-03/s-41.png" alt=""></a><br /><p>जयपुर। सोने के नकली बिस्किट देकर 3.50 लाख रुपए की ठगी करने वाले तीन शातिर बदमाशों को सिंधी कैम्प थाना पुलिस ने गिरफ्तार किया है। आरोपी तालिम, मुबीन और मुबारिक जुरहेरा भरतपुर के रहने वाले हैं। एसीपी (सदर) संजय आर्य ने बताया कि इस संबंध में अहमद नगर महाराष्ट्र निवासी दलवी सुनिल खंडू ने चार मार्च को रिपोर्ट दी थी कि राहुल नाम के बदमाश ने उनके मोबाइल पर संपर्क कर पुराना परिचित बताया और कहा कि उनके खेत में काम करने के लिए दौरान सोने के बिस्किट निकले हैं। </p>
<p>अब बहन की शादी के लिए रुपयों की जरूरत हैं। वह इन्हें बेचना चाहता है। झांसे में आने के बाद बदमाशों ने पीड़ित को 1200 किलोमीटर दूर से टैक्सी लेकर जयपुर बुला लिया। यहां आने के बाद नकली सोने के दो बिस्किट देकर 3.50 लाख रुपए लेकर भाग गए। मामला दर्ज होने के बाद सिंधी कैम्प थाना प्रभारी जयमल सिंह के नेतृत्व में गठित पुलिस टीमों ने सीसीटीवी फुटेज व मोबाइल नंबर के आधार पर तीनों का पीछाकर ट्रांसपोर्ट नगर से पकड़ लिया। पूछताछ में सामने आया कि तीना के खिलाफ प्रदेश के अलग-अलग थानों में ठगी के कई प्रकरण दर्ज हैं। </p>]]></content:encoded>
                
                                                            <category>राजस्थान</category>
                                            <category>जयपुर</category>
                                    

                <link>https://dainiknavajyoti.com/rajasthan/jaipur/three-arrested-for-cheating-by-giving-fake-gold-biscuits/article-39425</link>
                <guid>https://dainiknavajyoti.com/rajasthan/jaipur/three-arrested-for-cheating-by-giving-fake-gold-biscuits/article-39425</guid>
                <pubDate>Fri, 10 Mar 2023 10:37:39 +0530</pubDate>
                                    <enclosure
                        url="https://dainiknavajyoti.com/media/2023-03/s-41.png"                         length="473210"                         type="image/png"  />
                
                                    <dc:creator><![CDATA[Jaipur]]></dc:creator>
                            </item>
            <item>
                <title>नकली नोटों के साथ महिला सहित दो गिरफ्तार</title>
                                    <description><![CDATA[मिश्रोली पुलिस को नई आबादी मिश्रोली में नकली नोटों की सूचना मिली। जिस पर  कार्रवाई करते हुए 1 लाख 10 हजार 500 रुपए के नकली नोट जब्त किए। इस मामले में एक महिला सहित दो जनों को गिरफ्तार किया गया।]]></description>
                
                                    <content:encoded><![CDATA[<a href="https://dainiknavajyoti.com/rajasthan/jhalawar/two-including-woman-arrested-with-fake-notes/article-36145"><img src="https://dainiknavajyoti.com/media/400/2023-01/untitled-1-copy1.jpg" alt=""></a><br /><p>मिश्रोली। झालावाड़ जिले में मिश्रोली पुलिस ने जाली नोट पर कार्रवाई करते हुए 1 लाख 10 हजार 500 रुपए के नकली नोट जब्त किए। इस मामले में एक महिला सहित दो जनों को गिरफ्तार किया गया। एसपी ऋचा तोमर ने बताया कि नकली नोट के मामले में आरोपी शाहिना बी उम्र 42 साल पत्नी कल्लु भाई  फ कीर निवासी नईआबादी मिश्रोली और असलम उम्र 28 साल पुत्र नन्हैशाह  फ कीर निवासी पिपलिया मिठे शाह थाना गरोठ जिला मन्दसौर एमपी हाल नई आबादी मिश्रोली को गिरफ्तार किया गया। मिश्रोली पुलिस को नई आबादी मिश्रोली में नकली नोटों की सूचना मिली। जिस पर एएसपी चिरंजीलाल मीना के निर्देशन व डीएसपी किशोर सिंह चौहान के सुपरविजन में मिश्रोली थानाधिकारी  दिनेश कुमार शर्मा की टीम ने कार्रवाई की। नई आबादी कस्बा मिश्रोली में शाहिना बी के मकान से 500-500 रूपयों के कुल 221 नकली बरामद किए। जो कुल 1 लाख10 हजार 500 रुपए राशि के नकली नोट थे। पुलिस आरोपियों से पूछताछ कर नकली नोटों के बारे में गहनता से पूछताछ कर रही है। </p>]]></content:encoded>
                
                                                            <category>राजस्थान</category>
                                            <category>झालावाड़</category>
                                    

                <link>https://dainiknavajyoti.com/rajasthan/jhalawar/two-including-woman-arrested-with-fake-notes/article-36145</link>
                <guid>https://dainiknavajyoti.com/rajasthan/jhalawar/two-including-woman-arrested-with-fake-notes/article-36145</guid>
                <pubDate>Tue, 31 Jan 2023 17:52:10 +0530</pubDate>
                                    <enclosure
                        url="https://dainiknavajyoti.com/media/2023-01/untitled-1-copy1.jpg"                         length="199352"                         type="image/jpeg"  />
                
                                    <dc:creator><![CDATA[kota]]></dc:creator>
                            </item>
            <item>
                <title>फर्जी आर्मी लेफ्टिनेंट गिरफ्तार</title>
                                    <description><![CDATA[पुलिस उपायुक्त (उत्तर परिस) देशमुख ने बताया कि बीती सोमवार को आमेर के कोर्डिनेटर पर्यटक सहायता बल मानसिंह राठौड़ ने रिपोर्ट दी कि मुझे दोपहर बाद कर्मी दिनेश ने सूचना दी कि एक व्यक्ति आर्मी की वर्दी में आमेर महल में घुसने की कोशिश कर रहा है। ]]></description>
                
                                    <content:encoded><![CDATA[<a href="https://dainiknavajyoti.com/rajasthan/jaipur/police-arrested-of-fake-army-lieutenant/article-20188"><img src="https://dainiknavajyoti.com/media/400/2022-08/p-3-copy.jpg" alt=""></a><br /><p>जयपुर। आमेर थाना पुलिस ने फर्जी आर्मी लेफ्टिनेंट का आईडी कार्ड बनाकर आमेर पहुंचे यवुक को गिरफ्तार किया है। पुलिस उपायुक्त (उत्तर परिस) देशमुख ने बताया कि आमेर के कोर्डिनेटर पर्यटक सहायता बल मानसिंह राठौड़ ने रिपोर्ट दी कि मुझे दोपहर बाद कर्मी दिनेश ने सूचना दी कि एक व्यक्ति आर्मी की वर्दी में आमेर महल में घुसने की कोशिश कर रहा है। </p>
<p>इस पर उसे बुलाया और जानकारी मांगी, तो उसने अपना एक पहचान पत्र केंद्रीय रक्षा मंत्रालय की ओर से जारी किया हुआ दिखाया। कार्ड पर चौधरी बीआर सायत रेजिमेंट 9 जाट सागर मध्यप्रदेश पद लेफ्टिनेंट लिखा था। संदिग्ध लगने पर जांच की, तो उसने अपना नाम बलराम सायत बताया। इसके बाद फर्जी पहचान-पत्र रखने के मामले में आरोपी को गिरफ्तार कर लिया। </p>]]></content:encoded>
                
                                                            <category>राजस्थान</category>
                                            <category>जयपुर</category>
                                    

                <link>https://dainiknavajyoti.com/rajasthan/jaipur/police-arrested-of-fake-army-lieutenant/article-20188</link>
                <guid>https://dainiknavajyoti.com/rajasthan/jaipur/police-arrested-of-fake-army-lieutenant/article-20188</guid>
                <pubDate>Wed, 24 Aug 2022 10:11:48 +0530</pubDate>
                                    <enclosure
                        url="https://dainiknavajyoti.com/media/2022-08/p-3-copy.jpg"                         length="93161"                         type="image/jpeg"  />
                
                                    <dc:creator><![CDATA[Jaipur ]]></dc:creator>
                            </item>
            <item>
                <title>दो लाख रुपए लेकर दोस्त के स्थान पर परीक्षा देने आया फर्जी परीक्षार्थी, पुलिस ने दबोचा </title>
                                    <description><![CDATA[आरपीएससी द्वारा शुक्रवार को आयोजित सहायक सांख्यिकी अधिकारी परीक्षा में एक फर्जी परीक्षार्थी सम्मिलित हो गया।]]></description>
                
                                    <content:encoded><![CDATA[<a href="https://dainiknavajyoti.com/rajasthan/ajmer/fake-examinee-came-to-take-the-examination-in-place-of/article-14003"><img src="https://dainiknavajyoti.com/media/400/2022-07/21.jpg" alt=""></a><br /><p>अजमेर। आरपीएससी द्वारा शुक्रवार को आयोजित सहायक सांख्यिकी अधिकारी परीक्षा में एक फर्जी परीक्षार्थी सम्मिलित हो गया। केन्द्र अधिकारियों द्वारा सन्देह व्यक्त करने पर पुलिस ने उसे दबोच कर सच उगलवा लिया। वह मुख्य परीक्षार्थी से 2 लाख रुपए लेकर परीक्षा में बैठा था। </p>
<p>क्रिश्चियनगंज थाना पुलिस के अनुसार गिरफ्तार आरोपी ग्राम पुनासा भीनमाल, जिला जालौर निवासी जालाराम (30) पुत्र भारूराम जाट है। जिसे पुलिस ने एचकेएच स्कूल वैशाली नगर, अजमेर में स्थित परीक्षा केन्द्र से पकड़ा। आरोपी को पुलिस ने अदालत के समक्ष पेश कर रिमाण्ड पर लिया है। उससे मामले में गहनता से पूछताछ जारी है। आरोपी के खिलाफ आईपीसी की धारा 419, 420, 120बी एवं 3/6 राजस्थान सार्वजनिक परीक्षा (भर्ती में अनुचित साधनों की रोकथाम के अधुपाय) अधिनियम 2022 के तहत प्रकरण दर्ज किया गया है। जिसकी जांच अभय कमाण्ड सेन्टर की एडीशनल एसपी डॉ. प्रियन्का रघुवंशी कर रही हैं। </p>
<p><strong>हस्ताक्षर-फोटो मेल नहीं खाया, आधार कार्ड में भी गड़बड़ी लगी </strong></p>
<p>एचकेएच स्कूल की प्रधानाचार्य हाउसिंग बोर्ड कॉलोनी बी ब्लॉक पंचशील नगर निवासी सुश्री मधु गोयल पुत्री पूरणचन्द गोयल ने रिपोर्ट दी कि उनके स्कूल में बनाए गए परीक्षा केन्द्र पर ग्राम फागोतरा, जालौर निवासी ठाकराराम पुत्र माफाराम नाम के परीक्षार्थी को परीक्षा में सम्मिलित होना है। लेकिन आरपीएससी व परीक्षा सैल अजमेर द्वारा मिले इनपुट के आधार पर जांच की तो परीक्षार्थी के हस्ताक्षर पूर्ण रूप से गलत हैं। उसके हस्ताक्षर व फोटो दोनों ही मेल नहीं खा रहे हैं। उससे व्यक्तिगत जानकारी चाही गई, तो वो संतोषजनक जवाब नहीं दे रहा है। न ही वह अपनी आईडी संबंधित कोई प्रमाण-पत्र प्रस्तुत कर पाया। मामले में पर्यवेक्षक, अतिरिक्त केन्द्राधीक्षक व परीक्षा के लिए बनाए गए उड़नदस्ते व अतिरिक्त कलक्टर द्वितीय द्वारा जांच में गड़बड़ी पाई गई। ऐसे में उक्त परीक्षार्थी पर सन्देह हुआ है। </p>
<p><strong>पुलिस को देख सच उगल दिया </strong></p>
<p>पुलिस टीम ने स्कूल पहुंचकर परीक्षार्थी से पूछताछ की तो आरोपी ने सच कबूल कर लिया। उसने तुरन्त बताया कि वह जालाराम जाट है, जबकि मुख्य परीक्षार्थी ठाकराराम है। वह उसका दोस्त है। इसलिए उसकी जगह परीक्षा देने के लिए बैठ गया। उसके सच्चाई बताते ही पुलिस ने उसे दबोच लिया। </p>
<p><strong>दो लाख लेकर परीक्षा में बैठा </strong></p>
<p>उसने पुलिस पूछताछ में बताया कि परीक्षार्थी ठाकराराम उसका अच्छा दोस्त है। उसकी इस बार तैयारी अच्छी नहीं हो पाई थी। इसलिए वह उसकी एवज में परीक्षा में बैठने को राजी हो गया। इतना ही नहीं, उसने परीक्षा देने के लिए उससे दो लाख रुपए भी लिए हैं। </p>]]></content:encoded>
                
                                                            <category>राजस्थान</category>
                                            <category>Top-News</category>
                                            <category>अजमेर</category>
                                    

                <link>https://dainiknavajyoti.com/rajasthan/ajmer/fake-examinee-came-to-take-the-examination-in-place-of/article-14003</link>
                <guid>https://dainiknavajyoti.com/rajasthan/ajmer/fake-examinee-came-to-take-the-examination-in-place-of/article-14003</guid>
                <pubDate>Sun, 10 Jul 2022 11:24:49 +0530</pubDate>
                                    <enclosure
                        url="https://dainiknavajyoti.com/media/2022-07/21.jpg"                         length="289013"                         type="image/jpeg"  />
                
                                    <dc:creator><![CDATA[Ajmer]]></dc:creator>
                            </item>
            <item>
                <title>ग्राम विकास अधिकारी की मुख्य परीक्षा देते हुए फर्जी अभ्यर्थी गिरफ्तार </title>
                                    <description><![CDATA[ बारीकी से चेकिंग की इस दौरान फर्जी अभ्यर्थी पकड़ में आया। इसके बाद पुलिस के हवाले कर दिया । उसकी परीक्षा कॉपी को भी जप्त कर लिया गया है । ]]></description>
                
                                    <content:encoded><![CDATA[<a href="https://dainiknavajyoti.com/rajasthan/kota/fake-candidate-arrested-while-giving-main-examination-of-village-development-officer/article-13986"><img src="https://dainiknavajyoti.com/media/400/2022-07/46546546569.jpg" alt=""></a><br /><p> कोटा । ग्राम विकास अधिकारी की मुख्य परीक्षा में  सतर्कता दल  ने  शनिवार को  फर्जी अभ्यर्थी  को परीक्षा देते हुए  पकड़ा है । फर्जी अभ्यर्थी  दादाबाड़ी स्थित  राजकीय उच्च माध्यमिक विद्यालय के परीक्षा केंद्र पर  मुख्य परीक्षार्थी अरुण कुमार मीणा की जगह पर परीक्षा में बैठा था और उसने  परीक्षा भी पूरी दे दी थी  । लेकिन सतर्कता दल  को  उसके आईडी  फोटो  पर छेड़छाड़ का शक हुआ। उन्होंने बारीकी से चेकिंग की इस दौरान फर्जी अभ्यर्थी पकड़ में आया। इसके बाद पुलिस के हवाले कर दिया । उसकी परीक्षा कॉपी को भी जप्त कर लिया गया है । </p>
<p>डीएसपी अंकित जैन ने बताया के मुख्य अभ्यर्थी अरुण कुमार मीणा निवासी सवाई माधोपुर का  दादाबाड़ी स्थित  राजकीय उच्च माध्यमिक विद्यालय पर सेंटर आया था  । जहां  परीक्षा के दौरान  आने वाले परीक्षार्थियों की  बारीकी से चेकिंग की गई थी ।  इसके बावजूद  अरुण कुमार मीणा  की जगह पर बाड़मेर निवासी अशोक कुमार विश्नोई परीक्षा में  बैठ गया । सतर्कता दल ने उसे पकड़कर पुलिस के हवाले किया है । अब इस मामले में आगे की कार्रवाई की जा रही है। अब तक की जांच में सामने आया  आरोपी ने  मुख्य परीक्षार्थी के प्रवेश पत्र तथा स्वयं की पहचान पत्र फोटो आईडी पर छेड़छाड़ की । इस मामले में आरोपी से पूछताछ की जा रही है  । मुख्य अभ्यार्थी अरुण कुमार मीणा को तलाश किया जा रहा है, मामले की जांच एडिशनल एसपी को दी गई है ।</p>]]></content:encoded>
                
                                                            <category>कोटा</category>
                                    

                <link>https://dainiknavajyoti.com/rajasthan/kota/fake-candidate-arrested-while-giving-main-examination-of-village-development-officer/article-13986</link>
                <guid>https://dainiknavajyoti.com/rajasthan/kota/fake-candidate-arrested-while-giving-main-examination-of-village-development-officer/article-13986</guid>
                <pubDate>Sat, 09 Jul 2022 17:40:31 +0530</pubDate>
                                    <enclosure
                        url="https://dainiknavajyoti.com/media/2022-07/46546546569.jpg"                         length="199779"                         type="image/jpeg"  />
                
                                    <dc:creator><![CDATA[kota]]></dc:creator>
                            </item>
            <item>
                <title>पार्किंग ठेकेदार ने बना लिया ठेके का फर्जी नवीनीकरण आदेश, राजस्व उपायुक्त ने एफआईआर दर्ज कराने के लिए लिखा पत्र</title>
                                    <description><![CDATA[ नगर निगम जयपुर हेरिटेज का विवादों से नाता टूट नहीं रहा है और कार्मिकों की मदद से एक पार्किंग ठेकेदार ने पार्किंग ठेका स्थल के नवीनीकरण का फर्जी आदेश तैयार कर लिया है, जिससे निगम प्रशासन में हड़कंप मचा हुआ है। मामला सामने आने के बाद निगम हेरिटेज राजस्व उपायुक्त ने अशोक नगर थाने में एफआईआर दर्ज कराने के लिए थानाधिकारी को पत्र भी लिखा।]]></description>
                
                                    <content:encoded><![CDATA[<a href="https://dainiknavajyoti.com/rajasthan/jaipur/parking-contractor-made-fake-renewal-order-of-contract--deputy-commissioner-of-revenue-wrote-letter-to-register-fir/article-13137"><img src="https://dainiknavajyoti.com/media/400/2022-06/nagar-nigam-heritage.jpg" alt=""></a><br /><p><strong>जयपुर।</strong> नगर निगम जयपुर हेरिटेज का विवादों से नाता टूट नहीं रहा है और कार्मिकों की मदद से एक पार्किंग ठेकेदार ने पार्किंग ठेका स्थल के नवीनीकरण का फर्जी आदेश तैयार कर लिया है, जिससे निगम प्रशासन में हड़कंप मचा हुआ है। मामला सामने आने के बाद निगम हेरिटेज राजस्व उपायुक्त ने अशोक नगर थाने में एफआईआर दर्ज कराने के लिए थानाधिकारी को पत्र भी लिखा है। पार्किंग ठेकेदार भरत सिंह की फर्म महादेव एसोसिएट्स ने मालवीय मार्ग पर एयरटेल आॅफिस के बाहर के पार्किंग स्थल के टेंडर के नवीनीकरण का फर्जी आदेश तैयार कर लिया।</p>
<p>यह फर्म वर्ष 2019 में घाटगेट पार्किंग के टेंडर की शर्तों की पालना न करने पर जुलाई 2020 में ब्लैक लिस्टेड हो गई थी, लेकिन अधिकारियोंं ने इस ठेकेदार पर मेहरबानी दिखाते हुए वर्ष 2021 में दुबारा टेंडर दे दिया। सूत्रों के अनुसार ठेकेदार भरत सिंह ने 3 अक्टूबर, 2019 को ई-नीलामी में घाटगेट पार्किंग स्थल की उच्चतम बोली लगाकर टेंडर उठाया था, लेकिन टेंडर की शर्तों की पालना न करने पर फर्म को नगर निगम के तत्कालीन राजस्व उपायुक्त ने 17 जुलाई, 2020 को आदेश जारी कर ब्लैक लिस्टेड कर दिया था। साथ ही ग्रेटर व हेरिटेज नगर निगम के सभी टेंडरों और नीलामी में शामिल होने पर भी रोक भी लगाई थी।</p>
<p><span style="color:#ff0000;"><strong>नकली कागजात नगर निगम के आॅफिस की फाइल में भी लगा दिए</strong></span><br />नगर निगम हेरिटेज के राजस्व शाखा के अधिकारियों ने मेहरबानी दिखाते हुए इस फर्म को मालवीय मार्ग पर एयरटेल आॅफिस के बाहर का पार्किंग ठेका दे दिया। ठेकेदार ने एक साल तक पार्किंग का काम किया। मई में काम पूरा होने से चंद दिन पहले ही महादेव एसोसिएट्स ने इस पार्किंग ठेके के नवीनीकरण का फर्जी आदेश 13 अप्रैल, 2022 की तारीख के साथ तैयार कर लिया और राजस्व उपायुक्त के फर्जी हस्ताक्षर भी कर लिए। यह नकली कागजात नगर निगम के आॅफिस की फाइल तक में लगा दिए गए। उपायुक्त राजस्व दीपाली भगोतिया ने बताया कि जांच में कागज को पहचान लिया और 3 जून को ठेका फर्म और प्रोपराइटर भरत सिंह के खिलाफ  एफआईआर दर्ज करवाने के लिए अशोक नगर थाने में पत्र लिखा हैं।</p>]]></content:encoded>
                
                                                            <category>राजस्थान</category>
                                            <category>Top-News</category>
                                            <category>जयपुर</category>
                                    

                <link>https://dainiknavajyoti.com/rajasthan/jaipur/parking-contractor-made-fake-renewal-order-of-contract--deputy-commissioner-of-revenue-wrote-letter-to-register-fir/article-13137</link>
                <guid>https://dainiknavajyoti.com/rajasthan/jaipur/parking-contractor-made-fake-renewal-order-of-contract--deputy-commissioner-of-revenue-wrote-letter-to-register-fir/article-13137</guid>
                <pubDate>Tue, 28 Jun 2022 12:52:19 +0530</pubDate>
                                    <enclosure
                        url="https://dainiknavajyoti.com/media/2022-06/nagar-nigam-heritage.jpg"                         length="44371"                         type="image/jpeg"  />
                
                                    <dc:creator><![CDATA[Jaipur ]]></dc:creator>
                            </item>
            <item>
                <title>फर्जी ई-चालान के जरिये करोड़ों रुपए की टैक्स चोरी करने वाला गिरफ्तार</title>
                                    <description><![CDATA[जयपुर कमिश्नरेट की एसआईटी टीम ने सोमवार को जयपुर शहर के विभिन्न उप पंजीयक कार्यालयों में फर्जी ई-चालान के जरिए विक्रय पत्र पंजीयन करवाकर सरकार को करोड़ों रुपयों की राजस्व क्षति पहुंचाने वाले अभियुक्त सुनील चौधरी को गिरफ्तार किया है। ]]></description>
                
                                    <content:encoded><![CDATA[<a href="https://dainiknavajyoti.com/rajasthan/jaipur/tax-evader-of-crores-of-rupees-arrested-through-fake-e-invoice/article-13126"><img src="https://dainiknavajyoti.com/media/400/2022-06/qq13.jpg" alt=""></a><br /><p><strong>जयपुर।</strong> जयपुर कमिश्नरेट की एसआईटी टीम ने सोमवार को जयपुर शहर के विभिन्न उप पंजीयक कार्यालयों में फर्जी ई-चालान के जरिए विक्रय पत्र पंजीयन करवाकर सरकार को करोड़ों रुपयों की राजस्व क्षति पहुंचाने वाले अभियुक्त सुनील चौधरी को गिरफ्तार किया है। पुलिस आयुक्त आनंद श्रीवास्तव ने बताया कि कूट रचित ई-चालान के जरिए विक्रय पत्र पंजीयन होने की जानकारी सब रजिस्ट्रार कार्यालय के अधिकारियों को होने पर उन्होंने संबंधित क्रेता पक्षों को नोटिस जारी कर राशि 12 प्रतिशत ब्याज सहित जमा कराने के निर्देश दिए थे।</p>
<p>क्रेता पक्षों ने डीड राइटर, ई-मित्र संचालक व स्टांप संचालक, स्टाम्प वेंडर की ओर से बनाकर दिए गए ई-चालान की पूरी राशि अदा कर दी गई थी। इसलिए क्रेता पक्षों ने अपने साथ हुई धोखाधड़ी की रिपोर्ट थाना बनीपार्क में दर्ज कराई थी। इसकी जांच करन शर्मा कर रहे है। शर्मा ने उप पंजीयक कार्यालयों, एनआईसी, बैंकों व ई-ग्रास, वित्त विभाग से रिकॉर्ड प्राप्त कर फर्जी जीआरएन नंबर तैयार करने वाले आरोपियों को नामजद किया और जांच कर सुनील चौधरी निवासी जोतड़ावाला सांगानेर सदर को गिरफ्तार कर लिया।</p>
<p>अब तक की जांच में उप पंजीयक जयपुर दशम के कार्यालय में 227 दस्तावेज, उप पंजीयक जयपुर द्वितीय में 105 दस्तावेज, उप पंजीयक पंचम में 135 दस्तावेज और उप पंजीयक अष्ठम में भी फर्जी ई-चालान का उपयोग हुआ है। इस प्रकार 543 लोगों को पीड़ित कर उनसे 10 करोड़ रुपए की धोखाधड़ी की है। अब तक इस प्रकरण में 17 आरोपियों को गिरफ्तार किया जा चुका है।</p>]]></content:encoded>
                
                                                            <category>राजस्थान</category>
                                            <category>जयपुर</category>
                                    

                <link>https://dainiknavajyoti.com/rajasthan/jaipur/tax-evader-of-crores-of-rupees-arrested-through-fake-e-invoice/article-13126</link>
                <guid>https://dainiknavajyoti.com/rajasthan/jaipur/tax-evader-of-crores-of-rupees-arrested-through-fake-e-invoice/article-13126</guid>
                <pubDate>Tue, 28 Jun 2022 12:23:20 +0530</pubDate>
                                    <enclosure
                        url="https://dainiknavajyoti.com/media/2022-06/qq13.jpg"                         length="29601"                         type="image/jpeg"  />
                
                                    <dc:creator><![CDATA[Jaipur ]]></dc:creator>
                            </item>
            <item>
                <title>फर्जी दस्तावेज लगाकर बनी आंगनबाडी कार्यकर्ता </title>
                                    <description><![CDATA[टोडारायसिंह। महिला एवं बाल विकास विभाग में महिला एवं बाल विकास अधिकारी की मिली भगत से फर्जी दस्तावेज लगाकर आंगनबाडी कार्यकर्ता पद पर नियुक्ति ले ली, लेकिन फर्जीवाड़ा उजागर होने पर फर्जी दस्तावेज लगाकर कार्यकर्ता बनी अनुराधा सैनी ने आंगनबाड़ी कार्यकर्ता ने इस्तीफा दे दिया। ]]></description>
                
                                    <content:encoded><![CDATA[<a href="https://dainiknavajyoti.com/rajasthan/tonk/anganwadi-worker-made-with-fake-documents/article-12909"><img src="https://dainiknavajyoti.com/media/400/2022-06/anganwadi.jpg" alt=""></a><br /><p>टोडारायसिंह। महिला एवं बाल विकास विभाग में महिला एवं बाल विकास अधिकारी की मिली भगत से फर्जी दस्तावेज लगाकर आंगनबाडी कार्यकर्ता पद पर नियुक्ति ले ली, लेकिन फर्जीवाड़ा उजागर होने पर फर्जी दस्तावेज लगाकर कार्यकर्ता बनी अनुराधा सैनी ने आंगनबाड़ी कार्यकर्ता ने इस्तीफा दे दिया। शिकायतकर्ता पूजा वैष्णव ने बताया कि पंचायत भासू के आंगनबाडी केंद्र चतुर्थ के आंगनबाडी कार्यकर्ता के लिए जुलाई 2021 में आवेदन पत्र मांगे गए थे। जिसमें 18 आवेदन पत्र किए गए थे।</p>
<p>जिनमें प्रार्थीया का नाम वरियता क्रम में प्रथम था, लेकिन फर्जी दस्तावेजों के सहारे मुझे दूसरे स्थान पर कर दिया गया और अनुराधा सैनी को फर्जी दस्तावेजों के चलते प्रथम स्थान पर रखकर चयन कर दिया गया तथा नियुक्ति दे दी गई। शिकायतकर्ता ने बताया कि ऐसा प्रतीत होता है कि महिला एवं बाल विकास अधिकारी टोडारायसिंह द्वारा दस्तावेजों का भौतिक सत्यापन नहीं कर फर्जी तरिके से किए गए चयनित महिला अनुराधा सैनी का चयन कर लिया गया। जिसकी प्रार्थीया ने शिकायत भी की गई लेकिन कोई कार्यवाही नहीं की गई। इसमें साफ तौर पर महिला एवं बाल विकास अधिकारी की मिलीभगत साबित हो रही है।</p>
<p>सीडीपीओ द्वारा निर्धारित मापदण्ड व नियमों की खुले आम अवहेलना की गई है। इसी की शिकायत 10 सितम्बर 2021 को सीडीपीओ, मुख्य कार्यकारी अधिकारी टोंक को करने के बाद भी कार्यवाही नहीं करने पर प्राथीया के ससुर ओमप्रकाश वैष्णव ने अपने स्तर पर फर्जी तरिके से आंगनबाडी कार्यकर्ता बनी अनुराधा सैनी के दस्तावेजों की जानकारी एकत्रित कर 14 जून 2022 को महिला एवं बाल विकास अधिकारी के समक्ष प्रस्तुत किए।इस पर सीडीपीओ ने फर्जी कार्यकर्ता अनुराधा व मेरे ससूर को महिला एवं बाल विकास कार्यालय में बुलाकर मिल बैठकर समझौता करने तथा अपनी शिकायत वापिस लेने पर जोर देते रहे।</p>
<p>तक तो पूजा वैष्णव का चयन कर दिया जाएगा वरना रिक्त पद घोषित कर दुबारा से विज्ञप्ति निकाल दी जाएगी। सीडीपीओ जितेंद्र मीणा ने बताया कि वर्तमान में जिले का सहायक निदेशक महिला एवं बाल विकास का चार्ज भी मेरे पास ही है। इस बात की भनक अनुराध सैनी को लगने पर उसने अपना इस्तीफा दे दिया। इस पर आंगनबाडी केंद्र भासू चतुर्थ में कार्यकर्ता का पद रिक्त कर दिया। प्रार्थीया ने मुख्य कार्यकारी सचिव को शिकायत पर विभागीय अधिकारियों के खिलाफ कानूनी कार्यवाही करने, मामले की जांच के लिए कमेटी गठित कर जांच करवाई जाए तथा भासू केंद्र चतुर्थ में चयन करने की मांग की है।</p>]]></content:encoded>
                
                                                            <category>टोंक</category>
                                    

                <link>https://dainiknavajyoti.com/rajasthan/tonk/anganwadi-worker-made-with-fake-documents/article-12909</link>
                <guid>https://dainiknavajyoti.com/rajasthan/tonk/anganwadi-worker-made-with-fake-documents/article-12909</guid>
                <pubDate>Fri, 24 Jun 2022 15:54:08 +0530</pubDate>
                                    <enclosure
                        url="https://dainiknavajyoti.com/media/2022-06/anganwadi.jpg"                         length="41451"                         type="image/jpeg"  />
                
                                    <dc:creator><![CDATA[Jaipur ]]></dc:creator>
                            </item>
            <item>
                <title>155 करोड़ रुपए की फर्जी बिलिंग कर उठाया 28 करोड़ का आईटीसी</title>
                                    <description><![CDATA[अजमेर।केंद्रीय वस्तु एवं सेवाकर (CGST) अजमेर संभाग ने एक बार फिर अजमेर व किशनगढ़ में 55 बोगस फर्मों पर बड़ी कार्रवाई की है। इसमें अजमेर की एक फर्म शामिल है। शुरूआती जांच में उजागर हुआ है कि इन फर्मों ने 155 करोड़ रुपए के फर्जी बिल जारी कर विभाग से गलत तरीके से 28 करोड़ रुपए का इनपुट टैक्स क्रेडिट (आईटीसी) ले लिया। ]]></description>
                
                                    <content:encoded><![CDATA[<a href="https://dainiknavajyoti.com/rajasthan/ajmer/itc-of-28-crores-raised-by-making-fake-billing-of/article-10912"><img src="https://dainiknavajyoti.com/media/400/2022-06/rajaswa--bhawan.jpg" alt=""></a><br /><p>अजमेर।केंद्रीय वस्तु एवं सेवाकर (CGST) अजमेर संभाग ने एक बार फिर अजमेर व किशनगढ़ में 55 बोगस फर्मों पर बड़ी कार्रवाई की है। इसमें अजमेर की एक फर्म शामिल है। शुरूआती जांच में उजागर हुआ है कि इन फर्मों ने 155 करोड़ रुपए के फर्जी बिल जारी कर विभाग से गलत तरीके से 28 करोड़ रुपए का इनपुट टैक्स क्रेडिट (आईटीसी) ले लिया। बताया जा रहा है कि इन बोगस फर्मों का देश के कई राज्यों में नेटवर्क फैला है। कार्रवाई बीते तीन दिन से चल रही थी। </p>
<p>विभाग के प्रधान आयुक्त सीपी गोयल के निर्देश पर अजमेर संभाग की उपायुक्त सुनीता वर्मा के नेतृत्व में पांच टीमों ने शनिवार को अजमेर व किशनगढ़ के विभिन्न इलाकों में बोगस फर्मों पर दबिश दी। सोमवार सायं तक यह कार्रवाई चली। प्राथमिक जांच में पता चला कि इनके संचालकों ने फर्जी दस्तावेजों के आधार पर विभाग में पंजीयन कराया था। ये सभी फर्में फर्जी थीं।</p>
<p><strong>अधिकतर जगह दुकानें मिली</strong></p>
<p>निरीक्षण में सामने आया कि इन फर्मों के नाम व पते फर्जी थे। टीमों को अधिकतर पतों पर मोबाइल, परचून, जनरल स्टोर सहित अन्य की दुकानें मिलीं तो कहीं पर किसी और के नाम से फर्म संचालित मिलीं। हैरत की बात यह भी है कि जब किशनगढ़ में एक फर्जी फर्म के पते पर कार्रवाई की गई तो यहां जिला उद्योग उप केंद्र कार्यालय मिला। जो यहां सालों से संचालित है। </p>
<p><strong>एक महीने से थी नजर बॉक्स लगाएं</strong></p>
<p>सूत्रों ने बताया कि विभाग के आलाअफसर ऑनलाइन सिस्टम के माध्यम से इन फर्जी फर्मों पर करीब एक महीने से नजर बनाए हुए थे और इनके डेटा को एनालिसस कर रहे थे। इसकी जानकारी विभाग के किसी कार्मिकों को नहीं थी। जिस दिन कार्रवाई शुरू हुई उसी दिन टीमों को बताया गया कि उन्हें कहां कहां कार्रवाई करनी है यानि कार्रवाई से पूर्व इस मामले को पूरी तरह से गुप्त रखा गया।</p>
<p><strong>ये फर्जी फर्में शामिल</strong></p>
<p>सूत्रों ने बताया कि बोगस फर्मों में मार्बल व ग्रेनाइट के साथ आयरन वेस्ट व स्क्रैप, लेड बैट्री, प्लास्टिक, सेल, सीमेंट के साथ वर्क्स कांट्रेक्ट सर्विस, गुड्Þस व रोड ट्रांसपोर्ट सर्विस की रजिस्टर्ड इकाइयां शामिल हैं। सूत्रों के अनुसार अजमेर में आयरन वेस्ट व स्क्रैप की फर्जी फर्म की देश के कई राज्यों में ब्रांचों का पता चला है।</p>
<p><strong>कई राज्यों से जुड़े हैं तार, मुख्यालय भेजा प्रकरण</strong></p>
<p>अधिकारिक सूत्रों के अनुसार इन बोगस फर्मों के तार हरियाणा, दिल्ली, उत्तरप्रदेश, बिहार, गुजरात, महाराष्टÑ, केरल व तमिलनाडू तक जुड़े हुए हैं। चूंकि मामला देश के कई राज्यों से जुड़ा हुआ है, इसीलिए इस प्रकरण की उच्च जांच के लिए इसे जयपुर विभागीय मुख्यालय भेज दिया गया है। जांच के बाद बड़े घोटाले के खुलासा की संभावना है।</p>
<p><strong>21 दिन में दूसरी बड़ी कार्रवाई बॉक्स लगाएं</strong></p>
<p>उल्लेखनीय है कि विभाग की टीम ने 9 मई को किशनगढ़ में 101 बोगस फर्मों के खिलाफ बड़ी कार्रवाई की थी। जांच में सामने आया था कि फर्मों ने साढ़े 3 सौ करोड़ रुपए के फर्जी बिल जारी करते हुए विभाग से 60 करोड़ से भी अधिक का आईटीसी उठा लिया था। इन फर्मों के तार भी देश के कई राज्यों में फैले थे। इस मामले की जांच भी मुख्यालय स्तर पर जारी है।</p>]]></content:encoded>
                
                                                            <category>Top-News</category>
                                            <category>अजमेर</category>
                                    

                <link>https://dainiknavajyoti.com/rajasthan/ajmer/itc-of-28-crores-raised-by-making-fake-billing-of/article-10912</link>
                <guid>https://dainiknavajyoti.com/rajasthan/ajmer/itc-of-28-crores-raised-by-making-fake-billing-of/article-10912</guid>
                <pubDate>Wed, 01 Jun 2022 13:17:54 +0530</pubDate>
                                    <enclosure
                        url="https://dainiknavajyoti.com/media/2022-06/rajaswa--bhawan.jpg"                         length="41268"                         type="image/jpeg"  />
                
                                    <dc:creator><![CDATA[Ajmer]]></dc:creator>
                            </item>

            </channel>
        </rss>
        