<?xml version="1.0" encoding="utf-8"?>        <rss version="2.0"
            xmlns:content="http://purl.org/rss/1.0/modules/content/"
            xmlns:dc="http://purl.org/dc/elements/1.1/"
            xmlns:atom="http://www.w3.org/2005/Atom">
            <channel>
                <atom:link href="https://dainiknavajyoti.com/startup-india/tag-69175" rel="self" type="application/rss+xml" />
                <generator>Dainik Navajyoti Rising Rajasthan RSS Feed Generator</generator>
                <title>Startup India - Dainik Navajyoti Rising Rajasthan</title>
                <link>https://dainiknavajyoti.com/tag/69175/rss</link>
                <description>Startup India RSS Feed</description>
                
                            <item>
                <title>केंद्र सरकार ने दी 10,000 करोड़ रूपए के स्टार्टअप इंडिया फंड 2.0 को मंजूरी, उद्यम पूंजी की सुविधा बढ़ेगी</title>
                                    <description>
                        <![CDATA[प्रधानमंत्री मोदी ने स्टार्टअप पारिस्थितिकी तंत्र को मजबूत करने के लिए ₹10,000 करोड़ के स्टार्टअप इंडिया फंड 2.0 को मंजूरी दी। यह कोष डीप-टेक और नवाचार-आधारित विनिर्माण क्षेत्रों में निवेश को प्राथमिकता देगा।]]>
                    </description>
                
                                    <content:encoded>
                        <![CDATA[<a href="https://dainiknavajyoti.com/leads/central-government-approves-rs-10000-crore-startup-india-fund-20/article-143202"><img src="https://dainiknavajyoti.com/media/400/2026-02/1200-x-600-px)-(17).png" alt=""></a><br /><p>नई दिल्ली। सरकार ने देश में बढ़ते स्टार्टअप पारिस्थितिकी तंत्र को मजबूती प्रदान करने के लिए 10 हजार करोड़ रु. के स्टार्टअप इंडिया फंड 2.0 को मंजूरी प्रदान की है। इसका उद्देश्य स्टार्टअप इकाइयों के लिए उद्यम पूंजी कोष को अधिक सुलभ बनाना है।</p>
<p>प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी की अध्यक्षता में केंद्रीय मंत्रिमंडल ने शुक्रवार को स्टार्टअप इंडिया फंड 2.0 की स्थापना के प्रस्ताव को मंजूरी दी। सूचना प्रसारण मंत्री अश्चिनी वैष्णव ने शनिवार को संवाददाता सम्मेलन में इसकी जानकारी देते हुए कहा कि यह योजना भारत के स्टार्टअप सफर के अगले चरण को तेज करने के लिए तैयार की गई है। </p>
<p>वर्ष 2016 में शुरू की गयी स्टार्टअप इंडिया पहल के तहत शुरू किये गये इस कोष के बारे में सरकार ने कहा है, इस कोष के गठन का उद्देश्य दीर्घकालिक घरेलू पूंजी को आकर्षित करना, वेंचर कैपिटल इकोसिस्टम को मजबूत बनाना और देशभर में नवाचार-आधारित उद्यमिता को बढ़ावा देना है। इसे देश में नवाचारों को अगले स्तर पर ले जाने के लिए तैयार किया गया है। यह डीप टेक और तकनीक-आधारित नवोन्मेषी विनिर्माण उच्च-तकनीकी क्षेत्रों में ऐसे नवाचारों को उद्यम पूंजी सहाता करने को प्राथमिकता देगा जिन्हें दीर्घकालिक और धैर्यपूर्ण पूंजी की आवश्यकता होती है।</p>
<p>देश में स्टार्टअप वातावरण का अभूतपूर्व रूप से विकास हुआ है। पिछले एक दशक में पंजीकृत एवं उद्योग एवं आंतरिक व्यापार संवर्धन विभाग से मान्यता प्राप्त स्टार्टअप इकाइयों की संख्या जो 500 से भी कम थी, बढ़ कर दो लाख से अधिक हो चुकी है। स्टार्टअप इंडिया फंड 2.0 का गठन स्टार्ट अप के लिए शुरू किये गये पहले फंड ऑफ फंड्स (एफएफएस 1.0) की मजबूत सफलता पर आधारित है। एफएफएस 1.0 के अंतर्गत 10,000 करोड़ रुपये की पूरी राशि से 145 वैकल्पिक निवेश कोषों(एआईएफ) की मदद की गयी। इन वैकल्पिक निवेश कोषों ने देशभर के 1,370 से अधिक स्टार्टअप्स में 25,500 करोड़ रुपये से अधिक का निवेश किया है। यह निवेश पाने वाली इकाइयों में कृषि, आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस, रोबोटिक्स, ऑटोमोबाइल, क्लीन टेक, उपभोक्ता वस्तुएं एवं सेवाएं, ई-कॉमर्स, शिक्षा, फिनटेक, खाद्य एवं पेय पदार्थ, स्वास्थ्य सेवा, विनिर्माण, स्पेस टेक और बायोटेक्नोलॉजी सहित अनेक क्षेत्रों में काम करने वाली स्टार्टअप इकाइयां शामिल हैं। </p>
<p>सरकार का कहना है कि एफएफएस 1.0 ने पहली बार उद्यम शुरू करने वाले संस्थापकों को समर्थन देने, निजी पूंजी को आकर्षित करने और भारत के वेंचर कैपिटल इकोसिस्टम की मजबूत नींव तैयार करने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाई। स्टार्टअप इंडिया फंड 2.0 नवप्रवर्तनकारी विचारों के साथ शुरू की गयी इकाइयों को उनके काम के शुरुआती विकास चरण में उन्हें मजबूती प्रदान करने के लिए बनाया जा रहा है। ऐसी इकाइयों के लिए शुरुआती चरण में धन की कमी के कारण विफलता का जोखिम ज्यादा होता है।</p>
<p>इसमें बड़े महानगरों से दूर के इलाकों में भी निवेश को प्रोत्साहित कर देश के हर कोने में नवाचार को बढ़ावा देने, उद्यम पूंजी की बड़ी कमी का समाधान करने तथा आत्मनिर्भरता और आर्थिक विकास के लिए महत्वपूर्ण प्राथमिकता वाले क्षेत्रों में अधिक पूंजी का प्रवाह सुनिश्चित करना है। इससे घरेलू उद्यम पूंजी आधार मजबूत होने छोटे निवेश कोषों के लिए को काम का परिदृश्य मजबूत होने की उम्मीद है।</p>]]>
                    </content:encoded>
                
                                                            <category>भारत</category>
                                            <category>Top-News</category>
                                    

                <link>https://dainiknavajyoti.com/leads/central-government-approves-rs-10000-crore-startup-india-fund-20/article-143202</link>
                <guid>https://dainiknavajyoti.com/leads/central-government-approves-rs-10000-crore-startup-india-fund-20/article-143202</guid>
                <pubDate>Sat, 14 Feb 2026 18:39:23 +0530</pubDate>
                                    <enclosure
                        url="https://dainiknavajyoti.com/media/2026-02/1200-x-600-px%29-%2817%29.png"                         length="534790"                         type="image/png"  />
                
                                    <dc:creator>
                        <![CDATA[Jaipur NM]]>
                    </dc:creator>
                            </item>
            <item>
                <title>मन की बात: स्टार्टअप्स में गुणवत्ता को बनाएं अपना 'बेंचमार्क', विकसित भारत के लिए 'जीरो डिफेक्ट-जीरो इफेक्ट' जरूरी </title>
                                    <description>
                        <![CDATA[प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने मन की बात में युवाओं और उद्योग से गुणवत्ता को प्राथमिकता देने की अपील की। कहा, भारतीय उत्पादों की पहचान विश्वस्तरीय गुणवत्ता से होनी चाहिए।]]>
                    </description>
                
                                    <content:encoded>
                        <![CDATA[<a href="https://dainiknavajyoti.com/leads/mann-ki-baat-make-quality-your-benchmark-in-startups-zero/article-140779"><img src="https://dainiknavajyoti.com/media/400/2026-01/modi1.png" alt=""></a><br /><p>नई दिल्ली। प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी ने रविवार को देश के युवाओं और उद्योग जगत से गुणवत्ता को अपना मूल मंत्र बनाने का आह्वान किया। उन्होंने कहा कि होता है, चलता है का युग अब समाप्त हो चुका है और भारतीय उत्पादों की पहचान दुनिया में टॉप क्वालिटी के रूप में होनी चाहिए। वर्ष 2026 के अपने पहले मन की बात की 130वीं कड़ी में प्रधानमंत्री मोदी ने देश के स्टार्टअप इकोसिस्टम, जल संरक्षण और उभरते हुए भजन क्लबिंग जैसे सांस्कृतिक रुझानों पर विस्तार से चर्चा की।</p>
<p>प्रधानमंत्री मोदी ने कहा कि भारत आज दुनिया का तीसरा सबसे बड़ा स्टार्टअप इकोसिस्टम बन चुका है। उन्होंने कहा, भारत की अर्थव्यवस्था तेजी से आगे बढ़ रही है और दुनिया की नजरें हम पर हैं। ऐसे में हमारी जिम्मेदारी है कि हम उत्कृष्टता को अपना बेंचमार्क बनाएं। हमारा संकल्प होना चाहिए कि गुणवत्ता में न कोई कमी होगी और न कोई समझौता। </p>
<p>प्रधानमंत्री ने वर्ष 2016 में शुरू हुई स्टार्टअप इंडिया की यात्रा को याद करते हुए इसे देश के भविष्य के लिए एक मील का पत्थर बताया। उन्होंने कहा कि आज हमारे स्टार्टअप एआई, स्पेस, न्यूक्लियर एनर्जी और सेमीकंडक्टर्स जैसे चुनौतीपूर्ण क्षेत्रों में काम कर रहे हैं, जिनकी कल्पना 10 साल पहले तक मुश्किल थी।</p>
<p>गणतंत्र दिवस की पूर्व संध्या पर देशवासियों को शुभकामनाएं देते हुए प्रधानमंत्री ने आज 'राष्ट्रीय मतदाता दिवस' के महत्व पर भी प्रकाश डाला। उन्होंने युवाओं से आग्रह किया कि 18 वर्ष की आयु पूरी करने पर मतदाता के रूप में पंजीकरण को एक उत्सव की तरह मनाएं। उन्होंने सुझाव दिया कि जब कोई युवा पहली बार वोटर बने, तो समाज को उसका अभिनंदन करना चाहिए ताकि लोकतांत्रिक भागीदारी के प्रति जागरूकता बढ़े।</p>
<p>प्रधानमंत्री ने उत्तर प्रदेश के आजमगढ़ में तमसा नदी के पुनरुद्धार और आंध्र प्रदेश के अनंतपुर में अनंत नीरू संरक्षणम प्रोजेक्ट की सराहना की। उन्होंने बताया कि कैसे स्थानीय लोगों ने एकजुट होकर प्रदूषित नदियों को साफ किया और सूखे प्रभावित क्षेत्रों में जलाशयों को नया जीवन दिया।</p>
<p>सांस्कृतिक विषयों पर चर्चा करते हुए पीएम मोदी ने जीजी के बीच लोकप्रिय हो रहे भजन क्लबिंग का जिक्र किया। उन्होंने कहा, युवा भक्ति को अपनी जीवन शैली में ढाल रहे हैं। मंच आधुनिक हो सकता है, लेकिन भजन की गरिमा और शुचिता अक्षुण्ण है। उन्होंने मलेशिया में भारतीय प्रवासियों द्वारा तमिल भाषा के संरक्षण और वहां आयोजित लाल पाड़ साड़ी वॉक की भी सराहना की।</p>
<p>प्रधानमंत्री ने अरुणाचल प्रदेश के युवाओं के 11 लाख किलो कचरा साफ करने और मध्य प्रदेश के पन्ना में बीट-गार्ड जगदीश प्रसाद अहिरवार द्वारा औषधीय पौधों का डेटाबेस तैयार करने जैसे प्रयासों को सराहा। उन्होंने बताया कि एक पेड़ माँ के नाम अभियान के तहत अब तक 200 करोड़ से ज्यादा पेड़ लगाए जा चुके हैं।</p>
<p>संबोधन के अंत में उन्होंने श्री अन्न के प्रति बढ़ते वैश्विक आकर्षण पर खुशी जताई। उन्होंने तमिलनाडु की महिला किसानों और राजस्थान के किसान उत्पादक संगठनों का उदाहरण दिया जो मोटे अनाज से रेडी टू ईट उत्पाद बना रहे हैं। प्रधानमंत्री ने आगामी फरवरी माह में होने वाले इंडिया एआई इंपैक्ट समित का उल्लेख करते हुए अपनी बात समाप्त की और देशवासियों को गणतंत्र दिवस की बधाई दी।</p>
<p>प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने उद्योग और युवा स्टार्टअप से गुणवत्ता को प्राथमिकता देने और उत्कृष्टता को मानक बनाने की अपील करते हुए रविवार को कहा कि देश को विकसित बनाने के लिए यह बेहद जरूरी है। अपने मासिक रेडियो कार्यक्रम मन की बात के 130वें संस्करण में पीएम मोदी ने 10 साल पहले जनवरी 2016 में शुरू हुए स्टार्टअप इंडिया का जिक्र करते हुए कहा कि इसके माध्यम से कई युवाओं ने बंधे-बंधाये सहज दायरे से बाहर निकलकर ऐसे नवाचार कर रहे हैं जो इतिहास में दर्ज हो रहे हैं। उन्होंने कहा कि उस समय भी सरकार को एहसास था कि भले ही यह छोटी पहल क्यों ने हो लेकिन युवा-पीढ़ी और देश के भविष्य के लिए काफी अहम है।</p>
<p>प्रधानमंत्री ने कहा, मैं देशवासियों, विशेषकर इंडस्ट्री और स्टार्टअप से जुड़े युवाओं से एक आग्रह जरूर करना चाहता हूँ। देश की अर्थव्यवस्था तेजी से आगे बढ़ रही है। भारत पर दुनिया की नजरें हैं। ऐसे समय में हम सब पर एक बहुत बड़ी जिम्मेदारी भी है-गुणवत्ता पर जोर देने की। आइये इस वर्ष हम पूरी ताकत से गुणवत्ता को प्राथमिकता दें।</p>
<p>गुणवत्ता में निरंतर बेहतरी की जरूरत पर जोर देते हुए उन्होंने कहा कि चाहे हमारे वस्त्र हों या प्रौद्योगिकी, भारतीय उत्पादों की पहचान की उनकी गुणवत्ता से होनी चाहिये। उन्होंने युवा स्टार्टअप से उत्कृष्टता को हम अपना मानक बनाने की अपील की। उन्होंने कहा, हम संकल्प लें कि गुणवत्ता में न कोई कमी होगी, न गुणवत्ता से कोई समझौता होगा। ऐसा करके ही हम विकसित भारत की यात्रा को तेजी से आगे ले जा पाएंगे।</p>
<p>पीएम मोदी ने कहा कि स्टार्टअप इंडिया मिशन का परिणाम यह हुआ कि आज भारत स्टार्टअप के मामले में दुनिया का तीसरा सबसे बड़ा देश बन चुका है। ये स्टार्टअप लीक से हट कर हैं। वे ऐसे सेक्टरों में काम कर रहे हैं, जिनके बारे में 10 साल पहले तक कल्पना भी नहीं की जा सकती थी। एआई से लेकर अंतरिक्ष तक, परमाणु ऊर्जा से लेकर सेमीकंडक्टर तक, हर क्षेत्र में कोई न कोई भारतीय स्टार्टअप काम करते हुए दिख जाता है। </p>]]>
                    </content:encoded>
                
                                                            <category>भारत</category>
                                            <category>Top-News</category>
                                    

                <link>https://dainiknavajyoti.com/leads/mann-ki-baat-make-quality-your-benchmark-in-startups-zero/article-140779</link>
                <guid>https://dainiknavajyoti.com/leads/mann-ki-baat-make-quality-your-benchmark-in-startups-zero/article-140779</guid>
                <pubDate>Sun, 25 Jan 2026 12:44:03 +0530</pubDate>
                                    <enclosure
                        url="https://dainiknavajyoti.com/media/2026-01/modi1.png"                         length="902506"                         type="image/png"  />
                
                                    <dc:creator>
                        <![CDATA[Jaipur NM]]>
                    </dc:creator>
                            </item>

            </channel>
        </rss>
        