<?xml version="1.0" encoding="utf-8"?>        <rss version="2.0"
            xmlns:content="http://purl.org/rss/1.0/modules/content/"
            xmlns:dc="http://purl.org/dc/elements/1.1/"
            xmlns:atom="http://www.w3.org/2005/Atom">
            <channel>
                <atom:link href="https://dainiknavajyoti.com/bihar-infrastructure/tag-72950" rel="self" type="application/rss+xml" />
                <generator>Dainik Navajyoti Rising Rajasthan RSS Feed Generator</generator>
                <title>Bihar Infrastructure - Dainik Navajyoti Rising Rajasthan</title>
                <link>https://dainiknavajyoti.com/tag/72950/rss</link>
                <description>Bihar Infrastructure RSS Feed</description>
                
                            <item>
                <title>रविशंकर प्रसाद ने मुख्यमत्री सम्राट चौधरी को लिखा पत्र, पुनपुन नदी के पुराने जमींदारी बांध की मरम्मत और ऊंचाई बढ़ाने की मांग की</title>
                                    <description><![CDATA[पटना साहिब सांसद रविशंकर प्रसाद ने अपने संसदीय क्षेत्र के बाढ़ प्रभावित इलाकों का दौरा किया। उन्होंने पुनपुन नदी के जर्जर जमींदारी बांध की मरम्मत, उसकी ऊंचाई बढ़ाने और जलमग्न मुख्य मार्ग को ऊंचा करने के लिए बिहार के उपमुख्यमंत्री सम्राट चौधरी और विजय कुमार चौधरी को पत्र लिखकर त्वरित कार्रवाई की मांग की।]]></description>
                
                                    <content:encoded><![CDATA[<a href="https://dainiknavajyoti.com/bharat/ravi-shankar-prasad-wrote-a-letter-to-chief-minister-samrat/article-165014"><img src="https://dainiknavajyoti.com/media/400/2026-09/1200-x-60-px)-(youtube-thumbnail)12.png" alt=""></a><br /><p>पटना। पूर्व केंद्रीय मंत्री सह पटना साहिब के सांसद रविशंकर प्रसाद ने गंगा, दरधा और अन्य सहयोगी नदियों में आई बाढ़ के कारण उत्पन्न स्थिति का संज्ञान लेते हुए अपने संसदीय क्षेत्र का व्यापक दौरा किया। प्रसाद ने क्षेत्र भ्रमण के दौरान ग्रामीणों और स्थानीय निवासियों से मिली शिकायतों के आधार पर उन्होंने बिहार के मुख्यमंत्री सम्राट चौधरी को पत्र लिखकर जनहित के इस गंभीर मुद्दे पर तत्काल कार्रवाई की मांग की है।</p>
<p>सांसद प्रसाद ने अपने पत्र में उल्लेख किया है कि बाढ़ राहत कार्यों के दौरान वे लगातार क्षेत्र में भ्रमणशील हैं और स्थानीय प्रशासन भी तत्परता से काम कर रहा है। लेकिन निरीक्षण के दौरान एक अत्यंत चिंताजनक समस्या सामने आई है। पुनपुन नदी का पुराना ज़मींदारी बांध अत्यंत जर्जर व कमजोर हो चुका है। पिछले 25-30 वर्षों से इस बांध की कोई मरम्मत नहीं कराई गई है, जिसके कारण इसकी ऊंचाई भी <br />काफी कम हो गई है।</p>
<p>प्रसाद ने बताया कि पुनपुन और दरधा नदियों के जलस्तर में वृद्धि होने से बांध पर भारी दबाव बनता है और यह कई स्थानों पर टूट जाता है, जिससे बाढ़ का पानी दर्जनों गांवों में फैल जाता है। प्रसाद ने पूरे फतुहा और पुनपुन नदी से जुड़े प्रभावित क्षेत्रों में इस पुराने जमींदारी बांध की तत्काल मरम्मत कराने तथा इसकी ऊंचाई बढ़ाने के लिए राज्य सरकार से स्पष्ट निर्देश जारी करने की अपील की है।</p>
<p>सांसद ने इसके साथ ही गौरीचक से अलावलपुर और जमुनापुर जाने वाले मुख्य मार्ग का जिक्र करते हुए कहा कि बाढ़ के समय यह रास्ता पूरी तरह डूब जाता है। आम जनमानस के सुचारू आवागमन को बनाए रखने के लिए इस सड़क की ऊंचाई को बढ़ाया जाना अत्यंत आवश्यक है। प्रसाद ने जानकारी दी कि इस संदर्भ में उन्होंने बिहार के उप मुख्यमंत्री सह जल संसाधन मंत्री विजय कुमार चौधरी को भी पत्र प्रेषित कर त्वरित कार्रवाई का अनुरोध किया है।</p>]]></content:encoded>
                
                                                            <category>भारत</category>
                                    

                <link>https://dainiknavajyoti.com/bharat/ravi-shankar-prasad-wrote-a-letter-to-chief-minister-samrat/article-165014</link>
                <guid>https://dainiknavajyoti.com/bharat/ravi-shankar-prasad-wrote-a-letter-to-chief-minister-samrat/article-165014</guid>
                <pubDate>Tue, 08 Sep 2026 16:55:32 +0530</pubDate>
                                    <enclosure
                        url="https://dainiknavajyoti.com/media/2026-09/1200-x-60-px%29-%28youtube-thumbnail%2912.png"                         length="841294"                         type="image/png"  />
                
                                    <dc:creator><![CDATA[Jaipur NM]]></dc:creator>
                            </item>
            <item>
                <title>नीतीश कुमार ने किया 542 करोड़ की लागत से बिहार संग्रहालय और पटना संग्रहालय को जोड़ने वाली सुरंग का कार्यारंभ, तेजी से कार्य पूर्ण करने का दिया निर्देश</title>
                                    <description><![CDATA[मुख्यमंत्री नीतीश कुमार ने 542 करोड़ की लागत वाली अत्याधुनिक म्यूजियम सब-वे टनल का शिलान्यास किया। यह सुरंग बिहार और पटना संग्रहालय को आपस में जोड़ेगी, जिससे पर्यटक आसानी से दोनों स्थलों का दीदार कर सकेंगे। मुख्यमंत्री ने अधिकारियों को निर्माण कार्य में तेजी लाने और विश्वस्तरीय पार्किंग व सुविधाएं सुनिश्चित करने के निर्देश दिए हैं।]]></description>
                
                                    <content:encoded><![CDATA[<a href="https://dainiknavajyoti.com/bharat/nitish-kumar-started-the-work-of-tunnel-connecting-bihar-museum/article-145711"><img src="https://dainiknavajyoti.com/media/400/2026-03/cm-nitish-kumar.png" alt=""></a><br /><p>पटना। बिहार के मुख्यमंत्री नीतीश कुमार ने रविवार को 542 करोड़ की लागत से बिहार संग्रहालय और पटना संग्रहालय को जोड़ने वाली सुरंग का शिलापट्ट अनावरण कर कार्यारंभ किया। मुख्यमंत्री कुमार ने निर्माण करने वाली मशीन का बटन दबाकर कार्य की शुरूआत करायी। इस दौरान अधिकारियों ने मुख्यमंत्री नीतीश कुमार को टनल के निर्माण कार्य की प्रक्रिया तथा इसे पूर्ण करने के संबंध में विस्तृत जानकारी दी।</p>
<p>नीतीश कुमार ने नेहरू पथ के समीप हड़ताली मोड़ स्थित निर्माणाधीन म्यूजयिम सब-वे टनल के कार्यारंभ के दौरान अधिकारियों को निर्देश देते हुए कहा कि निर्माण कार्य बेहतर ढंग से जल्द पूर्ण हो, इसका विशेष रूप से ख्याल रखें। उन्होंने कहा कि इसके बन जाने से बिहार संग्रहालय और पटना संग्रहालय में लगे प्रदर्शों का लोग आसानी से एक जगह से दूसरी जगह जाकर अवलोकन कर सकेंगे। पर्यटकों की संख्या में काफी बढ़ोत्तरी होगी, इसे ध्यान में रखते हुए पार्किंग और अन्य जरूरी सुविधाओं की भी समुचित व्यवस्था सुनिश्चित करें। उन्होंने कहा कि टनल का निर्माण इस प्रकार कराये जिससे नेहरू पथ पर आवागमन में किसी प्रकार की कठिनाई न हो।</p>
<p>सीएम नीतीश कुमार ने इसके बाद बिहार संग्रहालय का परिभ्रमण किया। इस दौरान बिहार संग्रहालय के महानिदेशक अंजनी कुमार सिंह ने संग्रहालय परिसर में लगाए गए नए प्रदर्शो, पर्यटकों की संख्या, पार्किंग की व्यवस्था, संग्रहालय परिसर में उपलब्ध सुविधाओं आदि के संबंध में मुख्यमंत्री नीतीश कुमार को विस्तृत जानकारी दी। परिभ्रमण के दौरान मुख्यमंत्री ने अधिकारियों को आवश्यक निर्देश दिये।</p>]]></content:encoded>
                
                                                            <category>भारत</category>
                                    

                <link>https://dainiknavajyoti.com/bharat/nitish-kumar-started-the-work-of-tunnel-connecting-bihar-museum/article-145711</link>
                <guid>https://dainiknavajyoti.com/bharat/nitish-kumar-started-the-work-of-tunnel-connecting-bihar-museum/article-145711</guid>
                <pubDate>Sun, 08 Mar 2026 16:31:39 +0530</pubDate>
                                    <enclosure
                        url="https://dainiknavajyoti.com/media/2026-03/cm-nitish-kumar.png"                         length="986143"                         type="image/png"  />
                
                                    <dc:creator><![CDATA[Jaipur NM]]></dc:creator>
                            </item>
            <item>
                <title>बिहार ग्रामीण कार्य विभाग की अनोखी पहल: प्लास्टिक कचरे से बनाई 7,214 किलोमीटर ग्रामीण सड़कें</title>
                                    <description><![CDATA[ग्रीन टेक्नोलॉजी अपनाते हुए 7,214 किमी से अधिक लंबी सड़कों का निर्माण। वेस्ट प्लास्टिक का उपयोग कर सड़कों को मजबूती। 6.40 लाख वृक्षारोपण से पर्यावरण संरक्षण सुनिश्चित। आईआईटी पटना में इंजीनियरों का प्रशिक्षण और हाई-टेक मॉनिटरिंग बिहार के ग्रामीण बुनियादी ढांचे को अंतरराष्ट्रीय मानकों पर ले जाना सुनिश्चित किया।]]></description>
                
                                    <content:encoded><![CDATA[<a href="https://dainiknavajyoti.com/bharat/unique-initiative-of-bihar-rural-works-department-7214-km-rural/article-144548"><img src="https://dainiknavajyoti.com/media/400/2026-02/road.png" alt=""></a><br /><p>पटना। बिहार ग्रामीण कार्य विभाग ने ग्रामीण सड़कों के निर्माण में आधुनिक ग्रीन टेक्नोलॉजी का उपयोग करते हुए 7,214 किलोमीटर से अधिक लंबी सड़कों का निर्माण किया है। बिहार में ग्रामीण कार्य विभाग द्वारा राज्य के सुदूर इलाकों में बारहमासी सड़क का निर्माण कर ग्रामीण अर्थव्यवस्था को नई गति प्रदान किया जा रहा है। साथ ही निर्माण की गुणवत्ता और पर्यावरण संरक्षण के उद्देश्य के साथ एक नया मानक भी स्थापित किया है। पर्यावरण संरक्षण के क्रम में ग्रामीण कार्य विभाग ने ग्रामीण सड़कों के निर्माण में आधुनिक ग्रीन टेक्नोलॉजी का उपयोग करते हुए 7,214 किलोमीटर से अधिक लंबी सड़कों का निर्माण किया गया है। यह पहल केवल तकनीकी नवाचार के दृष्टिकोण से ही नहीं, बल्कि जलवायु परिवर्तन और पर्यावरण असंतुलन की चुनौती के दृष्टिकोण से भी एक दूरदर्शी कदम है।</p>
<p>ग्रामीण सड़कों के निर्माण में प्रयुक्त वेस्ट प्लास्टिक न केवल ठोस कचरे के पुनर्चक्रण का एक उत्कृष्ट उदाहरण है, बल्कि इससे सड़कों की मजबूती और आयु भी बढ़ती है। प्लास्टिक अपशिष्ट जो पहले पर्यावरण प्रदूषण का कारण बनता था, अब बिहार में ग्रामीण सड़कों की आधारशिला बन रहा है। </p>
<p>सड़क निर्माण के साथ-साथ विभाग ने हरियाली को भी समान महत्व दिया है। ग्रामीण सड़क निर्माण के साथ-साथ पर्यावरण संरक्षण के प्रति सजगता दिखाते हुए विभाग ने लगभग पिछले एक वर्ष में सड़कों के किनारे 6,40,000 वृक्षारोपण का कार्य किया है। इस विशाल वृक्षारोपण अभियान से ग्रामीण क्षेत्रों में कार्बन उत्सर्जन में कमी आई है और हरित आवरण का विस्तार हुआ है।</p>
<p>इसके साथ-साथ भविष्य की चुनौतियों और आधुनिक निर्माण शैली को देखते हुए विभाग ने अपने नवनियुक्त 480 सहायक अभियंताओं को आईआईटी पटना जैसे प्रतिष्ठित संस्थान में विशेष प्रशिक्षण दिलाने का अभियान शुरू किया है। इस पहल के तहत अब तक 120 अभियंताओं को प्रशिक्षित किया जा चुका है और जुलाई 2026 तक सभी अभियंताओं को दक्ष बनाने का लक्ष्य है, जिससे राज्य की ग्रामीण सड़कों और पुलों का निर्माण अंतरराष्ट्रीय मानकों के अनुरूप सुनिश्चित हो सके।</p>
<p>वहीं, विभाग अब भविष्य की तकनीक की ओर उन्मुख होते हुए आधुनिक तकनीकी प्रणाली लागू करने की दिशा में भी कार्य कर रहा है, जिससे सड़कों के रखरखाव में मानवीय हस्तक्षेप कम होगा और तकनीक के माध्यम से रियल-टाइम मॉनिटिंरिग सुनिश्चित की जा सकेगी।</p>
<p>ग्रामीण कार्य विभाग का यह बदलता स्वरूप न केवल आवागमन को सुगम बना रहा है, बल्कि यह सतत विकास, नवाचार, तकनीकी उत्कृष्टता और पर्यावरण-अनुकूल निर्माण की परंपरा की शुरुआत का नया मॉडल बनकर उभर रहा है। एक तरफ जहां वित्तीय वर्ष 2025-26 में विभाग ने लगभग 1 लाख 20 हजार किलोमीटर सड़कों के निर्माण सहित अन्य उपलब्धियों को हासिल किया है और कई मानक स्थापित किए हैं। </p>
<p>वहीं, आगामी वित्तीय वर्ष 2026-27 के लिए विभाग ने सड़कों के नए विस्तार, नए पुलों के निर्माण, हाई-टेक मॉनिटिंरिंग की व्यवस्था की सुनिश्चितता के साथ-साथ सात निश्चय-3 के तहत महत्वपूर्ण सड़कों के चौड़ीकरण और सुदृढ़ीकरण का लक्ष्य निर्धारित किया है, जिसके लिए मोबाइल ऐप के माध्यम से सर्वेक्षण का कार्य भी पूर्ण कर लिया गया है। यह संपूर्ण प्रयास बिहार के ग्रामीण जनजीवन को आधुनिकता और समृद्धि के एक नए स्तर पर ले जाने के लिए किए जा रहे हैं।</p>]]></content:encoded>
                
                                                            <category>भारत</category>
                                    

                <link>https://dainiknavajyoti.com/bharat/unique-initiative-of-bihar-rural-works-department-7214-km-rural/article-144548</link>
                <guid>https://dainiknavajyoti.com/bharat/unique-initiative-of-bihar-rural-works-department-7214-km-rural/article-144548</guid>
                <pubDate>Wed, 25 Feb 2026 14:13:53 +0530</pubDate>
                                    <enclosure
                        url="https://dainiknavajyoti.com/media/2026-02/road.png"                         length="998099"                         type="image/png"  />
                
                                    <dc:creator><![CDATA[Jaipur NM]]></dc:creator>
                            </item>

            </channel>
        </rss>
        