<?xml version="1.0" encoding="utf-8"?>        <rss version="2.0"
            xmlns:content="http://purl.org/rss/1.0/modules/content/"
            xmlns:dc="http://purl.org/dc/elements/1.1/"
            xmlns:atom="http://www.w3.org/2005/Atom">
            <channel>
                <atom:link href="https://dainiknavajyoti.com/defense-strategy/tag-73582" rel="self" type="application/rss+xml" />
                <generator>Dainik Navajyoti Rising Rajasthan RSS Feed Generator</generator>
                <title>Defense Strategy - Dainik Navajyoti Rising Rajasthan</title>
                <link>https://dainiknavajyoti.com/tag/73582/rss</link>
                <description>Defense Strategy RSS Feed</description>
                
                            <item>
                <title>इजरायल ने दी ईरान पर आने वाले दिनों में संयुक्त हमले होने की धमकी, कहा ट्रंप और प्रधानमंत्री बेंजामिन नेतन्याहू के नेतृत्व में अभियान जारी रहेगा</title>
                                    <description><![CDATA[इजरायली रक्षा मंत्री इजरायल काट्ज़ ने ईरान पर सैन्य हमलों को और तेज करने का ऐलान किया है। डोनाल्ड ट्रंप के अभियान में कटौती के संकेतों के बावजूद, काट्ज़ ने स्पष्ट किया कि इजरायली सेना के पास ईरान में हजारों लक्ष्य हैं। प्रधानमंत्री बेंजामिन नेतन्याहू के नेतृत्व में सभी युद्ध उद्देश्यों की प्राप्ति तक यह अभियान जारी रहेगा।]]></description>
                
                                    <content:encoded><![CDATA[<a href="https://dainiknavajyoti.com/world/israel-threatened-joint-attacks-on-iran-in-the-coming-days/article-147424"><img src="https://dainiknavajyoti.com/media/400/2026-03/iraesl.png" alt=""></a><br /><p>तेल अवीव। इजरायल के रक्षा मंत्री इजरायल काट्ज़ ने शनिवार को कहा कि ईरान पर संयुक्त हमले आने वाले दिनों में 'काफी बढ़ेंगे', हालांकि अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने दूसरी तरफ सैन्य अभियान में कटौती के संकेत भी दिये हैं।</p>
<p>रिपोर्ट के अनुसार, एक सुरक्षा मूल्यांकन के दौरान, काट्ज़ ने कहा कि ईरान और उसके बुनियादी ढांचे के खिलाफ इजरायली रक्षा बलों और अमेरिकी सेना के हमलों की तीव्रता इस सप्ताह बढ़ाई जाएगी। उन्होंने कहा, "राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप और प्रधानमंत्री बेंजामिन नेतन्याहू के नेतृत्व में अभियान जारी रहेगा।"</p>
<p>इजरायली सेना ने संकेत दिया है कि उसके पास अभी भी ईरान में 'हजारों' लक्ष्य हैं तथा वह कई और हफ्तों के संचालन के लिए तैयारी कर रही है। सीएनएन ने काट्ज़ के हवाले से कहा, "जब तक सभी युद्ध उद्देश्य प्राप्त नहीं हो जाते, हम नहीं रुकेंगे।" ये टिप्पणियां ट्रंप द्वारा यह कहे जाने के एक दिन बाद आई हैं कि अमेरिका अपने उद्देश्यों को प्राप्त करने के 'बहुत करीब' है और पश्चिमी एशिया में सैन्य प्रयासों को 'कम करने' पर विचार कर रहा है।</p>]]></content:encoded>
                
                                                            <category>दुनिया</category>
                                    

                <link>https://dainiknavajyoti.com/world/israel-threatened-joint-attacks-on-iran-in-the-coming-days/article-147424</link>
                <guid>https://dainiknavajyoti.com/world/israel-threatened-joint-attacks-on-iran-in-the-coming-days/article-147424</guid>
                <pubDate>Sun, 22 Mar 2026 17:05:23 +0530</pubDate>
                                    <enclosure
                        url="https://dainiknavajyoti.com/media/2026-03/iraesl.png"                         length="789153"                         type="image/png"  />
                
                                    <dc:creator><![CDATA[Jaipur NM]]></dc:creator>
                            </item>
            <item>
                <title>रक्षा बल विजन-2047 में रासायनिक: जैविक और परमाणु खतरों को गंभीर चुनौती बताया; भविष्य के युद्धों के प्रति भारत बना रहा रणनीति, नए खतरों से निपटने के लिए एकीकृत सुरक्षा प्रणाली तैयार करने का खाका बनाया</title>
                                    <description><![CDATA[बदलते वैश्विक युद्ध तंत्र को देखते हुए भारत ने विज़न-2047 के तहत सीबीआरएन (CBRN) खतरों से निपटने की रणनीति बनाई है। इसके तहत परमाणु, रासायनिक और जैविक हमलों से बचाव के लिए एकीकृत सुरक्षा प्रणाली और आधुनिक डिटेक्शन सिस्टम तैनात किए जाएंगे। तीनों सेनाओं के बीच समन्वय और स्वदेशी तकनीक के माध्यम से सामूहिक विनाश के खतरों को विफल किया जाएगा।]]></description>
                
                                    <content:encoded><![CDATA[<a href="https://dainiknavajyoti.com/leads/in-the-defense-force-vision-2047-chemical-biological-and-nuclear-threats/article-146547"><img src="https://dainiknavajyoti.com/media/400/2026-03/rajnath-singh-3.png" alt=""></a><br /><p>नई दिल्ली। पश्चिम एशिया में चल रहे युद्ध ने दुनिया भर के रणनीतिक विशेषज्ञों को युद्ध के तौर तरीकों पर सोचने के लिए मजबूर कर दिया है। बदलते वैश्विक हालात और भविष्य के युद्ध के खतरों को देखते हुए भारत ने सुरक्षा रणनीति को और मजबूत बनाने की दिशा में बड़ा कदम उठाया है। हाल में पेश रक्षा बल विजन-2047 दस्तावेज में रासायनिक, जैविक, रेडियोलॉजिकल और परमाणु यानी सीबीआरएन खतरों को गंभीर चुनौती बताया गया है। इस दस्तावेज में ऐसे हमलों से बचाव के लिए आधुनिक और एकीकृत सुरक्षा प्रणाली तैयार करने का खाका पेश किया गया है।</p>
<p>इसका उद्देश्य भविष्य में किसी भी बड़े हमले की स्थिति में सेना और सुरक्षा एजेंसियों की प्रतिक्रिया को तेज और प्रभावी बनाना है। विजन दस्तावेज के अनुसार अब युद्ध केवल पारंपरिक हथियारों तक सीमित नहीं रह गया है। आधुनिक समय में सामूहिक विनाश के हथियारों का खतरा तेजी से बढ़ रहा है। खासकर जैविक खतरों को बड़ी चुनौती माना गया है क्योंकि ये अक्सर अदृश्य तरीके से फैलते हैं और इन्हें पहचानना मुश्किल होता है। इसलिए इन खतरों की पहचान, रोकथाम और त्वरित प्रतिक्रिया के लिए नई तकनीकों और व्यवस्थाओं को विकसित करने की जरूरत बताई गई है।</p>
<p><strong>रासायनिक और जैविक खतरों से निपटने का फार्मूला</strong></p>
<p>इस समय सेना के पास कोर ऑफ इंजीनियर्स के तहत विशेष दस्ता है जो रासायनिक और जैविक खतरों से निपटने का काम करता है। इसके अलावा राष्ट्रीय आपदा मोचन बल यानी एनडीआरएफ की टीमें नागरिक सुरक्षा के लिए तैनात रहती हैं। रक्षा अनुसंधान और विकास संगठन यानी डीआरडीओ भी इन खतरों से बचाव के लिए नई तकनीक और उपकरण विकसित कर रहा है। पिछले वर्ष सेना ने 223 आॅटोमैटिक केमिकल एजेंट डिटेक्शन एंड अलार्म सिस्टम खरीदे हैं। यह सिस्टम वास्तविक समय में खतरनाक रसायनों का पता लगाने में सक्षम है। इसके अलावा स्वदेशी मोबाइल डिकंटेमिनेशन सिस्टम भी तैयार किए गए हैं। इन उपकरणों का इस्तेमाल किसी रासायनिक या जैविक हमले के बाद प्रभावित इलाके को सुरक्षित बनाने के लिए किया जाएगा।</p>
<p><strong>सभी एजेंसियां मिलकर तेजी से कार्रवाई करेंगी</strong></p>
<p>रक्षा बल विजन-2047 का मुख्य उद्देश्य अलग-अलग एजेंसियों के बीच समन्वय को बेहतर बनाना है। फिलहाल कई एजेंसियां अलग-अलग उपकरण और प्रक्रियाओं के साथ काम करती हैं। इससे संकट के समय प्रतिक्रिया में देरी हो सकती है। नई योजना के तहत एकीकृत सुरक्षा प्रणाली तैयार की जाएगी ताकि हमले की स्थिति में सभी एजेंसियां मिलकर तेजी से कार्रवाई कर सकें।</p>
<p><strong>सुरक्षा उपकरणों की खरीद को मानकीकृत करेंगे</strong></p>
<p>नई नीति के तहत तीनों सेनाओं के लिए सुरक्षा उपकरणों की खरीद को मानकीकृत किया जाएगा। यानी एक ही तकनीकी मानकों वाले उपकरण खरीदे जाएंगे। इसके साथ ही प्रशिक्षण प्रक्रिया को भी एक समान बनाया जाएगा। इससे हमले की स्थिति में हर यूनिट की प्रतिक्रिया सटीक और समन्वित होगी।</p>
<p><strong>घायल सैनिकों के प्रबंधन के लिए क्या योजना है?</strong></p>
<p>विजन-2047 में हताहत प्रबंधन की नीति भी तैयार करने की बात कही गई है। इसके तहत हमले की स्थिति में घायल सैनिकों के उपचार और उनके शरीर से विकिरण या रासायनिक प्रभाव हटाने की प्रक्रिया को मानकीकृत किया जाएगा। इससे संकट के समय उपचार तेज और प्रभावी हो सकेगा और सैनिकों की सुरक्षा बेहतर होगी। </p>]]></content:encoded>
                
                                                            <category>भारत</category>
                                            <category>Top-News</category>
                                    

                <link>https://dainiknavajyoti.com/leads/in-the-defense-force-vision-2047-chemical-biological-and-nuclear-threats/article-146547</link>
                <guid>https://dainiknavajyoti.com/leads/in-the-defense-force-vision-2047-chemical-biological-and-nuclear-threats/article-146547</guid>
                <pubDate>Sun, 15 Mar 2026 11:15:24 +0530</pubDate>
                                    <enclosure
                        url="https://dainiknavajyoti.com/media/2026-03/rajnath-singh-3.png"                         length="592112"                         type="image/png"  />
                
                                    <dc:creator><![CDATA[Jaipur NM]]></dc:creator>
                            </item>
            <item>
                <title>अमेरिका का दावा: ऑपरेशन एपिक फ्यूरी के दौरान ईरान में 6,000 ठिकानों पर किया हमला, 60 जहाज और 30 बारूदी सुरंगों को किया नेस्तनाबूद</title>
                                    <description><![CDATA[अमेरिकी केंद्रीय कमान के अनुसार, ऑपरेशन एपिक फ्यूरी के तहत ईरान के 6,000 सैन्य ठिकानों, मिसाइल केंद्रों और फैक्ट्रियों को ध्वस्त किया गया है। इस हमले में 60 ईरानी जहाजों और 30 माइनलेयर्स को भारी नुकसान पहुँचा। हालांकि, एक स्कूल पर गलती से हमले की खबरों की जांच अभी जारी है।]]></description>
                
                                    <content:encoded><![CDATA[<a href="https://dainiknavajyoti.com/world/america-claims-during-operation-epic-fury-6000-targets-were-attacked/article-146335"><img src="https://dainiknavajyoti.com/media/400/2026-03/operation-epic-fury.png" alt=""></a><br /><p>वॉशिंगटन। अमेरिका ने दावा किया है कि उसने ऑपरेशन एपिक फ्यूरी के दौरान ईरान में 6,000 ठिकानों पर हमला किया है। अमेरिका के केंद्रीय कमान की ओर से जारी किए गये नये आंकड़ों के अनुसार अमेरिका ने ऑपरेशन एपिक फ्यूरी के दौरान ईरान में 6,000 ठिकानों पर हमला किया है। इस अभियान के लगभग 60 जहाज और 30 बारूदी सुरंगें बिछाने वाले ईरान जहाजों नुकसान पहुंचाया है या उन्हें नष्ट कर दिया है।</p>
<p>अमेरिकी केंद्रीय कमान के अनुसार, ईरान में अन्य ठिकानों में सैन्य ठिकानों, हथियार बनाने की फैक्ट्रियां, बैलिस्टिक मिसाइल के केंद्रों, पनडुब्बियों और हवाई सुरक्षा प्रणालियों पर अमेरिका की ओर से हमले किये गये हैं। </p>
<p>अमेरिकी मीडिया की रिपोर्ट के अनुसार, अमेरिकी सेना के जांचकर्ताओं का मानना है कि अमेरिका-इजरायल के संयुक्त अभियान की शुरुआत में हवाई हमलों के दौरान ईरान में एक विद्यालय पर गलती से हमला करने के लिए संभवत: अमेरिकी सेना ही जिम्मेदार है, लेकिन वे अभी तक किसी अंतिम निष्कर्ष पर नहीं पहुंचे हैं।</p>]]></content:encoded>
                
                                                            <category>दुनिया</category>
                                    

                <link>https://dainiknavajyoti.com/world/america-claims-during-operation-epic-fury-6000-targets-were-attacked/article-146335</link>
                <guid>https://dainiknavajyoti.com/world/america-claims-during-operation-epic-fury-6000-targets-were-attacked/article-146335</guid>
                <pubDate>Fri, 13 Mar 2026 16:40:03 +0530</pubDate>
                                    <enclosure
                        url="https://dainiknavajyoti.com/media/2026-03/operation-epic-fury.png"                         length="1221642"                         type="image/png"  />
                
                                    <dc:creator><![CDATA[Jaipur NM]]></dc:creator>
                            </item>
            <item>
                <title>ईरान-इयरायल युद्व: डोनाल्ड ट्रंप का विवादित बयान, बोले-निर्दोषों को मारने वाले ईरानियों को मारना बड़ा सम्मान, ईरानी शासन को पूरी तरह कर देंगे नष्ट </title>
                                    <description><![CDATA[अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने कहा कि 47वें राष्ट्रपति के रूप में ईरानी शासन को खत्म करना उनके लिए सम्मान की बात है। उन्होंने दावा किया कि अमेरिका सैन्य और आर्थिक प्रहारों से ईरान की नौसेना, वायु सेना और मिसाइल तंत्र को तबाह कर रहा है। ट्रंप ने चेतावनी दी कि अमेरिका के पास असीमित मारक क्षमता और पर्याप्त समय है।]]></description>
                
                                    <content:encoded><![CDATA[<a href="https://dainiknavajyoti.com/world/iran-israel-war-donald-trumps-controversial-statement-said-it-is/article-146340"><img src="https://dainiknavajyoti.com/media/400/2026-01/trump2.png" alt=""></a><br /><p>वॉशिंगटन। अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने शुक्रवार को कहा कि अमेरिका के 47वें राष्ट्रपति के रूप में उनके लिए उन ईरानियों को मारना एक बड़ा सम्मान है, जो 47 वर्षों से पूरी दुनिया में निर्दोष लोगों को मार रहे हैं। ट्रंप ने अपने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म पर कहा, वे 47 वर्षों से पूरी दुनिया में निर्दोष लोगों को मार रहे हैं और अब मैं अमेरिका के 47वें राष्ट्रपति के रूप में उन्हें मार रहा हूँ। ऐसा करना कितने बड़े सम्मान की बात है। ट्रंप कहा कि अमेरिका ईरानी शासन को सैन्य, आर्थिक और अन्य तरीकों से पूरी तरह से नष्ट कर रहा है।</p>
<p>अमेरिकी राष्ट्रपति ने इसके आगे कहा, ईरान की नौसेना खत्म हो गई है, उनकी वायु सेना अब नहीं रही, मिसाइलें, ड्रोन और बाकी सब कुछ तबाह किया जा रहा है और उनके नेताओं को भी मिटा दिया गया है। ट्रंप ने कहा कि अमेरिका के पास अद्वितीय मारक क्षमता, असीमित गोला-बारूद और पर्याप्त समय है। उन्होंने धमकी देते हुए कहा, देखो इन के साथ क्या होता है।</p>]]></content:encoded>
                
                                                            <category>दुनिया</category>
                                    

                <link>https://dainiknavajyoti.com/world/iran-israel-war-donald-trumps-controversial-statement-said-it-is/article-146340</link>
                <guid>https://dainiknavajyoti.com/world/iran-israel-war-donald-trumps-controversial-statement-said-it-is/article-146340</guid>
                <pubDate>Fri, 13 Mar 2026 15:24:29 +0530</pubDate>
                                    <enclosure
                        url="https://dainiknavajyoti.com/media/2026-01/trump2.png"                         length="900902"                         type="image/png"  />
                
                                    <dc:creator><![CDATA[Jaipur NM]]></dc:creator>
                            </item>
            <item>
                <title>ट्रंप का सैन्य हुंकार: राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने कहा, अमेरिका आधुनिक हथियारों से सुसज्जित और बड़ी जीत के लिए तैयार, इतने मजबूत पहले कभी नहीं रहे </title>
                                    <description><![CDATA[राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने दावा किया है कि अमेरिका के पास हथियारों की "असीमित आपूर्ति" है और वह किसी भी लंबे युद्ध को जीतने में सक्षम है। उन्होंने जो बाइडन पर यूक्रेन को हथियार देकर भंडार खाली करने का आरोप लगाया। ट्रंप ने सैन्य पुनर्निर्माण का संकल्प दोहराते हुए कहा कि अमेरिकी शक्ति अब अभूतपूर्व स्तर पर है।]]></description>
                
                                    <content:encoded><![CDATA[<a href="https://dainiknavajyoti.com/world/president-donald-trump-said-america-has-enough-arms-stockpile-we/article-145175"><img src="https://dainiknavajyoti.com/media/400/2025-12/donald-trump.png" alt=""></a><br /><p>वॉशिंगटन। अमेरिका के राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रम्प ने कहा है कि अमेरिका के पास मध्यम और उच्च-मध्यम श्रेणी के हथियार का पर्याप्त भंडार है। राष्ट्रपति ने कहा कि हथियारों के भंडारण के मामले में वह "इतने मजबूत पहले कभी नहीं रहे" और देश के पास हथियारों की "लगभग असीमित आपूर्ति" है।</p>
<p>डोनाल्ट ट्रंप ने मंगलवार को अपने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म ट्रुथ सोशल पर कहा कि इन भंडारों के सहारे युद्ध "लंबे समय तक" और "सफलतापूर्वक" लड़े जा सकते हैं। उन्होंने दावा किया कि ये हथियार अन्य देशों के श्रेष्ठ हथियारों से भी बेहतर हैं।</p>
<p>उन्होंने स्वीकार किया कि अत्याधुनिक श्रेणी के हथियारों के मामले में अमेरिका के पास पर्याप्त भंडार है लेकिन "जहां होना चाहिए वहां अभी नहीं है।" उन्होंने कहा कि अतिरिक्त उच्च-स्तरीय हथियार विदेशों में सुरक्षित रखे गये हैं।</p>
<p>राष्ट्रपति ट्रम्प ने पूर्व राष्ट्रपति जो बाइडेन पर आरोप लगाया कि उन्होंने यूक्रेन को सैकड़ों अरब डॉलर मूल्य के अत्याधुनिक हथियार और संसाधन दिए लेकिन उनकी भरपाई नहीं की। उन्होंने कहा कि अपने पहले कार्यकाल में उन्होंने अमेरिकी सेना का पुनर्निर्माण किया था और इसे आगे भी जारी रखेंगे। राष्ट्रपति ट्रंप ने कहा, "अमेरिका आधुनिक हथियारों से सुसज्जित है और बड़ी जीत के लिए तैयार है।"</p>]]></content:encoded>
                
                                                            <category>दुनिया</category>
                                    

                <link>https://dainiknavajyoti.com/world/president-donald-trump-said-america-has-enough-arms-stockpile-we/article-145175</link>
                <guid>https://dainiknavajyoti.com/world/president-donald-trump-said-america-has-enough-arms-stockpile-we/article-145175</guid>
                <pubDate>Tue, 03 Mar 2026 11:54:57 +0530</pubDate>
                                    <enclosure
                        url="https://dainiknavajyoti.com/media/2025-12/donald-trump.png"                         length="896763"                         type="image/png"  />
                
                                    <dc:creator><![CDATA[Jaipur NM]]></dc:creator>
                            </item>

            </channel>
        </rss>
        