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                <title>Judicial Order - Dainik Navajyoti Rising Rajasthan</title>
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                <title>सरकारी ठेकों के मामले में अरूणाचल सीएम खांडू का सुप्रीम कोर्ट से बड़ा झटका : सीबीआई जांच के आदेश, पढ़ें पूरा मामला</title>
                                    <description><![CDATA[अरुणाचल प्रदेश के मुख्यमंत्री पेमा खांडू को सुप्रीम कोर्ट से बड़ा झटका लगा है। कोर्ट ने उनके परिवार से जुड़ी कंपनियों को 1,270 करोड़ रुपये के सरकारी ठेके देने के आरोपों की CBI जांच का निर्देश दिया है। 2015 से 2025 के बीच हुई अनियमितताओं की जांच 16 हफ्तों में पूरी होगी, जिससे राज्य की राजनीति में हड़कंप मच गया है।]]></description>
                
                                    <content:encoded><![CDATA[<a href="https://dainiknavajyoti.com/leads/arunachal-pradesh-cm-khandu-gets-a-big-blow-from-the/article-149260"><img src="https://dainiknavajyoti.com/media/400/2026-04/pema-khandu.png" alt=""></a><br /><p>अरूणाचल प्रदेश। अरुणाचल प्रदेश के मुख्यमंत्री पेमा खांडू पर मुश्किलों के बादल मंडराने लगे है क्योंकि सरकारी ठेका आवंटन से जुड़े मामले में सुप्रीम कोर्ट ने उनको बड़ा झटका दिया है। दरअसल, सुप्रीम कोर्ट ने उनके परिवार से जुड़ी कंपनियों को सरकारी ठेके देने के आरोपों की जांच के लिए सीबीआई को निर्देश जारी किए हैं। बता दें कि यह विवाद करीब 1,270 करोड़ रुपये के ठेकों में कथित अनियमितताओं से जुड़ा है, जिसमें सीएम पेमा खांडू परिवार की चार कंपनियों के शामिल होने का आरोप है। </p>
<p>सुप्रीम कोर्ट ने राज्य सरकार को एक नोडल अधिकारी नियुक्त करने और जांच एजेंसी के साथ पूरा सहयोग करने का आदेश जारी किया है और साथ ही मुख्य सचिव को समन्वय के लिए एक नोडल अधिकारी नियुक्त करने का भी आदेश दिया है। साथ ही यह भी स्पष्ट किया गया है कि किसी भी तरह का रिकॉर्ड नष्ट नहीं होना चाहिए। सुप्रीम कोर्ट के आदेश के अनुसार, सीबीआई नवंबर 2015 से 2025 के बीच दिए गए ठेकों और उनके क्रियान्वयन की प्रक्रिया की भी शुरूआत से जांच करेगी। कोर्ट ने आगे कहा कि इस दौरान सीबीआई विशेष रूप से उन मामलों की पड़ताल करेगी, जिनमें याचिकाकर्ताओं ने अनियमितताओं के आरोप लगाए हैं। </p>
<p>इसके लिए सुप्रीम कोर्ट ने राज्य सरकार को एक सप्ताह के भीतर आदेश का पालन करने का भी आदेश जारी किया है। याचिका में दावा किया गया है कि इस अवधि में करीब 1,245 करोड़ रुपये के ठेके मुख्यमंत्री की पत्नी, माता और भतीजे से जुड़ी फर्मों को बिना उचित प्रक्रिया के दिए गए। इस याचिका में तवांग से विधायक त्सेरिंग ताशी की कंपनी का भी नाम शामिल है। कोर्ट ने सीबीआई को 16 सप्ताह के भीतर अपनी जांच रिपोर्ट देने के लिए कहा है, जिससे यह तय किया जा सके कि आगे स्वतंत्र जांच की आवश्यकता है या नहीं।</p>]]></content:encoded>
                
                                                            <category>भारत</category>
                                            <category>Top-News</category>
                                    

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                <pubDate>Mon, 06 Apr 2026 14:28:53 +0530</pubDate>
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                                    <dc:creator><![CDATA[Jaipur NM]]></dc:creator>
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                <title>ट्रिब्यूनल का बड़ा फैसला, कांग्रेस उम्मीदवार मेहताब शेख का नाम मतदाता सूची में बहाल करने का आदेश</title>
                                    <description><![CDATA[एसआईआर ट्रिब्यूनल ने ऐतिहासिक फैसला सुनाते हुए मुर्शिदाबाद के कांग्रेस उम्मीदवार मेहताब शेख का नाम मतदाता सूची में जोड़ने का आदेश दिया है। दस्तावेजों की जांच के बाद ट्रिब्यूनल ने चुनाव आयोग को रविवार शाम तक नाम शामिल करने का निर्देश दिया। इस फैसले से शेख के लिए 6 अप्रैल को नामांकन दाखिल करने का रास्ता साफ हो गया है।]]></description>
                
                                    <content:encoded><![CDATA[<a href="https://dainiknavajyoti.com/leads/big-decision-of-tribunal-order-to-restore-the-name-of/article-149182"><img src="https://dainiknavajyoti.com/media/400/2026-04/west-bengal1.png" alt=""></a><br /><p>कोलकाता। पश्चिम बंगाल में एसआईआर ट्रिब्यूनल ने अपने गठन के बाद पहले ही फैसले में कांग्रेस उम्मीदवार मेहताब शेख का नाम मतदाता सूची में बहाल करने का निर्देश दिया है। यह मामला मुर्शिदाबाद के फरक्का विधानसभा क्षेत्र से जुड़ा है। विशेष गहन पुनरीक्षण (एसआईआर) प्रक्रिया के दौरान शेख का नाम मतदाता सूची से हटा दिया गया था, जिसके चलते वह नामांकन दाखिल नहीं कर पा रहे थे, जबकि उन्हें कांग्रेस का आधिकारिक उम्मीदवार घोषित किया जा चुका था। एसआईआर ट्रिब्यूनल के अध्यक्ष. एस. शिवग्नानम , ने आदेश दिया कि शेख का नाम तुरंत प्रभाव से मतदाता सूची में फिर से जोड़ा जाए।</p>
<p>चुनाव आयोग ने 28 फरवरी को अंतिम मतदाता सूची प्रकाशित की थी, जिसमें 60 लाख से अधिक मतदाताओं को शामिल किया गया था। उच्चतम न्यायालय के निर्देश पर न्यायिक अधिकारियों ने विवादित प्रविष्टियों की जांच और समाधान की प्रक्रिया शुरू की थी। शीर्ष अदालत ने यह भी कहा था कि जिन लोगों के नाम सूची से हटाए गए हैं, वे राहत के लिए ट्रिब्यूनल का रुख कर सकते हैं। मतदाता सूची से नाम हटने और ट्रिब्यूनल के कामकाज में देरी के कारण शुरुआत में वहां नहीं जा पाने पर, शेख ने तुरंत राहत के लिए उच्चतम न्यायालय का दरवाजा खटखटाया। अदालत के निर्देश पर उन्होंने बाद में बिजन भवन स्थित ट्रिब्यूनल में याचिका दायर की।</p>
<p>सुनवाई के दौरान शेख ने आधार कार्ड, पासपोर्ट, ड्राइविंग लाइसेंस और अपने बच्चे का जन्म प्रमाणपत्र जैसे दस्तावेज प्रस्तुत किए, जिनमें उनका नाम दर्ज था। उनके वकील फिरदौस शमीम और सुश्री गोपा बिस्वास ने पक्ष रखा, जबकि सुश्री दिव्या मुरुगेसन ने निर्वाचन आयोग की ओर से दलीलें पेश कीं। ट्रिब्यूनल ने पाया कि शेख के पिता के विवरण से संबंधित विसंगतियों के कारण नोटिस जारी किया गया था, लेकिन यह भी स्पष्ट किया कि इससे शेख की पात्रता पर कोई असर नहीं पड़ता। ट्रिब्यूनल ने निर्देश दिया कि रविवार शाम 8 बजे तक उनका नाम पूरक मतदाता सूची में शामिल किया जाए।</p>
<p>इससे पहले शेख ने कलकत्ता उच्च न्यायालय का रुख किया था, लेकिन अदालत ने एसआईआर से जुड़े मामलों पर उच्चतम न्यायालय के अधिकार क्षेत्र का हवाला देते हुए सुनवाई से इनकार कर दिया था। इसके बाद उच्चतम न्यायालय ने उन्हें ट्रिब्यूनल जाने की अनुमति दी और निर्वाचन आयोग को सहयोग करने का निर्देश दिया। फरक्का में मतदान के पहले चरण की तारीख नजदीक होने और नामांकन की अंतिम तिथि 6 अप्रैल तय होने के बीच, ट्रिब्यूनल के इस आदेश से श्री शेख के लिए नामांकन दाखिल करने का रास्ता साफ हो गया है।</p>]]></content:encoded>
                
                                                            <category>भारत</category>
                                            <category>Top-News</category>
                                    

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                <pubDate>Sun, 05 Apr 2026 15:59:54 +0530</pubDate>
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                <title>स्टेनोग्राफर भर्ती-2024 की मेरिट लिस्ट रद्द, पांच फीसदी की अतिरिक्त छूट को माना गलत</title>
                                    <description><![CDATA[राजस्थान हाईकोर्ट ने स्टेनोग्राफर भर्ती-2024 की अंतिम और प्रोविजनल मेरिट लिस्ट को रद्द कर दिया है। अदालत ने गलतियों में दी गई 5% अतिरिक्त छूट को नियमों के विरुद्ध माना। जस्टिस आनंद शर्मा ने चयन बोर्ड को 45 दिनों के भीतर नियमानुसार नई मेरिट लिस्ट जारी करने के कड़े निर्देश दिए हैं।]]></description>
                
                                    <content:encoded><![CDATA[<a href="https://dainiknavajyoti.com/rajasthan/jaipur/merit-list-of-stenographer-recruitment-2024-cancelled-additional-relaxation-of-five/article-147089"><img src="https://dainiknavajyoti.com/media/400/2026-02/rajasthan-high-court.png" alt=""></a><br /><p>जयपुर। राजस्थान हाईकोर्ट ने स्टेनोग्राफर भर्ती-2024 में पर्याप्त अभ्यर्थी उपलब्ध होने के बावजूद भी गलतियों में पांच फीसदी की अतिरिक्त छूट देने को गलत माना है। इसके साथ ही अदालत ने मामले में कर्मचारी चयन बोर्ड की ओर से गत 25 सितंबर को जारी प्रोविजनल मेरिट लिस्ट और 21 अक्टूबर को जारी अंतिम मेरिट लिस्ट को रद्द कर दिया है। अदालत ने चयन बोर्ड को आदेश दिए हैं कि गलतियों में नियमानुसार सामान्य अभ्यर्थी को बीस और आरक्षित वर्ग के अभ्यर्थी को 25 फीसदी की छूट 45 दिन में नई मेरिट लिस्ट जारी करे।</p>
<p>अदालत ने स्पष्ट किया है कि पांच फीसदी की अतिरिक्त छूट उसकी स्थिति में दी जा सकती है, जब संबंधित श्रेणी में बिना छूट के पर्याप्त अभ्यर्थी उपलब्ध ना हो। जस्टिस आनंद शर्मा की एकलपीठ ने यह आदेश दिनेश शर्मा व अन्य की याचिकाओं को स्वीकार करते हुए दिए। अदालत ने अपने आदेश में माना कि भर्ती नियम और विज्ञापन की शर्तें बाध्यकारी होती हैं और चयन प्रक्रिया के बीच इनमें बदलाव नहीं किया जा सकता। अदालत ने गत 5 नवंबर को नियुक्तियां देने पर रोक लगा दी थी।</p>]]></content:encoded>
                
                                                            <category>राजस्थान</category>
                                            <category>जयपुर</category>
                                    

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                <pubDate>Thu, 19 Mar 2026 17:15:41 +0530</pubDate>
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                <title>जयपुर जिला प्रशासन करेगा माधोराजपुरा स्थित मंदिर श्री खेड़ापति बालाजी का संचालन: जिला कलक्टर डॉ. जितेन्द्र कुमार सोनी ने प्रबंधन एवं संचालन समिति का किया गठन</title>
                                    <description><![CDATA[न्यायालय के आदेशानुसार माधोराजपुरा स्थित श्री खेड़ापति बालाजी मंदिर का प्रबंधन अब जयपुर जिला प्रशासन संभालेगा। कलेक्टर डॉ. जितेन्द्र कुमार सोनी ने मंदिर संचालन हेतु विशेष समिति गठित की है। गलताजी पीठ के प्रशासक के मार्गदर्शन में पूजा-अर्चना और व्यवस्थाएं सुचारू कर दी गई हैं, जिससे मंदिर की संपत्तियों की सुरक्षा और पारदर्शी प्रबंधन सुनिश्चित होगा।]]></description>
                
                                    <content:encoded><![CDATA[<a href="https://dainiknavajyoti.com/rajasthan/jaipur/jaipur-district-administration-will-operate-the-temple-shri-khedapati-balaji/article-145395"><img src="https://dainiknavajyoti.com/media/400/2026-03/jaipur-news.png" alt=""></a><br /><p>जयपुर। माधोराजपुरा स्थित मंदिर श्री खेड़ापति बालाजी अब जिला प्रशासन जयपुर के अधीन हो गया है। न्यायालय सिविल जज एवं अपर मुख्य न्यायिक मजिस्ट्रेट, फागी (जयपुर) द्वारा 4 फरवरी 2026 को पारित आदेश की अनुपालना में जिला कलक्टर डॉ. जितेन्द्र कुमार सोनी द्वारा मंदिर तथा उससे संबंधित समस्त संपत्तियों के प्रबंधन एवं संचालन के लिए समिति का गठन किया गया है। मंदिर का संचालन प्रशासक, मंदिर ठिकाना गलताजी द्वारा किया जाएगा।</p>
<p>अतिरिक्त जिला कलक्टर जयपुर चतुर्थ अशीष कुमार ने बताया कि जिला कलक्टर द्वारा गठित समिति की अध्यक्षता उपखण्ड अधिकारी, माधोराजपुरा करेंगे। समिति में तहसीलदार माधोराजपुरा तथा देवस्थान विभाग के निरीक्षक को सदस्य के रूप में शामिल किया गया है।न्यायालय के आदेशानुसार मंदिर श्री खेड़ा हनुमान जी तथा उससे संबंधित समस्त संपत्तियों के प्रबंधन एवं संचालन के लिए प्रशासक, मंदिर ठिकाना गलताजी को अधिकृत किया गया था। इसी क्रम में जिला कलक्टर द्वारा प्रबंधन एवं संचालन समिति का गठन किया गया।</p>
<p>समिति के अध्यक्ष उपखण्ड अधिकारी, माधोराजपुरा द्वारा 16 फरवरी 2026 को मंदिर का प्रबंधन एवं परिसंपत्तियां प्रशासक, मंदिर ठिकाना गलताजी के नियंत्रण में लेते हुए मंदिर के संचालन की व्यवस्था संभाल ली गई है। वर्तमान में मंदिर में विधिवत रूप से पूजा-अर्चना प्रारम्भ कर दी गई है तथा व्यवस्थाएं सुचारू रूप से संचालित की जा रही हैं।</p>]]></content:encoded>
                
                                                            <category>राजस्थान</category>
                                            <category>जयपुर</category>
                                    

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                <pubDate>Thu, 05 Mar 2026 17:45:31 +0530</pubDate>
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