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                <title>असर खबर का - धरतीपुत्रों का इंतजार समाप्त, 25 से होगी फसलों की खरीद</title>
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                                    <content:encoded><![CDATA[<a href="https://dainiknavajyoti.com/rajasthan/kota/impact-of-news---the-wait-of-the-sons-of-the-soil-is-over--crop-procurement-will-begin-from-the-25th/article-146060"><img src="https://dainiknavajyoti.com/media/400/2026-03/1200-x-60-px).png" alt=""></a><br /><p>कोटा। धरतीपुत्रों का इंतजार अब समाप्त होने वाला है। भारत सरकार से स्वीकृति प्राप्त हो जाने के बाद राजफेड द्वारा रबी-2026 के अंतर्गत सरसों एवं चना की समर्थन मूल्य पर खरीद शीघ्र शुरू की जा रही है। राजफेड के चार क्षेत्रीय कार्यालयों कोटा, अजमेर, भरतपुर एवं श्रीगंगानगर में आॅनलाइन रजिस्ट्रेशन की प्रक्रिया 15 मार्च से एवं खरीद 25 मार्च से शुरू होगी। जबकि, शेष चार क्षेत्रीय कार्यालयों जयपुर, जोधपुर, उदयपुर एवं बीकानेर नें आॅनलाइन रजिस्ट्रेशन की प्रक्रिया 20 मार्च एवं खरीद 1 अप्रेल से शुरू होगी। भारत सरकार द्वारा सरसों का न्यूनतम समर्थन मूल्य 6,200 रुपए प्रति क्विंटल एवं चना का समर्थन मूल्य 5,875 रुपए प्रति क्विंटल घोषित किया गया है। राज्य में सरसों की 13.78 लाख मीट्रिक टन एवं चना की 5.53 लाख मीट्रिक टन खरीद की सीमा निर्धारित की गई है।</p>
<p><strong>क्यूआर कोड स्कैन से करवा सकेंगे पंजीकरण</strong><br />सहकारिता मंत्री गौतम कुमार दक ने बताया कि जिलेवार सीमा आॅनलाइन उपलब्ध करवा दी गई है। अजमेर, जोधपुर, बीकानेर एवं कोटा क्षेत्रीय कार्यालय के अंतर्गत आने वाले 19 जिलों में एनसीसीएफ द्वारा एवं जयपुर, उदयपुर, श्रीगंगानगर एवं भरतपुर क्षेत्रीय कार्यालय के अंतर्गत आने वाले 22 जिलों में नेफेड द्वारा खरीद कार्य करवाया जाएगा। सहकारिता मंत्री ने बताया कि सरसों एवं चना विक्रय के इच्छुक किसान स्वयं क्यूआर कोड स्कैन कर अथवा ई-मित्र के माध्यम से पंजीकरण करवा सकेंगे। समर्थन मूल्य पर खरीद किसानों की आधार आधारित बायोमीट्रिक पहचान के माध्यम से ही की जाएगी। भारत सरकार की गाइडलाइन के अनुसार नैफेड और एनसीसीएफ के लिए समर्थन मूल्य पर खरीद 60 दिवस की अवधि में की जाएगी। सहकारिता मंत्री ने राजफेड को निर्देश दिए हैं कि खरीद केन्द्रों पर सभी आवश्यक व्यवस्थाएं समयबद्ध रूप से सुनिश्चित कर ली जाए।</p>
<p><strong>गुणवत्ता मापदण्डों के अनुरूप होगी खरीद</strong><br />सहकारिता मंत्री ने कहा कि किसान पूर्व की भांति एफएक्यू गुणवत्ता मापदण्डों के अनुरूप अपनी फसल क्षेत्र की क्रय-विक्रय अथवा ग्राम सेवा सहकारी समिति केन्द्र पर विक्रय कर सकेंगे। किसान भाइयों को किसी प्रकार की असुविधा नहीं हो इसके लिए राजफेड में कॉल सेन्टर 18001806001 स्थापित किया गया है। उन्होंने किसानों से अनुरोध किया कि वे अपनी फसल को साफ-सुथरा कर तथा छानकर क्रय केन्द्रों पर लाएं ताकि गुणवत्ता मापदण्डों के अनुरूप जिंस विक्रय कर सकें। हाड़ौती में कोटा, बूंदी, बारां, झालावाड़ जिले के किसानों की फसलों कर खरीद की जाएगी। किसानों में खरीद की तिथि तय होने से खुशी का माहौल है।</p>
<p><strong>नवज्योति ने प्रमुखता से उठाया था मामला</strong><br />हाड़ौती अंचल में रबी सीजन की मुख्य तिलहनी फसल सरसों की कटाई होने के बाद समर्थन मूल्य पर खरीद शुरू नहीं होने के सम्बंध में दैनिक नवज्योति में 18 फरवरी को प्रमुखता से समाचार प्रकाशित किया गया था। इसमें बताया था कि खेतों में पीली फसल कटकर ढेरों में बदल रही है और मंडियों में नई उपज की आवक दिन-प्रतिदिन बढ़ रही है, लेकिन सरकारी खरीद प्रक्रिया शुरू नहीं होने से किसानों के चेहरे पर खुशी की जगह चिंता साफ दिखाई दे रही है। समर्थन मूल्य घोषित होने के बावजूद जमीनी स्तर पर खरीद की ठोस शुरूआत न होने से किसान असमंजस की स्थिति में हैं। यदि जल्द ही सरसों की सरकारी खरीद शुरू नहीं की गई तो किसानों को नुकसान उठाना पड़ेगा।</p>
<p> </p>]]></content:encoded>
                
                                                            <category>राजस्थान</category>
                                            <category>कोटा</category>
                                    

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                <pubDate>Wed, 11 Mar 2026 14:02:42 +0530</pubDate>
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