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                <title>Slowdown - Dainik Navajyoti Rising Rajasthan</title>
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                            <item>
                <title>कांग्रेस का केंद्र पर तीखा हमला: जयराम ने लगाया ग्रामीण मजदूरी के आंकड़ों में हेराफेरी की राजनीति का आरोप</title>
                                    <description><![CDATA[कांग्रेस नेता जयराम रमेश ने आरोप लगाया है कि सरकार ने सैंपलिंग ढांचे में बदलाव कर ग्रामीण मजदूरी में कृत्रिम वृद्धि दिखाई है। उन्होंने दावा किया कि वास्तविक मजदूरी वृद्धि दर 4.3% के साथ चार साल के निचले स्तर पर है। इस आंकड़ों की बाजीगरी से उपभोग घटा है और निजी निवेश बुरी तरह प्रभावित हुआ है।]]></description>
                
                                    <content:encoded><![CDATA[<a href="https://dainiknavajyoti.com/leads/congresss-sharp-attack-on-the-centre-alleging-politics-of-manipulation/article-157731"><img src="https://dainiknavajyoti.com/media/400/2026-06/ajiram-ramesh-17.png" alt=""></a><br /><p>नई दिल्ली। कांग्रेस ने कहा है कि केंद्र सरकार ग्रामीण मजदूरी के आंकड़ों में हेराफेरी से कृत्रिम वृद्धि का भ्रम पैदा कर रही है, जबकि वास्तविक मजदूरी वृद्धि पिछले चार वर्षों में सबसे कमजोर स्तर पर है। कांग्रेस संचार विभाग के प्रभारी जयराम रमेश ने सोमवार को सोशल मीडिया एक्स पर लिखा कि कांग्रेस ने 2024 में ही आगाह कर दिया था कि सरकार ने रिजर्व बैंक के माध्यम से रोजगार की परिभाषा बदलकर वित्त वर्ष 2018 के बाद 16.8 करोड़ नई नौकरियां सृजित होने का दावा किया था। अब सरकार ग्रामीण मजदूरी के आंकड़ों के साथ भी वैसा ही खेल कर रही है।</p>
<p>उन्होंने कहा कि भारतीय अर्थव्यवस्था की सुस्ती का मूल कारण वास्तविक मजदूरी का ठहराव है, जिससे उपभोग वृद्धि घटी है और निजी निवेश प्रभावित हुआ है। इसका असर देश के श्रमिक वर्ग पर भी पड़ा है। रमेश ने आरोप लगाया कि जून 2025 से मार्च 2026 के बीच ग्रामीण मजदूरी वृद्धि दर में दिखाई गई तेज बढ़ोतरी कार्यप्रणाली में बदलाव का परिणाम है। उनका यह भी कहना है कि श्रम ब्यूरो ने बिना किसी सार्वजनिक सूचना के नया सैंपलिंग ढांचा अपनाया जिसके तहत पूर्वोत्तर के कई राज्यों, राष्ट्रीय राजधानी क्षेत्र दिल्ली और गोवा के श्रमिकों को नमूने में शामिल किया गया। </p>
<p>उनके अनुसार इन क्षेत्रों की औसत मजदूरी पुराने नमूने की तुलना में 50 से 55 प्रतिशत अधिक है, जिससे आंकड़ों में कृत्रिम उछाल दिखाई दे रहा है। उन्होंने दावा किया कि वास्तविक मजदूरी वृद्धि दर लगभग 4.3 प्रतिशत है, जो पिछले चार वर्षों में सबसे कमजोर वृद्धि है और यह पूरा मामला "आंकड़ों में हेराफेरी की राजनीति" को दर्शाता है।</p>]]></content:encoded>
                
                                                            <category>भारत</category>
                                            <category>Top-News</category>
                                    

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                <pubDate>Mon, 22 Jun 2026 17:33:20 +0530</pubDate>
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                                    <dc:creator><![CDATA[Jaipur NM]]></dc:creator>
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                <title>लाल निशान में खुला बाजार: आईटी सेक्टर में भारी बिकवाली से सेंसेक्स 800 अंक ​फ़िसला, निवेशकों के करोड़ों रूपए स्वाहा</title>
                                    <description><![CDATA[लगातार पांच दिनों की तेजी के बाद घरेलू शेयर बाजार शुक्रवार को औंधे मुंह गिरा। अमेरिकी टेक दिग्गज एक्सेंचुअर द्वारा राजस्व अनुमान घटाने से आईटी सेक्टर में भारी बिकवाली हुई, जिससे सेंसेक्स 811 अंक टूटकर 76,598 और निफ्टी 220 अंक गिरकर 23,947 पर आ गया। इंफोसिस और टीसीएस के शेयरों में सर्वाधिक गिरावट रही।]]></description>
                
                                    <content:encoded><![CDATA[<a href="https://dainiknavajyoti.com/leads/market-opens-in-red-sensex-slips-800-points-due-to/article-157418"><img src="https://dainiknavajyoti.com/media/400/2026-06/share-market3.png" alt=""></a><br /><p>मुंबई। आईटी सेक्टर की कंपनियों में भारी बिकवाली के दबाव में शुक्रवार को शुरुआती कारोबार में बीएसई का सेंसेक्स 800 अंक गिर गया। लगातार पांच दिन की तेजी के बाद सेंसेक्स 557.12 अंक टूटकर 76,852.86 अंक पर खुला। आईटी कंपनियों में बिकवाली से इसकी गिरावट और बढ़ी। खबर लिखे जाते समय यह 811.19 अंक (1.05 प्रतिशत) नीचे 76,598.79 अंक पर रहा। अमेरिकी प्रौद्योगिकी कंपनी एक्सेंचुअर के इस साल का राजस्व अनुमान घटाने के बाद उसका शेयर गुरुवार को 18 प्रतिशत टूट गया। अमेरिका में सूचीबद्ध भारतीय आईटी कंपनियों में भी बड़ी गिरावट देखने को मिली और इसका असर आज घरेलू बाजार पर दिखा।</p>
<p>इस समय इंफोसिस का शेयर आठ प्रतिशत से अधिक की गिरावट में है। टीसीएस का शेयर छह फीसदी और टेक महिंद्रा तथा एचसीएल टेक्नोलॉजीज का पांच प्रतिशत से अधिक नीचे चल रहा है। सेंसेक्स में इन चार आईटी कंपनियों के बाद सबसे अधिक गिरावट एचडीएफसी बैंक, इटरनल, टाटा स्टील, महिंद्रा एंड महिंद्रा और हिंदुस्तान यूनीलिवर के शेयरों में है। एनटीपीसी, एयरटेल, सन फार्मा, रिलायंस इंडस्ट्रीज और ट्रेंट के शेयर फिलहाल बढ़त में हैं।</p>
<p>नेशनल स्टॉक एक्सचेंज का निफ्टी-50 सूचकांक 176.80 अंक गिरकर 23,991.20 अंक पर खुला। खबर लिखे जाते समय यह 220.85 अंक यानी 0.91 प्रतिशत उतरकर 23,947.15 अंक पर था। कमजोर निवेश धारणा से वृहत बाजार में भी बिकवाली हावी है। स्वास्थ्य और फार्मा को छोड़कर सभी सेक्टर दबाव में हैं। आईटी के साथ टिकाऊ उपभोक्ता उत्पाद, रियल्टी, ऑटो, वित्त, बैंकिंग और एफएमसीजी समूहों के सूचकांक भी लाल निशान में हैं।</p>]]></content:encoded>
                
                                                            <category>भारत</category>
                                            <category>बिजनेस</category>
                                            <category>Top-News</category>
                                    

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                <pubDate>Fri, 19 Jun 2026 11:25:16 +0530</pubDate>
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                                    <dc:creator><![CDATA[Jaipur NM]]></dc:creator>
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                <title>वैश्विक कारकों के साथ घरेलू आंकड़ों से तय होगी शेयर बाजार की दिशा, आगामी सप्ताह में RBI नीति और जीडीपी आंकड़ों पर टिकी नजरें</title>
                                    <description><![CDATA[कमजोर मानसून की भविष्यवाणी और पश्चिम एशिया संकट से घरेलू शेयर बाजार में सेंसेक्स 639 अंक और निफ्टी 123 अंक टूटकर बंद हुआ। आगामी सप्ताह में बाजार की दिशा आरबीआई की मौद्रिक नीति समीक्षा, वित्त वर्ष 2025-26 के जीडीपी आंकड़ों और औद्योगिक उत्पादन के नतीजों से तय होगी।]]></description>
                
                                    <content:encoded><![CDATA[<a href="https://dainiknavajyoti.com/business/domestic-data-along-with-global-factors-will-decide-the-direction/article-155550"><img src="https://dainiknavajyoti.com/media/400/2026-04/share-market7.png" alt=""></a><br /><p>मुंबई। बीते सप्ताह घरेलू शेयर बाजारों में रही गिरावट के बाद आने वाले सप्ताह में निवेशकों की नजर वैश्विक कारकों के अलावा कुछ महत्वपूर्ण घरेलू आंकड़ों पर भी रहेगी। पश्चिम एशिया संकट का असर तो शेयर बाजारों पर दिखेगा ही, मानसून की प्रगति, अप्रैल के औद्योगिक उत्पादन के आंकड़े, मई के पीएमआई के आंकड़े और वित्त वर्ष 2025-26 के जीडीपी के आंकड़े निवेश धारणा को काफी प्रभावित करेंगे। इसके अलावा रिजर्व बैंक की मौद्रिक नीति समिति की बैठक के बाद शुक्रवार को जारी बयान भी बाजार को दिशा देंगे।</p>
<p>गत सप्ताह 28 मई को बकरीद का अवकाश होने के कारण बाजार में चार दिन ही कारोबार हुआ। मौसम विभाग की कमजोर मानसून की भविष्यवाणी से शुक्रवार को बीएसई का सेंसेक्स लगभग 1,100 अंक लुढ़क गया। कुल मिलाकर चार दिन में यह 639.61 अंक यानी 0.85 प्रतिशत टूटा और सप्ताहांत पर 74,775.74 अंक पर बंद हुआ। नेशनल स्टॉक एक्सचेंज का निफ्टी-50 सूचकांक भी 123.25 अंक (0.52 प्रतिशत) की गिरावट में शुक्रवार को 23,547.75 अंक पर बंद हुआ। वृहत बाजार में निवेशकों का विश्वास बना रहा। निफ्टी मिडकैप-50 सूचकांक 0.07 प्रतिशत और स्मॉलकैप-100 सूचकांक 1.02 प्रतिशत ऊपर बंद हुआ।</p>
<p>सेंसेक्स की कंपनियों में सप्ताह के दौरान 19 कंपनियों के शेयर गिरावट में रहे। आईटीसी ने सबसे ज्यादा 4.89 प्रतिशत का नुकसान उठाया। एचडीएफसी बैंक का शेयर 2.82 फीसदी, टीसीएस का 2.73, हिंदुस्तान यूनीलिवर का 2.55, रिलायंस इंडस्ट्रीज का 2.51, सन फार्मा का 2.40 और भारती एयरटेल का 2.23 प्रतिशत गिर गया। पावर ग्रिड में 1.56 फीसदी, महिंद्रा एंड महिंद्रा में 1.54, ट्रेंट में 1.52, बीईएल में 1.36, बजाज फाइनेंस में 1.27, इंफोसिस में 1.25 और अल्ट्राटेक सीमेंट में 1.09 प्रतिशत की गिरावट रही। इंडिगो, आईसीआईसीआई बैंक और एनटीपीसी के शेयर भी नीचे बंद हुए।</p>
<p>टेक महिंद्रा का शेयर सबसे ज्यादा 4.32 प्रतिशत चढ़ा। एलएंडटी में 3.81 फीसदी और इटरनल में 3.70 फीसदी की तेजी रही। एचसीएल टेक्नोलॉजीज का शेयर 1.77 प्रतिशत, भारतीय स्टेट बैंक का 1.57, एशियन पेंट्स का 1.26, बजाज फिनसर्व का 1.10 और मारुति सुजुकी तथा अडानी पोर्ट्स दोनों के शेयर 1.02 प्रतिशत ऊपर बंद हुए।</p>]]></content:encoded>
                
                                                            <category>भारत</category>
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                <pubDate>Sun, 31 May 2026 14:20:08 +0530</pubDate>
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