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                <title>रिश्तेदारी : पहले सास अब बहू और पहले भाभी अब ननद बनी पार्षद</title>
                                    <description><![CDATA[निगम की सियासत में रिश्तों का असर। 
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                                    <content:encoded><![CDATA[<a href="https://dainiknavajyoti.com/rajasthan/kota/kinship--from-mother-in-law-to-daughter-in-law--and-sister-in-law-to-sister-in-law%E2%80%94councilors-with-family-precedents/article-166414"><img src="https://dainiknavajyoti.com/media/400/2026-09/111200-x-600-px)-(7)13.png" alt=""></a><br /><p>कोटा। शहरी सरकार के रूप में नगर निगम कोटा में 100 पार्षद विजयी हुए हैं। दो दिन बाद शहरी सरकार की मुखिया भी बन जाएंगी। निगम के इस वर्तमान बोर्ड में कई पार्षद ऐसे हैं जिनमें किसी की सास तो किसी भी भाभी पहले पार्षद रह चुकी हैं। अब उनकी बहू व ननद पार्षद बनी हैं। नगर निगम कोटा के 100 वार्डों में से भाजपा के 57 और कांग्रेस के 39 पार्षद विजयी हुए हैं। वहीं 4 पार्षद निर्दलीय जीते हैं। एक निर्दलीय ने भाजपा का दाम थाम लिया है। सभी विजयी पार्षदों और पूर्व में उनके रिश्तेदारों के निगम से जुड़े रहने की जानकारी जुटाई गई तो कई रोचक तथ्य सामने आए। पड़ताल में सामने आया कि 100 में से भाजपा और कांग्रेस के 17 पार्षद ऐसे हैं, जिनके कोई न कोई रिश्तेदार पूर्व में नगर निगम में पार्षद रह चुके हैं।</p>
<p>वार्ड 33 से पार्षद ओम खटाना के छोटे भाई की पत्नी पार्षद रह चुकी हैं। वार्ड 54 से पार्षद विवेक राजवंशी की बहन पूजा राजवंशी, वार्ड 64 से पार्षद प्रतिभा सुमन की सास पुष्पलता सुमन पूर्व में पार्षद रह चुकी है। वहीं वार्ड 67 से पार्षद सपना गम्भीर के देवर मुकेश गम्भीर पार्षद रह चुके हैं। वार्ड 68 से पार्षद सुरेश सिंह जादौन के भाई जगदीश सिंह जादौन पार्षद रह चुके हैं। वार्ड 74 से पार्षद अमरनाथ शर्मा के पिता जय प्रकाश शर्मा पार्षद रह चुके हैं। वार्ड 90 से पार्षद कीर्ति गौतम के ससुर बालचंद फौजी पार्षद रह चुके हैं। वार्ड 95 से पार्षद कुलदीप मेहरा की मां लक्ष्मी मेहरा, वार्ड 97 से पार्षद सुदर्शन गौतम की भाभी महक गौतम,वार्ड 98 से पार्षद अनुसुईया गोस्वामी की भाभी रेखा गोस्वामी नगर निगम में पहले पार्षद रह चुकी हैं।</p>
<p><strong>इनके पति थे अब ये बनी पार्षद</strong><br />नगर निगम में कई महिला पार्षद ऐसी हैं जिनके पति पूर्व में पार्षद रह चुके हैं। इनमें वार्ड 56 से पार्षद शोभा आहलूवालिया के पति योगेश आहलूवालिया पार्षद रह चुके हैं। वार्ड 61 से पार्षद सुनीता गुर्जर के पति सुरेश गुर्जर, वार्ड 83 से पार्षद सीमा चौधरी के पति धीरेन्द्र चौधरी, वार्ड 87 से पार्षद पुष्पा चौधरी के पति देवेन्द्र चौधरी, वार्ड 96 से पार्षद सुनीता नायक के पति विनोद नायक पार्षद रह चुके हैं।</p>
<p><strong>पहले पत्नी और अब पति बने पार्षद</strong><br />नगर निगम में बोर्ड किसी का भी हो पार्षदी तो घर में ही रहेगी। निगम में कई पार्षद ऐसे भी हैं जिनकी पहले पत्नी पार्षद थी अब वे पार्षद बन गए हैं। इनमें वार्ड 63 से पार्षद भूपेन्द्र प्रजापति की पत्नी मीना प्रजापति, वार्ड 85 से पार्षद कैलाश गौतम की पत्नी प्रतिभा गौतम पार्षद रह चुकी हैं।</p>
<p><strong>तीन से पांच बार वाले भी हैं पार्षद</strong><br />नगर निगम के वर्तमान बोर्ड में करीब 15 पार्षद लगातार दूसरी बार जीतने वाले तो हैं लेकिन तीन से पांच बार तक जीतने वाले पार्षद भी हैं। वार्ड 19 से राकेश सुमन पुटरा, वार्ड 23 से रामदेव वर्मा तीसरी बार पार्षद बने हैं। जबकि वार्ड 54 से विवेक राजवंशी चौथी बार और वार्ड 91 से गोपालराम मंडा पांचवी बार जीतकर पार्षद बने हैं। वहीं वार्ड 2, 9, 13, 28, 30, 32, 39, 40, 45, 50, 53, 74,81, 87,93 व 97 के पार्षद दूसरी बार जीते हैं।</p>]]></content:encoded>
                
                                                            <category>राजस्थान</category>
                                            <category>कोटा</category>
                                    

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                <pubDate>Wed, 23 Sep 2026 15:28:02 +0530</pubDate>
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