एसीबी का मिशन नो हॉर्स ट्रेडिंग

किसी तरह से हॉर्स ट्रेडिंग ना हो

एसीबी का मिशन नो हॉर्स ट्रेडिंग

राज्यसभा चुनाव निष्पक्ष तरीके से हो और किसी तरह से हॉर्स ट्रेडिंग ना हो। इसके लिए भ्रष्टाचार निरोधक ब्यूरो के एडीजी दिनेश एमएन ने कमान संभाली है।

जयपुर। राज्यसभा चुनाव निष्पक्ष तरीके से हो और किसी तरह से हॉर्स ट्रेडिंग ना हो। इसके लिए भ्रष्टाचार निरोधक ब्यूरो के एडीजी दिनेश एमएन ने कमान संभाली है। एसीबी ने कांग्रेस और भाजपा समेत निर्दलीय विधायकों की खरीद-फरोख्त रोकने के लिए मिशन नो हॉर्स ट्रेडिंग शुरू कर दिया है। प्रदेशभर में एसीबी बेड़े में शामिल करीब 100 अधिकारियों और कर्मचारियों को कड़ी निगरानी में लगाया है। ये अधिकारी और कर्मचारी 24 घंटे समय-समय पर जगह और आदमी बदलकर निगरानी कर रहे हैं। इन सभी से हर पल की रिपोर्ट एडीजी दिनेश एमएन ले रहे हैं। एसीबी की यह निगरानी सरकारी मुख्य सचेतक महेश जोशी के दिए परिवाद से पहले से जारी है। हालांकि अब जोशी के दिए परिवाद को भी गंभीरता से लेते हुए और सख्ती शुरू की गई है। इस पूरे मामले की जांच जयपुर मुख्यालय में तैनात पुलिस अधीक्षक एसीबी योगेश दाधीच कर रहे हैं। वहीं डीजी एसीबी बीएल सोनी को ये अधिकारी रिपोर्ट कर रहे हैं।

रिश्तेदार, दोस्त और बिचौलिए टारगेट
हॉर्स ट्रेडिंग ना हो इसके लिए एसीबी ने व्यक्तियों को चिन्हित कर देखरेख शुरू की है। किसी के रिश्तेदार, किसी के दोस्त तो कहीं पर बिचौलिए को टारगेट किया गया है। इन सभी के पीछे टीम लगातार लगी हुई हैं। सूत्रों का कहना है कि कई व्यक्तियों को पकड़कर उनकी जांच भी की गई है।

घूस लेना और देना अपराध
एसीबी अधिकारियों ने साफ कह दिया है कि एसीबी एक्ट में घूस लेना और देना अपराध है फिर चाहे वह कोई भी हो। एसीबी ने कांग्रेस-भाजपा, निर्दलीय समेत अन्य पार्टियों को भी अपने निशाने पर लिया है। यदि इनमें से किसी के घूस लेने के बारे तथ्य सामने आते हैं तो उस पर तुरंत कार्रवाई की जाएगी। इसके लिए एसीबी ने अपनी टोल-फ्री हेल्पलाइन नम्बर-1064 का भी दायरा बढ़ा दिया है।

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हरियाणा नेटवर्क पर भी निगाह
एसीबी की टीमों ने हर जिले की यूनिट को सक्रिय किया है। इसके अलावा हरियाणा से जुडेÞ कुछ नेटवर्क को भी खंगाला है। कुछ समय पूर्व से कुछ विधायकों के सम्पर्क में रहे बाहरी लोगों की भी निगरानी बढ़ाई गई है। एसीबी सूत्रों के अनुसार अधिकारी अपने पुराने पुलिस से जुड़े लोगों का भी सहयोग ले रही है।

पीसी एक्ट में घूस लेना और देना अपराध है। राज्यसभा चुनाव को लेकर एसीबी लगातार मॉनिटरिंग कर रही है। हर जिले में टीम लगी हुई हैं। संदिग्धों के संबंध में दबिश और सर्च किया जाएगा।
- दिनेश एमएन, अतिरिक्त महानिदेशक पुलिस एसीबी

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