सुनीता विलियम्स, स्पेस स्टेशन को रूस ने बचाया, टकराने वाला था कचरा

एस्ट्रोनॉट्स को बचाने के लिए रूस आगे आया

 सुनीता विलियम्स, स्पेस स्टेशन को रूस ने बचाया, टकराने वाला था कचरा

ये करीब साढ़े तीन मिनट ऑन रहे। स्पेस स्टेशन की पोजिशन बदली गई ताकि कचरे से स्टेशन और इस पर मौजूद एस्ट्रोनॉट्स को बचाया जा सके।

नई दिल्ली। इंटरनेशनल स्पेस स्टेशन को 2 बार अपनी पोजिशन बदलनी पड़ी। अगर ऐसा न करते तो स्पेस स्टेशन पर मौजूद 6 एस्ट्रोनॉट्स खतरे में आ जाते। इस बार चार अमेरिकी और तीन रूसी एस्ट्रोनॉट्स को बचाने के लिए रूस आगे आया। रूस के रोबोटिक कार्गो शिप प्रोग्रेस 89 फ्राइटर जो इस समय स्पेस स्टेशन से जुड़ा हुआ है, उसने स्टेशन को बचाने के लिए अपने इंजन 3.5 मिनट के लिए ऑन किए। ताकि स्पेस स्टेशन को अंतरिक्ष में तेजी से आ रहे कचरे से बचाया जा सके। स्पेस स्टेशन की पोजिशन बदली जा सके। नासा ने अपने बयान में कहा है कि स्पेस स्टेशन जिस रास्ते पर जा रहा था, उस पर अंतरिक्ष का कचरा आता दिखाई दिया। तब रूस के कार्गो शिप प्रोग्रेस 89 के थ्रस्टर्स ऑन किए गए। ये करीब साढ़े तीन मिनट ऑन रहे। स्पेस स्टेशन की पोजिशन बदली गई ताकि कचरे से स्टेशन और इस पर मौजूद एस्ट्रोनॉट्स को बचाया जा सके। 

1650 फीट ऊपर ले जाया गया स्पेस स्टेशन
रूसी स्पेस एजेंसी रॉसकॉसमॉस ने कहा कि स्पेस स्टेशन की ऊंचाई को 1650 फीट यानी करीब 500 मीटर बढ़ाया गया था। ऐसा ही काम प्रोग्रेस 89 ने 19 नवंबर को भी किया था। तब इसके इंजन 5.5 मिनट के लिए ऑन किए गए थे, क्योंकि उस समय स्पेस स्टेशन से साल 2015 में बेकार हो चुका अमेरिकी डिफेंस और मौसम की जानकारी देने वाला सैटेलाइट टकराने वाला था। 

अंतरिक्ष का कचरा कई गुना ज्यादा
यूरोपियन स्पेस एजेंसी के मुताबिक सैटेलाइट तो कम हैं। इनसे कई गुना ज्यादा कचरा धरती के चारों तरफ घूम रहा है। इसमें 40,500 पदार्थ तो करीब 4 इंच चौड़े हैं। 11 लाख टुकड़े 0.4 इंच से 4 इंच के बीच हैं। यानी 1 से 10 सेंटीमीटर के बीच. 13 करोड़ टुकड़े एक मिलिमीटर चौड़े हैं। ये छोटे-छोटे टुकड़े भी स्पेस स्टेशन और एस्ट्रोनॉट्स की जान ले सकते हैं, क्योंकि ये अत्यधिक स्पीड में उड़ते हैं। आमतौर पर स्पेस स्टेशन को धरती की सतह से 400 किलोमीटर की ऊंचाई पर रखा जाता है। यह धरती के चारों तरफ 28,160 किमी/घंटा की स्पीड से घूमता है। स्पेस स्टेशन लगभग ये काम हर साल करता है। 1999 के बाद से अब तक करीब 32 बार स्पेस स्टेशन की पोजिशन बदली गई है, ताकि वह सुरक्षित रहे। 

 

Read More फ्रांस में हिमस्खलन में दो स्कीयरों की मौत, बचाव राहत कार्य जारी

Tags: space

Post Comment

Comment List

Latest News

आखिरकार अमेरिकी राष्ट्रपति ट्रंप को मिल ही गया नोबेल पुरस्कार, मचाडो ने किया भेंट, जानें पूरा मामला  आखिरकार अमेरिकी राष्ट्रपति ट्रंप को मिल ही गया नोबेल पुरस्कार, मचाडो ने किया भेंट, जानें पूरा मामला 
वेनेजुएला की मारिया कोरिना मचाडो ने राष्ट्रपति ट्रंप को अपना नोबेल शांति पदक भेंट किया। नोबेल समिति ने स्पष्ट किया...
बकाया आबियाना नहीं चुकाने वाले किसानों को मिलेगी सख्त चेतावनी, सिंचाई सुविधा होगी बंद
जयपुर एयरपोर्ट पर उड़ानों का संचालन प्रभावित, यात्रियों को परेशानी
MSME निर्यात को बढ़ावा: इलेक्ट्रानिक तरीके से डाक के जरिये निर्यात पर प्रशुल्क, कर वापसी के लाभ लागू
Weather Update : प्रदेश में सर्दी का असर कम, कल से छा सकते हैं बादल 
देश की राजधानी के तापमान में थोड़ी बढ़ोत्तरी, गुरुग्राम में भीषण ठंड, न्यूनतम तापमान 1.8 डिग्री
अमेरिका का दावा, कहा ग्रीनलैंड को हासिल करना राष्ट्रीय सुरक्षा के लिए अतिआवश्यक