कलयुगी बेटा ही निकला मां का हत्यारा

मां की गला दबाकर हत्या कर दी थी, पोस्टमार्टम में हुआ खुलासा, मां के तानों से परेशान होकर उठाया कदम

कलयुगी बेटा ही निकला मां का हत्यारा

आरोपी ने अपने भाई से आए दिन झगड़ा करता था जिससे तंग आकर उसे घर से निकाल दिया था। भाई के निकालने पर लेकर बार-बार मां के ताने सुनने के बाद पुत्र ने आवेश में आकर मां की गला दबाकर हत्या कर दी।

इटावा। आरोपी ने अपने भाई से आए दिन झगड़ा करता था जिससे तंग आकर उसे घर से निकाल दिया था। भाई के निकालने पर लेकर बार-बार मां के ताने सुनने के बाद पुत्र ने आवेश में आकर मां की गला दबाकर हत्या कर दी। कोटा जिले के इटावा थाना क्षेत्र के बम्बूलिया खुर्द गांव में पांच दिन पूर्व हुई इस हत्या का खुलासा पुलिस ने बुधवार को किया जिसमें मां की संदिग्ध मौत की रिपोर्ट देने वाला उसके ही पुत्र ने  मां की हत्या को अंजाम दिया था। इटावा थाना प्रभारी रामबिलास मीना ने बताया कि 26 मई को  मनीष बैरवा ने इटावा थाने  संदिग्ध अवस्था मे अपनी मां संतरा की मौत की रिपोर्ट दी थी जिसके बाद इटावा पुलिस ने मृतका का इटावा अस्पताल में पोस्टमार्टम करवाया था जिसमे उसकी मौत गला दबाने से सामने आई थी जिसके बाद पुलिस ने कोटा ग्रामीण पुलिस अधीक्षक कावेंद्र सागर के निर्देशन में इस मामले की जांच शुरू की । जिसमे कई पहलुओं पर जांच की लेकिन पूछताछ में आरोपी मनीष ने खुद अपनी मां की हत्या करने की बात स्वीकार कर ली। थाना प्रभारी  मीना ने बताया कि आरोपी मां के तानों से परेशान था। आरोपी मनीष बैरवा निवासी बम्बूलिया 3 भाई व एक बहिन है। बहिन का विवाह हो गया है तथा मनीष का  बड़ा भाई जोधराज दुष्कर्म के मामले में जेल में है।  उससे छोटा बंटी से मनीष आए दिन झगड़ा करता था। उसे निकाल दिया जिस कारण बंटी अपने परिवार के साथ ससुराल में रहने लगा । घर में दोनों मां बेटे रह रहे थे तथा मां बेटे मनीष को बार बार बंटी के घर से भगाने के ताने मारती थी जिसके चलते मनीष ने मां संतरा का 26 मई की रात 2 बजे सोते हुए गला दबा दिया। उसे तड़पती हुई मां की चीखों पर भी दया नहीं आई। हत्या के बाद आरोपी तड़के अंधेरे में दूध की थैली लेने चला गया। वापस लौटकर अपने ताऊ को मां के बीमार होने की जानकारी दी। परिवार के सदस्यों ने जाकर देखा तो संतरा बाई की लाश पड़ी हुई थी। इसके बाद आरोपी को पश्चाताप होने लगा और इसी के साथ उसने अपना जुर्म कबूल कर लिया। थाना प्रभारी ने बताया कि हालांकि इस मामले में पुलिस को शुरू से ही आरोपी पर शक था क्योंकि  दुष्कर्म के मामले में मनीष अपने बड़े भाई बंटी को यह फंसाना चाहता था। जबकि दुष्कर्म के मामले में एक भाई जोधराज पहले से ही जेल में है। पुलिस ने इस मामले में मृतका के पुत्र मनीष बैरवा 21 वर्ष निवासी बम्बूलिया को गिरफ्तार कर लिया है। इस टीम में इटावा एसएचओ रामबिलास मीना के साथ  हेड कास्ट्रेबल रघुवीर, मलखान,कास्ट्रेबल राकेश, मोहर सिंह  रहे।


पूछताछ में सामने आया कि बम्बूलिया गांव निवासी
आरोपी मनीष उम्र 21 साल के पिता की तीन साल पहले मौत हो चुकी थी। मनीष के दो बड़े भाई व एक बहिन है। बहिन की शादी हो चुकी। सबसे बड़ा भाई बंटी घर में लड़ाई झगड़े से तंग आकर अपने ससुराल रहने लगा था। उसका  भाई जोधराज पड़ोस में रहने वाली मंदबुद्धि लड़की से दुष्कर्म के आरोप में जेल चला गया। घर में आरोपी मनीष और उसकी मां संतरा बाई रहती थी। बड़े भाई द्वारा ससुराल रहने चले जाने व उससे छोटे भाई के जेल चले जाने को लेकर उसकी मां मनीष को कोसती थी। और उसे ताने मारती थी। मनीष अपनी मां के ताने देने से परेशान था।

Related Posts

Post Comment

Comment List

Latest News