पश्चिमी विक्षोभ के कारण उत्तर, मध्य भारत में कोहरा, बारिश, बर्फबारी का अनुमान, मौसम विभाग ने जारी की चेतावनी
दिल्ली में ठंड बढ़ी, कोहरे में राहत, पश्चिमी विक्षोभ की चेतावनी
तापमान गिरने से दिल्ली में दृश्यता सुधरी। पालम सबसे ठंडा रहा। आईएमडी ने पश्चिमी विक्षोभ से उत्तर भारत में कोहरा, बारिश और हिमपात की चेतावनी दी।
नई दिल्ली। राष्ट्रीय राजधानी क्षेत्र में तापमान गिरने के बीच गुरुवार को दिल्ली में दृश्यता में सुधार हुआ। मौसम विज्ञान विभाग (आईएमडी) ने पालम को 8.2 डिग्री सेल्सियस के साथ दिल्ली में सबसे ठंडा जगह बताया और चेतावनी दी कि आने वाले दिनों में कई पश्चिमी विक्षोभ के कारण उत्तर और मध्य भारत में कोहरा, बारिश और बर्फबारी हो सकती है।
दिल्ली के बेस स्टेशन सफदरजंग में न्यूनतम तापमान 10.2 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया, जबकि आया नगर में 9.2 डिग्री सेल्सियस तापमान रहा। सुबह तड़के पालम में न्यूनतम दृश्यता 1,100 मीटर दर्ज की गई। मौसम विज्ञान ने कहा कि दो पश्चिमी विक्षोभों के पश्चिमी हिमालय क्षेत्र को प्रभावित करने का अनुमान है जिससे पांच-छह फरवरी और फिर नौ-दस फरवरी को छिटपुट बारिश और हिमपात हो सकता है।
हिमाचल प्रदेश, उत्तराखंड, उत्तर-पश्चिम भारत के मैदानी इलाकों और पश्चिम मध्य प्रदेश के अलग-अलग स्थानों पर सुबह और रात के समय घने से बहुत घने कोहरे की स्थिति छह फरवरी तक बने रहने का अनुमान है। उत्तर प्रदेश में सात फरवरी तक घना कोहरा छाए रहने का अनुमान है, जबकि पंजाब, हरियाणा, चंडीगढ़, उत्तरपूर्वी राजस्थान, उप-हिमालयी पश्चिम बंगाल और सिक्किम, झारखंड और मेघालय में अगले कुछ दिनों तक कोहरे की स्थिति बनी रह सकती है।
आईएमडी ने उत्तर प्रदेश को छोड़कर अगले सात दिनों में उत्तर-पश्चिम भारत में न्यूनतम तापमान में कोई महत्वपूर्ण बदलाव नहीं होने का पूर्वानुमान लगाया है, जहां अगले दो से तीन दिनों में दो-तीन डिग्री सेल्सियस की कमी होने का अनुमान है। मध्य भारत में अगले 48 घंटों में तापमान में दो-तीन डिग्री सेल्सियस की गिरावट हो सकती है, जबकि पूर्वी भारत में अगले तीन दिनों में दो-चार डिग्री सेल्सियस की गिरावट दर्ज होने का अनुमान है।
गुजरात के न्यूनतम तापमान में अगले चार दिनों तक कोई खास बदलाव होने का अनुमान नहीं है, जिसके बाद इसमें दो-तीन डिग्री सेल्सियस की गिरावट दर्ज की जा सकती है। महाराष्ट्र में अगले 24 घंटों के दौरान तापमान स्थिर रहने के बाद अगले दो दिनों में भी इसी तरह की गिरावट हो सकती है। पूर्वोत्तर भारत में तापमान में कोई खास बदलाव होने का अनुमान नहीं है।
जम्मू-कश्मीर-लद्दाख-गिलगित-बाल्टिस्तान-मुजफ्फरबाद में पांच और छह फरवरी को तथा हिमाचल प्रदेश और उत्तराखंड में छह फरवरी को छिटपुट बारिश और हिमपात की चेतावनी दी गई है। इन क्षेत्रों में नौ और 10 फरवरी को बारिश होने का अनुमान है। मौसम विभाग ने चार और पांच फरवरी को उत्तराखंड में छिटपुट पाला पडऩे की संभावना पर चेतावनी जारी करते हुए संवेदनशील क्षेत्रों में रहने वाले लोगों और यात्रियों से सतर्क रहने का आग्रह किया है।

Comment List