ancestral tradition
राजस्थान  कोटा 

ठठेरा बाजार के कुछ परिवार आज भी जिंदा रखे हैं पुश्तैनी परंपरा, त्योहारों पर रहती है हाथ से बने बर्तनों की मांग

ठठेरा बाजार के कुछ परिवार आज भी जिंदा रखे हैं पुश्तैनी परंपरा, त्योहारों पर रहती है हाथ से बने बर्तनों की मांग रामपुरा की गलियों से गायब हो रहे हाथ के कारीगर, अब बचे सिर्फ दो कारखाने।
Read More...

Advertisement