सुविवि के सेवानिवृत्त प्रोफेसर ने कुलाधिपति से की वीसी की शिकायत - लिखा.. पेंशन दिलवाओ

अनुवांछित घटना होने पर कुलपति जिम्मेदार

सुविवि के सेवानिवृत्त प्रोफेसर ने कुलाधिपति से की वीसी की शिकायत - लिखा.. पेंशन दिलवाओ

उदयपुर। सुखाड़िया विश्वविद्यालय के संघटक एफएमस कॉलेज से सेवानिवृत्त प्रो. अनिल कोठारी ने बुधवार को कुलाधिपति एवं राज्यपाल कलराज मिश्र को सुविवि के कुलपति प्रो. अमेरिकासिंह पर गंभीर आरोप लगाते हुए शिकायत दर्ज करवाई है। जिसमें प्रो. कोठारी ने कुलपति प्रो. सिंह पर जानबूझ कर पेंशन-परिलाभ जारी नहीं करने का आ

 उदयपुर। सुखाड़िया विश्वविद्यालय के संघटक एफएमस कॉलेज से सेवानिवृत्त प्रो. अनिल कोठारी ने बुधवार को कुलाधिपति एवं राज्यपाल कलराज मिश्र को सुविवि के कुलपति प्रो. अमेरिकासिंह पर गंभीर आरोप लगाते हुए शिकायत दर्ज करवाई है। जिसमें प्रो. कोठारी ने कुलपति प्रो. सिंह पर जानबूझ कर पेंशन-परिलाभ जारी नहीं करने का आरोप लगाया है। साथ ही लिखा है कि ‘प्रो. कोठारी पेंशन-परिलाभ नहीं मिलने से मानसिक संताप झेल रहे हैं, ऐसे में यदि कोई अनुवांछित घटना हो जाती है, तो इसके जिम्मेदार कुलपति प्रो. अमेरिकासिंह होंगे।’ बता दें, प्रो. कोठारी को पेंशन परिलाभ जारी करने के लिए पूर्व में विधिक राय भी ले ली गई है, जिसमें यह स्पष्ट भी हो गया है कि उनके खिलाफ किसी तरह की जांच नहीं चल रही है। बावजूद इसके भी उन्हें पेंशन-परिलाभ से वंचित किया गया है। इस अवधि में सेवानिवृत्त प्रो. कोठारी दो बार भूख हड़ताल भी कर चुके हैं।

यह लिखा है पत्र
मैं प्रो. अनिल कोठारी, 28 फरवरी 2022 को सुविवि के एफएमएस कॉलेज से सेवानिवृत्त हुआ। कुलपति प्रो. अमेरिका सिंह ने मेरी पेंशन व पीएल एनकैशमेंट के कागज पर हस्ताक्षर करने से इनकार कर दिया था। विवि द्वारा ली गई विधिक राय में पाया गया कि मेरे विरुद्ध कोई विभागीय जांच लंबित नहीं है। चार महीने में दो बार भूख हड़ताल करने व विधिक राय के आधार पर 1 जून 2022 को विवि रजिस्ट्रार ने मेरे पेंशन प्रपत्र जारी किए, किन्तु इसके 15 दिन बाद भी पेंशन व अन्य परिलाभ जारी नहीं किए गए हैं। कुलपति के निरंतर निराधार आरोपों, सेवानिवृत्ति परिलाभों के अकारण रोके जाने से मैं मानसिक प्रताड़ना भोग रहा हूं। इन्हीं परिस्थितियों के चलते यदि भविष्य में मेरे साथ कोई अनुवांछित घटना घटित होती है तो इसकी जिम्मेदारी कुलपति एवं विवि की होगी।

20 जून को राजभवन का अंतिम अवसर
सीकर के गुरुकुल विवि की भ्रामक व झूठी रिपोर्ट पेश करने व इस संबंध में सात बार स्पष्टीकरण का अवसर देने के बाद भी कुलपति प्रो. सिंह के लगातार अनुपस्थित रहने के बाद अब राजभवन 20 जून को अंतिम अवसर दिया है। सूत्रों के मुताबिक यदि इस बार भी कुलपति अनुपस्थित होते हैं तो राजभवन प्राप्त दस्तावेजों एवं रिपोर्ट के आधार पर निर्णय ले सकता है। इससे पूर्व कुलपति प्रो. सिंह को 17 जून को उदयपुर संभागीय आयुक्त की कमेटी के सामने भी पेश होकर अपनी योग्यता संबंधित दस्तावेजों के आधार पर स्पष्टीकरण देना होगा।

 

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