राजस्थान दिवस पर ‘ओडीओपी’ और ‘जयपुर रत्नम्’ प्रदर्शनी का आगाज़, 120 स्टॉल पर सजे प्रदेश के अनूठे उत्पाद
राजस्थान दिवस: 'जयपुर रत्नम्' और ODOP प्रदर्शनी का भव्य आगाज़
राजस्थान दिवस के उपलक्ष्य में जयपुर के इंटरनेशनल सेंटर में राज्य स्तरीय ODOP और 'जयपुर रत्नम्' प्रदर्शनी शुरू हुई। मुख्यमंत्री भजनलाल शर्मा की पहल पर आयोजित इस उत्सव में 120 स्टॉल्स पर प्रदेश के हस्तशिल्प और जेम्स-ज्वेलरी का प्रदर्शन किया जा रहा है। 19 मार्च तक चलने वाली यह प्रदर्शनी स्थानीय कारीगरों को वैश्विक मंच प्रदान करेगी।
जयपुर। राजस्थान दिवस के अवसर पर प्रदेशभर में आयोजित हो रहे कार्यक्रमों की श्रृंखला में राज्य स्तरीय ओडीओपी (एक जिला एक उत्पाद) और ‘जयपुर रत्नम्’ प्रदर्शनी का भव्य शुभारंभ रविवार को राजस्थान इंटरनेशनल सेंटर में किया गया। इस प्रदर्शनी का उद्घाटन जयपुर संभागीय आयुक्त श्रीमती पूनम, जयपुर जिला कलेक्टर डॉ. जितेन्द्र कुमार सोनी तथा उद्योग एवं वाणिज्य आयुक्त श्री सुरेश ओला ने संयुक्त रूप से किया।
मुख्यमंत्री श्री भजनलाल शर्मा की पहल पर राजस्थान दिवस (चैत्र शुक्ल प्रतिपदा) के उपलक्ष्य में 14 से 19 मार्च तक पूरे प्रदेश में विविध कार्यक्रम आयोजित किए जा रहे हैं। इसी क्रम में उद्योग एवं वाणिज्य विभाग द्वारा राज्य स्तर के साथ-साथ सभी जिलों में ओडीओपी प्रदर्शनी लगाई गई है, जिसका उद्देश्य स्थानीय उत्पादों को राष्ट्रीय और वैश्विक पहचान दिलाना है।
राज्य स्तरीय प्रदर्शनी में प्रदेश के सभी जिलों के विशिष्ट ओडीओपी उत्पादों को प्रदर्शित किया गया है। हस्तशिल्प, वस्त्र, खाद्य उत्पाद, कलात्मक वस्तुएं और पारंपरिक कारीगरी की झलक इन स्टॉलों में देखने को मिल रही है। प्रदर्शनी में कुल 120 स्टॉल लगाए गए हैं, जहां आगंतुक इन उत्पादों को देख ही नहीं, बल्कि सीधे खरीद भी सकते हैं। आमजन के लिए प्रदर्शनी प्रतिदिन सुबह 10 बजे से शाम 7 बजे तक 19 मार्च तक खुली रहेगी।
जेम्स एंड ज्वेलरी की विशेष प्रदर्शनी ‘जयपुर रत्नम्’
जयपुर जिला उद्योग एवं वाणिज्य केंद्र तथा राजस्थान लघु उद्योग निगम (राजसिको) द्वारा ‘जयपुर रत्नम्’ जेम्स एंड ज्वेलरी प्रदर्शनी भी लगाई गई है। इस विशेष प्रदर्शनी में जिले के ओडीओपी उत्पादों और रत्न-आभूषणों की आकर्षक श्रृंखला को प्रदर्शित करने के लिए 80 स्टॉल स्थापित किए गए हैं।
सभी जिलों में ओडीओपी प्रदर्शनी
राजस्थान दिवस समारोह के तहत प्रदेश के सभी जिलों में ओडीओपी प्रदर्शनी आयोजित की जा रही है। इन प्रदर्शनियों में स्थानीय कारीगर अपने उत्पादों की जानकारी दे रहे हैं और सीधे बिक्री के माध्यम से उन्हें बाजार उपलब्ध हो रहा है। यह पहल न केवल स्थानीय उद्योगों को प्रोत्साहन दे रही है, बल्कि ‘वोकल फॉर लोकल’ की भावना को भी मजबूत कर रही है।

Comment List