अपेक्षा ग्रुप धोखाधड़ी मामला : संभागीय आयुक्त कार्यालय में तैनात सहायक प्रशासनिक अधिकारी गिरफ्तार

पत्नी को अपेक्षा ग्रुप में बना रखा था निदेशक

अपेक्षा ग्रुप धोखाधड़ी मामला :  संभागीय आयुक्त कार्यालय में तैनात सहायक प्रशासनिक अधिकारी गिरफ्तार

आरोपी चेतन स्वरुप नामा ने मुरली मनोहर नामदेव के साथ मिलकर अपनी पत्नी गिरिजेश नामा को अपेक्षा ग्रुप की कंपनियों में डायरेक्टर बना दिया था तथा कंपनी की समस्त बैठकों में स्वयं ही भाग लेता था।

कोटा । एसआईटी ने बुधवार को अपेक्षा ग्रुप कंपनी द्वारा 200 करोड़ घोटाले के मामले में  संभागीय आयुक्त कार्यालय कोटा में तैनात सहायक प्रशासनिक अधिकारी  चेतन स्वरूप नामा  को गिरफ्तार किया है। बूंदी हाउसिंग बोर्ड कॉलोनी निवासी चेतन स्वरूप नामा वर्तमान में कोटा में महावीर नगर  स्थित विवांता अपार्टमेंट  में रहता है।  वह संभागीय आयुक्त कार्यालय कोटा में सहायक प्रशासनिक अधिकारी  के पद पर तैनात था। आरोपी ने अपनी पत्नी गिरिजेश नामा को अपेक्षा ग्रुप की कंपनियों में निदेशक बना रखा था। वह अपेक्षा ग्रुप के मुख्य आरोपी सीएमडी मुरली मनोहर नामदेव का रिश्तेदार है। 

 एसआईटी के अनुसंधान अधिकारी एवं एएसपी ठाकुर चंद्रशील कुमार ने बताया कि फरियादी एडवोकेट जितेन्द्र सिंह हाड़ा ने  गुमानपुरा पुलिस थाना में 2 जनवरी 2022 को रिपोर्ट दर्ज  करवाई थी  कि अपेक्षा ग्रुप के डायरेक्टर मुरली मनोहर नामदेव ने अपने अन्य सदस्यों के साथ मिलकर अपेक्षा सोसायटी एलएलपी, अपेक्षा राइज प्रोजेक्ट एलएलपी अपेक्षा राइज एग्रो इंडस्ट्रीज प्राइवेट लिमिटेड, अपेक्षा राइज इंवेस्टमेंट सहित अन्य कंपनियों में संयुक्त रूप से व्यापार के लिए लाखों रुपए की राशि इंवेस्ट करवाई गई। इसके बाद आरोपियों ने उसे समय सीमा पूरी होने के बाद राशि नहीं लौटाई । इस मामले मेंं पुलिस ने आरोपी अनीता,मुरली मनोहर नामदेव,  सहित 38 आरोपियों के खिलाफ धोखाधड़ी का मुकदमा दर्ज किया गया था। इस मामले में तत्कालीन एसपी केसर सिंह शेखावत के निर्देश पर एसआईटी का गठन किया गया था।  पुलिस उप-अधीक्षक अमर सिंह राठौड़ ने बताया कि मामले में अनुसंधान के दौरान अब तक 23 आरोपियों को गिरफ्तार कर जेल भेजा जा चुका है। अनुसंधान के दौरान पाया गया कि आरोपी चेतन स्वरुप नामा ने मुरली मनोहर नामदेव के साथ मिलकर अपनी पत्नी गिरिजेश नामा को अपेक्षा ग्रुप की कंपनियों में डायरेक्टर बना दिया था तथा कंपनी की समस्त बैठकों में स्वयं ही भाग लेता था। अनुसंधान में आरोपी को दोषी पाया गया था। इस पर उसे गिरफ्तार किया गया । इस मामले में अनुसंधान जारी है। 

Post Comment

Comment List

Latest News