ओलंपिक हॉकी खिलाड़ी वरिंदर सिंह का निधन

उन्होंने 1976 के ग्रीष्मकालीन ओलंपिक में भी भाग लिया।

ओलंपिक हॉकी खिलाड़ी वरिंदर सिंह का निधन

ओलंपिक हॉकी खिलाड़ी वङ्क्षरदर ङ्क्षसह का मंगलवार को पंजाब के जालंधर में निधन हो गया।वह कुछ समय से अस्वस्थ थे।

जालंधरओलंपिक हॉकी खिलाड़ी वरिंदर सिंह का मंगलवार को पंजाब के जालंधर में निधन हो गया। वह कुछ समय से अस्वस्थ थे। सोलह मई-1947 को जन्मे ध्यानचंद पुरस्कार प्राप्त वरिंदर ने म्यूनिख में 1972 के ग्रीष्मकालीन ओलंपिक में कांस्य पदक जीता था। उन्होंने 1976 के ग्रीष्मकालीन ओलंपिक में भी भाग लिया। सुरजीत हॉकी सोसाइटी ने वरिंदर के निधन पर शोक व्यक्त करते हुए कहा, '' हम सभी सोसाइटी सदस्य ईश्वर से प्रार्थना करते हैं कि परिवार के सदस्यों को इस अपूरणीय क्षति को सहन करने की शक्ति प्रदान करें और दिवंगत आत्मा को शाश्वत शांति प्रदान करें।''

Post Comment

Comment List

Latest News

शिक्षा ही वंचितों के उत्थान की बुनियाद : विश्वविद्यालय छात्रों को सार्वजनिक जीवन और राजनीति को गहराई से समझने के लिए करेंगे प्रोत्साहित, गोयल ने कहा- अगले 25 साल विकसित भारत के लिए होंगे निर्णायक युग शिक्षा ही वंचितों के उत्थान की बुनियाद : विश्वविद्यालय छात्रों को सार्वजनिक जीवन और राजनीति को गहराई से समझने के लिए करेंगे प्रोत्साहित, गोयल ने कहा- अगले 25 साल विकसित भारत के लिए होंगे निर्णायक युग
शासन और सार्वजनिक सेवा को सीधे समझ सकें, और यह भी कि वे एक दिन इसे और भी बेहतर कैसे...
नागरिक-पुलिस सहयोग : निजी हाई स्कूल में 'सेल्फ-डिफेंस और कम्युनिटी पुलिसिंग' पर हुआ प्रभावशाली सत्र; विद्यार्थियों ने भूमिका अभिनय से दिया जन सहभागिता का संदेश
देश सेवा को समर्पित : राजस्थान गृह रक्षा का 63वां स्थापना दिवस समारोह सम्पन्न,जयपुर में हुआ राज्य स्तरीय कार्यक्रम
कांग्रेस की दिल्ली में महारैली की तैयारियों को लेकर बैठक : डोटासरा ने दिए नेताओं व कार्यकर्ताओं की उपस्थिति सुनिश्चित करने के निर्देश, राजस्थान से 50 हजार लोग होंगे शामिल
हवाई यात्रा के अभूतपूर्व संकट की जिम्मेदारी ले सरकार : यह संकट सरकार के एकाधिकार की नीति का पहला नमूना, शशिकांत सेंथिल ने कहा- सरकार जारी करे श्वेत-पत्र 
राजस्थान को देश का माइनिंग हब बनाने में प्रवासी राजस्थानियों की प्रमुख भूमिका, निवेश और सहभागिता में सक्रिय भागीदारी
जयगढ़ हेरिटेज फेस्टिवल के दूसरे संस्करण का आगाज : पद्मनाभ सिंह के सहयोग से तैयार किया गया फेस्टिवल, कला, हस्तशिल्प, खानपान और संवाद की अनूठी श्रृंखला प्रस्तुत