तालिबान के साथ खुलकर आया भारत, दिल्ली के पुराने दोस्त नादर्न अलायंस की शरण में पाकिस्तान

भारत ने नार्दन अलायंस को किया था सपोर्ट

तालिबान के साथ खुलकर आया भारत, दिल्ली के पुराने दोस्त नादर्न अलायंस की शरण में पाकिस्तान
अफगानिस्तान दशकों से दुनियाभर के महाशक्तियों के बीच टकराव का अड्डा रहा है और यहां अब एक बार फिर से नया ग्रेट गेम शुरू होता दिख रहा है

इस्लामाबाद। अफगानिस्तान दशकों से दुनियाभर के महाशक्तियों के बीच टकराव का अड्डा रहा है और यहां अब एक बार फिर से नया ग्रेट गेम शुरू होता दिख रहा है। तालिबान और पाकिस्तान जो कभी सबसे करीबी दोस्त थे, वो अब सबसे बड़े दुश्मन हो गए हैं। पाकिस्तानी सेना ने पिछले दिनों अफगानिस्तान में हवाई हमला किया है और करीब 50 लोगों को मार दिया जिसमें ज्यादा महिलाएं और बच्चे थे। इसके बाद तालिबानी सेना ने भी डूरंड लाइन पर करारा जवाब दिया और करीब 20 पाकिस्तानी सैनिकों को मार डालने का दावा किया। वहीं टीटीपी आतंकियों ने पाकिस्तानी सेना की कई चौकियों पर कब्जा कर लिया। इससे बौखलाए पाकिस्तान ने आईएसआई चीफ आसिम मलिक को ताजिकिस्तान की सीक्रेट यात्रा पर भेजा। अब पाकिस्तानी मीडिया ने खुलासा किया है कि इस यात्रा के दौरान आईएसआई चीफ ने तजाकिस्तान में नादर्न अलायंस के नेताओं से मुलाकात की है। यह वही अलायंस है जिसे कभी भारत ने तालिबान के खिलाफ खुलकर सपोर्ट किया था।

पाकिस्तान के पत्रकार असद तूर ने खुलासा किया है कि आईएसआई चीफ ने तजाकिस्तान के दौरे पर तालिबान के सबसे बड़े दुश्मन नार्दन अलायंस के नेताओं से मुलाकात की है। पाकिस्तान ने तालिबान को संदेश देने के लिए इस मुलाकात को मंजूरी दी है। असद तूर ने बताया कि पाकिस्तान अब तालिबान के दुश्मन से दोस्ती करने का फैसला किया है। पाकिस्तान को अब इस बात का अहसास हुआ है कि इससे बेहतर तो अशरफ गनी की सरकार थी जिसने टीटीपी के आतंकियों को जेल में रखा था। तालिबान ने टीटीपी के आतंकियों को रिहा कर दिया। साथ ही अफगानिस्तान से अब अमेरिकी हथियार बलूच विद्रोहियों तक पहुंच रहा है।

भारत ने नार्दन अलायंस को किया था सपोर्ट
पाकिस्तान ने एक समय साल 1996 से 2001 के बीच में नादर्न अलायंस का खुलकर विरोध किया था जिसे रूस, ईरान, भारत और तजाकिस्तान का समर्थन हासिल था। भारत ने नादर्न अलायंस को हथियार और पैसा भी दिया था। वहीं तालिबान को पाकिस्तान से हथियार, शरण और पैसा मिलता था। पाकिस्तान में ही तालिबानियों को ट्रेनिंग भी मिलती थी। इस बीच तालिबान ने सत्ता में आने के बाद भारत के साथ अपने रिश्ते मजबूत किए हैं। यही नहीं भारत ने खुलकर पाकिस्तान के अफगानिस्तान के अंदर हवाई हमले की कड़ी निंदा की है। तालिबान ने कहा है कि वह सीमा रेखा डूरंड लाइन को नहीं मानता है। वहीं पाकिस्तानी सेना ने तालिबान को जवाब देने के लिए वखान कॉरिडोर पर नजरें गड़ा दी है। पाकिस्तान अगर वखान कॉरिडोर पर कब्जा करता है तो इससे उसकी सीधे तजाकिस्तान तक पहुंच हो जाएगी। साथ ही अफगानिस्तान का चीन से संपर्क कट जाएगा।

हिलेरी क्लिंटन ने तालिबान पर दी थी चेतावनी
असद तूर ने बताया कि इससे अब पाकिस्तानी सेना के जवान और आम नागरिकी बड़ी तादाद में मारे जा रहे हैं। उन्होंने कहा कि हिलेरी क्लिंटन ने साल 2013 में ही पाकिस्तान को बता दिया था कि अगर अपने घर के पड़ोस में सांप पालेंगे तो आपको भी काटेगा। अब तालिबानी सांप पाकिस्तान को काट रहा है और अब इसका अहसास पाकिस्तानी सरकार को हो गया है। पाकिस्तान ने अमेरिकी सेना के अफगानिस्तान में रहने के दौरान तालिबान की खुलकर मदद की थी। तूर ने बताया कि तजाकिस्तान अब तालिबान का सबसे बड़ा दुश्मन बन गया है। तजाकिस्तान में तालिबान के सभी विरोधी नेता जैसे अहमद मसूद, अमरुल्ला सालेह और अब्दुल रशीद दोस्तम जैसे नेता पनाह लिए हुए हैं और नेशनल रजिस्टेंस फ्रंट बना रखा है। एनआरएफ के लड़ाके लगातार तालिबानी सरकार पर हमला भी बोल रहे हैं। आईएसआई चीफ ने ताजिकिस्तान के राष्ट्रपति से भी मुलाकात की है। माना जा रहा है कि दोनों के बीच तालिबान के साथ हुए संघर्ष पर चर्चा हुई है। तजाकिस्तान लगातार तालिबान से अपने रिश्ते कम कर रहा है। अफगानिस्तान में हजारों की तादाद में ताजिक मूल के लोग रहते हैं और उन्हें तालिबानी सत्ता में जगह नहीं दे रहे हैं।

Read More प्रधानमंत्री मोदी की ऐतिहासिक न्यूजीलैंड यात्रा: ऑकलैंड में भारतीय समुदाय और द्विपक्षीय संबंधों पर रहेगा फोकस, पीएम लक्सन के साथ करेंगे द्विपक्षीय वार्ता

Post Comment

Comment List

Latest News

परिवहन विभाग में फिलहाल नहीं होंगे ट्रांसफर-पोस्टिंग, अधिकारियों को सड़क सुरक्षा पर फोकस के निर्देश परिवहन विभाग में फिलहाल नहीं होंगे ट्रांसफर-पोस्टिंग, अधिकारियों को सड़क सुरक्षा पर फोकस के निर्देश
परिवहन विभाग में फिलहाल ट्रांसफर-पोस्टिंग की संभावना नहीं। प्रमुख सचिव भवानी सिंह देथा और परिवहन आयुक्त पुरुषोत्तम शर्मा की अध्यक्षता...
रोडवेज की 144 नई एक्सप्रेस ब्लू लाइन बसें डिपो को आवंटित, कोटा को मिली सबसे अधिक बसें
जौहरी बाजार में आईआईजीजे लैब का कलेक्शन सेंटर शुरू, अब जयपुर में ही मिलेगी रत्न-आभूषणों की विश्वसनीय प्रमाणन सुविधा
राम मंदिर चढ़ावा चोरी मामला केवल भ्रष्टाचार नहीं हिंदुओं की आस्था पर हमला, जनता के मुद्दों को पूरी ताकत से उठाएंगे : वेणुगोपाल 
अराघची का दावा: होर्मुज़ का हमेशा से रक्षक रहा ईरान, ट्रंप का 20% टोल बहुत ज़्यादा 
चंडीगढ़ में युवक की संदिग्ध मौत मामले में नया मोड़ : साइकिल पर शव ले जाते दिखे 2 युवक, दोषियों की गिरफ्तारी की मांग
जयपुर: मनमाने स्थानांतरणों के विरोध में वन कर्मचारियों का प्रदर्शन, 15 जुलाई से अनशन की चेतावनी