रक्तदान सबसे बड़ा दान: जयपुर में शिविर के दौरान वसुंधरा राजे का संदेश, हर दो सेकंड में पड़ती है खून की जरूरत
रक्तदान मानवता की सबसे बड़ी सेवा
पूर्व मुख्यमंत्री वसुंधरा राजे ने जयपुर में स्वास्थ्य कल्याण रक्त केंद्र के 32वें स्थापना दिवस पर आयोजित शिविर में शिरकत की। उन्होंने कहा कि भारत में सालाना 12 लाख यूनिट रक्त की कमी से जानें जाती हैं। राजे ने हर स्वस्थ व्यक्ति से नियमित रक्तदान की अपील करते हुए इसे इंसानियत और निःस्वार्थ सेवा का सर्वोच्च प्रतीक बताया।
जयपुर । वसुंधरा राजे ने कहा कि वक्त का हर क्षण और रक्त का हर कण अमूल्य होता है। रक्तदान न केवल किसी व्यक्ति को नया जीवन देता है, बल्कि यह समाज में इंसानियत, एकता और सेवा भाव का प्रतीक भी है। पूर्व मुख्यमंत्री रविवार को जयपुर में स्वास्थ्य कल्याण रक्त केंद्र के 32वें स्थापना दिवस पर आयोजित रक्तदान शिविर में संबोधित कर रही थीं। इस अवसर पर उन्होंने संस्था के अध्यक्ष डॉ. आरएस अग्रवाल और उनकी टीम को साधुवाद देते हुए कहा कि वे पिछले 32 वर्षों से इस पुनीत कार्य में निरंतर जुटे हुए हैं और समाज को प्रेरित कर रहे हैं।
स्वास्थ्य कल्याण रक्त केंद्र द्वारा आयोजित शिविर में बड़ी संख्या में लोगों ने रक्तदान किया। कार्यक्रम में राजे ने कहा कि भारत में हर दो सेकंड में किसी न किसी व्यक्ति को रक्त की आवश्यकता पड़ती है, जबकि हर वर्ष लगभग 12 लाख यूनिट रक्त की कमी के कारण कई लोगों की जान चली जाती है। उन्होंने लोगों से नियमित रक्तदान करने की अपील करते हुए कहा कि प्रत्येक स्वस्थ व्यक्ति को आगे आकर रक्तदान करना चाहिए, क्योंकि रक्त की एक-एक बूंद किसी जरूरतमंद के लिए जीवन बन सकती है। उन्होंने कहा कि रक्तदान को सर्वोच्च दान इसलिए माना गया है क्योंकि यह नि:स्वार्थ भाव से किसी की जान बचाने का अवसर प्रदान करता है।

Comment List