पूर्ववर्ती कांग्रेस सरकार ने चार साल में हवाई यात्राओं पर 76 करोड़ किए खर्च
भजनलाल सरकार ने 23.79 करोड़ में किराए पर लिया हेलीकॉप्टर
जयपुर। प्रदेश मे पूर्ववर्ती कांग्रेस सरकार ने अपने कार्यकाल में 76 करोड़ रुपए से ज्यादा राशि खर्च की है। यहीं नहीं वर्तमान भजनलाल शर्मा सरकार ने एक साल के लिए 23 करोड़ 79 लाख रुपए में किराए पर हेलीकॉप्टर लिया है। इसका मतलब यह हुआ कि राजस्थान सरकार मुख्यमंत्री और मंत्रियों की वीआईपी उड़ानों पर हर माह लगभग दो करोड़ रुपए खर्च करती है। हालांकि पूर्ववर्ती अशोक गहलोत सरकार का यह आंकड़ा औसतन करीब एक करोड़ 59 लाख रुपए महीना बैठा है। इस खर्च का खुलासा खुद राज्य सरकार ने ही किया है। राज्य सरकार ने बताया है कि पिछले चार सालों में हेलीकॉप्टर के माध्यम से यह राशि खर्च की गई है। राजस्थान सरकार के पास खुद का कोई हेलीकॉप्टर
नहीं है। किराए पर यह हवाई सेवा ली गई है, जिस पर शिश खर्च की गई है। पूर्ववर्ती गहलोत सरकार ने वर्ष 2020-21 में हवाई यात्राओं पर हर महीने 66 लाख 91 हजार रुपए, वर्ष 2021-22 में हर माह 59 लाख 91 हजार रुपए साल 2022-23 में हर माह दो करोड़ 60 लाख रुपए खर्च किए हैं। वर्ष 2023-24 में यह खर्च हर महीने दो करोड़ 49 लाख रुपए हुआ।
विधानसभा में प्रश्नकाल के दौरान चौमूं से विधायक डॉ. शिखा मील बराला ने यह सवाल लगाया था। इस पर सरकार ने लिखित में यह जानकारी उपलब्ध कराई है। राज्य सरकार ने बताया है कि उसके पास वर्तमान में कोई हवाई जहाज व हेलीकॉप्टर नहीं है। राज्य सरकार ने पांच जून, 2024 को मैसर्स रेडबर्ड एयरवेज प्राइवेट लिमिटेड नई दिल्ली से हेलीकाप्टर लीज य किराए पर लेने का अनुबन्ध किया गया है। इस पर प्रतिवर्ष 23 करोड़ 79 लाख रुपए की राशि प्रतिवर्ष व्यय होना अनुमानित है। चार सालों में इतनी राशि हुई खर्च
| वर्ष | व्यय राशि |
| 2020-21 | 8.03 करोड़ |
| 2021-22 | 7.19 करोड़ |
| 2022-23 | 31.30 करोड़ |
| 2023-24 | 29.94 करोड़ |

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