नारायण सिंह सर्किल बस स्टैंड बंद करने से हो रहा भारी नुकसान : रोडवेज ने माना, हाईकोर्ट ने मांगी तथ्यात्मक रिपोर्ट
मामले में आरएसआरटीसी के रुख को भी देखे
जयपुर। राजस्थान हाईकोर्ट ने नारायण सिंह सर्किल बस स्टैंड से रोडवेज बसों का संचालन बंद करने से जुड़े मामले में परिवहन सचिव से 7 सितंबर तक तथ्यात्मक रिपोर्ट मांगी है। अदालत ने परिवहन सचिव को कहा है कि वह मामले में आरएसआरटीसी के रुख को भी देखे। वहीं अदालत ने म्यूजियम रोड पर डंपिंग यार्ड को लेकर नगर निगम के संबंधित जोन उपायुक्त को पेश होकर बताने को कहा है कि अभी तक यहां डंपिंग यार्ड कैसे जारी है। जस्टिस इन्द्रजीत सिंह और जस्टिस संदीप तनेजा की खंडपीठ ने यह आदेश स्वप्रेरित प्रसंज्ञान याचिका में नारायण सिंह सर्किल बस स्टैंड को पुन: संचालित करने के संबंध में दायर प्रार्थना पत्र पर सुनवाई करते हुए दिए।
सुनवाई के दौरान न्यायमित्र विमल चौधरी ने नारायण सिंह सर्किल से बसों का संचालन बंद करने के संबंध में जारी 26 मार्च, 2025 की अधिसूचना और आरटीओ प्रथम की ओर से रोडवेज प्रशासन को भेजे पत्र की जानकारी दी। न्यायमित्र की ओर से कहा गया कि यह बस स्टैंड शहर के मध्य में स्थित है और यहां से राजस्थान हाईकोर्ट, सवाई मानसिंह अस्पताल और प्रमुख शैक्षणिक संस्थानों सहित अन्य सरकारी कार्यालय काफी पास हैं। इसे बंद किए जाने से आम जनता को भारी असुविधा का सामना करना पड़ रहा है। ऐसे में यहां से बस स्टैंड हटाने के निर्णय पर पुन: विचार किया जाए। वहीं रोडवेज की ओर से कहा गया कि राज्य सरकार और आरटीओ के इस फैसले के कारण रोडवेज निगम को भारी वित्तीय नुकसान का सामना करना पड़ा है। दूसरी ओर न्यायमित्र ने कहा कि म्यूजियम रोड पर अभी भी डंपिंग यार्ड मौजूद है और यहां मृत पशुओं के अवशेष डाले जा रहे हैं। इस पर अदालत ने संबंधित जोन उपायुक्त को आगामी सुनवाई पर पेश होने को कहा है।

Comment List