नाबालिग से दुष्कर्म के आरोपी को 20 साल की कठोर कैद, 50 हजार रुपए जुर्माना
तीन साल से कर रहा था दुष्कर्म
कोटा। नाबालिग बालिका से दुष्कर्म के मामले में पोक्सो क्रम संख्या-4 के न्यायाधीश विक्रम सिंह ने शनिवार को आरोपी को दोषी मानते हुए बीस साल के कठोर कारावास की सजा सुनाई है। न्यायाधीश ने उड़िया बस्ती निवासी आरोपी ललित (43) को 50 हजार रुपए के अर्थ दंड से भी दंडित किया है। आरोपी के खिलाफ पीड़ित बालिका की मां ने पुलिस थाना अनंतपुरा में मुकदमा दर्ज कराया था।
विशिष्ट लोक अभियोजक वीरेंद्र सिंह भानावत ने बताया कि पीड़िता की मां ने 19 मई 2025 को रिपोर्ट में जानकारी दी कि वह थाना क्षेत्र में अपने परिवार के साथ रह रही है। उसकी 14 वर्षीय पुत्री कुछ घबराई हुई थी। उसने बच्ची से घबराने व सहमे रहने का कारण पूछा तो उसने बताया था कि एक दिन वह घर पर अकेली छत पर सो रही थी तभी वहां पर ललित आया और उसके साथ दुष्कर्म किया और धमकाया कि अगर इस बारे में किसी को कुछ बताया तो उसे व उसके माता पिता को जान से मार देगा।
पीड़िता का आरोप है कि ललित जब भी उसकी पुत्री को अकेला देखता तो डरा धमकाकर उसके साथ तीन साल से दुष्कर्म कर रहा है। उसने उसे 18 मई को भी डरा धमका बुलाया और उसके साथ दुष्कर्म किया था। रिपोर्ट पर पुलिस ने आरोपी के खिलाफ धारा 65 (1), 64(2) (एम), 332 (बी) भारतीय न्याय संहिता 2023 एवं धारा 5(एल )/6, 3/4(2) पोक्सो एक्ट 2012 में मुकदमा दर्ज किया था । अनुसंधान के दौरान पुलिस ने पीड़िता का मेडिकल करवाकर बयान दर्ज कराए । इसके बाद आरोपी ललित को गिरफ्तार किया था। पुलिस ने आरोपी को दोषी करार देते हुए न्यायालय में 6 अगस्त 2025 को आरोप-पत्र पेश किए। ट्रायल के दौरान अभियोजन पक्ष की ओर से अदालत में 13 गवाहों के बयान लेखबद्ध करवाए गए। न्यायाधीश ने दोनों पक्षों को सुनने के बाद आरोपी ललित को दोषी करार देते हुए बीस साल के कठाेर कारावास और 50 हजार रुपए के अर्थ दंड से दंडित किया है।

Comment List