पीएम मोदी बोले- कौशल प्रशिक्षण संस्थानों का महत्व आईआईटी-आईआईएम से कम नहीं

कौशल प्रशिक्षण व्यवस्था को मजबूत करने का आह्वान

पीएम मोदी बोले- कौशल प्रशिक्षण संस्थानों का महत्व आईआईटी-आईआईएम से कम नहीं
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने 'वर्ल्डस्किल्स' प्रतियोगिता के भारतीय दल से संवाद करते हुए कहा कि कौशल प्रशिक्षण संस्थानों का महत्व आईआईटी और आईआईएम से कम नहीं है। उन्होंने युवाओं से तेजी से बदलती तकनीकों के अनुरूप नए हुनर सीखने और भारत को कुशल मानव संसाधन का वैश्विक केंद्र बनाने में योगदान देने का आह्वान किया।

नई​ दिल्ली। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने कहा है कि कौशल प्रशिक्षण संस्थानों का महत्व भारतीय प्रौद्योगिकी संस्थानों और भारतीय प्रबंधन संस्थानों से कम नहीं है। पीएम मोदी ने शुक्रवार को यहां प्रधानमंत्री आवास पर शंघाई में आयोजित 'वर्ल्डस्किल्स' प्रतियोगिता में भारत का प्रतिनिधित्व करने वाले प्रतिभागियों से बातचीत की। उन्होंने युवाओं से लगातार नये कौशल सीखने, बदलती तकनीक के अनुरूप अपनी क्षमताओं को बेहतर बनाने और अपने अनुभवों से देश की कौशल प्रशिक्षण व्यवस्था को मजबूत करने का आह्वान किया।

बातचीत में प्रतिभागियों ने प्रतियोगिता के दौरान अपने अनुभव प्रधानमंत्री के साथ साझा किये। उन्होंने बताया कि अंतरराष्ट्रीय प्रतियोगिता में उन्हें नये औजारों, सॉफ्टवेयर, तकनीकी प्रणालियों और काम करने के नये तरीकों को अपनाने का अवसर मिला। प्रतिभागियों ने युवाओं के कौशल विकास के लिए सरकार की ओर से किये जा रहे प्रयासों पर भी चर्चा की। प्रधानमंत्री ने प्रतिभागियों को वैश्विक मंच पर भारत का प्रतिनिधित्व करने के लिए बधाई दी और उन्हें कौशल विकास का दूत बनने के लिए प्रेरित किया। उन्होंने कहा कि व्यावहारिक कौशल भी शैक्षणिक डिग्रियों जितने ही महत्वपूर्ण हैं। उन्होंने कहा कि तकनीक में तेजी से हो रहे बदलाव के बीच युवाओं को नये कौशल सीखने, अपनी क्षमताओं को बेहतर बनाने और नयी तकनीकों के अनुरूप खुद को ढालने की जरूरत है।

पीएम मोदी ने युवाओं से अंतरराष्ट्रीय बाजार की जरूरतों के अनुसार कौशल विकसित करने और अपने अनुभवों तथा सुझावों के जरिए देश की कौशल प्रशिक्षण व्यवस्था को बेहतर बनाने में योगदान देने को कहा। उन्होंने कहा कि भारत को कुशल मानव संसाधन का वैश्विक केंद्र बनाने के लिए युवाओं, सरकार और प्रशिक्षण संस्थानों को मिलकर प्रयास करने होंगे। शंघाई में 22 से 27 सितंबर तक आयोजित 48वीं वर्ल्डस्किल्स प्रतियोगिता में भारत 10वें स्थान पर रहा। भारतीय दल ने छह रजत पदक और उत्कृष्ट प्रदर्शन के लिए 20 पदक जीते। भारत की ओर से इस बार अब तक का सबसे बड़ा 70 प्रतिभागियों का दल भेजा गया था, जिसने 63 कौशल श्रेणियों में हिस्सा लिया। बातचीत के दौरान कौशल विकास और उद्यमिता मंत्रालय में राज्य मंत्री जयंत चौधरी और केंद्र सरकार के वरिष्ठ अधिकारी भी मौजूद थे।

Post Comment

Comment List

Latest News

पीएम मोदी बोले- कौशल प्रशिक्षण संस्थानों का महत्व आईआईटी-आईआईएम से कम नहीं पीएम मोदी बोले- कौशल प्रशिक्षण संस्थानों का महत्व आईआईटी-आईआईएम से कम नहीं
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने 'वर्ल्डस्किल्स' प्रतियोगिता के भारतीय दल से संवाद करते हुए कहा कि कौशल प्रशिक्षण संस्थानों का महत्व...
पोस्टरों के माध्यम से तनाव प्रबंधन, सकारात्मक सोच एवं मानसिक स्वास्थ्य के प्रति जागरूकता का दिया संदेश
सीजेपी प्रदर्शन: नई दिल्ली, निजामुद्दीन रेलवे स्टेशनों पर शनिवार को आने वाली 38 ट्रेनें रद्द, यहां देखें सूची
नवरात्रि में व्रत सामग्री की बढ़ी मांग : शुद्धता और पोषण पर जोर, साबु ट्रेड ने एगमार्क प्रमाणित साबूदाना सहित पेश किए सात्विक खाद्य उत्पाद
सड़क-पानी छोड़िए, पहले कुंवारों के घर बसाऊंगी! सरपंच प्रत्याशी का अनोखा वादा, बोलीं- बारात की ट्रेन तक लगवा दूंगी
14 अक्टूबर को निकलेगी भगवान श्रीराम की भव्य बारात, मथुरा के कलाकार करेंगे रामलीला का मंचन
नितिन नवीन ने काशी क्षेत्र की 71 विधानसभा सीटों और एमएलसी चुनाव में कार्यकर्ताओं को दिया जीत मंत्र