sms hospital
राजस्थान  स्वास्थ्य  जयपुर 

एसएमएस अस्पताल में 13 सेंटीमीटर की जानलेवा हृदय थैली का सफल ऑपरेशन, 58 वर्षीय मरीज को मिला नया जीवन

एसएमएस अस्पताल में 13 सेंटीमीटर की जानलेवा हृदय थैली का सफल ऑपरेशन, 58 वर्षीय मरीज को मिला नया जीवन सवाई मानसिंह अस्पताल के कार्डियोथोरेसिक सर्जरी विभाग ने एक दुर्लभ और अत्यंत जटिल हृदय सर्जरी सफलतापूर्वक कर 58 वर्षीय मरीज को नया जीवन दिया। झुंझुनूं निवासी श्रीराम सहाय के हृदय के बाएं निलय में हार्ट अटैक के बाद लगभग 13.4×11.5 सेंटीमीटर की विशाल लेफ्ट वेंट्रिकुलर एन्यूरिज्म बन गई थी, जिसका सफल ऑपरेशन।
Read More...
राजस्थान  जयपुर 

ट्रॉमा सेंटर में बरसाती पानी से बिगड़े हालात, 10 घंटे से टपकती छत ने खोली बदइंतजामी की पोल

ट्रॉमा सेंटर में बरसाती पानी से बिगड़े हालात, 10 घंटे से टपकती छत ने खोली बदइंतजामी की पोल देश के सबसे बड़े एसएमएस ट्रॉमा सेंटर में बरसात ने अस्पताल प्रबंधन की व्यवस्थाओं की कलई खोल दी। पिछले करीब 10 घंटे से ट्रॉमा सेंटर की छत से लगातार बारिश का पानी टपक रहा है। डक्ट के जरिए यह पानी अस्पताल के विभिन्न हिस्सों में फैल गया, जिससे ट्रॉमा इमरजेंसी, माइनर ऑपरेशन थिएटर, ईसीजी कक्ष, एक्स-रे रूम, इमरजेंसी आईसीयू, ऑब्जर्वेशन आईसीयू और पूरे कॉरिडोर में जलभराव की स्थिति बन गई।
Read More...
राजस्थान  जयपुर 

एसएमएस अस्पताल की बदहाल व्यवस्था, भीषण गर्मी में बाहर रात गुजारने को मजबूर मरीजों के परिजन

एसएमएस अस्पताल की बदहाल व्यवस्था, भीषण गर्मी में बाहर रात गुजारने को मजबूर मरीजों के परिजन एसएमएस अस्पताल में अव्यवस्थाओं से मरीज और परिजन परेशान। भर्ती मरीजों के परिजन खुले में रात बिताने को मजबूर। परिसर में कबाड़ और गंदगी से संक्रमण का खतरा। निशुल्क दवाओं की कमी तथा स्ट्रेचर-व्हीलचेयर के अभाव से मरीजों को कठिनाई हो रही।
Read More...
राजस्थान  स्वास्थ्य  जयपुर 

एसएमएस अस्पताल में जटिल सर्जरी, 15 वर्षीय किशोरी के पेट से निकाला गया 12 किलो का विशाल ट्यूमर

एसएमएस अस्पताल में जटिल सर्जरी, 15 वर्षीय किशोरी के पेट से निकाला गया 12 किलो का विशाल ट्यूमर SMS मेडिकल कॉलेज एवं अस्पताल के सर्जरी विभाग ने 15 वर्षीय किशोरी के पेट से लगभग 12 किलोग्राम वजनी विशाल एब्डॉमिनल ट्यूमर सफलतापूर्वक निकाला। मरीज लंबे समय से पेट दर्द और सूजन से पीड़ित। डॉ. ऋचा जैन के निर्देशन में डॉ. हनुमान खोजा सहित टीम ने जटिल सर्जरी को सफलतापूर्वक अंजाम।
Read More...
राजस्थान  स्वास्थ्य  जयपुर 

एसएमएस अस्पताल के चिकित्सकों ने किया कमाल : लिवर, किडनी और आंत में 45 मिनट तक खून की सप्लाई रोककर हार्ट की तीन सर्जरी की एक साथ

एसएमएस अस्पताल के चिकित्सकों ने किया कमाल : लिवर, किडनी और आंत में 45 मिनट तक खून की सप्लाई रोककर हार्ट की तीन सर्जरी की एक साथ सवाई मानसिंह हॉस्पिटल में एक ही मरीज पर तीन हार्ट सर्जरी एक साथ की, भारत में पहला ऐसा मामला। 25 वर्षीय मरीज की गंभीर दिल की बीमारी थी। सर्जरी 8 घंटे चली, 45 मिनट डीएचसीए में रखकर अंगों की ब्लड सप्लाई रोकी। मरीज को 6 यूनिट ब्लड दिया, जिंदा रहने की संभावना 40% से कम थी।
Read More...
राजस्थान  स्वास्थ्य  जयपुर 

एसएमएस अस्पताल में बच्चेदानी की विशाल गांठ का सफल ऑपरेशन, मरीज स्वस्थ

एसएमएस अस्पताल में बच्चेदानी की विशाल गांठ का सफल ऑपरेशन, मरीज स्वस्थ सवाई मानसिंह अस्पताल के सर्जरी विभाग ने एक और महत्वपूर्ण चिकित्सीय उपलब्धि हासिल करते हुए 42 वर्षीय महिला के पेट से बच्चेदानी की अत्यंत विशाल गांठ का सफलतापूर्वक ऑपरेशन कर उसे छोटे चीरे के माध्यम से बाहर निकाला।
Read More...
राजस्थान  जयपुर 

एसएमएस अस्पताल में आज मनाया जाएगा अंतर्राष्ट्रीय नर्सेज दिवस, कैंडल लाइटिंग से दी जाएगी श्रद्धांजलि

एसएमएस अस्पताल में आज मनाया जाएगा अंतर्राष्ट्रीय नर्सेज दिवस, कैंडल लाइटिंग से दी जाएगी श्रद्धांजलि राजस्थान नर्सेज एसोसिएशन जयपुर की ओर से अंतर्राष्ट्रीय नर्सेज दिवस के अवसर पर शाम सवाई मानसिंह चिकित्सालय में विशेष समारोह आयोजित किया जाएगा। कार्यक्रम 11 मई 2026 को शाम 7:15 बजे एसएमएस अस्पताल के मुख्य द्वार स्थित गेट नंबर-3 पर होगा।
Read More...
राजस्थान  स्वास्थ्य  जयपुर 

ब्रेनडेड मरीज ओमप्रकाश ने 3 लोगों को दी नई जिंदगी : SMS अस्पताल में सफल अंगदान, ग्रीन कॉरिडोर बनाकर दिल्ली पहुंचाई गईं किडनियां

ब्रेनडेड मरीज ओमप्रकाश ने 3 लोगों को दी नई जिंदगी : SMS अस्पताल में सफल अंगदान, ग्रीन कॉरिडोर बनाकर दिल्ली पहुंचाई गईं किडनियां एसएमएस अस्पताल में 44 वर्षीय ब्रेनडेड मरीज ओमप्रकाश सोनी का सफल कैडेवर ऑर्गन डोनेशन। अंगदान से तीन मरीजों को नई जिंदगी। दोनों किडनियां दिल्ली के ILBS अस्पताल भेजने के लिए ग्रीन कॉरिडोर बनाया, लीवर का प्रत्यारोपण एसएमएस अस्पताल में।
Read More...
राजस्थान  स्वास्थ्य  जयपुर 

एसएमएस अस्पताल में जटिल सर्जरी : 106 वर्षीय महिला का लेप्रोस्कोपिक तकनीक द्वारा सफल ऑपरेशन, मरीज की हालत स्थिर

एसएमएस अस्पताल में जटिल सर्जरी : 106 वर्षीय महिला का लेप्रोस्कोपिक तकनीक द्वारा सफल ऑपरेशन, मरीज की हालत स्थिर एसएमएस अस्पताल में 106 वर्षीय महिला का जटिल ऑपरेशन सफल। पित्त की थैली और नली की पथरी का लेप्रोस्कोपिक तकनीक से इलाज। डॉ. प्रभा ओम के निर्देशन और डॉ. अमित जैन के नेतृत्व में सर्जरी। मरीज की हालत स्थिर।
Read More...
राजस्थान  स्वास्थ्य  जयपुर 

एसएमएस हॉस्पिटल के क्लिनिकल हीमेटोलॉजी विभाग की बड़ी उपलब्धि : मल्टीपल मायलोमा मरीज का सफल ऑटोलॉगस बोन मैरो ट्रांसप्लांट, सुरक्षित और स्थिर अवस्था में डिस्चार्ज

एसएमएस हॉस्पिटल के क्लिनिकल हीमेटोलॉजी विभाग की बड़ी उपलब्धि : मल्टीपल मायलोमा मरीज का सफल ऑटोलॉगस बोन मैरो ट्रांसप्लांट, सुरक्षित और स्थिर अवस्था में डिस्चार्ज एसएमएस हॉस्पिटल के क्लिनिकल हीमेटोलॉजी विभाग ने बड़ी उपलब्धि हासिल करते हुए मल्टीपल मायलोमा और गंभीर सिलिकोसिस से पीड़ित 50 वर्षीय मरीज का उच्च जोखिम वाला ऑटोलॉगस बोन मैरो ट्रांसप्लांट सफलतापूर्वक। जटिल परिस्थितियों के बावजूद विशेषज्ञ टीम की निगरानी में उपचार सफल रहा।
Read More...
राजस्थान  स्वास्थ्य  जयपुर 

देश का पहला अंतरराष्ट्रीय स्तर का चर्म रोग संस्थान एसएमएस में तैयार : न्यूनतम दरों पर मिलेगा लाखों का कॉस्मेटिक उपचार, प्रमुख शासन सचिव ने दिए जल्द शुरू करने के निर्देश

देश का पहला अंतरराष्ट्रीय स्तर का चर्म रोग संस्थान एसएमएस में तैयार : न्यूनतम दरों पर मिलेगा लाखों का कॉस्मेटिक उपचार, प्रमुख शासन सचिव ने दिए जल्द शुरू करने के निर्देश एसएमएस अस्पताल के चरक भवन में देश का पहला अंतरराष्ट्रीय स्तर का डर्मेटोलॉजी इंस्टीट्यूट तैयार, जिसे जल्द शुरू किया जाएगा। लेजर, पीआरपी और एडवांस कॉस्मेटिक उपचार न्यूनतम दरों पर। प्रमुख शासन सचिव गायत्री राठौड़ ने निरीक्षण कर शीघ्र संचालन के निर्देश।
Read More...
राजस्थान  स्वास्थ्य  जयपुर 

जन्मजात डायफ्रामेटिक हर्निया का दुर्लभ मामला : 11 वर्षीय बच्चे का सफल लैप्रोस्कोपिक ऑपरेशन, मिली नई जिंदगी

जन्मजात डायफ्रामेटिक हर्निया का दुर्लभ मामला : 11 वर्षीय बच्चे का सफल लैप्रोस्कोपिक ऑपरेशन, मिली नई जिंदगी सवाई मानसिंह चिकित्सालय में अलवर के 11 वर्षीय बच्चे का जटिल डायफ्रामेटिक हर्निया ऑपरेशन सफलतापूर्वक। लैप्रोस्कोपिक तकनीक से लीवर, गॉल ब्लैडर और आँतों को सीने से वापस पेट में स्थापित। अब बच्चा स्वस्थ और सामान्य जीवन यापन कर रहा।
Read More...

Advertisement