राहुल गांधी मानहानि मामला : सत्यकी सावरकर की जिरह में कई अहम स्वीकारोक्तियां, 15 जून को होगी अगली सुनवाई

'हर घर सावरकर' अभियान का कोई आधिकारिक वित्तीय रिकॉर्ड नहीं

राहुल गांधी मानहानि मामला : सत्यकी सावरकर की जिरह में कई अहम स्वीकारोक्तियां, 15 जून को होगी अगली सुनवाई
पुणे की विशेष अदालत में राहुल गांधी के खिलाफ मानहानि मामले की सुनवाई के दौरान सत्यकी सावरकर ने स्वीकार किया कि 'स्वातंत्र्यवीर' कोई सरकारी उपाधि नहीं बल्कि एक सम्मानसूचक संबोधन है। उन्होंने यह भी माना कि उनके द्वारा संचालित 'हर घर सावरकर' अभियान का कोई आधिकारिक वित्तीय रिकॉर्ड नहीं रखा जाता।

पुणे। लोकसभा में विपक्ष के नेता राहुल गांधी के खिलाफ दायर कथित मानहानि मामले की सुनवाई के दौरान सोमवार को विशेष सांसद-विधायक अदालत में कई महत्वपूर्ण तथ्य सामने आये। न्यायाधीश अमोल श्रीराम शिंदे की अदालत में शिकायतकर्ता एवं वीर सावरकर के प्रपौत्र सत्यकी सावरकर से राहुल गांधी के वकील मिलिंद पवार ने जिरह की। जिरह के दौरान सत्यकी सावरकर ने स्वीकार किया कि 'स्वातंत्र्यवीर' कोई सरकारी या कानूनी मान्यता प्राप्त उपाधि नहीं है, बल्कि एक कवि और नाटककार द्वारा इस्तेमाल किया गया सम्मानसूचक संबोधन है। उन्होंने यह भी माना कि इस प्रकार की उपाधियों के उपयोग पर कोई कानूनी रोक नहीं है।

सत्यकी ने कहा कि ऐसी उपाधियों का उपयोग व्यक्ति अपनी सार्वजनिक पहचान मजबूत करने के लिए कर सकता है। उन्होंने यह भी स्वीकार किया कि किसी सम्मानसूचक उपाधि की उपयुक्तता तय करने के लिए कोई सरकारी या वैधानिक संस्था मौजूद नहीं है। उन्होंने इस दावे को खारिज किया कि विनायक दामोदर सावरकर ने स्वयं 'स्वातंत्र्यवीर' की उपाधि अपनायी थी। मामले के खर्च पर उन्होंने बताया कि मुकदमेबाजी का पूरा खर्च वह स्वयं वहन कर रहे हैं। उन्होंने यह भी जानकारी दी कि 'हर घर सावरकर' अभियान के तहत पुस्तकें, टी-शर्ट और अन्य सामग्री बेची जाती है। उन्होंने स्वीकार किया कि यह समिति पंजीकृत संस्था नहीं है और इसके खातों या बैलेंस शीट का कोई आधिकारिक रिकॉर्ड नहीं रखा जाता।

सत्यकी सावरकर की जिरह पूरी नहीं हो सकी और मामले की अगली सुनवाई 15 जून 2026 को होगी। उल्लेखनीय है कि अप्रैल 2023 में सत्यकी सावरकर ने राहुल गांधी के खिलाफ आपराधिक मानहानि का मामला दायर किया था। उनका आरोप है कि राहुल गांधी ने मार्च 2023 में लंदन में भारतीय समुदाय को संबोधित करते हुए वीर सावरकर के बारे में अपमानजनक और तथ्यहीन टिप्पणियां की थीं।

Post Comment

Comment List

Latest News

कार्मिक विभाग की बड़ी कार्रवाई, खंड मुख्य चिकित्सा अधिकारी डॉ. शेख आरिफ इकबाल निलंबित कार्मिक विभाग की बड़ी कार्रवाई, खंड मुख्य चिकित्सा अधिकारी डॉ. शेख आरिफ इकबाल निलंबित
खंड मुख्य चिकित्सा अधिकारी डॉ. शेख आरिफ इकबाल निलंबित राज्य सरकार के कार्मिक विभाग ने बारां जिले के शाहाबाद में...
ममता बनर्जी का केंद्र पर तीखा हमला : तृणमूल कांग्रेस को तोड़ने का लगाया आरोप, विधायकों, पार्षदों और पार्टी उम्मीदवारों को धमकाया जा रहा
कैलाश मानसरोवर से लौटे 35 श्रद्धालुओं का भव्य स्वागत, बोले- जीवन का सबसे दिव्य और अविस्मरणीय अनुभव
CBSE के डिजिटल मूल्यांकन सिस्टम पर उठे सवालों के बीच केंद्र सरकार सख्त, चेयरमैन-सचिव का तबादला, टेंडर और री-वैल्यूएशन पोर्टल की जांच शुरू
इज़रायली बमबारी से गाजा बना कब्रिस्तान: 72 हजार से ज्यादा लोगों की मौत, नहीं थम रहा मासूमों की मौत का सिलसिला
एसआई भर्ती पुनः परीक्षा के लिए डेढ़ लाख से ज्यादा अभ्यर्थियों ने किए आवेदन अपडेट, 20 सितंबर को होगी परीक्षा
एलयूसीसी चिटफंड घोटाला: सीबीआई की मुंबई में बड़ी कार्रवाई, दो मुख्य साजिशकर्ता गिरफ्तार