एसएनए-स्पर्श में मदर सेंक्शन जारी करने की प्रक्रिया होगी आसान, वित्त विभाग ने जारी किए निर्देश
योजनावार व्यय की पहचान और निगरानी बेहतर होगी
जयपुर। वित्त (वेयज एंड मीन्स) विभाग ने केंद्र प्रायोजित योजनाओं के तहत एसएनए-स्पर्श व्यवस्था में मदर सेंक्शन जारी करने और उपयोग की प्रक्रिया को सुव्यवस्थित करने के निर्देश दिए हैं। विभाग ने केंद्र सरकार के 21 जुलाई 2026 के मानक संचालन प्रक्रिया के अनुरूप सभी संबंधित प्रशासनिक विभागों को आवश्यक कार्रवाई के लिए कहा है। निर्देशों के अनुसार, जिन केंद्र प्रायोजित योजनाओं में एक से अधिक स्टेट लिंक्ड स्कीम हैं, उनमें प्रत्येक एसएलएस के लिए अलग मदर सेंक्शन जारी कराने की व्यवस्था की जाएगी। इससे योजनावार व्यय की पहचान और निगरानी बेहतर होगी।
वित्त विभाग ने मदर सेंक्शन के लिए अलग से वित्तीय सहमति लेने की प्रक्रिया को भी सरल किया है। राज्य आईएफएमएस को पीएफएमएस से प्रभावी रूप से जोड़ने, लंबित बिलों की स्थिति स्पष्ट रखने और मदर सेंक्शन में संशोधन से पहले बिलों की जांच सुनिश्चित करने के निर्देश दिए गए हैं। विभागों को पीएफएमएस से प्राप्त मदर सेंक्शन का तत्काल सत्यापन करने को भी कहा गया है। एसएनए-स्पर्श में अप्रयुक्त मदर सेंक्शन 31 मार्च को समाप्त हो जाते हैं। इसलिए विभागों को समय रहते मदर सेंक्शन जारी कराने तथा भुगतान फाइलों का निर्धारित समयसीमा में निस्तारण सुनिश्चित करने के निर्देश दिए गए हैं।

Comment List