धान खरीदी घोटाला: फर्जी तौल पत्रक बनाकर भुगतान लेने मामले में फरार आरोपी गिरफ्तार, पुलिस जांच शुरू
धान घोटाला: बलौदाबाजार में फर्जीवाड़े का आरोपी गिरफ्तार
छत्तीसगढ़ के बलौदाबाजार में धान खरीदी धोखाधड़ी मामले में पुलिस ने फरार आरोपी को रायपुर से दबोच लिया। आरोपी ने अपने भाई (समिति प्रबंधक) के साथ मिलकर बिना धान लाए फर्जी दस्तावेजों के जरिए भुगतान निकाला था। ₹50,000 के गबन की पुष्टि के बाद पुलिस अब इस नेटवर्क से जुड़े अन्य लोगों की भूमिका की जांच कर रही है।
बलौदाबाजार। छत्तीसगढ के बलौदाबाजार जिले में धान खरीदी प्रक्रिया में अनियमितता और धोखाधड़ी के एक मामले में पुलिस ने बड़ी कार्रवाई करते हुए लंबे समय से फरार चल रहे आरोपी को गिरफ्तार कर लिया है। पुलिस ने जानकारी रविवार को दी । यह मामला पलारी थाना क्षेत्र के खरतोरा धान उपार्जन केंद्र से जुड़ा हुआ है, जहां बिना वास्तविक खरीदी के ही फर्जी दस्तावेजों के जरिए भुगतान निकाल लिया गया था।
जिला सहकारी केंद्रीय बैंक की कोदवा शाखा के प्रबंधक द्वारा 23 जनवरी को इस संबंध में शिकायत दर्ज कराई गई थी। जांच में सामने आया कि संबंधित समिति प्रबंधक ने अपने भाई के साथ मिलकर धान को खरीदी केंद्र तक लाए बिना ही टोकन जारी कराया, तौल पत्रक तैयार किया और ऑनलाइन प्रविष्टि कर करीब 50 हजार रुपये का भुगतान प्राप्त कर लिया।
प्रशासनिक जांच में इस गड़बड़ी की पुष्टि होने के बाद पुलिस ने मामला दर्ज कर समिति प्रबंधक को पहले ही गिरफ्तार कर लिया था। वहीं, इस पूरे प्रकरण में शामिल उसका भाई घटना के बाद से फरार था, जिसकी लगातार तलाश की जा रही थी। पुलिस को मुखबिर से मिली सूचना के आधार पर आरोपी को रायपुर से हिरासत में लिया गया।
पूछताछ के बाद उसे औपचारिक रूप से गिरफ्तार कर न्यायालय में पेश करने की प्रक्रिया शुरू कर दी गई है। पुलिस अधिकारियों के अनुसार, मामले की जांच जारी है और इस तरह की अनियमितताओं में शामिल अन्य लोगों की भूमिका भी खंगाली जा रही है।

Comment List