लोकरंग के तीसरे दिन सजेगी सतरंगी शाम, राजस्थान से तमिलनाडु तक के कलाकार देंगे प्रस्तुति
कला और संस्कृति का अनूठा संगम
जयपुर। जवाहर कला केन्द्र में चल रहे 11 दिवसीय राष्ट्रीय लोक कला महोत्सव 'लोकरंग' के 29वें संस्करण के तीसरे दिन गुरुवार को कला और संस्कृति का अनूठा संगम देखने को मिलेगा। मध्यवर्ती में देश के अलग-अलग राज्यों से आए कलाकार अपनी प्रस्तुतियों से दर्शकों को लोक परंपराओं के रंगों से सराबोर करेंगे। मंच पर कार्यक्रम की शुरुआत जयपुर के मांगीलाल की कठपुतली प्रस्तुति से होगी। इसके बाद चित्तौड़गढ़ के छगन बहुरूपिया कला से दर्शकों को गुदगुदाएंगे। जयपुर के प्रकाश घूमर नृत्य पेश करेंगे, जबकि करौली की मनीषा दुलैत पद गायन की सुरीली प्रस्तुति देंगी। सिरोही के मावाराम आदिवासी गैर के जरिए जनजातीय संस्कृति की झलक दिखाएंगे। लोक गायन की बारी आने पर राजसमंद के अनिमेष कुमार सुर बिखेरेंगे।
उदयपुर के राकेश गवरी नृत्य की प्रस्तुति देंगे। जयपुर की मधु भाट भी लोक गायन से समां बांधेंगी। जयपुर के बंटी जादूगरी के करतब दिखाएंगे, वहीं बाड़मेर के मूंगर खान मांगणियार गायन से रेगिस्तान की मिठास घोलेंगे।राजस्थान के कलाकारों के साथ अन्य राज्यों की प्रस्तुतियां भी आकर्षण का केंद्र रहेंगी। झारखण्ड के कलाकार पुरुलिया छऊ में अपना शारीरिक कौशल दिखाएंगे। तमिलनाडु के कलाकार कड़घम कावड़ी और झिकाट्टम की प्रस्तुति देंगे, जबकि हिमाचल प्रदेश के कलाकार किन्नौरी नाटी पर थिरकेंगे।

Comment List