मुख्यमंत्री भजनलाल शर्मा की पहल पर राजस्थान में ई-गवर्नेंस का बढ़ा दायरा, आमजन को मिला ‘स्मार्ट परियोजना’ जैसा स्वचालित नागरिक सेवा प्रदायगी मंच
लाभार्थियों की पहचान और सेवा प्रदायगी की प्रक्रिया बनी अधिक सुगम एवं पारदर्शी
जयपुर। राजस्थान में आमजन को विभिन्न सरकारी योजनाओं एवं सेवाओं को सुगम, पारदर्शी और समयबद्ध तरीके से उपलब्ध कराने के लिए सूचना प्रौद्योगिकी आधारित व्यवस्थाओं को निरंतर सुदृढ़ किया जा रहा है। इसी क्रम में मुख्यमंत्री भजनलाल शर्मा की पहल पर राज्य में स्मार्ट परियोजना (सर्विस मैनेजमेंट विद आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस एंड रियल टाइम सिस्टम) की शुरूआत की गई है, जिससे लाखों व्यक्तियों को लाभ मिला है। स्मार्ट परियोजना में आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस और मशीन लर्निंग (एआई/एमएल) की सहायता से सार्वजनिक सेवाओं को नागरिकों तक पहुंचाने का तरीका बेहतर बनाया जा रहा है। इसका प्रमुख उद्देश्य पात्र लाभार्थियों की पहचान कर उन्हें स्वचालित रूप से संबंधित योजनाओं में जोड़ना और मानवीय हस्तक्षेप को कम करके लाभों का पारदर्शी वितरण करना है।
मुख्यमंत्री द्वारा दिनांक 1 जुलाई को जयपुर में आयोजित 29वें राष्ट्रीय ई-गवर्नेंस सम्मेलन में स्वचालित नागरिक सेवा प्रदायगी मंच ‘स्मार्ट’ परियोजना का शुभारंभ किया जा चुका है। इसके अंतर्गत आरम्भ की गई 7 सेवाओं से 3 लाख से अधिक नागरिक लाभान्वित हो चुके हैं।

Comment List