यूपीआई शुल्क के खिलाफ जयपुर व्यापार महासंघ ने खोला मोर्चा, वित्त मंत्री को लिखा पत्र

ट्रांजेक्शन शुल्क नहीं लगाने की मांग

यूपीआई शुल्क के खिलाफ जयपुर व्यापार महासंघ ने खोला मोर्चा, वित्त मंत्री को लिखा पत्र
जयपुर व्यापार महासंघ ने केंद्रीय वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण को पत्र लिखकर यूपीआई लेन-देन पूरी तरह शुल्क-मुक्त रखने की मांग। महासंघ ने कहा कि अतिरिक्त ट्रांजेक्शन शुल्क से छोटे और मध्यम व्यापारियों पर आर्थिक बोझ बढ़ेगा।

जयपुर। यूपीआई लेन-देन पर शुल्क लगाए जाने के बीच जयपुर के व्यापारियों ने चिंता जताई है। जयपुर व्यापार महासंघ ने केंद्रीय वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण को पत्र लिखकर व्यापारियों के यूपीआई लेन-देन को पूरी तरह शुल्क-मुक्त रखने की मांग की है।

महासंघ के अध्यक्ष सुभाष गोयल और महामंत्री सुरेश सैनी ने पत्र में कहा कि यूपीआई ने देश में डिजिटल भुगतान व्यवस्था को अभूतपूर्व गति दी है। छोटे ठेले-खोमचे वालों से लेकर बड़े शोरूम तक करोड़ों व्यापारी यूपीआई के माध्यम से भुगतान स्वीकार कर रहे हैं। ऐसे में किसी भी प्रकार का ट्रांजेक्शन चार्ज व्यापारियों पर अतिरिक्त आर्थिक बोझ डालेगा।

महासंघ ने कहा कि व्यापारी पहले से ही ऑनलाइन कारोबार और ई-कॉमर्स प्लेटफॉर्म से प्रतिस्पर्धा, बढ़ते किराये, कर्मचारियों के खर्च, परिचालन लागत, जीएसटी सहित विभिन्न अनुपालन संबंधी जिम्मेदारियों का सामना कर रहे हैं। ग्राहकों की सुविधा और बिक्री बनाए रखने के लिए व्यापारियों को डिजिटल भुगतान स्वीकार करना पड़ता है।

पत्र में कहा गया है कि छोटे मूल्य के सैकड़ों लेन-देन पर भी शुल्क लागू होने से व्यापारियों का मार्जिन प्रभावित होगा। महासंघ के अनुसार, इसका असर विशेष रूप से छोटे और मध्यम व्यापारियों पर पड़ेगा तथा कुछ व्यापारी नकद लेन-देन की ओर लौट सकते हैं।

Read More पुलिस कमिश्नरेट पर प्रदर्शन से कांग्रेस की जमीनी स्थिति का आकलन, भीड़ जुटाने की दिखी चुनौती

चार प्रमुख मांगें रखीं :

Read More राजस्थान पुलिस की वेबसाइट हैक! डेटा में सेंध का दावा, 70 हजार लोगों का रिकॉर्ड बेचने की पेशकश

महासंघ ने वित्त मंत्री से यूपीआई लेन-देन पर किसी भी प्रकार का अतिरिक्त ट्रांजेक्शन शुल्क नहीं लगाने, छोटे एवं मध्यम व्यापारियों के लिए डिजिटल भुगतान को सरल और कम लागत वाला बनाए रखने, यूपीआई स्वीकार करने वाले व्यापारियों पर आर्थिक भार नहीं डालने तथा भविष्य में शुल्क संबंधी कोई व्यवस्था प्रस्तावित होने पर व्यापारी संगठनों से व्यापक विचार-विमर्श करने की मांग की है।

Read More राजस्थान में 1960 के दशक के चुनावों का अनोखा तरीका : कभी हाथ उठाकर तो कभी रस्सी के दोनों ओर खड़े होकर चुने जाते थे सरपंच, पढ़े लोकतंत्र के शुरुआती दौर के किस्से

महासंघ पदाधिकारियों ने कहा कि व्यापारी वर्ग डिजिटल भुगतान को बढ़ावा देने और पारदर्शी अर्थव्यवस्था के निर्माण में लगातार योगदान दे रहा है। उन्होंने उम्मीद जताई कि केंद्र सरकार व्यापारियों और उपभोक्ताओं के हितों को ध्यान में रखते हुए यूपीआई को शुल्क-मुक्त रखने की दिशा में सकारात्मक निर्णय लेगी।

Post Comment

Comment List

Latest News

नशे के धंधे से कमाई, अब संपत्ति पर कार्रवाई… फरार तस्कर को बड़ा झटका नशे के धंधे से कमाई, अब संपत्ति पर कार्रवाई… फरार तस्कर को बड़ा झटका
नशे की तस्करी से खड़ी की संपत्ति पर पुलिस ने शिकंजा कस दिया। अजमेर के दिनेश रेबारी की करीब 15...
भाजपा की कोशिशें नाकाम? खेड़ा बोले- हर हाल में होगा दिल्ली चलो मार्च
जयपुर के 300वें स्थापना वर्ष का काउंटडाउन शुरू, दीपावली पर दिखेगी विरासत की झलक
महंगाई की मार से सुलगा फ्रांस : सड़कों पर उतरे 4 लाख लोग, एक हजार प्रदर्शनकारी गिरफ्तार
विद्याधर नगर स्टेडियम में राजपूत और स्वर्ण समाज की आक्रोश रैली, सरकार को दी आंदोलन की चेतावनी
रिजर्व पार्टी से भागे सहायक मतदान अधिकारी को किया निलंबित, बाकी पर भी कार्रवाई की तैयारी
मणिपुर में शांति कब? सीएम के इस्तीफे की मांग, अलका लांबा ने केन्द्र सरकार से मांगा जवाब