राजस्व संग्रह की उम्मीदों को झटका, परिवहन विभाग हासिल नहीं कर सका राजस्व वसूली का लक्ष्य
दौसा आरटीओ ने पहला स्थान हासिल किया
जयपुर। राज्य सरकार के लिए परिवहन विभाग से राजस्व संग्रह की उम्मीदों को झटका लगा है। जुलाई, 2026 तक विभाग निर्धारित लक्ष्य का केवल 84.38 प्रतिशत राजस्व ही जुटा सका है। खास बात यह है कि जयपुर के दोनों आरटीओ भी राजस्व वसूली के मामले में पिछड़ गए हैं। विभाग को जुलाई 2026 तक 2973.68 करोड़ रुपए का राजस्व जुटाने का लक्ष्य दिया था, लेकिन इसके मुकाबले केवल 2509.16 करोड़ रुपए की ही वसूली हो सकी। प्रदेशभर की रैंकिंग में दौसा आरटीओ ने पहला स्थान हासिल किया है।
राजस्व वसूली के मामले में दौसा आरटीओ ने 88.48 करोड़ रुपए के लक्ष्य के मुकाबले 80.25 करोड़ रुपए जुटाकर पहला स्थान प्राप्त किया। अलवर आरटीओ 123.78 करोड़ रुपए के लक्ष्य के मुकाबले 110.91 करोड़ रुपए की वसूली के साथ दूसरे स्थान पर रहा, जबकि अजमेर आरटीओ 233.91 करोड़ रुपए की प्राप्ति के साथ तीसरे स्थान पर रहा। आरटीओ द्वितीय छठे स्थान पर: जयपुर के दोनों आरटीओ का प्रदर्शन निराशाजनक रहा।
पिछले वर्ष शीर्ष स्थान पर रहने वाला जयपुर आरटीओ द्वितीय इस बार छठे स्थान पर खिसक गया। कार्यालय ने 206.26 करोड़ रुपए के लक्ष्य के मुकाबले 176.44 करोड़ रुपए का राजस्व जुटाया। वहीं जयपुर आरटीओ प्रथम 481.27 करोड़ रुपए के लक्ष्य के मुकाबले 393.98 करोड़ रुपए की वसूली के साथ 11वें स्थान पर रहा। प्रदेश की रैंकिंग में बीकानेर चौथे, उदयपुर पांचवें, सीकर सातवें, जोधपुर आठवें, चित्तौड़गढ़ नौवें और पाली दसवें स्थान पर रहे, जबकि भरतपुर और कोटा 12वें और 13वें स्थान पर रहे।

Comment List