परवन वृहद सिंचाई परियोजना का दायरा बढ़ा : लागत 7355 करोड़ से अधिक, 571 गांव होंगे लाभान्वित
50 मिलियन घन मीटर जल पेयजल के लिए आरक्षित
परवन वृहद सिंचाई परियोजना को लेकर सरकार ने विधानसभा में विस्तृत जानकारी प्रस्तुत की। परियोजना की प्रारंभिक प्रशासनिक एवं वित्तीय स्वीकृति 30 अगस्त 2013 को 2360.43 करोड़ रुपए की लागत से जारी की गई थी।
जयपुर। परवन वृहद सिंचाई परियोजना को लेकर सरकार ने विधानसभा में विस्तृत जानकारी प्रस्तुत की है। परियोजना की प्रारंभिक प्रशासनिक एवं वित्तीय स्वीकृति 30 अगस्त 2013 को 2360.43 करोड़ रुपए की लागत से जारी की गई थी। उस समय गुरुत्वीय बहाव प्रणाली के माध्यम से कोटा, बारां और झालावाड़ जिलों के 313 गांवों में 1.314 लाख हेक्टेयर क्षेत्र सिंचित करने का लक्ष्य रखा गया था तथा 317 मिलियन घन मीटर जल सिंचाई के लिए और 50 मिलियन घन मीटर जल पेयजल के लिए आरक्षित किया गया था।
क्रियान्वयन के दौरान तकनीकी और प्रशासनिक संशोधनों के बाद परियोजना का स्वरूप बदला गया। अब दाब आधारित पाइप जल वितरण तंत्र से सिंचाई का प्रावधान किया गया है। संशोधित प्रशासनिक एवं वित्तीय स्वीकृति 22 मई 2018 को 7355.23 करोड़ रुपये की जारी हुई। संशोधन के बाद सिंचित क्षेत्र बढ़ाकर 2.01 लाख हेक्टेयर कर दिया गया है तथा लाभान्वित गांवों की संख्या 571 हो गई है। परियोजना का कार्य तीन पैकेजों में कराया जा रहा है, इस परियोजना को केंद्र सरकार की त्वरित सिंचाई लाभ कार्यक्रम योजना के तहत 31 मार्च 2022 को 733.86 करोड़ रुपए की वित्तीय स्वीकृति भी प्रदान की गई ।

Comment List