अमेरिकी फेडरल रिजर्व के फैसले के बाद संभला रुपया, शुरुआती कारोबार में डॉलर के मुकाबले 11 पैसे मजबूत
घरेलू मुद्रा को मिली बढ़त
मुम्बई। भारतीय मुद्रा बाजार (Forex Market) में गुरुवार को घरेलू मुद्रा रुपया अमेरिकी डॉलर के मुकाबले 11 पैसे मजबूत होकर 95.17 के स्तर पर पहुंच गया। अमेरिकी केंद्रीय बैंक 'फेडरल रिजर्व' (US Fed) द्वारा ब्याज दरों में कोई बदलाव न करने (दरों को 3.75%–4.00% पर बरकरार रखने) के फैसले से वैश्विक बाजार में डॉलर की मजबूती में थोड़ी कमी आई, जिसका सीधा फायदा भारतीय रुपये को मिला है. अंतरबैंक विदेशी मुद्रा बाजार में आज कारोबार की शुरुआत में रुपया 95.20 पर खुला और जल्द ही बढ़त बनाते हुए 95.17 प्रति डॉलर के स्तर को छू लिया. इससे पिछले कारोबारी सत्र यानी बुधवार (28 अक्टूबर) को रुपया डॉलर के मुकाबले 95.28 के स्तर पर बंद हुआ था.
बाजार को प्रभावित करने वाले मुख्य कारक:
यूएस फेड का रुख: फेडरल रिजर्व द्वारा ब्याज दरों पर रोक लगाने (Pause) से अंतरराष्ट्रीय बाजार में अमेरिकी डॉलर पर दबाव देखा गया. हालांकि, विशेषज्ञ मान रहे हैं कि दिसंबर की नीति को लेकर फेड के रुख पर बाजार की आगे भी पैनी नजर रहेगी.
कच्चे तेल की कीमतें: अंतरराष्ट्रीय बाजार में वैश्विक तेल बेंचमार्क ब्रेंट क्रूड वायदा कारोबार में 1.03% की गिरावट के साथ 114.13 डॉलर प्रति बैरल पर ट्रेड कर रहा है. तेल की ऊंची कीमतें अभी भी भारतीय मुद्रा के लिए एक बड़ी चुनौती बनी हुई हैं.
घरेलू शेयर बाजार और एफआईआई (FII): भारतीय शेयर बाजारों में आज तेजी देखी गई, जहां सेंसेक्स 163 अंक चढ़कर 73,409 और निफ्टी 40 अंक बढ़कर 22,739 के पार पहुंच गया. इसके अलावा, बुधवार को विदेशी संस्थागत निवेशकों (FIIs) ने शुद्ध रूप से 871.83 करोड़ रुपये की इक्विटी खरीदी, जिससे बाजार को सहारा मिला.
मजबूत विदेशी मुद्रा भंडार: बाजार विश्लेषकों के अनुसार, भारत का 721.016 अरब डॉलर का विदेशी मुद्रा भंडार और बाजार में रिजर्व बैंक (RBI) की सक्रिय मौजूदगी रुपये में किसी भी बड़ी या अनियंत्रित गिरावट को रोकने में पूरी तरह सक्षम है।
बाजार के जानकारों का अनुमान है कि आने वाले दिनों में डॉलर-रुपया (USD-INR) का भाव मुख्य रूप से वैश्विक संकेतों और कच्चे तेल की चाल के आधार पर 94.30 से 95.50 के दायरे में घूम सकता है।

Comment List