पाइपलाइन से पेट्रोलियम चोरी का खुलासा : मुख्य आरोपी सहित 4 गिरफ्तार, पाइपलाइन को पंक्चर कर चोरी करने का किया प्रयास
अत्यधिक ज्वलनशील पदार्थ होने के कारण बड़ी दुर्घटना की भी थी आशंका
जयपुर एसओजी ने पाली के रामगढ़ में इंडियन ऑयल पाइपलाइन पंक्चर कर पेट्रोलियम चोरी के मामले में चार आरोपियों को गिरफ्तार किया, एक आरोपी फरार। आरोपियों ने पाइपलाइन में वाल्व वेल्ड कर टैंकर से तेल निकालने की योजना बनाई थी। आईओसीएल गश्त के दौरान छेड़छाड़ का खुलासा।
जयपुर। स्पेशल ऑपरेशन्स ग्रुप (एसओजी) राजस्थान ने इंडियन ऑयल कॉर्पोरेशन लिमिटेड (IOCL) की पाइपलाइन से पेट्रोलियम पदार्थ चोरी करने के मामले का खुलासा करते हुए मुख्य आरोपी सहित चार आरोपियों को गिरफ्तार किया है, जबकि एक आरोपी अभी फरार है। यह वारदात अगस्त 2023 में पाली जिले के सेन्दड़ा थाना क्षेत्र के ग्राम रामगढ़ में की गई थी।
अतिरिक्त महानिदेशक पुलिस (एसओजी) विशाल बंसल ने बताया कि इस संबंध में IOCL के प्रबंधक शेर सिंह चौहान ने 5 अगस्त 2023 को रिपोर्ट दर्ज कराई थी। रिपोर्ट में बताया गया कि अज्ञात व्यक्तियों ने रामगढ़ क्षेत्र में कंपनी की KJPPL (KSPL) पाइपलाइन में वाल्व और प्लंज पाइप वेल्ड कर पाइपलाइन को पंक्चर कर दिया और उससे पेट्रोलियम पदार्थ चोरी करने का प्रयास किया। पाइपलाइन में अत्यधिक ज्वलनशील पदार्थ होने के कारण इससे बड़ी दुर्घटना की भी आशंका थी।
मामले में एसओजी थाना जयपुर में प्रकरण संख्या 26/2023 के तहत भारतीय दंड संहिता की धारा 285, 379/511, पीडीपीपी एक्ट की धारा 3/4, पेट्रोलियम एंड मिनरल पाइपलाइन अधिनियम 1962 की धारा 15(1), 15(2), 15(3), 15(4) तथा विस्फोटक पदार्थ अधिनियम 1908 की धारा 3/4 में मामला दर्ज कर जांच शुरू की गई।
मामले की गंभीरता को देखते हुए डीआईजी परिस देशमुख के सुपरविजन में अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक श्याम सुंदर विश्नोई के नेतृत्व में एसओजी यूनिट अजमेर की अलग-अलग टीमें गठित की गईं। जांच के दौरान घटनास्थल का निरीक्षण कर एफएसएल टीम ने वैज्ञानिक साक्ष्य जुटाए, जबकि तकनीकी टीम ने बीटीएस डाटा सहित अन्य तकनीकी साक्ष्यों का विश्लेषण किया और आसपास के लोगों से पूछताछ की गई।
ऐसे बनाई थी चोरी की योजना :
प्रारंभिक पूछताछ में सामने आया कि मुख्य आरोपी जितेन्द्र सिंह रावत ने अपने साथियों देवेन्द्र सिंह, प्रेम सिंह और प्रताप शेर सिंह के साथ मिलकर पाइपलाइन में वाल्व लगाकर पेट्रोलियम चोरी करने की योजना बनाई थी। चूंकि उन्हें उच्च दबाव वाली पाइपलाइन को पंक्चर करने की तकनीकी जानकारी नहीं थी, इसलिए उन्होंने अहमदाबाद निवासी पंकज वाघेला को इस काम के लिए शामिल किया, जो पहले भी ऐसे मामलों में संलिप्त रहा है।
पंकज वाघेला आवश्यक उपकरणों और जनरेटर के साथ रामगढ़ पहुंचा और लक्ष्मण सिंह रावत के खेत से गुजर रही पाइपलाइन को पंक्चर कर उसमें वाल्व वेल्ड कर दिया। इसके बाद पाइपलाइन से एक पाइप जोड़कर दूर खड़े टैंकर में पेट्रोलियम भरने की व्यवस्था की गई। आरोपियों ने वाल्व के आसपास मिट्टी के कट्टे लगाकर उसे ढक दिया और खेत में ट्रैक्टर से जुताई कर दी, ताकि किसी को शक न हो।
टैंकर फंसने से खुला राज :
जांच में सामने आया कि आरोपियों ने एक रात टैंकर लाकर पेट्रोलियम चोरी करने का प्रयास किया, लेकिन उस समय पाइपलाइन में पेट्रोलियम का प्रवाह कम होने के कारण वे अधिक मात्रा में चोरी नहीं कर सके। बाद में टैंकर वापस ले जाते समय दलदली जमीन में फंस गया। उसे निकालने के लिए ट्रैक्टरों की मदद लेनी पड़ी, जिससे खेत की सतह पर असामान्य बदलाव हो गए। बाद में IOCL की नियमित गश्त के दौरान जमीन ढीली दिखाई देने पर संदेह हुआ और जांच में पाइपलाइन से छेड़छाड़ का खुलासा हुआ।
यह आरोपी हुए गिरफ्तार :
जितेन्द्र सिंह उर्फ जीतू महाराज (31) निवासी निचला बाड़िया, रामगढ़ सेडोतान, थाना सेन्दड़ा, जिला ब्यावर
देवेन्द्र सिंह (32) निवासी रामगढ़ सेडोतान, थाना सेन्दड़ा, जिला ब्यावर
प्रताप शेर सिंह उर्फ शेरू (36) निवासी केशरपुरा, थाना सेन्दड़ा, जिला ब्यावर
प्रेम सिंह (48) निवासी केसरपुरा, थाना सेन्दड़ा, जिला ब्यावर
इन सभी आरोपियों को गिरफ्तार कर पांच दिन के पुलिस रिमांड पर लिया गया है। वहीं मामले में शामिल पंकज वाघेला निवासी अहमदाबाद की तलाश जारी है।
आपराधिक रिकॉर्ड :
पुलिस के अनुसार गिरफ्तार आरोपी प्रेम सिंह रावत पहले भी पेट्रोलियम चोरी सहित पांच मामलों में चालानशुदा है, जबकि फरार आरोपी पंकज वाघेला के खिलाफ विभिन्न थानों में छह मामले दर्ज हैं।

Comment List