मायावती ने सरकारों को घेरा: सरकारी नौकरियों पर लगी रोक हटाने की मांग; रिक्त पदों पर पारदर्शी भर्ती तत्काल शुरू करने को कहा

हर परिवार को मिले रोजगार

मायावती ने सरकारों को घेरा: सरकारी नौकरियों पर लगी रोक हटाने की मांग; रिक्त पदों पर पारदर्शी भर्ती तत्काल शुरू करने को कहा
बसपा सुप्रीमो मायावती ने केंद्र और राज्य सरकारों से सरकारी भर्तियों पर लगी रोक हटाने और रिक्त पदों को पारदर्शी तरीके से भरने की मांग की है। उन्होंने कहा कि हर परिवार के कम से कम एक सदस्य को सरकारी नौकरी मिलने से लाखों परिवारों का भला होगा और आरक्षण का संवैधानिक लाभ सुनिश्चित होगा।

लखनऊ। बहुजन समाज पार्टी (बसपा) अध्यक्ष मायावती ने सरकारी नौकरियों में भर्ती पर लगी रोक हटाकर रिक्त पदों पर पारदर्शी और समयबद्ध भर्ती प्रक्रिया तत्काल शुरू करने की मांग की है। उन्होंने कहा है कि यदि हर परिवार के कम से कम एक सदस्य को सरकारी नौकरी मिल जाए तो लाखों परिवारों को सीधा लाभ होगा और अनुसूचित जाति, अनुसूचित जनजाति तथा अन्य पिछड़ा वर्ग के लोगों को आरक्षण का संवैधानिक लाभ भी मिल सकेगा।

मायावती ने सोमवार को ‘एक्स’ पर सिलसिलेवार पोस्ट में कहा कि बसपा सरकार के दौरान उत्तर प्रदेश में पुलिस और पंचायती राज विभाग में करीब सवा दो लाख नए सरकारी पद सृजित किए गए थे। साथ ही नौकरियों की भर्ती पर लगी रोक हटाकर सर्वसमाज के लाखों लोगों की सरकारी नौकरियों में बहाली की गई थी। इसके बावजूद उत्तर प्रदेश समेत उत्तराखंड और पंजाब आदि राज्यों में महंगाई, अति-गरीबी, बेरोजगारी, अशिक्षा, बदतर स्वास्थ्य व्यवस्था, पिछड़ापन, पलायन, महिला असुरक्षा, पेपरलीक और भ्रष्टाचार जैसी समस्याएं बनी हुई हैं। उन्होने आरोप लगाया कि इन गंभीर समस्याओं के समाधान की मांग के बावजूद सरकारें ज्यादातर मामलों में उदासीन और लापरवाह बनी हुई हैं।

बसपा प्रमुख ने कांग्रेस पर भी निशाना साधते हुए कहा कि कांग्रेस के नाम से विशेषकर बेरोजगारी और अंधकारमय भविष्य से पीड़ित तथा आहत शिक्षित युवा-युवतियों ने दिल्ली के जंतर-मंतर पर 36 दिन तक आंदोलन चलाकर इन ज्वलंत मुद्दों को राष्ट्रीय महत्व की गंभीर चर्चा का विषय बनाया। उन्होंने कहा कि इस आंदोलन के कारण देश के शिक्षा मंत्री को भी अपनी कुर्सी गंवानी पड़ी। मायावती ने केंद्र और राज्य सरकारों से देश के गरीबों, श्रमिकों, युवाओं, महिलाओं, मेहनतकश लोगों तथा बेरोजगारी से प्रभावित परिवारों की वास्तविक चिंता करते हुए तत्काल कदम उठाने की अपील की। उन्होंने कहा कि सरकारी नौकरियों पर विशेष ध्यान देने की जरूरत है। राष्ट्रीय संपत्तियों को निजी हाथों में बेचने की प्रक्रिया रोकने के साथ सभी सरकारी विभागों में रिक्त पड़े लाखों पदों पर पेपरलीक और भ्रष्टाचार से मुक्त समयबद्ध भर्ती शुरू की जानी चाहिए, ताकि समस्या का तत्काल समाधान हो सके।

मायावती ने कहा कि यदि एक परिवार में एक व्यक्ति को भी सरकारी नौकरी मिल जाती है तो लाखों परिवारों का सीधे तौर पर भला होगा। साथ ही इससे एससी, एसटी और ओबीसी समाज को वह सुरक्षा मिल सकेगी जो आरक्षण को काफी हद तक निष्प्रभावी और निष्क्रिय बना दिए जाने के कारण प्रभावित हुई है। उन्होंने कहा कि संविधान प्रदत्त आत्मसम्मान के साथ जीवन जीने के बजाय बड़ी संख्या में लोग गरीबी और लाचारी का जीवन जीने को मजबूर हैं।

Read More हरियाणा में बिजली संकट गहराया: कई इलाकों में ब्लैकआउट, जनरेटर का किराया 2 हजार रुपये तक पहुंचा; 24 अक्टूबर तक कार्य बहिष्कार

बसपा अध्यक्ष ने सभी सरकारों से अपील की कि वे हर हाल में मुनाफाखोरी और लाभ कमाने वाली व्यापारी मानसिकता को त्यागकर संविधान के सही मानवतावादी और कल्याणकारी नीति-सिद्धांतों को पूरी ईमानदारी और निष्ठा से लागू करें। उन्होंने कहा कि यही हर हाथ को काम देने और देश व जनहित में लाखों दुखों की एक दवा साबित हो सकती है। मायावती ने संसद के वर्तमान सत्र में जंतर-मंतर पर आंदोलित छात्र-छात्राओं और बेरोजगार युवाओं से जुड़े मुद्दों को लेकर लगातार जारी गतिरोध समाप्त किए जाने की भी मांग की और कहा कि उचित बहस और चर्चा के बिना सरकारी विधेयकों को पारित कर कानून बनाने की प्रक्रिया पर विराम लगना चाहिए।

Read More कच्चे तेल में तेजी से शेयर बाजार में गिरावट, सेंसेक्स 125 अंक टूटा; निफ्टी भी फिसला

Related Posts

Post Comment

Comment List

Latest News

जब तक न्याय नहीं, संघर्ष जारी रहेगा, एसआईआर पर राहुल गांधी का ऐलान जब तक न्याय नहीं, संघर्ष जारी रहेगा, एसआईआर पर राहुल गांधी का ऐलान
गांधी ने दिल्ली के त्रिलोकपुरी में जनसुनवाई के दौरान एसआईआर पर सवाल उठाते हुए आरोप लगाया कि चार मतदान केंद्रों...
पीएम सूर्यघर योजना के तहत 3 लाख से अधिक घरों में लगाए सोलर, नागर ने कहा- एआई और नवीकरणीय ऊर्जा के एकीकरण पर जोर
कितनी बार रोकेंगे, कितनों को रोकेंगे? वेणुगोपाल बोले- ज्ञानेश कुमार को हटाने तक नहीं थमेगा विपक्ष
एसओजी की बड़ी कार्रवाई, जगदीश विश्नोई के लिए पेपर सॉल्व करने वाला इनामी आरोपी गिरफ्तार
नर्मदा नहर परियोजना ने अंतरराज्यीय जल सहयोग में पेश की नई मिसाल, भजनलाल ने मोदी के नेतृत्व को सराहा
Karnataka SIR : 52 चुनाव क्षेत्रों में 127 मतदाता 'गैर-भारतीय नागरिक' के रूप में चिह्नित, आवेदनों की पारदर्शिता पर सवाल
पंचायतीराज चुनाव : 413 मतदान केंद्रों के लिए मतदान दल रवाना, 28 अक्टूबर को होगा दूसरे चरण का मतदान