छिंदवाड़ा: गुस्साए हाथी ने मचाया उत्पात, बुजुर्ग किसान को सूंड से पटककर किया घायल ; ग्रामीणों में दहशत

बिजली कटौती और हाथी के मूवमेंट से गांव में खौफ का माहौल

छिंदवाड़ा: गुस्साए हाथी ने मचाया उत्पात, बुजुर्ग किसान को सूंड से पटककर किया घायल ; ग्रामीणों में दहशत
मध्य प्रदेश के छिंदवाड़ा जिले में कान्हा नेशनल पार्क से भटका जंगली हाथी ग्रामीणों के लिए दहशत का सबब बना हुआ है। बम्हनी क्षेत्र में हाथी ने फसलों को भारी नुकसान पहुंचाया और 70 वर्षीय किसान रामप्रसाद कहार पर जानलेवा हमला कर दिया। लगातार बिजली कटौती और हाथी के मूवमेंट से गांव में खौफ का माहौल है।

छिंदवाड़ा। मध्य प्रदेश में छिंदवाड़ा के कान्हा नेशनल पार्क से भटका जंगली हाथी इन दिनों छिंदवाड़ा जिले के ग्रामीण इलाकों में लगातार दहशत का कारण बना हुआ है। प्राप्त जानकारी के अनुसार बम्हनी क्षेत्र में हाथी ने बुधवार रात और गुरुवार सुबह जमकर उत्पात मचाया। इस दौरान हाथी ने दो किसानों के खेतों में पहुंचकर फसल को नुकसान पहुंचाया। वहीं खेत में मौजूद करीब 70 वर्षीय किसान रामप्रसाद कहार पर हमला कर दिया। हाथी ने किसान को सूंड से उठाकर पटक दिया, जिससे वह गंभीर रूप से घायल हो गए।

परिजनों और ग्रामीणों ने घायल किसान को तत्काल उपचार के लिए अस्पताल पहुंचाया। प्राथमिक उपचार के बाद उनकी हालत को देखते हुए उन्हें मेडिकल कॉलेज छिंदवाड़ा रेफर किया गया है। ग्रामीणों के मुताबिक यह हाथी पिछले करीब एक महीने से इस क्षेत्र में लगातार घूम रहा है। कभी जंगल से निकलकर खेतों तक पहुंच जाता है तो कभी गांव के आसपास इसकी मौजूदगी देखी जाती है। हाथी के लगातार मूवमेंट से ग्रामीणों में पहले से ही भय का माहौल बना हुआ था। अब बुजुर्ग किसान पर हमले की घटना के बाद ग्रामीणों की चिंता और बढ़ गई है।

ग्रामीणों का कहना है कि हाथी रात के समय खेतों में पहुंचकर फसल रौंद रहा है। इससे किसानों को आर्थिक नुकसान हो रहा है। कई किसान हाथी की मौजूदगी के कारण खेतों में जाने से भी डर रहे हैं। हाथी की दहशत के बीच बम्हनी क्षेत्र में पिछले तीन दिनों से बिजली आपूर्ति भी बंद बताई जा रही है। बिजली गुल होने से ग्रामीणों की परेशानी और बढ़ गई है। रात में अंधेरा होने के कारण हाथी की गतिविधियों पर नजर रखना मुश्किल हो रहा है। ग्रामीणों का कहना है कि वन क्षेत्र से लगे गांव में बिजली की व्यवस्था सुरक्षा के लिहाज से भी महत्वपूर्ण है।

हाथी के लगातार गांव और खेतों की ओर आने के बाद ग्रामीण वन विभाग से प्रभावी निगरानी और हाथी को आबादी क्षेत्र से दूर रखने की मांग कर रहे हैं। ग्रामीणों का कहना है कि हाथी को लेकर समय रहते ठोस इंतजाम नहीं किए गए तो किसी बड़ी घटना की आशंका बनी रहेगी। फिलहाल घायल किसान के उपचार और हाथी की गतिविधियों पर ग्रामीणों की नजर बनी हुई है।

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